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धोनी की टीम पर भारी पड़कर ‘सबके प्रिय’ बने प्रियम गर्ग
- Author, आदेश कुमार गुप्त
- पदनाम, बीबीसी हिंदी के लिए
- प्रकाशित
महेंद्र सिंह धोनी इस आईपीएल सीज़न में भले नए अंदाज़ में दिख रहे हों, लेकिन उनके लिए मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रहीं. उनकी टीम चेन्नई सुपर किंग्स ने पहले मुक़ाबले में भले ही मुंबई इंडियंस को हराया, लेकिन उसके बाद धोनी की टीम लगातार तीन मैच हार चुकी है.
एम एस धोनी ने शायद ही यह सोचा होगा कि सनराइज़र्स हैदराबाद के दो युवा बल्लेबाज़ प्रियम गर्ग और अभिषेक शर्मा उनके हाथ से मैच छीन ले जायेंगे.
उनके गेंदबाज़ों ने भी मैच से पहले शायद हैदराबाद के तूफ़ानी बल्लेबाज़ों डेविड वॉर्नर, केन विलियमसन, मनीष पांडेय और जॉनी बेयरस्टो के ख़िलाफ़ कुछ ख़ास रणनीति बनाई होगी जिसमें वो कामयाब भी रहे.
इन चारों को सस्ते में निपटाने के बाद लगा कि मैच चेन्नई की मुठ्ठी में है, लेकिन ऐसा नहीं हुआ.
प्रियम गर्ग और अभिषेक शर्मा की जोड़ी ने चेन्नई के गेंदबाज़ो की जमकर ख़बर ली और अपनी टीम को पाँच विकेट पर 164 रन जैसे सम्मानजनक स्कोर तक पहुँचाने में मदद की.
प्रियम गर्ग ने आईपीएल में अपना पहला अर्धशतक जमाते हुए केवल 26 गेंदों पर छह चौके और एक छक्का लगाते हुए नाबाद 51 रन बना डाले.
दूसरी तरफ अभिषेक शर्मा ने भी केवल 24 गेंदो पर चार चौके और एक छक्का जमाते हुए 31 रन बनाये. इन दोनों के बीच हुई 77 रन की साझेदारी अंतत: निर्णायक साबित हुई.
इस एक मैच के बाद, आईपीएल देखने वाले अधिकांश लोग प्रियम गर्ग के बारे में जानना चाहते हैं.
दरअसल, प्रियम गर्ग पहली बार तब सुर्खियों में आये थे जब उन्होंने इसी साल दक्षिण अफ़्रीका में हुए अंडर-19 विश्व कप में भारतीय टीम की कप्तानी की.
भारतीय टीम हालांकि फ़ाइनल मैच में बांग्लादेश से हार गई, लेकिन प्रियम गर्ग ने कुछ मैचों में अपना दमखम दिखाया.
उन्होंने श्रीलंका के ख़िलाफ़ 56 रन बनाए. ऑस्ट्रेलिया के ख़िलाफ़ वे केवल पाँच रन ही बना सके. फ़ाइनल में भी उनके बल्ले से केवल सात रन ही निकले, लेकिन पूरे विश्व कप में अधिकतर मैचों में उन्हें बल्लेबाज़ी करने का अवसर ही नहीं मिला क्योंकि उन्हें मैदान में उतरने की ज़रूरत ही नही पड़ी. भारत ने ज़्यादातर मैच बड़े अंतर से जीते.
इससे पहले प्रियम गर्ग ने अपने पहले ही फ़र्स्ट क्लास मैच में उत्तर प्रदेश के लिए खेलते हुए गोवा के ख़िलाफ़ नाबाद 117 रन बनाये. इसके अलावा उन्होंने अपने पिछले दिलीप ट्रॉफ़ी मैच में इंडिया ग्रीन के लिए खेलते हुए इंडिया रेड के ख़िलाफ़ 53 रन बनाये.
इसके अलावा विजय हज़ारे ट्रॉफ़ी में उत्तर प्रदेश के लिए खेलते हुए पहले ही मैच में 38 रन बनाए. उस मैच में उनके कप्तान भारत के पूर्व बल्लेबाज़ सुरेश रैना थे.
यह पारी उन्होंने दो साल पहले सौराष्ट्र के ख़िलाफ़ खेली थी जिसमें रविंद्र जडेजा और जयदेव उनादकट जैसे गेंदबाज़ थे.
बीते शुक्रवार को जब प्रियम गर्ग ने चेन्नई के ख़िलाफ़ अर्धशतक जमाया तो रविंद्र जडेजा को वो पुरानी पारी ज़रूर याद आई होगी. हालांकि, तब रविंद्र जडेजा ने भी शायद नहीं सोचा होगा कि आगे चलकर यही खिलाड़ी उनकी जीत की राह का रोड़ा बन जाएगा.
प्रियम गर्ग इस आईपीएल की नीलामी में फ्रैंचाइज़ियों के 'कितने प्रिय थे' इसका अंदाज़ा इसी से लगाया जा सकता है कि उनका बेस प्राइस केवल 20 लाख रूपये था. लेकिन सनराइज़र्स हैदराबाद ने उन्हें 1.9 करोड़ रूपये में खरीदा.
प्रियम गर्ग रणजी ट्रॉफ़ी में अभी तक 12 मैच खेलकर 867 रन बना चुके है. इसमें दोहरे शतक सहित उनके दो शतक और पाँच अर्धशतक शामिल हैं.
प्रियम गर्ग के पसंदीदा क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर हैं. उनके क़रीबी लोग कहते हैं कि 'प्रियम के घर में टीवी नहीं था, इसलिए वे सचिन तेंदुलकर की बल्लेबाज़ी देखने के लिए घर से बाहर चले जाया करते थे, जिसपर उनकी डाँट पड़ती थी. और आज दुनिया प्रियम को टीवी पर चमकते हुए देख रही है.'
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