न्यूज़ीलैंड ने भारत को 21 रन से हराकर तीन मैचों की सिरीज़ में 1-0 से बढ़त बना ली है..
लाइव कवरेज
कीर्ति दुबे and वात्सल्य राय
पाकिस्तानी रुपया गिर रहा है औंधे मुँह, क्या होगा आगे
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पाकिस्तान में सोशल मीडिया यूज़र्स मंगलवार की रात ये पूछते नज़र आए कि देश में डॉलर का नया रेट क्या होगा, अमेरिकी करेंसी की क़ीमत पाकिस्तानी रुपये के मुक़ाबले घटेगी या और मज़बूत होगी?
असल में मंगलवार की रात विदेशी मुद्रा कंपनियों ने कहा कि डॉलर की क़ीमत पर लगाया जाने वाला 'कैप' बुधवार से हटा दिया गया है.
ध्यान रहे कि पाकिस्तान के विदेशी मुद्रा भंडार में तेज़ी से आयी गिरावट के बाद, एक्सचेंज कंपनीज़ एसोसिएशन ऑफ़ पाकिस्तान की तरफ़ से डॉलर की क़ीमतों को स्थिर रखा गया था. जबकि सरकार भी इंटरबैंक रेट को स्थिर रख रही थी ताकि बाज़ार में अराजकता की स्थिति को नियंत्रित किया जा सके.
एक्सचेंज कंपनियों की तरफ़ से यह कहा गया है कि इसका उद्देश्य ब्लैक मार्केट, इंटरबैंक और ओपन मार्केट में मौजूद डॉलर की क़ीमतों के बीच अंतर को ख़त्म करना है.
दिल्ली: एमसीडी मेयर चुनाव का मामला सुप्रीम कोर्ट में, 3 फरवरी को होगी सुनवाई
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दिल्ली नगर निगम के मेयर पद के लिए चुनाव में हो रही देरी को लेकर आम आदमी पार्टी की उम्मीदवार शैली ओबरॉय की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने तीन फरवरी को इस मामले पर सुनवाई के लिए सहमति दे दी है.
समाचार एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट के अनुसार, चीफ़ जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली बेंच ने शुक्रवार को कहा है, "इसे तीन फरवरी को लिस्ट किया जाएगा."
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इस महीने बीते मंगलवार को दूसरी बार भी दिल्ली के नगर निगम के मेयर पद का चुनाव नहीं हो पाया.
मंगलवार को कुछ पार्षदों के शोरशराबा करने के बाद लेफ़्टिनेंट गवर्नर द्वारा नियुक्त नगर निगम के पीठासीन अधिकारी ने मंगलवार को परिषद की कार्यवाही अनिश्चितकाल के स्थगित कर दी है.
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देश में कट्टरपंथ बढ़ा रहे हैं कई हिंदू संगठन, पुलिस अधिकारियों ने बताया
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दिल्ली में पिछले हफ़्ते हुए अखिल भारतीय पुलिस महानिदेशक और महानिरीक्षक सम्मेलन में कुछ पुलिस अधिकारियों ने देश में बढ़ते कट्टरपंथ में इस्लामी संगठनों के साथ-साथ हिंदू संगठनों की भूमिका को रेखांकित किया है.
इंडियन एक्सप्रेस मेंप्रकाशित ख़बरके मुताबिक़, ये जानकारी इस बैठक में शामिल हुए अधिकारियों की ओर से दिए गए दस्तावेज़ों से निकलकर आई है.
ये दस्तावेज़ कुछ समय के लिए सम्मेलन की वेबसाइट पर मौजूद रहे, लेकिन बीते बुधवार को इन्हें हटा दिया गया.
20 से 22 जनवरी तक चले इस सम्मेलन में पीएम नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह भी शामिल हुए थे.
केंद्र सरकार के दीक्षा ऐप से लाखों छात्रों और शिक्षकों का डेटा हुआ एक्सपोज़
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टेक मैगज़ीन वायर्ड ने इस सप्ताह एक रिपोर्ट प्रकाशित की है जिसके मुताबिक़ भारत
सरकार ने एक साल में लगभग 6 लाख छात्रों और 10 लाख से ज़्यादा शिक्षकों का डेटा एक ओपेन वेब पर एक्सपोज़ किया है, इस डेटा को
कोई भी देख सकता था.
मानवाधिकार संस्था ह्यूमन राइट्स वॉच ने उस इंटेलीजेंस सॉफ़्टवेयर
कंपनी एंडयूएन के को-फ़ाउंडर नैथेनिल फ्राइड से बात की.
इस बातचीत के आधार पर संस्था कहती है कि ये छात्र और शिक्षक
दीक्षा ऐप के यूज़र थे. ये भारत सरकार के शिक्षा विभाग का ऐप है जिसे पहली से 12वीं कक्षा
के छात्रों की आनलाइन शिक्षा के लिए इस्तेमाल किया जाता है.
मानवाधिकार संस्था का विश्लेषण कहता है कि इस डेटा में छात्रों का नाम, स्कूल , राज्य, ज़िला, ब्लॉक, उनका
पता , यहां तक की आंशिक रूप से फोन नंबर और इमेल भी शामिल है.
फ्राइड और ह्यूमन राइट्स वॉच के अनुसार, डेटा मार्च 2020
से दिसंबर 2022 तक का है जब कई
बच्चों को कोविड-19 के कारण स्कूल बंद होने के दौरान शिक्षा के दीक्षा ऐप का
इस्तेमाल करने को कहा गया था.
पुराने क़िले की सीढ़ियों से गिर कर हुई थी हुमायूँ की मौत
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हुमायूँ के बारे में कहानी मशहूर है कि एक बार वो बहुत बीमार पड़ गए. दिनोंदिन उनकी हालत ख़राब होती जा रही थी. उनके पिता बाबर ने उनकी पलंग के तीन चक्कर लगाए और प्रार्थना की, 'ऐ ख़ुदा अगर ज़िंदगी के बदले ज़िंदगी दी जा सकती हो, तो मैं बाबर, अपने बेटे हुमायूँ की ज़िंदगी के बदले अपनी ज़िंदगी देता हूँ.'
हुमायूँ की बहन गुलबदन हुमायूँ की जीवनी में लिखती हैं, 'उसी दिन से बाबर की हालत बिगड़ने लगी और हुमायूँ ठीक होते चले गए. बाबर बिस्तर पर पड़ गए. जब ये लगने लगा कि अब वो नहीं बचेंगे, तो हुमायूँ को सम्भल से बुलाया गया.
हुमायूँ अपने पिता की मौत से चार दिन पहले आगरा पहुंचे. बाबर ने अपने सारे सिपहसालारों को इकट्ठा कर कहा कि हुमायूँ मेरा वारिस होगा. आपको उसी तरह उसका ख़्याल रखना होगा जैसा आपने मेरा रखा है. हुमायूँ को उनकी सीख थी कि वो अपनी प्रजा और भाइयों का ख़्याल रखे और उनके साथ दया से पेश आए.'
जादवपुर विश्वविद्यालय में मोदी पर बीबीसी डॉक्यूमेंट्री की स्क्रीनिंग शांतिपूर्ण रही
....में
Author, प्रभाकर मणि तिवारी
पदनाम, कोलकाता से, बीबीसी हिंदी के लिए
बीबीसी की दो हिस्सों
में बनी 'द मोदी क्वेश्चन' डाक्यूमेंट्री की कोलकाता
के जादवपुर विश्वविद्यालय में गुरुवार को हुई स्क्रीनिंग बेहद शांतिपूर्ण
रही.
इससे पहले दिल्ली के जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय और जामिया मिल्लिया इस्लामिया विश्वविद्यालय में इसकी स्क्रीनिंग नहीं होने दी गई थी.
क़रीब दो सौ छात्रों ने ज़मीन पर बैठ कर इसे देखा. परिसर में
एक बड़े प्रोजेक्टर के ज़रिए इसे दिखाया गया. लेकिन किसी ने इसका विरोध नहीं किया.
विश्वविद्यालय में एसएफ़आई
संगठन के सचिव शुभंकर मजूमदार ने इसकी जानकारी दी. उन्होंने बताया कि अब शुक्रवार
को प्रेसीडेंसी विश्वविद्यालय में इसकी स्क्रीनिंग की जाएगी.
जादवपुर परिसर में स्क्रीनिंग
का समय शाम छह बजे था. उससे पहले ही मौके पर छात्रों की भीड़ जुटने लगी थी.
कुछ देर तक स्क्रीनिंग के बाद जब प्रोजेक्टर में कुछ तकनीकी दिक़्क़त पैदा हो गई तो
लैपटॉप के ज़रिए स्क्रीनिंग जारी रही.
अब आज यानी 27 जनवरी को शाम चार बजे प्रेसीडेंसी
विश्वविद्यालय में इसकी स्क्रीनिंग की जाएगी. एसएफआई नेता ने बताया
कि प्रबंधन से ईमेल के ज़रिए इसकी अनुमति मांगी गई है.
दिल्ली और केरल में इसकी
स्क्रीनिंग का काफ़ी विरोध हो चुका है. दिल्ली के जेएनयू में तो इसे देखने वालों पर
पथराव का भी आरोप है. इसी तरह केरल की राजधानी तिरुवनंतपुरम में इस मुद्दे पर वाम संगठनों
और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद और भाजपा के बीच संघर्ष के बाद पुलिस ने कई
लोगों के ख़िलाफ़ मामले दर्ज किए हैं.
एएमयू में गणतंत्र दिवस पर लगे 'अल्लाह-हू-अकबर' के नारे, यूनिवर्सिटी ने शुरू की जांच
....में
Author, अमन द्विवेदी
पदनाम, बीबीसी हिंदी के लिए
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अलीगढ़ मुस्लिम
यूनिवर्सिटी में गणतंत्र दिवस
पर एनसीसी छात्रों के 'अल्लाह-हू-अकबर' नारे लगाने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है.
वायरल वीडियो में
एनसीसी की यूनिफ़ॉर्म पहने हुए बहुत से कैडेट एक साथ नारेबाज़ी करते दिख रहे हैं. पहले एक
छात्र 'एएमयू ज़िंदाबाद' का नारा लगाता है,सभी छात्र उसका साथ देते हुए नारा दोहराते हैं. इसके बाद वह छात्र नारा लगाता है- नारा-ए-तक़बीर जिसके साथ सारे कैडेट 'अल्लाह-हू-अकबर' कह कर इस नारे को पूरा करते हैं.
वीडियो वायरल होने पर कार्रवाई का निर्देश
अलीगढ़ के एसपी सीटी कुलदीप ने मीडिया से कहा है, “एएमयू का एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें छात्र नारेबाज़ी करते नज़र आ रहे हैं. यह वीडियो यूनिवर्सिटी और उसमें पढ़ने वाले छात्रों से संबंधित है, इस मामले में यूनिवर्सिटी को आवश्यक कार्रवाई करने के लिए संज्ञानित कर दिया गया है.”
यूनिवर्सिटी ने शुरू की मामले की जांच
एएमयू के प्रॉक्टर प्रोफ़ेसर वसीम अली ने बताया कि “हमारा कार्यक्रम पूरा ख़त्म हो चुका था. ये लड़के बाहर निकल रहे थे. मेन एग्ज़िट गेट के पास ये लड़के खड़े थे. उसमें से एक लड़के ने ये नारा लगाया है जिसका वीडियो वायरल हो रहा है. इस वीडियो के ऊपर लोगों की आपत्ति आ रही है. मामले की जांच प्रशासन की तरफ़ से की जा रही है. छात्र की पहचान होने पर उसके ख़िलाफ़ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी.”
पाकिस्तानी रुपये में रिकॉर्ड गिरावट, एक डॉलर की क़ीमत 255 रुपये
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पाकिस्तानी रुपया रिकॉर्ड निचले स्तर
पर जा पहुंचा है. गंभीर आर्थिक संकट से जूझ रही पाकिस्तानी अर्थव्यवस्था के लिए चिंता और गहराती
जा रही है. गुरुवार को एक डॉलर के मुक़ाबले पाकिस्तानी रुपया गिर कर 255 पर जा पहुंचा.
ये गिरावट तब आई है जब एक दिन पहले ही पाकिस्तानी सरकार ने रुपये के एक्सचेंज दर
पर अपनी पकड़ ढीली की थी.
दरअसल, पाकिस्तान ने इंटरनेशनल मॉनिटरी फ़ंड से क़र्ज़ पाने के लिए उनकी शर्त के अनुसार अपने रुपये को खुले बाज़ार की क़ीमत के हिसाब से छोड़ दिया.
अब तक पाकिस्तान ने एक डॉलर के मुकाबले 231 रुपये की क़ीमत पर अपनी मुद्रा को
किसी तरह रोक रखा था, लेकिन इससे सरकार के पास डॉलर नहीं आ पा रहे थे. डॉलर एक्सचेंज, बैंक में ना होकर खुले बाज़ार में किए जा रहे थे जहां इसके लिए मनमाने पैसे मांगे
जा रहे थे.
शहबाज़ शरीफ़ सरकार पर आईएमएफ़ से क़र्ज़ जुटाने का दबाव बढ़ता जा रहा था और इसे देखते
हुए ही गुरुवार को रुपये के एक्सचेंज पर ढील दी गई थी.
इस सप्ताह पाकिस्तान के केंद्रीय बैंक ने ब्याज दर भी 24 साल की सबसे महंगी दर पर पहुंचा दिया है.
सानिया मिर्ज़ा ऑस्ट्रेलियन ओपेन के मिक्स्ड डबल्स फ़ाइनल में हारीं, करियर का आख़िरी ग्रैंडस्लैम
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इमेज कैप्शन, टेनिस खिलाड़ी सानिया मिर्ज़ा और रोहन बोपन्ना की जोड़ी
भारतीय टेनिस खिलाड़ी सानिया मिर्ज़ा और रोहन बोपन्ना की जोड़ी
ऑस्ट्रेलियन ओपेन में मिक्स्ड डबल्स का फ़ाइनल मुकाबला हार गई है.
सानिया और बोपन्ना की जोड़ी को ब्राज़ील के राफ़ेल माटोस और
लुइसा स्टेफ़नी की जोड़ी ने 6-7, 2-6 से हराया.
ये सानिया मिर्ज़ा के करियर का आख़िरी ग्लैंडस्लैम था.
वह
19 फ़रवरी से दुबई में शुरू होने वाले डब्लूटीए
1000 टेनिस चैंपियनशिप में अपना आख़िरी अंतरराष्ट्रीय मैच खेलेंगी और इसके बाद टेनिस से संन्यास
ले लेंगी.
सानिया मिर्जा,रोहन बोपन्ना ने ये मुक़ाबला लुइसा स्टेफनी और राफेल माटोस से 6-7, 2-6 से हारा.
सानिया मिर्ज़ा ने साल 2014 में ब्रूनो सोरेस के साथ
मिक्स्ड डबल्स का अपना आख़िरी खिताब जीता था.
इसराइल की वेस्ट बैंक के जनीन कैंप पर बड़ी रेड, नौ फ़लस्तीनियों की मौत
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इसराइल के क़ब्ज़े वाले वेस्ट बैंक में इसराइली सेना की
छापेमारी में नौ फ़लस्तीनियों की मौत हुई है. बीते 20 साल में वेस्ट बैंक के जनीन
कैंप पर इसराइल की ये सबसे भयंकर रेड है.
61 साल की एक महिला भी मारे गए लोगों में शामिल है.
इसराइली सेना का कहना है कि उसके सैनिक एक “इस्लामिक जिहादी” को गिरफ़्तार करने गए थे जो “एक बड़े आतंकवादी हमले की तैयारी” कर रहा था.
वहीं फ़लस्तीनी क्षेत्र ने इसे ‘नरसंहार’ बताया है और कहा है कि इस घटना ने सुरक्षा के मुद्दे को लेकर इसराइल के साथ जो भी थोड़ी-बहुत समन्वय की गुंजाइश थी, उसे भी ख़त्म कर दिया है.
इन नौ के अलावा दसवां फ़लस्तीनी यरुशलम के पास
पास अल-राम शहर में इसराइली सैनिकों के साथ हुए टकराव में मारा गया. यहां जनीन रेड में मारे गए नौ लोगों
की मौत के विरोध में प्रदर्शन किए जा रहे थे.
हाल में वेस्ट बैंक में तनाव
बढ़ा है क्योंकि इसराइली सेना का कहना है कि वह इस इलाके में ‘आतंकवाद -विरोधी’ हमले कर रही है.
गुरुवार की सुबह शहरी जनीन रिफ़्यूजी
कैंप में ज़बरदस्त गोलीबारी और धमाके की आवाज़ें गूंज रही थीं. फ़लस्तीनी क्षेत्र और इसराइल
की सेना के बीच तीन घंटे तक ये मुकाबला चलता रहा.
फ़लस्तीनी स्वास्थ्य मंत्रालय ने मारे गए लोगों में से तीन
की पहचान 61 साल की मगदा ओबैद, 24 साल के साएब इज़रेकी, और 26 साल के
इज़ीदीन सलाहत के रूप में की है. इस छापेमारी में बीस लोग घायल भी हो गए, जिनमें से चार की हालत गंभीर है.
इसराइल डिफ़ेंस फ़ोर्स का कहना है कि उसके सैनिक एक इस्लामिक
जिहादी ‘आतंकवादी दस्ते’ को पकड़ने गए थे जो ‘इसराइल में हुए कई आतंकवादी हमले’ में शामिल रहा है.
उन्होंने कहा कि सुरक्षाबलों ने एक
इमारत को घेर लिया और तीन सशस्त्र संदिग्धों को मार गिराया गया, जबकि चौथे संदिग्ध
ने आत्मसमर्पण कर दिया.
इसराइली सेना का कहना है कि जो संदिग्ध
मारे गए हैं वो फ़लस्तीनी गोलियों से ही मरे हैं, जब वे लोग गोलियां चला रहे थे उसी
दौरान ग़लत निशाना लगने के कारण फ़लस्तीनी लोग मारे गए.
नमस्कार!
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