फ़ख़र ज़मां की 193 रनों की रिकॉर्ड पारी और क्विंटन डी कॉक का ‘फ़ेक फ़ील्डिंग रन आउट'

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जोहानसबर्ग में रविवार को खेले गए दूसरे एकदिवसीय क्रिकेट मैच में दक्षिण अफ़्रीका ने पाकिस्तान को 17 रन से हरा दिया. लेकिन इस मैच में पाकिस्तान के बल्लेबाज़ फ़ख़र ज़मां ने सबका दिल जीत लिया. वो मैन ऑफ़ द मैच भी रहे.

सलामी बल्लेबाज़ फ़ख़र ज़मां ने 155 गेंदों में 193 रनों की पारी खेलते हुए किसी वनडे मैच में स्कोर का पीछा करते हुए व्यक्तिगत रूप से सबसे अधिक रन बनाने का रिकॉर्ड भी बनाया.

इससे पहले वनडे मैच की दूसरी पारी में यह रिकॉर्ड शेन वॉटसन के नाम था जिन्होंने 185 रन बनाए थे.

हालांकि, फ़ख़र ज़मां का पाकिस्तान का कोई भी बल्लेबाज़ साथ न दे सका और उनके बाद सबसे अधिक रन बाबर आज़म ने बनाए थे. बाबर ने केवल 31 रन बनाए.

इससे अंदाज़ा लगाया जा सकता है कि दक्षिण अफ़्रीका के 342 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी पाकिस्तान की टीम के लिए फ़ख़र ने कितनी बड़ी पारी खेली है.

पाकिस्तानी टीम पूरे 50 ओवर में 9 विकेट के नुक़सान पर 324 रन ही बना सकी और 17 रनों से मैच हार गई. नौवां विकेट फ़ख़र ज़मां के रूप में ही गिरा जो रन आउट हुए.

फ़ख़र ज़मां के रन आउट होने की चर्चा

फ़ख़र ज़मां को दक्षिण अफ़्रीका के विकेटकीपर क्विंटन डी कॉक द्वारा रन आउट किए जाने के तरीक़े की भी ख़ासी चर्चा हो रही है.

उनकी इस पारी और उनके रन आउट किए जाने के तरीक़े पर भारत में भी फ़ख़र ज़मां ट्विटर पर ट्रेंड होने लगा.

दरअसल 50वें ओवर की पहली गेंद पर जब फ़ख़र दूसरा रन लेकर रफ़्तार में थोड़ा धीमे हो गए तो विकेटकीपर डी कॉक ने गेंदबाज़ लुंगी नगिडी की तरफ़ उंगली दिखाई लेकिन फ़ील्डर एडन मरकरम ने दूसरी ओर से गेंद फेंकी जो सीधे जाकर स्टंप पर लगी और फ़ख़र आउट हो गए.

डी कॉक के इस तरह से 'फ़ेक फ़ील्डिंग' करने पर ट्विटर पर उनकी आलोचना भी हो रही है.

पाकिस्तानी क्रिकेट टीम के पूर्व तेज़ गेंदबाज़ शोएब अख़्तर ने ट्वीट किया है कि क्या डी कॉक का यह रवैया खेल भावनाओं के ख़िलाफ़ नहीं है?

प्रिया शर्मा नामक ट्विटर यूज़र ने लिखा कि क्विंटन डी कॉक की ओर से कुछ अलग ही देखने को मिला है.

अनुभव चटर्जी नामक एक और यूज़र ने लिखा है कि पाकिस्तानी बल्लेबाज़ों को पहले भी 'बेवकूफ़' बनाते देखा जा चुका है.

क्विंटन डी कॉक के इस तरह से किए गए रन आउट को 'फ़ेक फ़ील्डिंग' का मामला बताया जा रहा है. हालांकि, अभी तक उनकी ओर से या दक्षिण अफ़्रीकी क्रिकेट टीम की ओर से इस पर कोई बयान नहीं आया है.

क्या है 'फ़ेक फ़ील्डिंग'

आईसीसी के नियमों के अनुसार कोई फ़ील्डर अपने शरीर के किसी हिस्से का इस्तेमाल इस प्रकार करता है जिससे बल्लेबाज़ भ्रमित होकर ग़लती कर दे तो उसे 'फ़ेक फ़ील्डिंग' कहा जाता है.

नियमों में कहा गया है कि अगर किसी स्ट्राइकर को कोई गेंद मिल जाती है तो उसके बाद किसी भी फ़ील्डर द्वारा शब्दों या शरीर से कोई ऐसी हरकत करना जिससे बल्लेबाज़ धोखा खाए या रुक जाए तो यह बेहद अनुचित है.

हालांकि, मैच के बाद फ़ख़र ज़मां ने कहा कि वो इसे अपनी सबसे बेहतरीन पारी नहीं कह सकते हैं क्योंकि उनकी टीम को जीत नहीं मिली.

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