शहबाज़ शरीफ़ ने कहा पड़ोसी देश ख़ुश कि जो 73 साल में नहीं हुआ वो पाकिस्तान में अब हो रहा है

इमरान ख़ान को लेकर आए सुप्रीम कोर्ट के फ़ैसले के बाद शहबाज़ शरीफ़ ने कहा कि अदालत दोहरे मानदंड अपना रही है और उन्हें बचाने की कोशिश कर रही है.

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दीपक मंडल and स्नेहा

  1. जोशीमठ में फिर शुरू हुआ आंदोलन, मशाल जुलूस निकालकर मांगें पूरी करने को कहा

      • Author, आसिफ़ अली
      • पदनाम, बीबीसी हिंदी के लिए, देहरादून से
    उत्तराखंड

    इमेज स्रोत, ANI

    इमेज कैप्शन, जोशीमठ में आंदोलन (फाइल फोटो)

    उत्तराखंड के जोशीमठ में जमीन धंसने और घरों में आई दरारों के चलते एक बार फिर आंदोलन की शुरुआत हो गई है.

    “जोशीमठ बचाओ संघर्ष समिति” के बैनर तले अपनी मांगों के लिए पीड़ितों ने गुरुवार शाम शहर भर में मशाल जुलूस निकाल कर आंदोलन शुरू किया.

    मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के आश्वासन के बाद 20 अप्रैल को 20 दिनों के लिए यह आंदोलन स्थगित किया गया था. प्रदेश सरकार ने उस समय कहा था कि प्रभावितों के मुआवजे और पुनर्वास की मांगों को पूरा किया जाएगा.

    'जोशीमठ बचाओ संघर्ष समिति' ने अप्रैल माह में 11 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सरकार को सौंपा था. सरकार के आश्वासन के बाद 107 दिनों के बाद 20 अप्रैल को धरना स्थगित किया गया था.

    जोशीमठ

    'जोशीमठ बचाओ संघर्ष समिति' ने सरकार को 11 मई तक समय दिया था. उस समय समिति ने कहा था कि उनकी मांगे पूरी नहीं हुईं तो वो फिर से आंदोलन शुरू करेंगे.

    'जोशीमठ बचाओ संघर्ष समिति' के संयोजक अतुल सती ने बताया, “हमने बीस दिन पहले मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के आश्वासन पर अपना 107 दिन का धरना स्थगित किया था.”

    ''मुख्यमंत्री ने हमारी ग्यारह सूत्रीय मांगों को लेकर सहमति जताई थी. उसके बाद हमसे उम्मीद की थी कि हम अपना आंदोलन स्थगित कर दें.”

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    उन्होंने बताया, “मुख्यमंत्री और स्थानीय प्रशासन के आश्वासन पर हमने अपना 107 दिनों से चल रहे धरने को स्थगित किया था.”

    “हमें उम्मीद थी कि हमारी मांगों पर अमल होगा, मगर यह अफ़सोस की बात है कि पिछले 20 दिनों में हमारी ग्यारह सूत्रीय मांगों में से एक पर भी कोई ठोस ज़मीनी कार्रवाई नहीं हुई.”

    “इसीलिए हम अपनी की गई घोषणा के अनुसार इस मशाल जुलूस के माध्यम से दोबारा आंदोलन की शुरुआत कर रहे हैं.”

  2. यूक्रेनी सेना आगे नहीं बढ़ रही, हालात हमारे नियंत्रण में : रूस

    .यूक्रेन

    इमेज स्रोत, Reuters

    इमेज कैप्शन, यूक्रेन का बख़मूत शहर

    रूस ने उन रिपोर्टों का खंडन किया है,जिनमें कहा गया था कि यूक्रेनी सेना पूर्वी यूक्रेन में आगे बढ़ रही है.

    ये ख़बर रूस समर्थक सूत्रों ने दी थी. लेकिन रूस ने इसका खंडन किया है.

    दरअसल रूस की ओर से लड़ रही प्राइवेट सेना वागनर ग्रुप के चीफ येवगिनी प्रिगोझिन ने कहा था कि बख़मूत में नियमित रूसी सैनिक मोर्चा छोड़ कर भाग रहे हैं.

    रूसी मिलिट्री ब्लॉगर्स ने रिपोर्ट दी थी कि गुरुवार को कुछ इलाकों में यूक्रेनी सेना कई जगहों पर आगे बढ़ रही है.

    इससे पहले यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की ने कहा था ''हमारी ओर से जवाबी हमले करना जल्दबाजी होगी.''

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    ज़ेलेंस्की ने यूरोविजन न्यूज़ के सदस्य पब्लिक ब्रॉडकास्टर्स को दिए एक टीवी इंटरव्यू में कहा,'' हम जहां तक पहुंचे हैं वहां से आगे बढ़ सकते हैं. इसमें हम कामयाब रहेंगे. लेकिन अगर हम आगे बढ़ते हैं तो काफी लोगों की जान गवां सकते हैं. मेरे ख्याल से ये ठीक नहीं होगा. इसलिए हमें इंतज़ार करना होगा. हमें अभी भी थोड़ा समय चाहिए.''

    हालांकि रूस के रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा,''टेलीग्राम पर कोई कुछ बोल दे और कई मोर्चों पर सफलता का ऐलान कर दे तो इसका मतलब ये नहीं कि यूक्रेनी सेनाओं को सफलता मिल रही है.'' ''फिलहाल आम हालात तो ये है कि स्पेशल मिलिट्री ऑपरेशन ज़ोन में हालात हमारे नियंत्रण में हैं. ''

  3. पाकिस्तान: पूर्व मानवाधिकार मंत्री शिरीन मज़ारी को हिरासत में लिया

    पाकिस्तान की पूर्व मानवाधिकार मंत्री शिरीन मज़ारी

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    इमेज कैप्शन, पाकिस्तान की पूर्व मानवाधिकार मंत्री शिरीन मज़ारी

    पाकिस्तान की पूर्व मानवाधिकार मंत्री शिरीन मज़ारी को उनके घर से हिरासत में ले लिया गया है.

    पाकिस्तान तहरीक ए इंसाफ़ का कहना है कि पार्टी की वरिष्ठ नेता शिरीन मज़ारी को इस्लामाबाद पुलिस ने शुक्रवार तड़के हिरासत में ले लिया.

    मज़ारी की बेटी और एक वकील इमान हाज़िर-मज़ारी ने ट्विटर पर एक वीडियो शेयर किया है, जिसमें पाकिस्तान की पूर्व मंत्री को गिरफ्तार करने के लिए सादी वर्दी में कुछ पुरुष उनके घर में जबरदस्ती घुस रहे हैं.

    ट्विटर पर एक और वीडियो सामने आया जिसमें इस्लामाबाद पुलिस को शिरीन मज़ारी को एक कार में बिठाकर उनके घर से कहीं दूर ले जाते दिखाया जा रहा है.

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    कार में बैठते हुए शिरीन मजारी ने कहा, “दहशतगर्दी नहीं चलेगी, कितने लोगों को पकड़ेंगे और मारेंगे. हमें नहीं पता कि ये लोग क्या कर रहे हैं.”

    वीडियो पोस्ट करने से कुछ समय पहले, मजारी की बेटी ने ट्वीट किया था कि लगभग 50 पुलिस वाले उनके घर में घुसने की कोशिश कर रहे थे.

  4. असम: बहुविवाह पर प्रतिबंध पर विचार के लिए बनाई गई विशेषज्ञ समिति

      • Author, दिलीप कुमार शर्मा
      • पदनाम, गुवाहाटी से, बीबीसी हिंदी के लिए
    असम

    इमेज स्रोत, BBC/DILIP KUMAR SHARMA

    असम सरकार ने बहुविवाह पर प्रतिबंध के प्रस्ताव पर विचार करने के लिए चार सदस्यीय विशेषज्ञ समिति बनाई है.

    समिति राज्य में बहुविवाह पर प्रस्तावित प्रतिबंध पर अपनी रिपोर्ट देगी. राज्य सरकार की ओर से गठित इस समिति की अध्यक्षता रिटार्यड जज रूमी फूकन करेंगी.

    इस साल फ़रवरी में असम सरकार ने बाल विवाह पर कार्रवाई शुरू करने के बाद हज़ारों लोगों को गिरफ़्तार किया गया था.

    मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा ने कहा है कि कमेटी 60 दिनों के भीतर अपनी रिपोर्ट सौंपेगी. कमेटी इस पर विचार करेगी कि क्या राज्य विधानमंडल को राज्य में बहुविवाह पर रोक लगाने का अधिकार है.

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    इससे पहले सरमा ने कहा था कि असम में बाल विवाह पर चल रही कार्रवाई को और तेज़ किया जाएगा.

    उन्होंने दावा किया था कि 2026 तक, असम में बाल विवाह समाप्त करने के लिए राज्य सरकार हर संभव कड़े क़दम उठाएगी.

    असम विधानसभा का अगला चुनाव साल 2026 में होना है, इसलिए सरकार के आलोचक इस कार्रवाई को राजनीति से प्रेरित मान रहे हैं.

  5. ट्विटर को मिलेगी महिला सीईओ, एलन मस्क ने किया एलान

    एलन मस्क

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    एलन मस्क ने कहा है कि ट्विटर को जल्द ही नया सीईओ मिलेगा. उन्होंने कहा है कि ट्विटर का नेतृत्व करने वाला सीईओ उन्हें मिल गया है. मस्क ने ट्विटर पर इसका एलान किया है.

    पिछले साल उन्होंने ट्विटर को 44 अरब डॉलर में ख़रीदा था. मस्क ने ट्विटर के नए सीईओ के नाम का एलान तो नहीं किया, लेकिन कहा कि वह छह हफ्ते में काम शुरू कर देंगी.

    इसके बाद मस्क एग्जीक्यूटिव चैयरमैन और चीफ़ टेक्नोलॉजी ऑफ़िसर का पद संभालेंगे.उनका काम प्रोडक्ट को देखना होगा.

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    मस्क पर ट्विटर का नेतृत्व करने के लिए नया सीईओ नियुक्त करने का दबाव था ताकि वह अपने दूसरे बिज़नेस पर ध्यान दे सकें.

    पिछले साल ट्विटर यूज़र्स ने एक ऑनलाइन पोल में उन्हें सीईओ का पद छोड़ने को कहा था. इसके बाद उन्होंने कहा था,'' ट्विटर को ज़िंदा रखने वाली नौकरी कोई नहीं चाहता.''

    हालांकि मस्क ने कहा था कि वो जल्द ही ट्विटर की बागडोर किसी को सौंपेंगे. उस समय ये पता नहीं था कि वो ये काम कब करेंगे. मस्क के इस एलान के बाद उनकी कंपनी टेस्ला के शेयरों के दाम बढ़ गए.

    शेयरहोल्डरों ने मस्क पर ये आरोप लगाए थे कि ट्विटर के अधिग्रहण के बाद वो टेस्ला पर ध्यान नहीं दे रहे हैं. इससे इस कार कंपनी की ब्रांड वैल्यू घट रही है.

  6. इमरान ख़ान आज हाई कोर्ट में पेश होंगे, गिरफ़्तारी को चुनौती देने वाली याचिका पर होगी सुनवाई

    इमरान

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    पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान ख़ान अल क़ादिर ट्रस्ट मामले में आज (शुक्रवार को) इस्लामाबाद हाई कोर्ट में पेश होंगे.

    उन्हें शुक्रवार को सुबह 11 बजे कोर्ट में हाज़िर होने को कहा गया है.

    पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को इस केस में उनकी गिरफ़्तारी को अवैध घोषित करते हुए उन्हें इस्लामाबाद हाई कोर्ट में पेश होने को कहा था.

    सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार की सुनवाई में अल क़ादिर ट्रस्ट केस में नेशनल अकाउंटेबिलिटी ब्यूरो की ओर से इमरान की गिरफ़्तारी को अवैध क़रार देते हुए कहा, ''याचिकादाता को कल (शुक्रवार) 11 बजे इस्लामाबाद हाई कोर्ट में पेश किया जाए ताकि अल क़ादिर ट्रस्ट केस में एनएबी की ओर उनकी गिरफ़्तारी को दी गई चुनौती पर सुनवाई हो सके.''

    इमरान

    सुप्रीम कोर्ट ने इमरान ख़ान की गिरफ़्तारी को अवैध क़रार दिया है, लेकिन उन्हें घर जाने की इजाज़त नहीं दी है.

    दो दिन पहले इमरान ख़ान की गिरफ़्तारी के बाद पूरे पाकिस्तान में भीषण हिंसा और प्रदर्शन शुरू हो गए थे.

    अदालत ने कहा कि शुक्रवार को इस्लामाबाद हाईकोर्ट में पेश होने तक ख़ुद की सुरक्षा के लिए उन्हें कोर्ट की निगरानी में ही पुलिस सुरक्षा में रहना होगा.

    पाकिस्तान

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    चीफ़ जस्टिस उमर अता बांदियाल ने इमरान ख़ान से कहा कि 'आपकी गिरफ़्तारी अवैध है इसलिए पूरी प्रक्रिया को शुरू से देखे जाने की ज़रूरत है.'

    जस्टिस बांदियाल ने कहा, “हम प्रस्तावित करते हैं कि पेशी के दौरान इस्लामाबाद पुलिस सुरक्षा में रहेगी और उन्हें (इमरान ख़ान) रिश्तेदारों और वक़ीलों के नाम की एक लिस्ट देनी होगी जिनसे वो पुलिस लाइन हेडक्वॉर्टर में मिलना चाहते हैं.”

    इमरान ख़ान ने कोर्ट से गुज़ारिश की थी कि उन्हें इस्लामाबाद के बाहर अपने फ़ार्म हाउस में वापस जाने की इजाज़त दी जाए.

    इमरान ख़ान के वकील बाबर अवान ने पत्रकारों को बताया कि कोर्ट ने आदेश दिया कि वो सुप्रीम कोर्ट की कस्टडी में रहेंगे और वो अपने क़रीबी लोगों से मिल सकते हैं.

  7. नमस्कार आपका दिन शुभ हो.

    ये लाइव पेज 24 घंटे के लिए उपलब्ध रहेगा.

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