मोदी ने शुरू किया है और हम ख़त्म करेंगे: पाकिस्तान- पाँच बड़ी ख़बरें

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पाकिस्तान एक बार फिर से भारत के लिए अपना हवाई क्षेत्र बंद करने का फ़ैसला करने जा रहा है. इसकी घोषणा पाकिस्तान के विज्ञान और तकनीक मंत्री फ़वाद हुसैन चौधरी ने की.

चौधरी ने कहा कि पाकिस्तान अपना हवाई क्षेत्र पूरी तरह से भारत के लिए बंद करने पर विचार कर रहा है. फ़वाद चौधरी ने ये भी कहा कि अफ़ग़ानिस्तान के साथ कारोबार में भारत पाकिस्तानी ज़मीन का इस्तेमाल करता है और इस पर भी वो पाबंदी लगाएगा. उन्होंने कहा कि इसमें क़ानूनी औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं और जल्द ही ये प्रभाव में आ जाएगा.

फ़वाद हुसैन चौधरी ने लिखा है, ''प्रधानमंत्री भारत के लिए पाकिस्तानी हवाई क्षेत्र पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाने पर विचार कर रहे हैं. इसके साथ ही अफ़ग़ानिस्तान के साथ कारोबार में भारत पाकिस्तानी रूट का इस्तेमाल करता है और इस पर भी पाबंदी लगाने की बात कैबिनेट की मीटिंग में उठी. कुछ क़ानूनी औपचारिकताएं बाक़ी हैं. ये फ़ैसले विचाराधीन हैं. मोदी ने शुरू किया है और हमलोग ख़त्म करेंगे.''

फ़वाद चौधरी का यह बयान पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान ख़ान के राष्ट्र के नाम संबोधन के बाद आया है. इमरान ख़ान ने अपने संबोधन में कहा था कि पाकिस्तान कश्मीर को लेकर चुप नहीं बैठेगा.

हालांकि फ़वाद चौधरी के बयान पर भारत में पाकिस्तान के उचायुक्त रहे अब्दुल बासित ने निशाना साधा है. बासित ने ट्वीट कर कहा, ''इन बातों को फ़ैसले से पहले ही आप सार्वजनिक क्यों कर रहे हैं? ये नासमझ राजनीति और लापरवाह डिप्लोमैसी की पहचान है.''

इससे पहले भारत की पाकिस्तान के बालाकोट में एयरस्ट्राइक के बाद पाकिस्तान ने अपने हवाई क्षेत्र के इस्तेमाल पर भारत के लिए पाबंदी लगा दी थी.

पाँच अगस्त को भारत ने जम्मू-कश्मीर की संवैधानिक स्वायत्तता ख़त्म करने की घोषणा कर दी थी. इस फ़ैसले से पाकिस्तान नाराज़ है और वो इसके ख़िलाफ़ दुनिया के हर मंच पर अपना विरोध दर्ज करा रहा है. इसी की प्रतिक्रिया में पाकिस्तान ने भारत से कारोबारी और राजयनिक संबंध भी तोड़ लिए थे.

चीन 100 बार घुसा तो हम 200 बारः नरवाने

31 अगस्त को सेना के उप प्रमुख का पदभार संभालने जा रहे लेफ्टिनेंट जनरल एम एम नरवाने ने कहा है कि अगर चीन ने वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर 'विवादित क्षेत्र' में 100 बार अतिक्रमण किया है तो भारतीय सेना ने 200 बार ऐसा किया है.

नरवाने ने यह भी कहा कि चीन को समझना चाहिए कि भारतीय सेना वैसी नहीं रही जैसी 1962 में चीन-भारत युद्ध के समय थी.

नरवाने ने कहा कि डोकलाम गतिरोध से स्पष्ट संकेत मिला था कि भारतीय सशस्त्र बल कमजोर नहीं पड़ा. अगर चीन कहता है कि इतिहास मत भूलो तो हमें भी उन्हें यही बात कहनी है. उन्होंने कहा कि भारत 1962 से बहुत आगे निकल आया है और 2017 के डोकलाम गतिरोध के दौरान चीन की कोई तैयारी नहीं दिख रही थी.

नक्सल प्रभावित कांकेर में संघ कार्यकर्ता की हत्या

छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित कांकेर ज़िले में राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के एक कार्यकर्ता की गोली मार कर हत्या कर दी गई है.

मंगलवार की रात क़रीब 10 बजे की इस घटना में संघ कार्यकर्ता दादू सिंह कोरेटिया को गोली मारी गई है.

कुछ दिन पहले ही ज़िले में माओवादियों ने बयान जारी कर कहा था कि वो कश्मीर की आवाम के साथ हैं.

इसे लेकर उनकी तरफ से एक पर्चा जारी किया गया था और पोस्टर भी लगाया गया था.

उन्होंने यह भी कहा था कि कश्मीर के बाद उन्हें निशाना बनाया जाएगा.

साथ ही नक्सलियों ने कश्मीर पर केंद्र के फ़ैसले के ख़िलाफ़ 30 अगस्त को बंद का आह्वान किया है.

दलित कार्यकर्ताओं की बेमियादी धरना शुरू करने की घोषणा

दक्षिणी दिल्ली के तुगलकाबाद इलाके में तोड़े गए संत रविदास मंदिर के स्थान पर फिर से मंदिर निर्माण के लिए दबाव बनाने के मकसद से गुरु रविदास जयंती समारोह समिति के सदस्य 30 अगस्त से जंतर मंतर पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू करने की घोषणा की है.

मंदिर पुनर्निर्माण के लिए चलाए जा रहे आंदोलन का नेतृत्व कर रहे सुखदेव वाघमारे महाराज ने यह जानकारी दी. उन्होंने 21 अगस्त को आंदोलन के दौरान गिरफ्तार किए गए 96 आंदोलनकारियों को रिहा करने की मांग भी की.

साथ ही सुखदेव वाघमारे ने गिरफ़्तार 96 लोगों को रिहा करने की मांग भी की है.

ब्राज़ील के पड़ोसी बोलीविया ने जंगल की आग बुझाने के लिए मांगी मदद

बोलीविया के राष्ट्रपति इवो मोरालेस ने अपने देश के जंगलों में लगी आग को बुझाने के लिए मदद मांगी है.

पड़ोसी देश ब्राज़ील में अमेज़न के जंगलों में लगी भीषण आग को बुझाने के लिए जी7 देशों ने अभी हाल ही में मदद का हाथ बढ़ाया है. हालांकि ब्राज़ील ने मदद लेने से इंकार कर दिया.

उधर बोलीवियाई राष्ट्रपति मोरालेस ने कहा कि उन्होंने पेरू और पराग्वे के राष्ट्रपतियों से तालमेल के साथ कार्रवाई करने के बारे में बात की है.

पेरू ने दो हेलिकॉप्टर देने का वादा किया है. ब्राज़ील और पराग्वे की सीमा से सटे बोलीविया के पूर्वी इलाके में लगी आग का क्षेत्रफल दोगुना हो गया है.

अधिकारियों का कहना है कि अभी तक 6 हज़ार वर्ग किलोमीटर का जंगल आग के कारण नष्ट हो चुका है.

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