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लाइव, आयरलैंड ने भारत को दिया 155 रनों का लक्ष्य, प्रिंस यादव ने लिए तीन विकेट

आयरलैंड की ओर से सबसे ज़्यादा हैरी टेक्टर ने 53 रन बनाए.

सारांश

लाइव कवरेज

सुमंत सिंह, अरशद मिसाल

  1. ईरान ने कुवैत और बहरीन स्थित इन अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर हमले का दावा किया

    बीबीसी फ़ारसी सेवा के मुताबिक़, ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड्स कोर (आईआरजीसी) ने कहा है कि उसने रविवार सुबह 'कुवैत स्थित अली अल-सलेम एयरबेस और बहरीन में अमेरिका के पांचवें बेड़े के मुख्यालय से संबंधित आठ ठिकानों को निशाना बनाया' है.

    आईआरजीसी के मुताबिक़, उसने ये हमले एक संयुक्त अभियान के तहत किए. इस दौरान 'बैलिस्टिक मिसाइलें और ड्रोन' दागे गए.

    बयान में दावा किया गया है कि ये हमले हाल ही में हुए अमेरिकी हमलों के जवाब में किए गए. अमेरिकी अधिकारियों ने अब तक किसी भी नुक़सान या हताहतों के बारे में कोई टिप्पणी नहीं की है.

    आईआरजीसी का यह भी कहना है कि अमेरिका ने पहले आईआरजीसी नौसेना और एक जहाज़ का आमना-सामना होने के बहाने ईरान की पांच तटीय चौकियों पर हमला किया था.

    बयान में इस बात पर ज़ोर दिया गया कि इस्लामाबाद समझौते के आधार पर ईरान होर्मुज स्ट्रेट में यातायात को नियंत्रित करने के लिए ज़िम्मेदार है और आईआरजीसी अब से उन जहाज़ों के ख़िलाफ़ अधिक कठोर कार्रवाई करेगा जिन्हें वह 'उल्लंघनकर्ता' मानता है.

    आईआरजीसी ने चेतावनी दी है कि युद्धविराम का उल्लंघन करने से इस्लामाबाद समझौते की आगे की प्रक्रियाएं रुक सकती हैं.

    इससे पहले बीबीसी फ़ारसी सेवा ने रिपोर्ट किया कि कुवैत की सेना ने मिसाइल और ड्रोन हमलों की पुष्टि की है.

    कुवैती सेना के जनरल स्टाफ़ ने कहा कि देश के एयर डिफ़ेंस सिस्टम 'दुश्मन' मिसाइल और ड्रोन हमलों का मुक़ाबला कर रहे हैं.

  2. डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को नष्ट करने की नई धमकी दी

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने धमकी दी है कि अगर युद्धविराम का उल्लंघन जारी रहा तो 'ईरान का अस्तित्व मिट जाएगा'.

    ट्रंप की यह धमकी ईरान पर अमेरिका के ताज़ा हमलों के बाद आई है. अमेरिकी सेना ने दावा किया कि ईरान ने पनामा के झंडे वाले एक तेल टैंकर को निशाना बनाया, जिसके बाद उसने ईरान पर हमले किए.

    अमेरिकी राष्ट्रपति ने अपने ट्रुथ सोशल प्लेटफ़ॉर्म पर लिखा, "युद्धविराम समझौते का फिर से उल्लंघन करने पर अमेरिकी विमानों ने ईरान के मिसाइल और ड्रोन स्टोरेज ठिकानों और रडार ठिकानों पर हमले किए हैं."

    उन्होंने कहा, "यह पूरी तरह संभव है कि वे कभी सबक न सीखें. ऐसा समय आ सकता है जब हम उचित रवैया अपनाने की स्थिति में नहीं रहेंगे और हमें उस काम को सैन्य बल से पूरा करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा जिसकी शुरुआत हमने बहुत सफलतापूर्वक की थी."

    "अगर ऐसा हुआ, तो इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ़ ईरान अस्तित्व में नहीं रहेगा."

  3. अमेरिका ने फिर किया ईरान पर हमला, बताई ये वजह

    होर्मुज़ स्ट्रेट में पनामा के झंडे वाले जहाज़ पर शनिवार को ड्रोन हमले के बाद अमेरिका ने ईरान पर नए हमले किए हैं.

    अमेरिकी सेंट्रल कमांड (सेंटकॉम) ने कहा कि उसने ईरान में कई ठिकानों को निशाना बनाया. यह कार्रवाई कारोबारी जहाज़ों के ख़िलाफ़ 'लगातार आक्रामक गतिविधियों' के सीधे जवाब में की गई.

    सेंटकॉम ने जिन ठिकानों को निशाना बनाने की बात कही, उनमें सैन्य साजो-सामान, कम्युनिकेशन सिस्टम, एयर डिफ़ेंस और ड्रोन स्टोरेज से जुड़े ठिकाने शामिल थे.

    सेंटकॉम ने एक बयान में कहा, "ईरान को युद्धविराम समझौते का सम्मान करने का मौक़ा दिया गया था, लेकिन उसने ऐसा नहीं किया. उसकी सेना ने एकतरफ़ा हमले वाले ड्रोन से एम/टी किकू पर हमला किया."

    एम/टी किकू पनामा के झंडे वाला एक टैंकर है. सेंटकॉम के मुताबिक़, यह टैंकर दो मिलियन बैरेल से अधिक कच्चा तेल लेकर स्ट्रेट के पास से गुज़र रहा था.

    सेंटकॉम ने यह भी कहा कि होर्मुज़ स्ट्रेट से कारोबारी जहाज़ों की आवाजाही जारी है.

    ईरान ने अब तक इन ताज़ा हमलों पर कोई टिप्पणी नहीं की है.

  4. पाकिस्तान: कराची में रेंजर्स कार्यालय के पास धमाका, कई लोग ज़ख़्मी, रियाज़ सोहेल, बीबीसी उर्दू, कराची से

    पाकिस्तान के कराची के गुलिस्तान-ए-जौहर इलाक़े में स्थित रेंजर्स कार्यालय के पास हुए विस्फोट और गोलीबारी की घटना में कई लोगों के घायल होने की ख़बरें हैं.

    यह घटना शनिवार रात गुलिस्तान-ए-जौहर के ब्लॉक पांच में स्थित सचल रेंजर्स भवन के पास हुई. प्रत्यक्षदर्शियों ने बीबीसी को बताया कि पहले एक विस्फोट की आवाज सुनाई दी, जिसके बाद रुक-रुक कर गोलीबारी हुई.

    विस्फोट की प्रकृति और जानमाल के नुक़सान के बारे में अब तक कोई आधिकारिक जानकारी नहीं दी गई है. अधिकारियों का कहना है कि घटना की प्रकृति का पता लगाने के लिए जांच चल रही है.

    अधिकारियों के अनुसार, घटना के बाद इलाक़े में सुरक्षा बढ़ा दी गई है और जांच एजेंसियां ​​भी घटनास्थल पर पहुंचकर सबूत जुटा रही हैं.

    रेस्क्यू 1122 के प्रवक्ता के अनुसार, केंद्रीय कमान एवं नियंत्रण कक्ष को सूचना मिलते ही बचाव दल घटनास्थल पर भेज दिए गए.

    बचाव दल के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, इस घटना में अब तक तीन लोग घायल हुए हैं.

    घटनास्थल पर मौजूद रेस्क्यू 1122 के सीईओ डॉ. आबिद जलाल ने बीबीसी को बताया कि ग्रेनेड सबसे पहले रेंजर्स के कार्यालय में फेंका गया था, जिसके बाद से गोलीबारी जारी है.

    उन्होंने शनिवार शाम को बताया कि अब तक दो रेंजर्स कर्मियों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है, लेकिन गोलीबारी अब भी जारी है. एहतियात के तौर पर किसी को भी घटनास्थल पर जाने की अनुमति नहीं दी जा रही है.

    सिंध सरकार के प्रवक्ता के अनुसार, सिंध के मुख्यमंत्री सैयद मुराद अली शाह ने पुलिस से घटना की विस्तृत रिपोर्ट मांगी है.

    प्रवक्ता ने बताया कि सिंध के मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया है कि घटना की प्रकृति का तुरंत पता लगाया जाए.

    चरमपंथी संगठन जमात-उल-अहरार से जुड़े एक समूह ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है. समूह ने यह भी दावा किया है कि हमला अब भी जारी है.

  5. नमस्कार!

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