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विशाखापट्टनम गैस लीक: सीईओ समेत 11 अधिकारी गिरफ़्तार
आंध्र प्रदेश में विशाखापट्टनम गैस लीक मामले में अहम कार्रवाई हुई है. पुलिस ने मंगलवार रात एलजी पॉलिमर्स के सीईओ और दो डायरेक्टर समेत नौ अधिकारियों को गिरफ़्तार कर लिया.
विशाखापट्टनम स्थित दक्षिण कोरियाई कंपनी एलजी पॉलिमर्स के प्लांट में सात मई को ज़हरीली स्टाइरिन गैस लीक होने की वजह से 12 लोंगो की मौत हो गई थी और 585 लोग बीमार हो गए थे.
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने कंपनी के तीन अधिकारियों को ‘भारी लापरवाही’ के लिए सस्पेंड भी कर दिया है.
विशाखापट्टन के पुलिस कमिश्नर आरके मीणा ने समाचार एजेंसी पीटीआई को बताया कि कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर और सीईओ संकी जेयॉन्ग, टेक्निकल डायरेक्टर डीएस किम और एडीशनल डायरेक्टर (ऑपरेशन) पी. मोहन राव समेत नौ अन्य अधिकारियों को गिरफ़्तार किया जा चुका है.
उन्होंने बताया, “हमारी जांच में पता चला है कि ज़हरीली गैस का रिसाव इन लोगों की लापरवाही की वजह से हुआ था. इन्हें मालूम था कि इनकी लापरवाही से लोगों की जान जा सकती थी.”
आरके मीणा ने बताया, “इस मामले में अब भी जांच जारी है. कई विभागों से रिपोर्ट आनी और गवाहों से बातचीत की जानी बाकी है.”
पुलिस ने हादसे वाले दिन यानी सात मई को ही एलजी पॉलिमर्स के ख़िलाफ़ आईपीसी की कई धाराओं के तहत मामला दर्ज किया था और इसके ठीक दो महीने बाद अभियुक्तों की गिरफ़्तारी हुई है.
कंपनी ने कई गड़बड़ियां कीं, भारी लापरवाही बरती
राज्य सरकार ने हादसे की जांच के लिए एक उच्चस्तरीय समिति बनाई थी और इसने भी सोमवार को अपनी रिपोर्ट मुख्यमंत्री वाईएस जगन मोहन रेड्डी को सौंप दी.
रिपोर्ट में कहा गया है कि एलजी पॉलिमर्स ने एक कंपनी के स्तर पर प्रबंधन में कई गड़बड़ियां कीं और भारी लापरवाही बरती.
रिपोर्ट के अनुसार कंपनी ने सुरक्षा के तय मानकों का पालन नहीं किया, जिसका नतीजा भयानक हादसे के रूप में सामने आया.
रिपोर्ट में ये भी कहा गया है कि हादसे के लिए कई सरकारी विभाग जैसे ‘डायरक्ट्रेट ऑफ़ फ़ैक्ट्रीज़’ की लापरवाही भी ज़िम्मेदार थे.
समिति की रिपोर्ट सामने आने के बाद प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने अपने इन्वायरमेंटल इंजीनियर पी प्रसाद राव और आर. लक्ष्मी नारायण को उनकी भारी लापरवाही के आरोप में सस्पेंड कर दिया. इन अधिकारियों पर आरोप है कि इन्होंने एलजी पॉलिमर्स को क्लियरेंस देने में लापरवाही बरती.
इसके अलावा डायरेक्ट्रेट ऑफ़ फ़ैक्ट्रीज़ ने अपने डिप्टी चीफ़ इन्स्पेक्टर केबीएस प्रसाद को भी नियमों का पालन न करवा पाने का ज़िम्मेदार ठहराकर सस्पेंड कर दिया है.
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