शुक्रवार शाम से लेकर देर रात तक दिल्ली कांग्रेस और दिल्ली आम आदमी पार्टी में बड़ी खींचतान देखी गई.
दिल्ली में हाल में संपन्न हुए एमसीडी चुनावों के बाद दिल्ली कांग्रेस के दो पार्षद समेत कुछ और नेताओं ने आम आदमी पार्टी में शामिल होने का फ़ैसला किया था.
हालांकि देर रात हुए ड्रामे के बाद इनमें से कुछ- दिल्ली कांग्रेस में अल्पसंख्यक मोर्चा के उपाध्यक्ष अली मेहदी, मुस्तफ़ाबाद के ब्लॉक अध्यक्ष जावेद चौधरी और नेहरू विहार से ब्लॉक अध्यक्ष अलीम अंसारी ने कहा कि उनसे ग़लती हुई अब वो वापस कांग्रेस में शामिल हो रहे हैं.
अली मेहदी ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया चैनल पर एक के बाद एक कई वीडियो जारी कर राहुल गांधी से माफी मांगी और कहा कि वो, जावेद चौधरी (नाज़िया ख़ातून के पति) और अलीम अंसारी हमेशा "कांग्रेस में थे, हैं और रहेंगे."
वीडियो में अली मेहदी ने कहा "मुझसे ग़लती हुई है जिसके लिए मैं हाथ जोड़ कर राहुल गांधी से, प्रियंका गांधी से, सभी क्षेत्रवासियों से और कांग्रेस से माफ़ी मांगता हूं."
उन्होंने कहा कि वो कांग्रेस का कार्यकर्ता बने रहना चाहते हैं, उन्हें किसी पद को लालसा नहीं है.
साथ ही उन्होंने मुस्तफ़ाबाद के ब्लॉक अध्यक्ष जावेद चौधरी और नेहरू विहार से ब्लॉक अध्यक्ष अलीम अंसारी (जो कांग्रेस के टिकट पर लड़े थे और कुछ वोटों से चुनाव में हार गए थे) के साथ भी एक वीडियो डाला.
इसमें वो कह रहे हैं कि उन्हें "आम आदमी पार्टी की तरफ से अप्रोच किया गया था और मुस्तफ़ाबाद विधानसभा के विकास के हित को देखते हुए हमसे बड़ी ग़लती हुई थी. लेकिन हम कांग्रेस पार्टी में रहेंगे."
उन्होंने दावा किया कि सबीला बेग़म भी वापस कांग्रेस में शामिल हो गई हैं.
कांग्रेस नेता और राज्यसभा सांसद इमरान प्रतापगढ़ी ने भी कहा है कि कांग्रेस के टिकट पर मुस्तफ़ाबाद से जीते पार्षद आम आदमी पार्टी छोड़ कर एक बार फिर से कांग्रेस में शामिल हो गए हैं.
इमरान प्रतापगढ़ी ने शुक्रवार रात को एक वीडियो ट्वीट किया जिसमें वो जावेद चौधरी, अलीम अंसारी का स्वागत करते दिखे. वीडियो में उन्होंने कहा, "केजरीवाल के लोग इन्हें बरगला कर साथ रखना चाहते थे लेकिन वो ऐसा नहीं कर सके क्योंकि इन्हें राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे के नेतृत्व पर पूरा भरोसा है."
वीडियो के साथ उन्होंने लिखा कि "कांग्रेस के टिकट पर पर मुस्तफ़ाबाद से जीते पार्षद फिर से वापस कांग्रेस में लौट आए हैं. उन्हें धोखा देकर आम आदमी पार्टी ज्वाइन कराई गई थी लेकिन महज़ चंद घंटे में उन्होंने अपनी भूल सुधार ली और और फिर से कांग्रेस का हिस्सा बन गए."
इससे पहले शुक्रवार शाम को दिल्ली आम आदमी पार्टी के आधिकारिक ट्विटर हैंडल ने एक वीडियो जारी किया जिसमें दिल्ली कांग्रेस उपाध्यक्ष अली मेहदी, जावेद चौधरी, अलीम अंसारी, मुस्तफ़ाबाद से नव निर्वाचित पार्षद सबीला बेग़म और ब्रजपुरी के काउंसिलर नाज़िया ख़ातून के साथ दिल्ली के राजेंद्र नगर से विधायक दुर्गेश पाठक का एक वीडियो ट्वीट किया. वीडियो में दावा किया गया कि उन्होंने आम आदमी पार्टी में शामिल होने का फ़ैसला किया है.
वीडियो में उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की दिल्ली को सुंदर बनाने की अपील से प्रभावित हो इन लोगों ने आम आदमी पार्टी से जुड़ने का फ़ैसला लिया है.
इससे संबंधित एक तस्वीर दुर्गेश पाठक ने भी ट्वीट की और लिखा कि उन्होंने केदरीवाल की नीतियों से प्रभावित हो कर उन्होंने अन्य साथियों के लाथ मिलकर आम आदमी पार्टी की सदस्यता ले ली है.
कुछ दिन पहले दिल्ली में हुए म्युनिसिपल चुनावों में 15 साल से सत्ता में रही बीजेपी को आम आदमी पार्टी ने बाहर का रास्ता दिखा दिया था.
आम आदमी पार्टी को 250 वॉर्डों में से 134 में जीत मिली थी, वहीं बीजेपी को 104 में और कांग्रेस को केवल 9 वार्डों में जीत हासिल हुई थी.
लेकिन इसके तुरंत बाद आम आदमी पार्टी ने बीजेपी पर अपने नेताओं को तोड़ने की कोशिश करने का आरोप लगाया. दूसरी तरफ कांग्रेस ने आम आदमी पार्टी पर अपने नेताओं को बहकाने का आरोप लगाया.