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जी-7 देशों के राष्ट्राध्यक्षों की बैठक में रूस-यूक्रेन युद्ध, ग़ज़ा-इसराइल युद्ध, जलवायु परिवर्तन, प्रवासी मुद्दे, तकनीक और अन्य मुद्दों पर चर्चा होनी है.
दीपक मंडल
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अब इस लाइव पेज को विराम देने का वक़्त आ गया है. मुझे यानी बीबीसी संवाददाता सुमंत सिंह को दीजिए इजाज़त.
कल सुबह एक नए लाइव पेज के साथ हम फिर हाज़िर होंगे.
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बीबीसी उर्दू के मुताबिक़, अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने कहा है कि अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत में ईरान के "परमाणु कार्यक्रम के उन पहलुओं पर भी चर्चा हुई है जिनका ज़िक्र ईरान एक महीने या एक साल पहले तक नहीं कर रहा था."
उन्होंने यह भी कहा कि "इस बात की कोई गारंटी नहीं है कि कोई स्वीकार्य समझौता हो पाएगा."
रुबियो ने मंगलवार को अमेरिकी सीनेट की विदेश मामलों से जुड़ी समिति के सामने ये बातें कही हैं. इस दौरान उन्होंने अमेरिकी अभियानों का बचाव किया और उन्हें 'बहुत सफल' बताया.
उन्होंने कहा, "ऑपरेशन एपिक फ़्यूरी अपने सैन्य उद्देश्यों को हासिल करने में सफल रहा है, जिससे ईरान का रक्षा उद्योग कमज़ोर हो गया है."
मार्को रुबियो ने दावा किया कि "ईरान के पास आज कोई नौसेना नहीं है."
बीबीसी उर्दू के मुताबिक़, उन्होंने कहा कि अगर होर्मुज़ स्ट्रेट पूरी तरह से खुल जाता है तो भी अमेरिका ईरान पर लगे प्रतिबंधों को नहीं हटाएगा.
रुबियो ने अमेरिकी सीनेट के सदस्यों से कहा, "इस पर कोई चर्चा नहीं हुई है, ऐसा कोई प्रस्ताव नहीं दिया गया है."
उन्होंने आगे कहा कि ईरान की ओर से एनरिच्ड यूरेनियम और परमाणु कार्यक्रम से जुड़े पहलुओं को छोड़ने पर 'शर्तों के तहत' प्रतिबंधों में राहत मिल सकती है.
सेंट्रल बोर्ड ऑफ़ सेकेंडरी एजुकेशन (सीबीएसई) के चेयरमैन और सेक्रेटरी के तबादले पर देश के विपक्षी दलों की प्रतिक्रियाएं आई हैं.
विपक्षी नेताओं ने सरकार के इस फ़ैसले के बाद असंतुष्टि जाहिर की है और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को हटाने की मांग की है.
सरकार ने मंगलवार को सीबीएसई के चेयरमैन और सेक्रेटरी का तबादला किया. यह कार्रवाई 12वीं बोर्ड की परीक्षा प्रक्रिया के डिजिटल मूल्यांकन सिस्टम में कथित अनियमितताओं के आरोपों के बाद हुई है.
इस पर कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने एक्स पर लिखा, "सीबीएसई के चेयरमैन और सेक्रेटरी का तबादला कर दिया गया है. न्याय की मांग है कि मंत्री प्रधान को भी पद से हटाया जाए."
उन्होंने कहा, "मंत्री प्रधान ऐसे तंत्र की अगुवाई कर रहे हैं, जो बहुत भ्रष्ट, अक्षम और अयोग्य है. इससे लाखों युवाओं के जीवन पर असर पड़ा है. उन्हें तत्काल इस्तीफ़ा देना चाहिए."
वहीं, आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने सरकार की कार्रवाई से असंतुष्टि जताई है.
केजरीवाल ने सीबीएसई के चेयरमैन और सेक्रेटरी के तबादले से जुड़ी ख़बर को रीपोस्ट करते हुए सवाल उठाया, "सीबीएसई के चेयरमैन और सेक्रेटरी का तबादला कर दिया गया? बस?"
उन्होंने कहा, "क्या इतने बड़े कथित घोटाले पर सरकार की प्रतिक्रिया सिर्फ़ यही है? क्या यह सज़ा है या संरक्षण?"
इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के इस सीज़न के आख़िरी दिनों में कर्नाटक साइबर कमांड पुलिस ने देशभर में 8,750 सट्टेबाज़ी वेबसाइटों और मोबाइल ऐप्स के संचालन को रोका है.
कर्नाटक पुलिस की साइबर कमांड यूनिट ने सट्टेबाज़ी से जुड़ी वेबसाइटों और ऐप्स पर बड़ी संख्या में कार्रवाई का काम पहले ही शुरू कर दिया था. इसी दौरान 27 मई को सुप्रीम कोर्ट का वह आदेश आया, जिसमें कर्नाटक संशोधन क़ानून को बरक़रार रखा गया.
सुप्रीम कोर्ट ने कर्नाटक हाई कोर्ट के फ़ैसले को पलटते हुए 2021 में कर्नाटक पुलिस अधिनियम में किए गए संशोधनों को वैध ठहराया.
शीर्ष अदालत ने कहा कि ऑनलाइन सट्टेबाज़ी और गेमिंग न सिर्फ़ सार्वजनिक व्यवस्था को प्रभावित करती है, बल्कि जनस्वास्थ्य को भी नुक़सान पहुँचाती है, क्योंकि इसका असर लाखों परिवारों और युवाओं पर पड़ता है.
साइबर कमांड के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (एडीजीपी) एम. चंद्रशेखर ने पत्रकारों से कहा, "उदाहरण के तौर पर हम यह कह सकते हैं कि हमने जुए के अड्डे तक जाने वाला रास्ता काट दिया है."
जब उनसे पूछा गया कि इन वेबसाइटों और मोबाइल ऐप्स से सट्टेबाज़ी और गेमिंग में कितने पैसे शामिल थे, तो चंद्रशेखर ने कहा, "हमारे पास इसमें शामिल रक़म का सटीक आँकड़ा नहीं है, लेकिन यह निश्चित तौर पर कहा जा सकता है कि इसमें सैकड़ों करोड़ रुपये शामिल हैं."
उन्होंने कहा, "हमें इन सट्टेबाज़ी और गेमिंग ऐप्स का साइबर और इनवेस्टमेंट फ़्रॉड से संबंध दिखाई देता है. इस मामले में गहन जांच की ज़रूरत है. हमने पाया है कि साइबर और इनवेस्टमेंट फ़्रॉड से ठगी गई रक़म सट्टेबाज़ी और गेमिंग वेबसाइटों तक पहुँच रही है."
अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक ने कहा कि यह अभियान इसलिए सफ़ल रहा क्योंकि देश के 37 इंटरनेट सर्विस प्रोवाइडर्स ने साइबर कमांड, आंतरिक सुरक्षा प्रभाग (आईएसडी) और भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र के संयुक्त अभियान में सहयोग किया.
हालाँकि, वह इस बात को लेकर आश्वस्त नहीं थे कि 127 वेब होस्टिंग एजेंसियों ने सहयोग किया या नहीं. इनमें से कई एजेंसियां भारत के बाहर स्थित हैं.
उन्होंने कहा, "हम वेब होस्टिंग एजेंसियों को एडवाइज़री जारी करेंगे."
जब उनसे पूछा गया कि साइबर कमांड की इस कार्रवाई का असर सिर्फ़ अगले आईपीएल सीज़न में ही दिखेगा, तो चंद्रशेखर ने कहा कि इस बारे में अभी कुछ कहना जल्दबाज़ी होगी.
उन्होंने कहा, "वे अपनी वेबसाइटों के नाम बदल सकते हैं और किसी दूसरी जगह पर नया ठिकाना बना सकते हैं. एक ऐसी कंपनी है जिसके पास 1,000 से ज़्यादा यूआरएल हैं. अगर हम एक को ब्लॉक करते हैं, तो संभव है कि उसकी जगह 10 नए सामने आ जाएँ. लेकिन हम ऐसे नए ऑपरेशन्स पर कड़ी नज़र रखेंगे."
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ इन दिनों अपने बयानों की वजह से चर्चा में हैं. उन्होंने मंगलवार को कहा कि उनकी सरकार ने राज्य में 'माफ़िया और मच्छरों को ख़त्म किया' है.
योगी आदित्यनाथ ने यह बयान कुशीनगर में दिया.
उन्होंने कहा, "इंसेफेलाइटिस (दिमाग़ी बुखार) की बीमारी वैसे ही समाप्त हो गई है, जैसे माफ़िया यूपी से समाप्त हो गए हैं. हमने माफ़िया को भी समाप्त किया और मच्छर को भी समाप्त किया. मच्छर बीमारी लाता था, माफ़िया बेरोज़गारी लाता था. बीमारी और बेरोज़गारी दोनों की समस्या का समाधान किया है."
इससे पहले सोमवार को योगी आदित्यनाथ ने गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित किए जाने से जुड़ी मांग को लेकर बयान दिया था.
उन्होंने कहा, "तमाम मौलवी और मौलाना यह बयान दे रहे हैं कि गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करो. हमने कहा कि गो हमारी माता है... क्या मां और पुत्र के बीच कुछ घोषित करने की ज़रूरत पड़ती है?"
योगी ने कहा, "गाय हमारे लिए माता है, पशु तो तुम्हारी बुद्धि है. तुम्हारी सोच पशुवत है, जो गाय माता को पशु बोल रहे हो."
सीबीएसई की नई मूल्याकंन प्रणाली 'ऑन-स्क्रीन मार्किंग' को लेकर मंगलवार को संसद की एक स्थायी समिति ने सुनवाई की.
समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, इस सुनवाई के दौरान सीबीएसई बोर्ड की 12वीं कक्षा के एक छात्र सार्थक सिद्धांत (18) ने प्रेज़ेंटेशन के ज़रिए अपनी बात रखी है. वह अन्य कई स्टूडेंट्स की तरह ही ओएसएम पोर्टल की वजह से अपने रिज़ल्ट को प्रभावित मान रहे हैं.
रांची (झारखंड) के निवासी सार्थक सिद्धांत ने कोडिंग और रिसर्च स्किल के ज़रिए सीबीएसई की मूल्यांकन प्रणाली (ओएसएम) और टेंडर प्रक्रिया में अनियमितताओं का दावा किया था.
जिससे वह सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गए थे.
सार्थक ने अपने ब्लॉग पोस्ट के माध्यम से दावा किया था कि सीबीएसई ने टेंडर नियमों में बार-बार बदलाव करके एक विवादित कंपनी को आंसर शीट्स के मूल्यांकन का ठेका दे दिया था.
सार्थन के अनियमितता के दावों के बाद एक संसदीय स्थायी समिति ने उन्हें बुलावा भेजा. इस समिति में 31 सांसद बतौर सदस्य शामिल हैं और इसके अध्यक्ष दिग्विजय सिंह हैं.
यह संसदीय स्थायी समिति शिक्षा, महिला, बाल, युवा और खेल से संबंधित है जो शिक्षा मंत्रालय के कामकाज की समीक्षा, बजट जांच और महत्वपूर्ण शैक्षिक नीतियों की समीक्षा करती है.
कांग्रेस सांसद और इस संसदीय समिति के अध्यक्ष दिग्विजय सिंह ने समाचार एजेंसी एएनआई से कहा, "उन्होंने (छात्र सार्थक सिद्धांत) अपनी प्रस्तुति दे दी है. अब यह समिति पर निर्भर है कि वह क्या निर्णय लेती है."
समिति ने सीबीएसई के नए मूल्यांकन सिस्टम के अलावा सीबीएसई बोर्ड की ओर से कक्षा 9 और 10 में तीन-भाषा फ़ॉर्मूले पर भी चर्चा की है.
बता दें कि ऑनस्क्रीन मार्किंग सिस्टम (ओएसएम), एक डिजिटल मूल्यांकन प्रक्रिया है जिसे सीबीएसई ने 12वीं बोर्ड की आंसर कॉपियां जांचने के लिए इस्तेमाल किया था.
ओएसएम को लेकर उस वक़्त विवाद हुआ जब चार लाख स्टूडेंट्स ने सीबीएसई से अपनी स्कैन्ड कॉपियां मांगी. स्टूडेंट्स ने आरोप लगाया कि कई कॉपियां धुंधली, ब्लैंक और बदली पाई गईं.
इन गड़बड़ियों में सुधार के लिए सीबीएसई ने आज यानी दो जून से छह जून तक स्टूडेंट्स से आवेदन मांगे हैं.
भोपाल की एक अदालत ने त्विषा शर्मा मौत मामले में उनके पति समर्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत पर भेज दिया है.
दोनों दहेज प्रताड़ना और मौत मामले के अभियुक्त हैं. वे सीबीआई की पांच दिनों की रिमांड पर थे जो सोमवार को समाप्त हो गई.
सोमवार को ही सीबीआई ने दोनों अभियुक्तों को उनके भोपाल स्थित घर पर ले जाकर घटना के सीन को री-क्रिएट किया था.
समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, सीबीआई ने मंगलवार को त्विषा शर्मा के पति और सास को जज शोभना भलावे की विशेष अदालत में पेश किया.
त्विषा शर्मा के परिवार के वकील अंकुर पांडे ने बताया कि दोनों अभियुक्तों को 16 जून तक की न्यायिक हिरासत में भेजा गया है.
बता दें कि बीते 12 मई को त्विषा शर्मा का शव फंदे पर लटका पाया गया था.
33 साल की पूर्व मॉडल त्विषा शर्मा की मौत के बाद परिवार ने ससुराल पक्ष पर प्रताड़ना का आरोप लगाया था.
त्विषा की सास गिरिबाला सिंह एक रिटायर जज हैं जिन्हें 28 मई को सीबीआई ने गिरफ़्तार किया था.
समाचार एजेंसी पीटीआई और एएनआई के मुताबिक़, सरकार ने सेंट्रल बोर्ड ऑफ़ सेकेंडरी एजुकेशन (सीबीएसई) के चेयरमैन और सेक्रेटरी का तबादला कर दिया है.
सरकार ने यह कार्रवाई 12वीं बोर्ड की परीक्षा प्रक्रिया के डिजिटल मूल्यांकन सिस्टम में कथित अनियमितताओं के आरोपों के बाद की है.
अब इस पर कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) ने प्रतिक्रिया दी है.
सीजेपी ने एएनआई के उस पोस्ट को रीपोस्ट किया, जिसमें सीबीएसई चेयरमैन और सेक्रेटरी के ट्रांसफ़र की ख़बर थी और लिखा, "शिक्षा मंत्री को बर्ख़ास्त करो."
सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दीपके लगातार केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को हटाए जाने की मांग कर रहे हैं.
सोमवार को उन्होंने एक वीडियो संदेश में कहा कि वह 6 जून को भारत आ रहे हैं और धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफ़े की मांग करेंगे.
केंद्र सरकार ने सेंट्रल बोर्ड ऑफ़ सेकेंडरी एजुकेशन यानी सीबीएसई के 12वीं बोर्ड की परीक्षा से जुड़े विवाद के बाद बोर्ड के चेयरमैन और सेक्रेटरी को हटा दिया है.
समाचार एजेंसी पीटीआई और एएनआई के मुताबिक़, सरकार ने दोनों अधिकारियों का तबादला कर दिया है.
एएनआई ने बताया, "सीबीएसई के चेयरमैन और सेक्रेटरी का तबादला कर दिया गया है. सीबीएसई ने ऑन-स्क्रीन मार्किंग (ओएसएम) सेवाओं की ख़रीद की जांच के लिए एक जांच कमेटी का गठन किया है."
वहीं पीटीआई ने अधिकारियों के हवाले से बताया, "सरकार ने सीबीएसई के चेयरमैन राहुल सिंह और सेक्रेटरी हिमांशु गुप्ता का तबादला कर दिया है."
पीटीआई ने यह भी बताया कि सरकार ने ऑन-स्क्रीन मार्किंग (ओएसएम) सिस्टम के लिए सेवाओं की ख़रीद से जुड़े मामलों की जांच के लिए एक सदस्यीय कमेटी का गठन भी किया है.
एजेंसी के मुताबिक़, मंगलवार को कैबिनेट सचिवालय की ओर से जारी एक मेमोरेंडम में कहा गया कि इस कमेटी की अध्यक्षता क्षमता निर्माण आयोग की अध्यक्ष एस. राधा चौहान करेंगी.
चौहान को ज़रूरत पड़ने पर अन्य विभागों के अधिकारियों की मदद लेने का अधिकार दिया गया है.
सरकार ने 12वीं बोर्ड की परीक्षा प्रक्रिया के डिजिटल मूल्यांकन सिस्टम में कथित अनियमितताओं के आरोपों के बाद यह कार्रवाई की है.
12वीं के कुछ स्टूडेंट्स ने आरोप लगाया है कि बोर्ड की ओर से अपलोड की गई उनकी उत्तर पुस्तिकाओं की स्कैन कॉपी उनकी लिखावट से मेल नहीं खाती.
इससे ऑन-स्क्रीन मार्किंग (ओएसएम) सिस्टम में उत्तर पुस्तिकाओं के संभावित गड़बड़ी या अदला-बदली को लेकर चिंताएं बढ़ीं.
भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने दिल्ली, हरियाणा, चंडीगढ़ और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में तेज़ हवाएं और बारिश होने की संभावना जताई है.
आईएमडी ने मंगलवार को जानकारी दी है कि दो जून से छह जून तक यहां 40 से 50 किमी प्रति घंटा गति की तूफ़ानी हवाएं चलने के साथ छिटपुट बारिश होने की संभावना है. हालांकि बिहार में इसी दौरान लू चलने का पूर्वानुमान है.
मौसम विभाग ने बताया है कि दक्षिण-पश्चिम मानसून के लगभग चार जून को केरल पहुंचने की संभावना है. जिसकी वजह से केरल और तमिलनाडु में अगले छह-सात दिनों के अंदर भारी बारिश होगी.
देश के उत्तर-पश्चिम, मध्य, पूर्वी और दक्षिणी हिस्सों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ़्तार से तूफ़ानी हवाएं चलने का पूर्वानुमान लगाया गया है.
मध्य प्रदेश में 2 से 4 जून के बीच और छत्तीसगढ़ में 4 और 6 जून के दौरान गरज के साथ आंधी चलने की संभावना जताई गई है.
आईएमडी के मुताबिक़, हवाओं की रफ़्तार 50-60 किलोमीटर प्रति घंटा से लेकर 70 किमी प्रति घंटा तक रहेगी.
दूसरी ओर, बिहार में स्थिति उलट रहेगी. यहां चार से छह जून के बीच लू चलने का पूर्वानुमान लगाया गया है.
यही स्थिति पश्चिम बंगाल के हिमालयी इलाक़ों और पूर्वोत्तर में भी रहने का पूर्वानुमान है.