IPL 2022: बटलर का शतक, बैंगलोर को हरा कर राजस्थान 14 साल बाद फ़ाइनल में पहुंचा

राजस्थान रॉयल्स 2008 के बाद पहली बार आईपीएल के फ़ाइनल में पहुंचा है. 2008 में शेन वॉर्न की कप्तानी में राजस्थान ने पहली बार यह टूर्नामेंट जीता था.

लाइव कवरेज

  1. पाकिस्तान में पेट्रोल प्रति लीटर 30 रुपए महंगा होने का ये बड़ा असर हुआ

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    पाकिस्तान की शहबाज़ शरीफ़ सरकार ने गुरुवार को पेट्रोल की क़ीमत में प्रति लीटर 30 रुपए की बढ़ोतरी करने का फ़ैसला किया था. कहा जा रहा है कि ऐसा अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष से क़र्ज़ लेने की शर्तों को पूरा करने के लिए किया गया है.

    पाकिस्तान में एक लीटर पेट्रोल की क़ीमत अब 179.88 रुपए हो गई है. यह अब तक की सबसे ऊंची क़ीमत है. पाकिस्तान के वित्त मंत्री मिफ़्ताह इस्माइल ने कहा कि सरकार एक लीटर पेट्रोल पर 56 रुपए की सब्सिडी दे रही थी और उनकी सरकार ने प्रति लीटर 30 रुपए सब्सिडी में कटौती की है.

    पाकिस्तान में पेट्रोल की क़ीमत बढ़ाने का असर वहाँ की मुद्रा रुपया पर पड़ा है. शुक्रवार को अमेरिकी डॉलर की तुलना में पाकिस्तानी रुपए में 2.50 रुपए की मज़बूती आई है.

    एक डॉलर की क़ीमत अब 199.50 रुपए हो गई है. वहीं गुरुवार को एक डॉलर के लिए 202 रुपए देने पड़ रहे थे.

    10 मई से ही पाकिस्तानी रुपए में गिरावाट दर्ज की जा रही थी. इसके लिए तेल के आयात में आई बढ़ोतरी को ज़िम्मेदार ठहराया जा रहा था. पाकिस्तान का चालू खाता घाटा भी लगातार बढ़ रहा है. यह क़रीब 17 अरब डॉलर तक हो गया है.

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  2. फ़ारूक़ अब्दुल्ला को प्रवर्तन निदेशालय ने भेजा समन

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    प्रवर्तन निदेशालय ने नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता और जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फ़ारूक़ अब्दुल्ला को समन जारी किया है.

    न्यूज़ एजेंसी पीटीआई की ख़बर के अनुसार, ईडी ने उन्हें 31 मई को निदेशालय के दिल्ली स्थित मुख्यालय में हाज़िर होने के लिए कहा है.

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    फ़ारूक़ अब्दुल्ला को मनी लॉन्डरिंग के एक केस में ये समन जारी किया गया है.

  3. यासीन मलिक की सज़ा पर पाकिस्तान के संसद में प्रस्ताव पास

    यासीन

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    एनआईए की एक विशेष अदालत ने कश्मीर के अलगाववादी नेता यासीन मलिक को टेरर फ़ंडिंग के मामलों में दोषी क़रार देते हुए उम्र कैद की सज़ा सुनाई थी. इस पर पाकिस्तान के कई बड़े नेता और एक बड़ा तबका नाराज़गी ज़ाहिर कर चुका है.

    इस फ़ैसले के ख़िलाफ़ गुरुवार को पाकिस्तानी संसद के संयुक्त सदन में एक प्रस्ताव पारित करके यासीन को मिली सज़ा के ख़िलाफ़ विरोध दर्ज कराया गया है और हुर्रियत नेता के परिवार के प्रति संवेदना ज़ाहिर की गई.

    पाकिस्तान के आला नेताओं का मानना है कि यासीन पर लगाए गए आरोप को झूठे हैं.

    गुरुवार को पारित इस प्रस्ताव में लिखा गया है – सदन, भारत सरकार की निंदा करता है. सदन कश्मीर के लोगों को उनकी लीडरशिप से दूर करने के भारत के प्रयास की आलोचना करता है. प्रस्ताव में इसे मानवाधिकारों की सार्वभौमिक घोषणा(यूडीएचआर) का उल्लंघन बताया गया है.

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    प्रस्ताव में कहा गया कि पाकिस्तान सरकार को इस संबंध में तुरंत क़दम उठाना चाहिए और अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील की गई है कि वह भारत से इस संबंध में बात करे कि वह भारत प्रशासित जम्मू-कश्मीर में यासीन मलिक समेत सभी नेताओं के ख़िलाफ़ लगाए गए सभी मनगढंत आरोपों को हटा दे.

    इसके साथ ही प्रस्ताव में इन नेताओं की सुरक्षा के आश्वासन की भी मांग की गई है. प्रस्ताव में यासीन मलिक की उनकी पत्नी और 10 साल की बेटी से मुलाक़ात कराए जाने की भी मांग की गई है.

    संयुक्त सदन में पेश किए गए इस प्रस्ताव में जम्मू-कश्मीर में मानवाधिकारों के उल्लंघन को रोकने की अपील की गई है. साथ ही सेना को हटाने की मांग की गई है.

  4. रूस की मुद्रा रूबल में अचानक इतनी मज़बूती कैसे आई?

    रूबल

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    यूक्रेन पर हमले के बाद पश्चिमी देशों ने रूस पर चौतरफ़ा प्रतिबंध लगाए. इन प्रतिबंधों के कारण रूस की अर्थव्यवस्था में ऐतिहासिक गिरावट आई. लेकिन रूस की मुद्रा रूबल बिल्कुल अलग राह पर है.

    रूबल इस हफ़्ते 2018 के बाद सबसे मज़बूत बनकर उभरी है. वॉल स्ट्रीट जर्नल की रिपोर्ट के अनुसार, रूबल डॉलर की तुलना में इस साल बेस्ट परफॉर्मर मुद्रा के रूप में उभरा है.

    2022 में रूबल ने ग्रीनबैक की तुलना में 22 फ़ीसदी बढ़त हासिल की है. सामान्य तौर पर होता है कि अर्थव्यवस्था नीचे जाती है तो वहाँ की मुद्रा भी कमज़ोर होती है.

    गुरुवार को रूस के केंद्रीय बैंक ने ब्याज़ दर 14 फ़ीसदी से 11 फ़ीसदी कर दिया. जब रूस ने यूक्रेन पर हमला किया था तब ब्याज दर को 9.5% से बढ़ाकर 20% कर दिया गया था. आठ अप्रैल को इसे कम करके 17% किया गया था और 19 अप्रैल को 14 प्रतिशत कर दिया गया था.

    रूस के केंद्रीय बैंक ने कहा है कि अर्थव्यवस्था अब भी संकट से निकल नहीं पाई है. कैपिटल मार्केट कंपनी के डेटा के अनुसार, गुरुवार को डॉलर की तुलना में रूबल 60 पर कारोबार कर रहा था जो कि सात मार्च को 158 पर था.

    वॉल स्ट्रीट जर्नल ने अपनी रिपोर्ट में लिखा है कि रूस सीमित रूप में चीज़ें बेच रहा है और अपनी मुद्रा में ख़रीदने के लिए मजबूर कर रहा है. इसका सीधा असर रूबल की सेहत पर पड़ा है. कैपिटल मार्केट कंपनी के डेटा के अनुसार, गुरुवार को डॉलर की तुलना में रूबल 60 पर कारोबार कर रहा था जो कि सात मार्च को 158 पर था.

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  5. पाकिस्तानी कॉन्स्टेबल शहबाज़, महिला वाले वायरल वीडियो पर बोले

    पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के पुलिस कॉन्स्टेबल मोहम्मद शहबाज़

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    पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के पुलिस कॉन्स्टेबल मोहम्मद शहबाज़ पिछले दो दिनों से अपने धैर्य और चुप्पी के कारण चर्चा में हैं.

    बुधवार को पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान ख़ान के लॉन्ग मार्च में मोहम्मद शहबाज़ की तैनाती राजधानी इस्लामाबाद में थी. शहबाज़ ड्यूटी पर मौजूद थे तभी इमरान ख़ान की एक महिला समर्थक बहुत ही बेअदबी से पेश आई थी. जो वीडियो क्लिप वायरल हुआ, उसमें दिख रहा था कि शहबाज़ ख़ाली सड़क पर आगे बढ़ रहे हैं और एक महिला उन पर चिल्लाए जा रही है.

    इसे देख एक महिला ने पूछा कि आप ऐसे पेश आ रही हैं और कहती हैं कि पुलिस वाले महिलाओं से बदतमीजी करते हैं. इसके बावजूद शहबाज़ ने एक शब्द नहीं कहा और आगे बढ़ते गए. इसे लेकर सोशल मीडिया पर शहबाज़ की तारीफ़ हो रही थी.

    पूरे मामले पर पाकिस्तान की पंजाब पुलिस ने शहबाज़ का एक वीडियो ट्विटर पर पोस्ट किया और इसमें पूरे वाक़ये की जानकारी दी गई है. इस वीडियो में शहबाज़ कह रहे हैं, ''मैं इस्लामाबाद में ड्यूटी पर मौजूद था, तभी देखा कि कुछ लोग दरख़्तों में आग लगा रहे थे. हमलोगों ने मना किया तो वह ख़ातून मेरे पीछे-पीछे आने लगीं. उन्होंने ग़लत अल्फ़ाज का इस्तेमाल शुरू कर दिया. वो सख़्त अल्फ़ाज़ का इस्तेमाल कर रही थीं लेकिन मैं बर्दाश्त कर रहा था क्योंकि ये मेरी ट्रेनिंग का हिस्सा है. तमाम माँ-बहनें हमारी अपनी हैं और इनकी इज़्ज़त करना हमारा फ़र्ज़ है. ये हमारी ट्रेनिंग का हिस्सा है कि महिलाओं के साथ हर हाल में अदब से पेश आना है.''

    शहबाज़ ने कहा, ''वीडियो वायरल होने के बाद मेरे ख़ानदान से फ़ोन आया और लोगों ने कहा कि मैंने चुप रहकर बहुत अच्छा किया. मेरे सीनियर अधिकारियों ने भी मुझे शाबाशी दी है.''

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  6. यूक्रेन में किस हाल में हैं रूसी सैनिकों के शव

  7. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जवाहर लाल नेहरू को दी श्रद्धांजलि

    नेहरू

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    आज पंडित जवाहर लाल नेहरू की पुण्यतिथि है. आज के ही दिन साल 1964 में पंडित जवाहर लाल नेहरू ने इस दुनिया को अलविदा कहा था.

    इस मौक़े पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट करके उन्हें श्रद्धांजलि दी है.

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    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट किया है- “पंडित जवाहरलाल नेहरू की पुण्यतिथि पर उन्हें श्रद्धांजलि.”

    इस मौक़े पर कांग्रेस अध्यक्ष श्रीमती सोनिया गांधी ने भी शांति वन जाकर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की.

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    नेशनल कांग्रेस पार्टी के नेता शरद पवार ने भी ट्वीट करके उन्हें याद किया है.

    शरद पवार ने ट्वीट किया है- “पंडित जवाहरलाल नेहरू ने देश के निर्माण में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. उन्होंने मॉडर्न साइंस, टेक्नॉलजी और शिक्षा के क्षेत्र में शुरुआती विकास के क़दम उठाए.”

  8. इमरान ख़ान की 'आख़िरी चेतावनी' और पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ़ का जवाब

    इमरान ख़ान

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    इमरान ख़ान की ‘आख़िरी चेतावनी’ के साथ (पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ़) पीटीआई का लॉन्ग मार्च बीते दिन समाप्त हुआ. लेकिन पाकिस्तान के लिहाज़ से अभी की सबसे बड़ी ख़बर ये नहीं बल्कि पेट्रोल, डीज़ल और केरोसीन के दामों में प्रति लीटर 30 रुपये बढ़ने की ख़बर है.

    पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान ख़ान ने बढ़ी क़ीमतों को लेकर सरकार पर हमला बोला है. उन्होंने कहा है कि पहली बार एकबार में इतनी अधिक क़ीमत बढ़ा दी गई है और लोग इसे देने को मजबूर हैं.

    पूर्व प्रधानमंत्री इमरान ख़ान ने सरकार से मांग की है कि वह आने वाले छह दिनों में चुनाव कराएं, वरना लाखों की संख्या में लोग इस्लामाबाद में जमा हो जाएंगे.

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    हालांकि इमरान ख़ान की इस मांग का जवाब मौजूदा प्रधानमंत्री ने संसद में दिया. उन्होंने संसद को संबोधित करते हुए कहा कि मैं यह स्पष्ट कर देना चाहता हूं कि 'तुम्हारी' डिक्टेशन नहीं चलेगी. ये हाउस ख़ुद फ़ैसला करेगा.

    उन्होंने अपने संबोधन में कहा, “मैं इस ग्रुप के नेता को यह साफ़ कर देना चाहता हूं कि आपका डिक्टेशन नहीं चलेगा. हमें पारदर्शी चुनाव कराने हैं लेकिन यह कब होंगे इसका फ़ैसला 22 करोड़ लोगों के चुने पार्लियामेंट सदस्य करेंगे.”

    कल हुए लॉन्ग मार्च के दौरान इस्लामाबाद पुलिस ने इमरान ख़ान के ख़िलाफ़ दो केस दर्ज किए गए थे. उनके साथ ही असद उमर और पीटीआई के कई नेताओं के ख़िलाफ़ भी मामले दर्ज किए गए हैं. इन लोगों पर सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और तोड़ने के आरोप हैं.

  9. पुण्यतिथि पर सोनिया गांधी और कांग्रेस नेताओं ने दी नेहरू को श्रद्धांजलि

    सोनिया

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    भारत के पूर्व प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू की 58वीं पुण्य​तिथि के अवसर पर कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी सहित कांग्रेस के नेताओं ने उन्हें शुक्रवार को श्रद्धांजलि दी है.

    समाचार एजेंसी एएनआई के अनुसार, इस मौक़े पर नई दिल्ली के शांति वन स्थित नेहरू की समाधि पर सोनिया गांधी के अलावा राहुल गांधी पवन वर्मा और पार्टी के कई सीनियर नेता मौजूद थे.

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    जवाहरलाल नेहरू का निधन 27 मई, 1964 को नई दिल्ली में हुआ था.

    वे 1946 से 1964 में मरने तक कई बार देश के प्रधानमंत्री रहे थे.

  10. क्या सऊदी अरब और ईरान के विदेश मंत्रियों की होगी मुलाक़ात?

    सऊदी अरब

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    सऊदी अरब के विदेश मंत्रालय के एक अधिकारी ने सऊदी अरब और ईरान के विदेश मंत्रियों की निकट भविष्य में मुलाक़ात होने की किसी योजना से इनकार किया है.

    इस ​अधिकारी ने समाचार एजेंसी रॉयटर्स को गुरुवार को ये ज़रूर बताया कि दोनों देशों के बीच हुई बातचीत में प्रगति हुई है. लेकिन उनके अनुसार ये प्रगति 'पर्याप्त' नहीं है.

    इससे पहले गुरुवार को ईरान के विदेश मंत्री हुसैन अमीर-अब्दुल्ला ने कहा था कि वे सऊदी अरब के विदेश मंत्री से किसी तीसरे देश में मिल सकते हैं. उनके इस बयान के बाद सऊदी अरब के इस अधिकारी ने यह बात कही है.

    उन्होंने रॉयटर्स से कहा, 'ईरान को भविष्य में सहयोग के लिए विश्वास कायम करने की ज़रूरत है और अभी ईरान से कई मुद्दों पर बातचीत होनी है, जिससे कि इलाक़े में तनाव को कम किया जा सके.'

  11. जम्मू-कश्मीर: श्रीनगर और अवंतिपुरा में हुई दो मुठभेड़ों में चार चरमपंथी मारे गए

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    जम्मू और कश्मीर में बीती रात सुरक्षाकर्मियों और पुलिस के बीच मुठभेड़ की दो घटनाएं हुई हैं.

    समाचार एजेंसी एएनआई के अनुसार, पहली मुठभेड़ में श्रीनगर में लश्करे तैयबा के दो चरमपंथी मारे गए हैं. वहीं दूसरी मुठभेड़ अवंतिपुरा में हुई है. वहां टीवी आर्टिस्ट अमरीन भट्ट की हत्या से जुड़े दो चरमपंथी मारे गए हैं.

    कश्मीर के आईजी विजय कुमार ने कहा है कि मारे गए चरमपंथियों से एक एके-47 राइफ़ल और एक पिस्टल बरामद हुआ है.

    उनके अनुसार, पिछले तीन दिनों में पुलिस ने मुठभेड़ में कुल 10 चरमपंथियों को मार गिराया है. इनमें से 7 का संबंध लश्करे तैयबा से जबकि तीन का जैशे मोहम्मद से संबंध था.

    हाल में राज्य में चरमपंथियों और सुरक्षाबलों के बीच संघर्ष में तेज़ी आई है.

    कुछ दिन पहले घाटी में कश्मीरी पंडित राहुल भट्ट की हत्या के बाद कश्मीरी पंडितों का प्रदर्शन जारी है और सरकार के ख़िलाफ़ नाराज़गी देखी जा रही है.

  12. COVER STORY: बंदूकें ले रहीं बच्चों की जान

  13. टेक्सस स्कूल हमले में पुलिस का बड़ा दावा

    टेक्सस स्कूल हमला

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    अमेरिका के टेक्सस में एक प्राइमरी स्कूल में गोलीबारी की घटना में 19 बच्चों समेत 21 लोगों की मौत हो गई.

    यूवाल्डे शहर में रॉब एलिमेंट्री स्कूल में एक 18 वर्षीय संदिग्ध बंदूकधारी सेल्वाडोर रामोस ने इस घटना को अंजाम दिया है. क़ानूनी एजेंसियों की कार्रवाई में उसकी मौत हो गई थी.

    अब पुलिस ने अपनी जांच में दावा किया है कि बंदूकधारी बिना किसी रोक-टोक के स्कूल में दाख़िल हुआ था.

    टेक्सस रेंजर विक्टर एस्केलॉन के मुताबिक़, स्कूल की सुरक्षा में तैनात किसी भी आर्म्ड गार्ड ने हमलावर को रोकने की कोशिश नहीं की और ये भी स्पष्ट नहीं है कि उस वक़्त स्कूल का दरवाज़ा बंद था बी या नहीं.

    एस्केलॉन ने पुलिस कार्रवाई की हो रही आलोचना का बचाव किया है.

    प्रत्यक्षदर्शियों के हवाले से जो रिपोर्ट्स आई हैं उनमें दावा किया जा रहा है कि एलिमेंट्री स्कूल में जिस समय बंदूकधारी गोलियां चला रहा था, उस समय पुलिस ने अंदर जाने में तेज़ी नहीं दिखाई.

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    इसके अलावा एस्केलॉन ने उस घटना का खंडन भी किया जिसमें शुरुआती रिपोर्ट में गार्ड को गोली मारने की बात कही जा रही थी.

    उन्होंने कहा कि बंदूकधारी स्थानीय समयानुसार लगभग 11 बजकर 40 मिनट पर स्कूल में घुसा और उसके सिर्फ़ चार मिनट के अंदर अधिकारी भी स्कूल के अंदर थे.

    एस्केलॉन ने संवाददाता सम्मेलन में कहा कि हमलावर लगातार गोलियां बरसा रहा था इसलिए वे तुरंत अंदर प्रवेश नहीं कर सके.

    मरने वालों में ज़्यादातर छोटे बच्चे

    जांचकर्ताओं ने बताया है कि संदिग्ध ने सेमी-ऑटोमेटिक राइफ़ल और हैंडगन ले रखी थी.

    ये गोलीबारी प्राइमरी स्कूल में हुई जहां पर पांच वर्ष से लेकर 11 वर्ष की आयु के बच्चे थे. मरने वालों में अधिकतर दूसरी, तीसरी और चौथी कक्षा के बच्चे थे, जिनकी उम्र 7 से 10 साल के बीच बताई गई है.

  14. नमस्कार!

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