पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटर हसन रज़ा का एक बयान
सोशल मीडिया पर वायरल है. इसमें वो भारत के तेज़ गेंदबाज़ों के शानदार प्रदर्शन को
लेकर सवाल उठाते दिख रहे हैं.
उनके इस बयान पर पाकिस्तान के पूर्व कप्तान वसीम अकरम
ने तीखी प्रतिक्रिया दी है. अकरम ने कहा है कि उन्हें (हसन रज़ा को) पाकिस्तान को दुनिया के आगे शर्मिंदा नहीं कराना चाहिए. हसन रज़ा ने 1996 से 2005 के बीच पाकिस्तान के लिए सात टेस्ट और 16 वनडे खेले हैं.
हसन रज़ा का जो बयान वायरल है, वो उन्होंने श्रीलंका
पर भारत की दमदार जीत के बाद एक टीवी चैनल पर बातचीत के दौरान दिया.
भारत ने श्रीलंका को सिर्फ़ 55 रन पर आउट कर दिया था
और 302 रन से जीत दर्ज की थी.
हसन रज़ा ने कहा, “ हम
देख रहे हैं शमी जैसे बॉलर या सिराज जैसे बॉलर, ऐसा लग रहा है कि एक टाइम पर हम एलन
डोनाल्ड को खेलते थे, मखाया एनटिनी को खेलते थे, वो बॉलिंग करते थे साउथ अफ़्रीका
में.जब हम जाते थे वहां
पर तो बॉल में एक तरफ शाइन (चमक) होता था और एक तरफ विदआउट शाइन (बिना चमक) होता
था. बॉल रिवर्स होता था, सीम स्विंग होता था.”
हसन रज़ा ने मोहम्मद शमी के प्रदर्शन का ज़िक्र करते हुए दावा किया कि ‘शायद भारतीय टीम को बाकी टीमों से अलग गेंद मिल रही है.’ उन्होंने आईसीसी और बीसीसीआई को कठघरे में खड़ा करने की कोशिश की और गेंद की जांच कराने की मांग की.
उन्होंने कहा, “यहां मुझे लग रहा है कि शायद बॉल भी चेंज हो जाता है सेकेंड इनिंग में. जिस तरह की बॉल आईसीसी दे रहा है. या बीसीसीआई दे रहा है. कहीं न कहीं मुझे लग रहा है कि ये बॉल भी चेक करानी चाहिए.”
शमी ने श्रीलंका के ख़िलाफ़ 18 रन देकर पांच विकेट लिए थे और मैन ऑफ़ द मैच चुने गए थे.
हसन रज़ा के बयान पर तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं. पाकिस्तान के पूर्व कप्तान वसीम अकरम ने सबसे कड़ी प्रतिक्रिया दी है.अकरम का बयान भी सोशल मीडिया पर वायरल है.
वसीम अकरम ने एक चैनल से बातचीत के दौरान कहा, “मैं बीते कुछ दिन से इस बारे में पढ़ रहा हूं.”
उन्होंने पंजाबी में कहा, “अपनी बेइज्जती तो करानी ही है, हमारी मत कराओ सारी दुनिया में.”
किसी मैच के दौरान बॉल चुनने के तरीके की जानकारी देते हुए अकरम ने कहा, “ये बहुत सिंपल बात है, अंपायर आता है मैच से पहले, जो टॉस जीतती है, 12 गेंद का एक डिब्बा होता है, चार अंपायर हैं, रेफरी है, पता नहीं और भी बंदे होते हैं, 12 गेंद में से, अगर मैं पहले बॉलिंग कर रहा हूं तो मैं बॉल पिक करूंगा, (गेंद में से) ये मेरी फर्स्ट ऑप्शन है, ये मेरी सेकेंड ऑप्शन है. दोनों बॉल अंपायर रखेगा. फिर वो आठ गेंद दूसरे ड्रेसिंग रूम में ले जाता है. उनके साथ बहुत से लोग होते हैं, वहां भी वो (दूसरी टीम) दो गेंद पिक करते हैं.”
उन्होंने कहा, “ये कहा जा रहा है, ख़ासकर हमारे देश में कि बाकी किसी टीम से स्विंग नहीं हो रहा तो ये भी सोचना चाहिए कि भारतीय गेंदबाजों ने शायद कुछ ज़्यादा सीखा हो. हो सकता है कि वो अभी ज़्यादा बेहतर हों.”
अकरम ने कहा, “उनकी तारीफ की जानी चाहिए.”
इस कार्यक्रम में अकरम के साथ पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटर मिस्बाह उल हक और शोएब मलिक भी मौजूद थे, उन्होंने भी भारतीय गेंदबाज़ों की तारीफ की.
पाकिस्तानी दिग्गज़ भारतीय गेंदबाज़ों पर फिदा
शोएब मलिक ने कहा, “जब किसी इंसान को कामयाबी मिलती है तो हम उसकी तारीफ नहीं करते. उससे सीखने की कोशिश नहीं करते, हमारी पहली सोच नेगेटिव होती है.”
भारत ने अब तक वर्ल्ड कप में सात मैच खेले हैं और सातों में जीत हासिल की है. भारत के दमदार प्रदर्शन में तेज़ गेंदबाज़ों के उम्दा प्रदर्शन को बड़ा श्रेय दिया जा रहा है.
भारत के लिए मोहम्मद शमी ने तीन मैचों में 14 विकेट लिए हैं. जसप्रीत बुमराह ने सात मैचों में 15 और मोहम्मद सिराज ने सात मैचों में नौ विकेट लिए हैं.