कोरोना: कोरोना: दिल्ली में बीते 24 घंटे में कोरोना संक्रमण के क़रीब 26 हज़ार नए मामले
एक ओर जहां बीते 24 घंटे में 20 हज़ार से अधिक संक्रमित इलाज के बाद ठीक हुए हैं वहीं संक्रमण के कारण 368 लोगों की जान भी गई है.
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कोरोना से मेरी जंग: ‘मैं भाग्यशाली हूँ कि मुझे समय पर मदद मिली’
कोरोना से मेरी जंग: ‘इस बार संक्रमण बच्चों के लिए भी ख़तरनाक’
ब्रेकिंग न्यूज़, कोरोना: भारत में पिछले 24 घंटों में 3 लाख 60 हज़ार लोग संक्रमित, मौत का आँकड़ा दो लाख पार
वीडियो कैप्शन, कोरोना के लक्षण होने पर भी टेस्ट नेगेटिव क्यों? भारत में कोरोना महामारी का दायरा हर रोज़ ज़्यादा भयावह रूप लेता जा रहा है. पिछले 24 घंटे में भारत में कोरोना संक्रमण के 3 लाख 60 हज़ार नए मामले दर्ज किए गए हैं.
पिछले 24 घंटों में 3,293 लोगों की मौत हुई है. भारत में कोरोना से अब तक 1.79 करोड़ लोग संक्रमित हो चुके हैं. भारत में कोरोना से मरने वालों की तादाद भी दो लाख पार कर 2,01,18 हो गई है.
भारत एक अरब 40 करोड़ की आबादी वाला देश है और कोरोना से दो लाख से ज़्यादा मौत होने के मामले भारत चौथा देश बन गया है. अमेरिका, ब्राज़ील और मेक्सीको में भारत से भी ज़्यादा लोगों की जान कोरोना से गई है. लेकिन ये भी कहा जा रहा है कि भारत में जितनी मौतें हो रही हैं उनका सही डेटा सामने नहीं आ पा रहा है.
भारत में कोरोना से पहली मौत 21 मार्च, 2020 को कर्नाटक में हुई थी. पाँच महीने बाद भारत में मौत का यह आँकड़ा 50 हज़ार तक पहुँच गया. इसके बाद अगले दो महीने अक्टूबर 2020 में मरने वालों की तादाद एक लाख हो गई.
तीन महीने बाद इस साल जनवरी में मृतकों की संख्या एक लाख, 50 हज़ार हो गई. मध्य मार्च तक कोरोना से मरने वालों की संख्या धीमी रही लेकिन उसके बाद से तेज़ी आई और अब हर दिन दो हज़ार से ज़्यादा लोगों की जान कोरोना से जा रही है. आज तो तीन हज़ार का आँकड़ा भी पार कर गया.

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तेलंगाना कोरोना को लेकर सरकारी दावों के उलट है ज़मीनी हक़ीक़त

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सतीश बाला, शंकर वी और श्रीनिवास एल
बीबीसी तेलुगू संवाददाता
तेलंगाना में संक्रमण दर तेज़ी से बढ़ रहा है. हर दिन राज्य में 6000 से ज्यादा नए मामले सामने आ रहे हैं. 26 अप्रैल तक राज्य में कुल संक्रमण की संख्या चार लाख से ज्यादा हो चुकी है जिसमें से 3.40 लाख लोगों से रिकवर कर लिया है.
26 अप्रैल की रात 8 बजे तक कुल मरने वालों की संख्या 2094 है. राज्य में 35 लाख लोगों को वैक्सीन की पहली खुराक मिली है और पांच लाख लोगों को दूसरी खुराक़ भी मिल गई है.
अब तक राज्य में ऑक्सीज़न की कमी नहीं है लेकिन रेमडेसिवीर जैसी दवाएं खरीदना लोगों के लिए मुश्किल साबित हो रहा है. सरकार का कहना है कि सरकारी अस्पतालों में इस दवा का ज़रूरी स्टॉक है लेकिन छोटे-मझोले अस्पतालों में इलाज करा रहे मरीज़ों के परिजनों के लिए ये दवा तलाशना मुश्किल साबित हो रहा है. ऐसे में वे मंहगी कीमत देकर काले बाज़ार से ये दवाएं खरीद रहे हैं.
ठीक इसी तरह सरकार दावा कर रही है कि अस्पतालों में बेड हैं लेकिन लोगों को ऑक्सीज़न वाले बेड आसानी से नहीं मिल रहे. दूसरी ओर एक तेलगू अख़बार ने रिपोर्ट छापी है कि तेलंगाना सरकार मरने वालों के आंकड़े कम बता रही है.
कोविड संक्रमण यहाँ भी एक राजनीति मुद्दा बन गया है. राज्य के स्वास्थ्य मंत्री ने दावा किया है कि तेलंगाना को रेमडेसिवीर की कम खुराक़ दी गई है साथ ही ऑक्सीज़न जहां से लाई जानी है वो जगहें तेलंगाना से काफ़ी दूर हैं. उन्होंने कहा है कि अगर राज्य में ऑक्सीज़न की कमी होती है तो इसकी ज़िम्मेदार केंद्र सरकार होगी.
इसके अलावा विपक्षी पार्टियों के विरोध के बाजूद तेलंगाना चुनाव आयोग खामम और वारंगल जैसी कई जगहों पर निकाय चुनाव करा रहा है. ऐसे में कोरोना को लेकर जारी नियमों और पाबंदियों पर कैसे अमल कराया जाएगा ये आने वाला वक्त बताएगा.
इस वक्त राज्य में केवल नाइट कर्फ्यू लगाया गया है. राज्य में कोरोना से निपटने के लिए 11 आईएएस अधिकारियों का एक समूह चौबीसों घंटे काम कर रहा है.
यूएन ने कहा- भारत ने सबकी मदद की अब है दुनिया की बारी

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संयुक्त राष्ट्र की 75वीं आम सभा के अध्यक्ष वोल्कान बोज़किर ने कहा है कि भारत में वो कोविड महामारी की त्रासदी देख बहुत दुखी हैं.
उन्होंने ट्वीट कर कहा, ''भारत वो देश है जिसने मुश्किल वक़्त में उन देशों तक वैक्सीन पहुँचाई, जिनके लिए टीका की व्यवस्था करना आसान नहीं था. अब बारी दुनिया की है कि वो भारत की मदद करे. जब तक हर कोई सुरक्षित नहीं होगा तब तक कोई सुरक्षित नहीं होगा. मेरी संवेदना भारतीयों के साथ है.''
वीडियो कैप्शन, कोरोना से मेरी जंग: ‘युद्ध का मैदान बन गए हैं अस्पताल’ यूएनजीए में भारत के प्रवक्ता ब्रेनदेन वर्मा ने कहा है, ''भारत ने वैक्सीन के लिए ज़रूरतमंद देशों के ख़ातिर बहुत कुछ किया है. अब वक़्त आ गया है कि दुनिया भारत की मदद करे. भारत कोरोना से जंग ज़रूर जीतेगा.''
हालांकि भारत की मदद के लिए कई देश सामने आए हैं. अमेरिका, जापान, सिंगापुर, ब्रिटेन, ऑस्ट्रेलिया और ख़ास करके ख़ाड़ी के इस्लामिक देश भी भी भारत की खुलकर मदद कर रहे हैं. सऊदी अरब, यूएई, कुवैत और क़तर भारत में मेडिकल ऑक्सीजन आपूर्ति में मदद कर रहे हैं.
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कोरोना: 18 से ऊपर की उम्र वाले वैक्सीन के लिए आज शाम चार बजे से ऐसे करें रजिस्ट्रेशन

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18 से ऊपर की उम्र वाले आज से कोरोना वैक्सीन लगवाने के लिए cowin.gov.in, आरोग्य सेतु ऐप और उमंग ऐप पर शाम में चार बजे से रजिस्ट्रेशन करा सकेंगे.
इस रजिस्ट्रेशन के बाद सरकारी और निजी केंद्रों पर टीकाकरण के लिए अपॉइंटमेंट मिलेगा. एक मई से 18 से ऊपर की उम्र वालों को कोरोना वैक्सीन लगने जा रही है. कहाँ किसे अपॉइंटमेंट मिलेगा ये इस पर निर्भर करेगा कि एक मई से कितने टीकाकरण केंद्र वैक्सीन लगाने के लिए तैयार हैं.
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कैसे करें रजिस्ट्रेशन
- सबसे पहले cowin.gov.in की वेबसाइट पर जाएं और अपना मोबाइल फ़ोन नंबर दर्ज करें.
- आपके नंबर पर आपको एक वन टाइम पासवर्ड मिलेगा. इस नंबर को वेबसाइट पर पर लिखे ओटीपी बॉक्स में लिखें और वेरिफ़ाई लिखे आइकन पर क्लिक करें. इससे ये वेरिफ़ाई हो जाएगा.
- इसके बाद आपको रजिस्ट्रेशन का पन्ना नज़र आएगा
- यहाँ अपनी जानकारी लिखें और एक फ़ोटो आईडी भी साझा करें.
- अगर आपको पहले से कोई बीमारी है जैसे- शुगर, ब्लड प्रेशर, अस्थमा अन्य तो इसकी जानकारी विस्तार से लिखें.
- जब ये जानकारी पूरी हो जाए तो रजिस्टर लिखे आइकन पर क्लिक करें.
- जैसे ही ये रजिस्ट्रेशन पूरा होगा आपको कम्प्यूटर स्क्रीन पर अपनी अकाउंट डिटेल नज़र आने लगेगी.

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मध्य प्रदेश मानवाधिकार आयोग ने ऑक्सीजन की कमी से मौतों पर मांगी रिपोर्ट

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मध्य प्रदेश में कोरोना से हालात बिगड़ते जा रहे हैं. संक्रमण के मामले 5 लाख 25 हज़ार के आकड़े को पार कर चुके हैं. मध्य प्रदेश के अधिकतर शहरों में लगाया गया सीमित लॉकडाउन भी संक्रमण के ग्राफ़ को नीचे लाने में नाकाम रहा है. मंगलवार को राज्य में संक्रमण के 13,417 मामले दर्ज किए गए.
राज्य के मानवाधिकार आयोग ने मुरैना में तीन और कटनी में दो कोरोना पॉज़िटिव मरीज़ों की मौत ऑक्सीजन सप्लाई की कमी के कारण होने के मामले का संज्ञान लिया है और स्वास्थ्य सचिव, संबंधित ज़िला कलेक्टरों और मुख्य चिकित्सा अधिकारियों से 3 मई तक जानकारी मांगी है. दोनों घटनाएं सोमवार को हुई.
बीते 26 दिनों में चंद दिनों को छोड़कर हर दिन मध्य प्रदेश में रिकॉर्ड मामले दर्ज किए गए हैं. मंगलवार को पॉज़िटिविटी रेट 22.6% रहा, जिसका मतलब राज्य में टेस्ट कराने वाला हर चौथा आदमी पॉज़िटिव पाया गया है. इस महीने रोज़ाना का पॉज़िटिविटी रेट तीन गुना ज़्यादा रहा है. हालांकि मंगलवार को ये सोमवार के दर्ज 23% के पॉज़िटिविटी रेट से कुछ कम रहा.
बीते कुछ दिनों में पॉज़िटिविटी रेट में मामूली गिरावट देखी गई है. मंगलवार को 98 लोगों की मौत हुई. इसके साथ ही राज्य में इस बीमारी से जान गंवाने वालों की संख्या 5,319 पहुंच चुकी है.

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सबसे ज़्यादा 1,837 मामले इंदौर में दर्ज हुए. इसके बाद भोपाल में 1,836 और ग्वालियर में 1,198 मरीज़ मिले. थोड़ी राहत इस बात से मिली कि 11,577 लोग ठीक हो गए और अस्पताल से घर चले गए. अब तक राज्य में ठीक होने वालों का आकड़ा 4,25,812 है. 27 अप्रैल को राज्य में 94,276 सक्रिय मामले थे.
ये भी अपने आप में एक रिकॉर्ड है क्योंकि इससे पहले तक राज्य में कभी इतने एक्टिव केस नहीं रहे. मध्य प्रदेश में भी बीते दिनों से ऑक्सीजन और रेमडेसिवीर इंजेक्शन से जूझते लोगों की वैसी ही तस्वीरें दिखीं जैसी देश के कई दूसरे हिस्सों में देखने को मिली.
कुछ रिपोर्ट्स में कहा गया कि इंदौर में ब्लड बैंकों में प्लाज़्मा कलेक्शन किट की कमी हो गई है. ऐसे में जो लोग प्लाज़्मा दान करने के लिए आ रहे हैं, उन्हें वापस लौटाया जा रहा है.
मध्य प्रदेश में मेडिकल ऑक्सीजन की सप्लाई के लिए मंगलवार सुबह झारखंड के बोकारो से छह टैंकर ट्रेन रवाना हुई. जिसमें 64 मेट्रिक टन ऑक्सीजन भरी हुई थी. एक हफ़्ते पहले शनिवार और रविवार की दरमियानी रात शहडोल के सरकारी मेडिकल कॉलेज में कम से कम छह कोविड मरीज़ों के मेडिकल ऑक्सीजन की सप्लाई के कम दबाव के चलते दम तोड़ देने की ख़बर आई थी.
पीटीआई ने ये ख़बर संस्थान के डीन के हवाले से ही दी थी. बाद में मध्य प्रदेश के मेडिकल एजुकेशन मंत्री विश्वास सारंग ने ऑक्सीजन की कमी की बात से इनकार किया था और मामले में जांच के आदेश दिए थे.
चीन ने भूटान, भारत और मालदीव को छोड़ की बैठक; नेपाल, पाक, बांग्लादेश, श्रीलंका हुए शामिल

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चीन के विदेश मंत्री वांगी यी ने मंगलवार को दक्षिण एशियाई देशों को कोरोना संक्रमण पर काबू पाने के लिए चीनी वैक्सीन देने का प्रस्ताव रखा. उन्होंने कहा कि चीन भारत को भी मदद देने के लिए तैयार है.
चीनी विदेश मंत्री चौथे बहुपक्षीय संवाद में बोल रहे थे, जिसमें अफ़ग़ानिस्तान, बांग्लादेश, चीन, नेपाल और श्रीलंका के विदेश मंत्री शामिल हुए.
चीन ने दक्षिण एशिया में कोरोना महामारी के बीच यह पहल की है लेकिन उसने इस बैठक में भारत, भूटान और मालदीव को नहीं बुलाया. इससे पहले भी चीन ने नेपाल, अफ़ग़ानिस्तान, पाकिस्तान और श्रीलंका के विदेश मंत्रियों के साथ बैठक की थी.
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वांग यी ने कहा कि चीन ने भारत में जारी कोरोना त्रासदी को लेकर सहानुभूति जताई है और मदद की भी पेशकश की है. वांग यी ने कहा, ''चीन भारत के लोगों को किसी भी वक़्त ज़रूरत के हिसाब से मदद के लिए तैयार है. हम बांग्लादेश, पाकिस्तान, श्रीलंका, नेपाल और अफ़ग़ानिस्तान के साथ कोरोना के ख़िलाफ़ लड़ाई लड़ रहे हैं. हम चाहते हैं कि दक्षिण एशिया में वैक्सीन की आपूर्ति ठोस तरीक़े से हो.'' चीन ने दक्षिण एशियाई देशों में आपातकालीन आपूर्ति की भी बात कही.
वांग यी ने कहा कि जो भी चीन की बेल्ट एंड रोड परियोजना में शामिल हैं, उन देशों को ग़रीबी कम करने में तेज़ी से काम करने की ज़रूरत है.
इस बैठक में नेपाल के विदेश मंत्री प्रदीप कुमार ज्ञवाली ने कहा कि कोविड के ख़िलाफ़ लड़ाई और अर्थव्यवस्था की रिकवरी के लिए व्यापक स्तर पर क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय सहयोग की ज़रूरत है. नेपाल के विदेश मंत्री ने कहा कि चीन नेपाल को अतिरिक्त मेडिकल आपूर्ति और क़रीब 5.7 करोड़ रुपए की आर्थिक मदद देने पर राज़ी हुआ है.
चीन के सरकारी अख़बार ग्लोबल टाइम्स ने लिखा है कि भारत ने दक्षिण एशियाई देशों को वैक्सीन उपहार में दिया है लेकिन ये पर्याप्त नहीं हैं.

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असमः चुनाव के बाद अचानक बढ़े कोरोना संक्रमण के मामले

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दिलीप कुमार शर्मा, गुवाहाटी से
देश के पूर्वोत्तर राज्य असम में बीते एक सप्ताह से कोरोना संक्रमण के मामलों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है. पिछले 24 घंटे में राज्य में कोरोना के 3132 नए मामले सामने आए हैं. जबकि कोरोना संक्रमित 18 लोगों की मौत हो गई है.
इस तरह राज्य में कोरोना संक्रमण के कारण पिछले पांच दिनों में 73 लोगों की मौत हो चुकी है. राज्य में सबसे बुरा हाल गुवाहाटी और कामरूप मेट्रो जिला का है जहां मंगलवार को 1313 मामले सामने आए.
दरअसल इसी महीने की 6 अप्रैल को असम विधानसभा के चुनाव खत्म हुए और महज उसके कुछ दिन बाद ही प्रदेश में कोरोना के मामले अचानक से सामने आने लगे. कामरूप मेट्रो जिले में बीते पांच दिन में 4752 मामले सामने आ चुके है. इस बीच राज्य के कई ज़िलों में कोरोना के सामने आते मामलों को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने समूचे प्रदेश में रात 8 बजे से सुबह पांच बजे तक नाइट कर्फ्यू लागू कर दिया है.
इसके अलावा नर्सरी से कक्षा आठवीं तक सभी तरह के स्कूल, शिक्षण संस्थान और हॉस्टल को बंद कर दिया गया है. राजधानी दिल्ली,महाराष्ट्र में कोरोना संक्रमण के कारण बेकाबू हुई स्थिति और वहां दवाइयों,ऑक्सीजन की कमी को ध्यान में रखते हुए असम के स्वास्थ्य मंत्री हिमंत बिस्व सरमा सरकारी अस्पतालों के अलावा प्राइवेट नर्सिंग होम के साथ मिलकर मरीजों के लिए अतिरिक्त बेड की व्यवस्था करने में जुटे है ताकि आगे यहां के हालत काबू में रह सके.
स्वास्थ्य मंत्री सरमा ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि असम में रेमेडेसिवीर की 25 हजार शीशियां स्टॉक में हैं, जिनका उपयोग पूर्वोत्तर राज्यों में किया जा सकता है. इसके अलावा असम में 8 ऑक्सीजन प्लांट फिलहाल चालू है.
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा,"असम में 8 ऑक्सीजन प्लांट चालू है. पूर्वोत्तर राज्यों की आवश्यकता को पूरा करने के लिए पीएम केयर्स धन के माध्यम से कुल 10 और ऑक्सीजन संयंत्रों को जोड़ा जाएगा. हमारे पास स्टॉक में 2000 ऑक्सीजन कंसंट्रेटर भी हैं."
मंत्री सरमा ने बताया कि मंगलवार को असम को 4 लाख कोविशिल्ड वैक्सीन और 1 लाख कोवाक्सिन की ताज़ा खुराक प्राप्त हुई है. इसके साथ ही वैक्सीन का कुल स्टॉक 6,57180 हो गया है.
असम के स्वास्थ्य विभाग की जानकारी के अनुसार वर्तमान असम में कोविड-19 के 19,923 सक्रिय मामले हैं
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महाराष्ट्रः ठाणे में अस्पताल में लगी आग, चार की मौत; कोरोना का कोई मरीज़ नहीं
महाराष्ट्र में मुंबई से सटे ठाणे में बुधवार तड़के एक प्राइवेट अस्पताल में आग लग गई जिससे कम-से-कम चार लोगों की मौत हो गई है.
ठाणे नगर निगम के अनुसार सुबह 3 बजकर 40 मिनट पर शहर के प्राइम क्रिटीकेयर अस्पताल में आग लग गई.
समाचार एजेंसी पीटीआई को एक अधिकारी ने बताया कि अस्पताल में कोई कोविड मरीज़ भर्ती नहीं था.
अधिकारी ने बताया कि अस्पताल से 20 रोगियों को सुरक्षित निकाल लिया गया है जिनमें छह आईसीयू में थे.
स्थानीय विधायक और मंत्री जितेंद्र अव्हाद ने घटनास्थल पर पत्रकारों को बताया कि हादसे की जाँच के लिए एक उच्चस्तरीय समिति गठित कर दी गई है.
उन्होंने बताया कि मृतकों के परिजनों को पाँच-पाँच लाख और घायलों को एक-एक लाख रुपए का मुआवज़ा दिया जाएगा.
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भारत में कोरोना त्रासदी का सीधा असर खाड़ी के देशों और रूस पर

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विश्व स्वास्थ्य संगठन ने कहा था कि कोरोना वायरस ऐसी आग है जो दुनिया के किसी भी कोने में रहेगी तो पूरे विश्व को अपने चपेट में ले सकती है.
अभी दुनिया के दूसरी सबसे बड़ी आबादी वाला देश भारत कोरोना महामारी की त्रासदी में इस तरह जकड़ा हुआ है कि हर दिनों लाखों नए लोग संक्रमित हो रहे हैं और हज़ारों लोग मर रहे हैं.
देश के कई हिस्सों में मजबूरी में संक्रमण रोकने के लिए लॉकडाउन लगाना पड़ा है और इसका सीधा असर भारत समेत दुनिया की कई अर्थव्यवस्थाओं पर पड़ रहा है.
समाचार एजेंसी रॉयटर्स के अनुसार सोमवार को भारत में कोरोना के बढ़ते मामलों के कारण तेल की मांग प्रभावित होने के डर से कच्चे तेल की क़ीमत में क़रीब एक फ़ीसदी की गिरावट रही.

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भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा तेल आयातक देश है. सोमवार को ब्रेंट क्रूड 1.4 फ़ीसदी की गिरावट 65.22 डॉलर प्रति बैरल बिका और यूएस वेस्ट टेक्सस इंटरमीडिएट यानी WTI तेल में भी 1.4 फ़ीसदी की गिरावट रही. WTI की क़ीमत 61.27 प्रति बैरल रही. पिछले हफ़्ते भी दोनों बेंचमार्क में एक फ़ीसदी की गिरावट थी.
रॉयटर्स से कॉमर्ज़बैंक एनलिस्ट यूजेन विनबर्ग ने कहा, ''भारत और जापान से बुरी ख़बर आ रही और इसका सीधा असर तेल बज़ार पर पड़ रहा है. दोनों देशों में कोरोना संक्रमण बढ़ रहे हैं और फिर से संपूर्ण लॉकडाउन की स्थिति बन रही है.''

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भारत में तो पिछले चार दिनों से हर दिन संक्रमण के नए मामले तीन लाख से ऊपर आ रहे हैं. कहा जा रहा है कि मई के दूसरे हफ़्तों में भारत में रोज़ाना संक्रमण के नए मामले आठ लाख तक जाएंगे. भारत के अस्पताल पहले से ही भरे हुए हैं और कोरोना मरीज़ इलाज और ऑक्सीजन के बिना दम तोड़ रहे हैं.
कंसल्टेंसी एफ़जीई विशेषज्ञों का कहना है है कि भारत में गैसोलीन की मांग में हर दिन अप्रैल महीने में एक लाख बैरल की कमी आई है और मई में एक लाख, 70 हज़ार बैरल की कमी आ सकती है.
भारत में मार्च महीने में हर दिन 747,000 बैरल गैसोलीन की ख़रीदारी हो रही थी. एफजीई का कहना है कि भारत में हर दिन डीज़ल की मांग 10.75 लाख बैरल है लेकिन कोरोना के कारण अप्रैल महीने में हर दिन 220,000 की गिरावट आ सकती है और मई महीने में यह गिरावट 400,000 तक पहुँच जाएगी.
उधर जापान में भी कोरोना के बढ़ते मामलों के कारण रविवार को टोक्यो और ओसाका में इमर्जेंसी लगाई गई है. रॉयटर्स के अनुसार इस हफ़्ते तेल उत्पादक देश और रूस के नेतृत्व वाले ओपेक प्लस बैठक करने वाले हैं. कहा जा रहा है कि तेल उत्पादक देशों के संगठन ओपेक और ओपेक प्लस उत्पादन में कटौती का फ़ैसला ले सकते हैं ताकि क़ीमतें स्थिर रहें.

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महाराष्ट्र : पुणे में कोरोना के नए मामलों से ज़्यादा हैं रिकवरी रेट, रेमडेसिवीर के लिए सरकारी हेल्पलाइन जारी
राहुल गायकवाड़, पुणे से
देश में कोरोना की पहली लहर की तरह दूसरी लहर में भी पुणे महाराष्ट्र में संक्रमण से सबसे बुरी तरह प्रभावित शहर है. यहाँ राज्य के बाक़ी ज़िलों के मुक़ाबले सबसे ज़्यादा मामले देखे गए. दवा, अस्पतालों में बेड और ऑक्सीजन के लिए लोगों को जद्दोजहद करनी पड़ी लेकिन 19 अप्रैल से हालात थोड़े सुधरे हैं.
रिकवर करने वाले मामले हर सामने आने वाले नए मामलों से ज़्यादा हैं और बीते एक सप्ताह से ट्रेंड ऐसा ही दिख रहा है. ज़िले में हर दिन सामने आने वाले नए संक्रमण के मामले 54000 से घटकर 47000 पर आ गएहैं.
19 अप्रैल को पुणे में 4587 नए मामले सामने आए और 6473 मरीज़ों ने रिकवर किया. वहीं 26 अप्रैल को 2538 नए मामले सामने आए और 4351 लोगों ने रिकवर किया.
नए संक्रमित मरीज़ों की संख्या लगातार घट रही है इसलिए अस्पताल को लेकर भी हालात थोड़े सुधरे नज़र आ रहे हैं. लोग अब अस्पतालों की ओर कम दौड़ रहेहैं जबकि पिछले हफ़्ते तक हालात ऐसे थे कि ऑक्सीजन के साथ एक बेड तलाशना मरीज़ों के परिजनों के लिए मुश्किल हो रहा था.
डिविजनल कमिश्नर के डैश बोर्ड पर मौजूद जानकारी के मुताबिक़ 27 अप्रैल को शहर में 227 ऑक्सीजन बेड उपलब्ध थे और 1158 आइसोलेशन बेड उपलब्ध रहे. कई एनजीओ ने भी कोविड सेंटर खोले हैं जिससे बेड की संख्या में इज़ाफ़ा हुआ है.
रेमडेसिवीर के लिए सरकारी हेल्पलाइन
इस महामारी मेंजिस दवा की सबसे ज़्यादा माँग है वह है नॉन-वायरल ड्रग रेमडेसिवीर. इस दवा की मांग में पुणे भी पीछे नहीं है. दुकानों के सामने दवा के लिए लंबी लाइनें लगती हैं. कुछ दिनों पहले तक तो मरीज़ों के परिजनों ने दवा की कमी के ख़िलाफ़ कलेक्टर दफ़्तर के सामने प्रदर्शन तक किया जिसके बाद कलेक्टर दफ़्तर की ओर से एक हेल्पलाइन नंबर जारी किया गया ताकि इसकेडिस्ट्रीब्यूशन को सहज बनाया जा सके. हालाँकि ये परेशानी अभी पूरी तरह हल नहीं की जा सकी है.

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छत्तीसगढ़ः बढ़ते कोरोना मामलों के बीच हर दिन घट रही है वेक्सीनेशन की रफ़्तार

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आलोक प्रकाश पुतुल, रायपुर से
छत्तीसगढ़ में पिछले 24 घंटों में कोरोना के 14,893 नये मामले सामने आये हैं. इस दौरान 236 लोगों की कोरोना से मौत हुई है.
अप्रैल में कोरोना संक्रमण के मामले में छत्तीसगढ़ देश में महाराष्ट्र के बाद दूसरे नंबर पर था. दूसरे राज्यों में संक्रमण तेज़ होने के बाद भले राष्ट्रीय स्तर पर क्रम नीचे हुआ है लेकिन संक्रमण के आंकड़े थमने का नाम नहीं ले रहे हैं.
आंकड़ों में देखें तो पूरे साल भर में 31 मार्च तक राज्य में कुल संक्रमण के मामले 3,49,187 थे. जिनमें 4,170 लोगों की मौत हुई थी और सक्रिय मामलों की संख्या 25,529 थी. लेकिन अप्रैल महीने में सारे रिकार्ड टूट गये और पिछले 27 दिनों में ही कुल संक्रमण का आंकड़ा 6,82,339 पर जा पहुंचा और मौत के मामले 7,782 तक जा पहुंचे.
इस वक्त कोरोना के सक्रिय मरीज़ों की संख्या 1,19,068 है.
यह देखना भी दिलचस्प है कि राज्य में कोरोना के संक्रमण के मामले जैसे-जैसे बढ़ते गये हैं, कोरोना के टीकाकरण की रफ़्तार और कम होती चली गई है. उदाहरण के लिए राज्य में 1 अप्रैल को 2.34 लाख लोगों को टीका लगाया गया था, वहीं 2 अप्रैल को 3.26 लाख लोगों को टीका लगाया गया.
लेकिन धीरे-धीरे आंकड़े कम होते गये. 15 अप्रैल को राज्य में लगभग 42 हज़ार लोगों को टीका लगा तो 21 अप्रैल को केवल 40 हज़ार लोगों को. 27 अप्रैल को राज्य के सभी 28 ज़िलों में केवल 27,111 लोगों को टीका लगाया गया.
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का कहना है कि केंद्र सरकार से टीका नहीं मिलने के कारण यह स्थिति बनी है.
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प. बंगालः बढ़ते संक्रमण के बीच राज्य ने कहा- माँग से ज़्यादा है ऑक्सीजन

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पीएम तिवारी कोलकाता से
पश्चिम बंगाल सरकार के स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से मंगलवार रात को जारी बुलेटिन के मुताबिक, बीते 24 घंटे के दौरान 16,403 नए मामले सामने आए हैं. इससे कुल सक्रिय मामले एक लाख के पार पहुंच गए हैं और इस दौरान 73 लोगों की मौत हुई है.
राज़धानी कोलकाता में सबसे ज्यादा 3,708 नए मामले और 24 की मौत हुई है, उसके बाद पड़ोसी उत्तर 24-परगना में करीब साढ़े तीन हजार नए मामले और 13 की मौत हुई है.
राज्य सरकार ने मंगलवार को कहा कि ऑक्सीजन की कोई दिक्कत नहीं है. राज्य में रोजाना 497 मीट्रिक टन लिक्विड ऑक्सीजन का उत्पादन हो रहा है जबकि मांग करीब तीन सौ मीट्रिक टन की ही है.
राज्य के 105 अस्पतालों में पाइपलाइन के जरिए ऑक्सीजन की सप्लाई की जाती है. 41 और अस्पतालों में यह सुविधा शुरू की जा रही है. केंद्र की मंजूरी के बाद पांच ऑक्सीजन प्लांट लगाए जा रहे हैं. उनमें से तीन का काम पूरा हो गया है.
बीते 24 घंटे में पॉजिटिविटी दर 29.67 प्रतिशत रही है.
स्वास्थ्य विभाग की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि फिलहाल साढ़े बारह हजार मरीजों को चौबीसों घंटे ऑक्सीजन की सप्लाई की जा सकती है. पंद्रह मई तक इस क्षमता को बढ़ा कर 15 हजार मरीजों को इसके दायरे में शामिल किया जाएगा.
अब तक 2.61 लाख को वैक्सीन दी जा चुकी है. राज्य सरकार ने तीन करोड़ वैक्सीन खरीदने का लक्ष्य रखा है. इनमें से दो करोड़ सरकार रखेगी और एक करोड़ निजी अस्पतालों को दिया जाएगा.
स्वास्थ्य सचिव ने मंगलवार को महानगर के निजी अस्पताल के प्रतिनिधियों के साथ बैठक में परिस्थिति की समीक्षा की.
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बिहारः हर दिन 12 हज़ार से ज़्यादा कोरोना के नए मामले सामने आ रहे हैं

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नीरज सहाय, पटना से
बिहार में बढ़ते कोरोना वायरस संक्रमण के मामले को लेकर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मंगलवार को राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक की.
स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक़ राज्य में कोरोना संक्रमण में तेजी लगातार देखने को मिल रही है. मंगलवार को पिछले 24 घंटे में 12,604 नये कोरोना संक्रमित मरीजों की पहचान की गयी जो सोमवार की तुलना में 801 अधिक है. इसके साथ ही राज्य में कुल कोरोना संक्रमितों की संख्या 94,275 हो गयी है.
सरकारी आंकड़ों के अनुसार सोमवार की तुलना में मंगलवार को राज्य में कोरोना से मरने वालों की संख्या 67 से बढ़कर 85 हो गयी. वहीँ कोरोना संक्रमण से ठीक होने वाले मरीजों की कुल संख्या 3,31 418 रही और रिकवरी दर 77. 43 प्रतिशत है.
राज्यस्तर पर पिछले 24 घंटों में कुल 1,00,328 सैंपल की जांच की गयी. इसके अनुसार राज्य में संक्रमण दर बढ़कर लगभग 14 प्रतिशत हो गया. एक दिन पूर्व सोमवार को 80,461 सैंपल की जांच की गयी थी, जिसमें 11, 801 नये कोरोना संक्रमित मरीज पाए गए थे और संक्रमण दर 12. 68 प्रतिशत रही थी.
वहीं राज्य की राज़धानी पटना में 17 हजार से अधिक सक्रिया कोरोना के मामले हैं जो राज्य के बाकी जिलों की तुलना में सर्वाधिक है. कोरोना संक्रमितों के मामले में दूसरे स्थान पर गया ज़िला है जहाँ सात हजार से अधिक सक्रिय मामले हैं. तीसरे और चौथे पायदान पर औरंगाबाद (4532) और बेगूसराय (4371) है.
पिछले पांच दिनों की पड़ताल करें तो हर दिन नये कोरोना संक्रमितों की संख्या औसत 12 तक रही है.
यूपीः बेहाल अस्पताल, एक खाली बेड के लिए 100 लोगों की लंबी कतार

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समीरात्मज मिश्र, लखनऊ से
कोरोना वायरस का संक्रमण यूपी में कम होने का नाम नहीं ले रहा है. पिछले 24 घंटे में राज्य भर में जहां 32,993 नए संक्रमित मिले हैं वहीं 265 लोग संक्रमण की वजह से जान गँवा चुके हैं.
राज्य के चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अपर मुख्य सचिव अमित मोहन प्रसाद के मुताबिक, इस दौरान 30 हज़ार से ज़्यादा संक्रमित लोग ठीक भी हो चुके हैं. संक्रमण के मामले में राजधानी लखनऊ अभी भी सबसे ऊपर है जहां पिछले 24 घंटे में 4437 लोग संक्रमित हुए जबकि 39 लोगों की मौत हो गई.
राज्य में कुल सक्रिय मामलों की संख्या तीन लाख से ज़्यादा है जबकि कोरोना संक्रमण के कारण अब तक 11678 लोगों की जान जा चुकी है. अकेले लखनऊ में क़रीब पचास हज़ार सक्रिय मामले हैं.
राज्य के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी कोविड पॉज़िटिव हैं और होम आइसोलेशन में वर्चुअल माध्यम से अधिकारियों के साथ बैठक कर रहे हैं.
वहीं दूसरी ओर, उप मुख्यमंत्री डॉक्टर दिनेश शर्मा छह दिन तक होम आइसोलेशन के बाद मंगलवार को लखनऊ के पीजीआई में भर्ती हुए. छह दिन पहले उनकी रिपोर्ट भी कोविड पॉज़िटिव आई थी.
पिछले दिनों बीजेपी के दो विधायकों की कोविड-19 संक्रमण के कारण मौत भी हो चुकी है. राज्य सरकार की तमाम कोशिशों के बावजूद कोरोना संक्रमितों को इलाज, ऑक्सीजन और दवाओं के लिए इधर-उधर भटकना पड़ रहा है.
राजधानी लखनऊ का हाल ऐसा है कि यदि किसी अस्पताल से एक मरीज डिस्चार्ज होता है तो 100 मरीज भर्ती होने के लिए कतार में खड़े मिलते हैं.
हालांकि राजधानी लखनऊ में ऑक्सीजन एक्सप्रेस के आने से सरकारी और निजी अस्पतालों को राहत ज़रूर मिली है लेकिन संक्रमण की तेज़ रफ़्तार के कारण अभी भी ऑक्सीजन के लिए लंबी लाइनें लग रही हैं.
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कोरोना: टीकाकरण के तीसरे चरण के लिए कराना होगा ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन

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कोविड-19 के टीकाकरण के लिए तीसरे चरण के रजिस्ट्रेशन की शुरुआत आज से यानी 28 अप्रैल से हो रही है. इस चरण में 18 साल और उससे ऊपर की आयु वाले 1 मई से टीका लगवा सकेंगे.
लेकिन इस चरण में टीका लगवाने के लिए लोगों को कोविन प्लेटफॉर्म या आरोग्य सेतु एप पर जाकर वैक्सीन के लिए रजिस्ट्रेशन करना होगा, सीधे अस्पताल में जाकर रजिस्ट्रेशन नहीं हो सकेगा.
कैसे करें रजिस्ट्रेशन
- सबसे पहले cowin.gov.in की वेबसाइट पर जाएं और अपना मोबाइल फ़ोन नंबर दर्ज करें.
- आपके नंबर पर आपको एक वन टाइम पासवर्ड मिलेगा. इस नंबर को वेबसाइट पर पर लिखे ओटीपी बॉक्स में लिखें और वेरिफ़ाई लिखे आइकन पर क्लिक करें. इससे ये वेरिफ़ाई हो जाएगा.
- इसके बाद आपको रजिस्ट्रेशन का पन्ना नज़र आएगा
- यहाँ अपनी जानकारी लिखें और एक फ़ोटो आईडी भी साझा करें.
- अगर आपको पहले से कोई बीमारी है जैसे- शुगर, ब्लड प्रेशर, अस्थमा अन्य तो इसकी जानकारी विस्तार से लिखें.
- जब ये जानकारी पूरी हो जाए तो रजिस्टर लिखे आइकन पर क्लिक करें.
- जैसे ही ये रजिस्ट्रेशन पूरा होगा आपको कम्प्यूटर स्क्रीन पर अपनी अकाउंट डिटेल नज़र आने लगेगी.
इससे पहले दो चरणों में भी सरकार ने कोविन प्लेटफॉर्म का विकल्प रखा था लेकिन इसके अलावा लोगों को ये सुविधा दी गई थी कि वो सीधे वैक्सीन सेंटर पर जाकर रजिस्ट्रेशन करा सकते थे. इस बार ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन अनिवार्य कर दिया गया है.
इसके साथ ही इस तीसरे चरण में कुछ और नियम भी सरकार ने बदल दिया है. पहले-दूसरे चरण में एक व्यक्ति चार लोगों के लिए रजिस्ट्रेशन कर सकता था लेकिन अब 1 मई से शुरू होने वाले चरण में एक शख़्स बस ख़ुद का ही रजिस्ट्रेशन कर सकता है.
हालांकि पहले और दूसरे चरण का टीकाकरण तीसरे चरण के साथ-साथ चलता रहेगा और 45 साल ये ज़्यादा की उम्र के लोग 1 मई के बाद भी सीधे अस्पतालों में जाकर रजिस्ट्रेशन करा सकेंगे.
कोरोना अपडेट: बीते 24 घंटे की महत्वपूर्ण ख़बरें

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- कर्नाटक में कोरोना संक्रमण के मामलों में तेज़ी से आए उछाल के बाद राज्य सरकार ने 14 दिनों के कर्फ्यू की घोषणा की है.
- इलाहाबाद हाईकोर्ट ने एक हिंदी दैनिक अख़बार में छपी एक ख़बर पर संज्ञान लेते हुए उत्तर प्रदेश राज्य चुनाव आयोग को कारण बताओ नोटिस जारी किया है.
- दिल्ली सरकार ने अपने उस आदेश को वापस लेने के लिए निर्देश जारी किये हैं जिसमें दिल्ली हाईकोर्ट के जजों, अन्य न्यायिक अधिकारियों और उनके परिवार वालों के लिए दिल्ली के अशोका होटल के सौ कमरों को कोविट केयर सेंटर में तब्दील करने की बात कही गई थी.
- देश की राजधानी दिल्ली में कोरोना संकट थमने का नाम नहीं ले रहा है.बीते 24 घंटे में राजधानी दिल्ली में कोरोना के 24,149 नए मामले सामने आए हैं. इसके अलावा 381 संक्रमितों की मौत हो गई है.
- महाराष्ट्र में पिछले 24 घंटों में 895 लोगों की मौत हुई है.इससे पहले महाराष्ट्र में कोरोना के कारण एक दिन में इतने लोगों की मौत कभी नहीं हुई थी.

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- दिल्ली हाई कोर्ट ने मंगलवार को कहा कि आप आदमी पार्टी की सरकार की पूरी व्यवस्था नाकाम हो गई है क्योंकि दिल्ली में ऑक्सीजन सिलिंडर और कोरोना संक्रमित मरीज़ों के काम आने वाली ज़रूरी दवाओं की कालाबाज़ारी जारी है.
- दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बताया कि दिल्ली सरकार ऑक्सीजन की कमी दूर करने के लिए बैंकॉक से 18 ऑक्सीजन टैंकर और फ़्रांस से 21 ऑक्सीजन प्लांट मंगवा रही है.
- ऑक्सीज़न की कमी से जूझ रही दिल्ली सरकार ने 18 ऑक्सीजन टैंकर बैंकॉक से मंगाने का फ़ैसला किया है. ये टैंकर बुधवार से राजधानी में आने लगेंगे.
- नेपाल के रास्ते विदेश जाने वाले भारतीय लोगों के लिए विदेश मंत्रालय ने एक अहम एडवाइजरी जारी की है. इस सर्कुलर में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि काठमांडू के त्रिभुवन इंटरनेशनल एयरपोर्ट का इस्तेमाल ट्रांजिट के लिए नहीं किया जा सकेगा.
- फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने सोशल मीडिया पर लिखे एक संदेश में कहा, "फ्रांस और भारत हमेशा एकजुट रहे हैं: हम अपनी सहायता प्रदान करने के लिए तत्परता से जुट रहे हैं. फ्रांस भारत को मेडिकल उपकरण, वेन्टीलेटर और ऑक्सीजन तथा 8 ऑक्सीजन जेनरेटर भेजेगा.”

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- ऑस्ट्रेलिया के वेस्ट ऑस्ट्रेलिया राज्य के प्रीमियर मार्क मैकगोवन ने कहा है कि ऑस्ट्रेलिया लौट रहे यात्रियों के लिए भारत में हो रहे कोविड-19 टेस्ट के नतीजे या तो सही नहीं हैं या तो भरोसेमंद नहीं है.उन्होंने कहा कि इस कारण ऑस्ट्रेलिया की व्यवस्था पर असर पड़ रहा है और नई मुश्किलें पैदा हो रही हैं.
- भारत में कोरोना के लगातार बढ़ते मामलों के देखते हुए अमेरिकी कंपनी गिलिएड साइन्सेज़ ने कहा है कि वो भारत को रेमडेसिविर दवा की 4.5 लाख शीशियाँ देगी.
- अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने एक बार पिर भारत की मदद के अपने आश्वासन को दोहराया है. कोविड19 महामारी पर अपनी प्रतिक्रिया के दौरान उन्होंने कहा की भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से कोविड19 की मौजूदा परिस्थितियों पर विस्तार से चर्चा हुई. जिसके बाद हम श्रृंखलाबद्ध तरीक़े से भारत को पूरी मदद पहुंचा रहे हैं. जिसमें रेमेडिसविर और दूसरी दवाएं भी शामिल हैं.

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