You’re viewing a text-only version of this website that uses less data. View the main version of the website including all images and videos.
झारखंड: देवघर रोप-वे ट्रॉली दुर्घटना में 2 की मौत, अब भी 15 लोगों के फंसे होने की आशंका
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा है कि इस घटना की उच्च स्तरीय जांच कराई जाएगी.
लाइव कवरेज
प्रियंका झा and अभय कुमार सिंह
यूनिवर्सिटी परिसर में हिंसा बर्दाश्त नहीं की जाएगी: जेएनयू प्रशासन
जवाहर लाल नेहरू यूनिवर्सिटी (जेएनयू) प्रशासन की तरफ़ से जारी एक बयान में कहा गया है कि परिसर में किसी भी तरह की हिंसा को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.
साथ ही छात्रों को ये भी चेतावनी दी गई है कि किसी भी ऐसी गतिविधि में शामिल न हों जिससे यूनिवर्सिटी का शांति और सौहार्द भंग हो.
दरअसल, रविवार को जवाहर लाल नेहरू यूनिवर्सिटी में झड़प की ख़बरें सामने आईं. छात्रों के बीच ये झगड़ा कथित तौर पर यूनिवर्सिटी मेस में मांसाहारी खाने को लेकर हुआ था.
न्यूज़ एजेंसी पीटीआई ने पुलिस के हवाले से बताया है कि कुल 6 छात्र इस झड़प में घायल हुए हैं.
अब जेएनयू प्रशासन ने अपने बयान में कहा है, ''घटना को गंभीरता से लेते हुए, कुलपति, रेक्टर और यूनिवर्सिटी के दूसरे अधिकारियों ने हॉस्टल का दौरा किया और छात्रों से मुलाक़ात की. वीसी ने ये कहा है कि परिसर में किसी भी तरह की हिंसा बर्दाश्त नहीं की जाएगी और छात्रों से शांति और सद्भाव बनाए रखने की अपील की गई है.''
इस्लामाबाद से LIVE: पाकिस्तान का अगला प्रधानमंत्री कौन? नेशनल असेंबली में वोटिंग
पाकिस्तान: इमरान ख़ान की पार्टी ने नेशनल असेंबली से इस्तीफ़े का एलान किया
इमरान ख़ान समेत पाकिस्तान तहरीक़-ए-इंसाफ़ (पीटीआई) के सदस्यों ने नेशनल असेंबली से इस्तीफ़े का एलान किया है.
साथ ही ये भी कहा है कि वो प्रधानमंत्री के चुनाव का बहिष्कार करते हैं.
पूर्व प्रधानमंत्री इमरान ख़ान ने संसदीय दल की बैठक में कहा, ''हम उनके साथ कभी भी विधानसभा में नहीं बैठ सकते हैं.''
इस मौक़े पर पत्रकारों से बात करते हुए नेशनल असेंबली में पीटआई नेता और पूर्व सूचना मंत्री फ़वाद चौधरी ने कहा, ''हम इस्तीफ़ा देंगे और आज़ादी की लड़ाई लड़ेंगे.''
इमरान ख़ान के समर्थन में इस्लामाबाद में लोगों ने क्या-क्या कहा?
झारखंड के लोहरदगा में रामनवमी शोभायात्रा के दौरान सांप्रदायिक हिंसा, एक की मौत, आनंद दत्ता, रांची से, बीबीसी हिंदी के लिए
रामनवमी शोभायात्रा के दौरान बीते रविवार को दो गुटो में मारपीट हो गई. जिला प्रशासन के मुताबिक हिंसा में अमान अंसारी नाम के एक व्यक्ति की मौत हो गई है. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इस मारपीट में लगभग दो दर्जन लोग घायल हुए हैं. जिसमें छह गंभीर रूप से घायल हैं.
घटना लोहरदगा जिले के सदर थाना इलाके के हिरही भोक्ता बगीचा की है. गंभीर रूप से घायलों को रांची के राजेंद्र इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस (रिम्स) में एडमिट कराया गया है. स्थिति को देखते हुए घटनास्थल पर धारा 144 लागू कर दी गई है. साथ ही पूरे जिले की इंटरनेट सेवा भी बंद कर दी गई है.
रांची के डीआईजी अनीश गुप्ता ने बताया कि घटना में कुल 8 लोग घायल हुए हैं. अगर और कुछ घायल हुए होंगे तो वो घर पर इलाज करा रहे होंगे, जिसकी सूचना प्रशासन के पास नहीं है.
रांची के अस्पताल रिम्स में इलाज करा रहे मनोहर सिंह ने बीबीसी हिन्दी को बताया कि, "मैं जुलूस में शामिल था. जुलूस जब कब्रिस्तान के इलाके से गुजर रही थी, हम जुलूस के निकल कर मेला की तरफ चले गए. उसी वक्त लड़ाई शुरू हो गई. मैं अपनी बाइक को लेकर भगाने लगा. उसी दौरान बड़ी संख्या लोग मुझे पकड़ कर पीटने लगे."
मनोहर ने स्वीकार किया कि जुलूस के साथ वह भी कब्रिस्तान के पास जय श्रीराम के नारे लगा रहे थे. वहीं, घायलों में शामिल 45 साल के अयूब अंसारी मेले में खिलौना बेच रहे थे. उपद्रवियों ने उनके साथ मारपीट भी की और लगभग 50 हजार रुपये का सामान जला दिया. वहीं, पेशे से प्लंबर 18 साल के रमजान अंसारी चापी इलाके से काम कर लौट रहे थे. इसी दौरान वह भीड़ के हत्थे चढ़ गए. लगभग 25 लोग मार रहे थे. इस दौरान वो सभी जय श्रीराम का नारा लगा रहे थे.
पूरे मामले पर लोहरदगा के जिलाधिकारी वाघमारे प्रसाद कृष्ण ने सोमवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि स्थिति नियंत्रणपूर्ण है.
वहीं, एसपी आर राजकुमार ने बीबीसी हिन्दी को बताया कि हिंसा की जांच चल रही है. घायलों की संख्या को लेकर स्थिति अभी पूरी तरह साफ नहीं है. लोहरदगा के अलावा बोकारो जिले के चास इलाके में जुलूस के दौरान एक बस घुस भीड़ में घुस गई. इसमें 16 साल के शशि कपूर नाम के युवक की मौके पर ही मौत हो गई.
जमशेदपुर जिले के कृष्णापुरी नई बस्ती में झंडा रखते समय छह लोग हाईटेंशन तार की चपेट में आ गए. इसमें 30 साल के अंकित शर्मा की मौत हो गई और चार लोग झुलक गए.
नेपाल में विदेशी मुद्रा भंडार का संकट गहराया, विलासिता वाली चीज़ों के आयात पर लगाम
नेपाल में जैसे-जैसे विदेशी मुद्रा भंडार में गिरावट की ख़बरें आने लगीं, सरकार ने विलासिता की वस्तुओं के आयात पर सख्ती शुरू कर दी है.
अधिकारियों ने कहा कि नेपाल राष्ट्र बैंक के अनुसार, देश के पास फिलहाल 9.75 बिलियन डॉलर का रिज़र्व है, जो 6 से सात महीने के लिए ज़रूरी चीज़ों के आयात के लिए काफी है.
नेपाल की ताज़ा मौद्रिक नीति में कहा गया है कि कम से कम सात महीने के आयात का खर्च उठाया जा सकता है. फिलहाल नेपाल सरकार अपनी तिजोरी से विदेशी मुद्रा को देश से बाहर नहीं जाने देने की नीति पर चल रही है.
हालांकि, कुछ विशेषज्ञों ने सुझाव दिया है कि मौद्रिक भंडार बनाए रखने के लिए आयात पर सख़्ती और विदेशी मुद्रा कमाने पर ध्यान देना ज़रूरी है.
दूसरी ओर, नेपाल के सेंट्रल बैंक ने कहा कि मौजूदा समस्या आयात खर्च बढ़ जाने के कारण आई है क्योंकि अन्य देशों से सामान खरीदने के लिए नेपाल को डॉलर में भुगतान करना पड़ता है. नेपाल राष्ट्र बैंक के अनुसार, देश के विदेशी मुद्रा भंडार का एक मुख्य स्रोत विदेशों से भेजे जाने वाला पैसा (रेमिटेंस) है. नेपाल की जीडीपी में इसका योगदान 22 फ़ीसदी है.
सेंट्रल बैंक के प्रवक्ता गुणाकर भट्ट ने बीबीसी नेपाली सेवा को बताया कि कोविड महामारी के बावजूद पिछले साल रेमिटेंस की अच्छी आमद हुई थी. पर्यटन नेपाल के लिए विदेशी मुद्रा का एक अन्य प्रमुख स्रोत है.
नेपाल जाने वाले विदेशी डॉलर या अन्य विदेशी मुद्रा खर्च करते हैं. लेकिन कोविड महामारी की वजह से पर्यटन क्षेत्र प्रभावित हुआ है, जिसका असर विदेशी मुद्रा भंडार पर भी पड़ा है.
नेपाल जब दूसरे देशों से सामान खरीदता है तो उसे डॉलर में भुगतान करना पड़ता है. इसी कारण से लगता है कि वर्तमान सरकार ने विलासिता की वस्तुओं के आयात पर नकेल कसने की नीति अपनाई है.
रामनवमी पर गुजरात, बंगाल, मध्य प्रदेश और झारखंड में हिंसा, आगजनी
आंध्र प्रदेश में वाईएस जगन मोहन रेड्डी मंत्रिमंडल का पुनर्गठन, 25 मंत्रियों ने ली शपथ
आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री वाईएस जगन मोहन रेड्डी ने सोमवार को राज्य कैबिनेट का पुनर्गठन किया.
पुरानी कैबिनेट के 11 चेहरे और 13 नए चेहरों के साथ कुल 25 मंत्रियों ने शपथ ली है. न्यूज़ एजेंसी पीटीआई के मुताबिक़, वरिष्ठ विधायक धर्माना प्रसाद राव को भी कैबिनेट में जगह मिली है जो इस कैबिनेट के सबसे वरिष्ठ मंत्री हैं.
विधान परिषद के किसी भी सदस्य को कैबिनेट में जगह नहीं मिली है. अगर कैबिनेट के समीकरण की बात करें तो नई कैबिनेट में अलग-अलग जाति और समुदायों को साधा गया है.
पिछड़े वर्ग से कुल 10 मंत्रियों को जगह दी गई है. मुख्यमंत्री समेत दो मंत्री अल्पसंख्यक समुदाय से आते हैं, 5 अनुसूचित जाति और एक अनुसूचित जनजाति से आते हैं. रेड्डी और कापू समुदाय से चार-चार मंत्रियों को कैबिनेट में जगह दी गई है.
कैबिनेट में कुल चार महिलाएं हैं. कम्मा, वैश्य और क्षत्रिय समुदाय से कोई भी कैबिनेट में नहीं है, इससे पहले की कैबिनेट में इन तीनों समुदायों से एक-एक मंत्रियों को जगह मिली थी. ब्राह्मण समुदाय से फिर किसी को कैबिनेट में जगह नहीं मिली है.
राज्य के 26 ज़िलों में से कम से कम 7 जिलों के किसी भी प्रतिनिधि को कैबिनेट में जगह नहीं मिली है.
पाकिस्तान: इमरान ख़ान जाते-जाते क्या-क्या कर गए?
पाकिस्तान में आज तक किसी प्रधानमंत्री ने पांच साल का कार्यकाल पूरा नहीं किया है. किसी प्रधानमंत्री के जाने के पीछे सेना की भूमिका थी तो किसी को न्याय तंत्र ने दरवाज़ा दिखाया.
लेकिन इमरान ख़ान को सिवाए विपक्ष के कोई भी घर नहीं भेजना चाहता था. पाकिस्तानी की सियासत पर ख़ास टिप्पणी कर रहे हैं वहां के वरिष्ठ पत्रकार वुसअतुल्लाह ख़ान.
मोदी सरकार को एमएसपी पर केसीआर ने दिया अल्टीमेटम, कहा- किसान भिखारी नहीं हैं
धान खरीद के मसले पर दिल्ली में धरना प्रदर्शन कर रहे तेलंगाना के मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव ने सोमवार को केंद्र सरकार से 24 घंटे में ये बताने को कहा है कि वो राज्य से धान खरीदेगी या नहीं.
समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार राव ने ये भी कहा कि अगर केंद्र ने जवाब नहीं दिया तो वो पूरे देश में विरोध प्रदर्शन करेंगे.
तेलंगाना भवन में अपनी पार्टी टीआरएस के अन्य नेताओं के साथ धरना दे रहे सीएम चंद्रशेखर राव ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को चेताया, "हमारे किसानों की भावनाओं के साथ मत खेलिए, उनके पास सरकार गिराने की ताक़त है."
केसीआर ने ये भी कहा कि किसान भिखारी नहीं हैं. उनके पास अपनी फसल के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य पाने का अधिकार है.
उन्होंने कहा, "हाथ जोड़कर मैं मोदी जी और पीयूष गोयल जी से निवेदन करता हूं कि वो राज्य की ओर से धान खरीद की मांग पर 24 घंटे के अंदर जवाब दें. "
करौली हिंसाः आग की लपटों से बचने वाली बच्ची कौन थी? - ग्राउंड रिपोर्ट
राजस्थान के करौली ज़िले में अपने परिवार की दुलारी, ढाई साल की नटखट पीहू. जिला कलेक्टरेट के नज़दीक पहले मंज़िल पर किराए के हवादार घर में जब हम पहुँचे तो वो अपने माँ-बाप के साथ गुब्बारे के लिए ज़िद कर रही थीं, लेकिन जब उन्हें गुब्बारा मिलता तो उसे फेंक देती और माँ की गोद में चिपक जातीं.
जब वह बड़ी होंगी तो वायरल हुई उस तस्वीर के बारे में वो क्या सोचेंगी, जिसमें पुलिसकर्मी नेत्रेश शर्मा उन्हें एक स्टोल में लपेटकर आग की लपटों से दूर भाग रहे थे. तस्वीर में थोड़ी ही दूर पीछे उनकी मां विनीता अग्रवाल पीछे भागती नज़र आती हैं.
दो अप्रैल को नवरात्र के पहले दिन विनीता अपनी देवरानी और उनकी भाभी के साथ फूटाकोट बाज़ार शॉपिंग के लिए गई थीं कि तभी वहाँ भगदड़ सी शुरू हो गई. दुकानदारो ने दुकानें बंद करनी शुरू कर दीं. शटर पर पत्थरों के टकराने की आवाज़ें सुनाई देने लगीं. वीडियोः विनीत खरे और मनीष जालुई
धान ख़रीद पर केंद्र के ख़िलाफ़ टीआरएस के प्रदर्शन में पहुंचे राकेश टिकैत
भारतीय किसान यूनियन के नेता राकेश टिकैत सोमवार को धान खरीद के मसले पर दिल्ली में केंद्र सरकार के ख़िलाफ़ तेलंगाना राष्ट्र समिति (टीआरएस) के प्रदर्शन में पहुंचे.
तेलंगाना के मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव इस विरोध प्रदर्शन की अगुवाई कर रहे हैं.
राकेश टिकैत ने ट्वीट किया, "एक राज्य (तेलंगाना) किसानों की फसल खरीद की मांग को लेकर केंद्र के खिलाफ धरने पर बैठे, यह शर्मनाक स्थिति है. केंद्र को सभी राज्यों के किसानों का एक-एक दाने की खरीद सुनिश्चित करनी चाहिए. वरना किसानों को तो मजबूरन सड़क पर आना ही पड़ेगा."
मीडिया से बातचीत के दौरान मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव की बेटी और टीआरएस एमएलसी के कविता ने केंद्र से मांग की वो फसल खरीदे और पूरे देश में खरीद के लिए एक सी नीति बनाए.
हल्दी से कैंसर का इलाज, क्या ये मुमकिन है?
भारत समेत सभी दक्षिणी एशियाई देशों की रसोई में हल्दी का इस्तेमाल होता है. लेकिन क्या हल्दी का इस्तेमाल सिर्फ खाने में स्वाद के लिए होता है या फिर ये हमारा स्वास्थ्य बेहतर करने से लेकर हमें कैंसर तक से बचा सकती है?
आपको हजारों ऐसे लेख मिल जाएंगे, जिनमें ये बताया गया है कि हल्दी किस तरह से सीने में जलन,अपच से लेकर गंभीर बीमारियों-डाइबिटीज, डिप्रेशन,अलज़ाइमर तक का इलाज कर सकती है. यहां तक कि इससे कैंसर का भी इलाज हो सकता है.
ईद के बाद पाकिस्तान लौट सकते हैं पूर्व प्रधानमंत्री नवाज़ शरीफ़
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज़ शरीफ़ अगले माह ईद के बाद लंदन से लौट सकते हैं. इमरान ख़ान की सरकार गिरने के बाद पाकिस्तान में जारी राजनीतिक हलचल के बीच नवाज़ शरीफ़ की पार्टी पीएमएल-एन के एक नेता ने ये जानकारी दी.
समचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार, मियां जावेद लतीफ़ ने कहा कि पीएमएल-एन चीफ़ और तीन बार के प्रधानमंत्री रहे नवाज़ शरीफ़ की वापसी के बारे में गठबंधन के सहयोगियों से चर्चा की जाएगी.
ईद मई महीने के पहले सप्ताह में होगी. इमरान ख़ान की सरकार ने पीएमएल-एन चीफ़ नवाज़ शरीफ़ के ख़िलाफ़ भ्रष्टाचार के कई मामले दर्ज किए थे. नवाज़ शरीफ़ को सुप्रीम कोर्ट ने जुलाई 2017 में पनामा पेपर्स से जुड़े एक केस में प्रधानमंत्री पद से अपदस्थ किया था.
इसके बाद नवंबर 2019 में लाहौर हाई कोर्ट से इलाज के लिए विदेश जाने की अनुमति मिलने के बाद नवाज़ शरीफ़ लंदन चले गए थे.
देश में राजनीतिक अस्थिरता के बीच लतीफ़ ने कहा कि मौजूदा गठबंधन सरकार छह महीने से ज़्यादा नहीं चलेगी और चुनौतियों से निपटने के लिए चुनाव कराना ही एकमात्र समाधान है.
यूक्रेन में कथित युद्ध अपराध के लिए क्या पुतिन पर चल सकता है केस? दुनिया जहान
रूस-यूक्रेन युद्ध को क़रीब एक महीना हो चुका था. यूक्रेन से जान बचाकर आए शरणार्थियों और अमेरिकी सैनिकों से मुलाक़ात करने के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन यूक्रेन के पड़ोसी देश पोलैंड पहुंचे.
पोलैंड के ज़ेशूफ़ में उन्होंने वही बात दोहराई जो दो दिन पहले अमेरिकी प्रशासन ने कहा था. उन्होंने रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन पर यूक्रेन के मारियुपोल में युद्ध अपराध करने का आरोप लगाया.
क़रीब दो सप्ताह पहले भी बाइडन ने व्हाइट हाउस में एक कार्यक्रम में कहा था कि वो पुतिन को युद्ध अपराधी मानते हैं. कुछ इसी वक़्त नीदरलैंड्स के द हेग में 38 देशों के प्रतिनिधियों की मुलाक़ात हुई.
इन देशों ने इंटरनेशनल क्रिमिनल कोर्ट से रूस के ख़िलाफ़ कथित युद्ध अपराधों की जांच करने की गुज़ारिश की. दुनिया जहान में इस सप्ताह पड़ताल इस बात की कि क्या यूक्रेन में कथित युद्ध अपराधों के लिए व्लादिमीर पुतिन को अंतरराष्ट्रीय कोर्ट में खड़ा किया जा सकता है.
सरकार गिरने के बाद इमरान ख़ान के करीबियों पर कार्रवाई, देश छोड़कर नहीं जा सकते
पाकिस्तान में सरकार गिरने के बाद अब पूर्व प्रधानमंत्री इमरान ख़ान के करीबियों पर कार्रवाई शुरू हो गई है.
इमरान ख़ान के पूर्व सलाहकार और मुख्य सचिव जैसे अधिकारियों का नाम स्टॉप लिस्ट में डाल दिया गया है, जिसके बाद ये देश छोड़कर नहीं जा सकते हैं.
पाकिस्तान की फ़ेडरल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (एफ़आईए) ने ख़ान के ख़ास सहयोगी रह चुके शाहबाज़ गुल और शहज़ाद अक़बर का नाम भी स्टॉप लिस्ट में शामिल किया है.
इसके अलावा पूर्व मुख्य सचिवों आज़म ख़ान, अर्सलान ख़ालिद और डॉक्टर रिज़वान के नाम भी नो-फ़्लाई लिस्ट में शामिल हैं.
पाकिस्तान में सियासी संकट तो श्रीलंका में आर्थिक भूचाल
पाकिस्तान और श्रीलंका में राजनीतिक अस्थिरता जारी है.
शुक्रवार को इमरान ख़ान ने जनता को एक बार फिर संबोधित किया.
वहीं श्रीलंका में विपक्ष के नेता सजिथ प्रेमदासा ने चेतावनी दी है कि राजपक्षे सरकार आर्थिक संकट का समाधान करें या अविश्वास प्रस्ताव का सामना करें.
झारखंड के देवघर में रोप-वे ट्रॉली की टक्कर में एक की मौत, 48 लोग हवा में फंसे
झारखंड में देवघर के त्रिकुट में दो रोप-वे ट्रॉलियों के टकराने से कम से कम एक की मौत हो गई है. वहीं, 12 अन्य रोप-वे में बैठे 48 लोग हादसे के 20 घंटे बीतने के बाद भी फंसे हुए हैं.
समाचार एजेंसी पीटीआई ने अधिकारियों के हवाले से बताया कि हादसे में 10 पर्यटक गंभीर रूप से घायल हो थे. हादसा रविवार शाम साढ़े चार बजे हुआ. इनमें से एक ने रात में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया.
फंसे हुए पर्यटकों को सुरक्षित निकालने के लिए दो चॉपर भेजे गए हैं.
पीटीआई ने देवघर के डिप्टी कमिश्नर मंजूनाथ भजंत्री के हवाले से लिखा, "पर्यटकों को सुरक्षित एयरलिफ्ट करने के लिए हर कोशिश की जा रही है. रविवार रात से काम कर रही एनडीआरएफ़ की टीम ने अभी तक 11 लोगों को निकाला है. स्थानीय लोग भी बचाव कार्य में मदद कर रहे हैं. हादसे में 10 लोग गंभीर रूप से घायल हुए, जिनमें से एक ने देर रात दम तोड़ दिया."
हादसे का कारण पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि फिलहाल पूरा प्रशासन बचाव कार्य में जुटा है. इसके पूरा होने पर जांच की जाएगी. पहली नज़र में ये हादसा तकनीकी गड़बड़ के कारण हुआ है.
डिप्टी कमिश्नर ने ये भी बताया कि रोप-वे का संचालन निजी कंपनी कर रही है.
पाकिस्तान: ‘इमरान साहब को जाना था तो इज़्ज़त से जाते’
पाकिस्तान में इमरान ख़ान की सरकार विपक्ष की ओर से लाए गए अविश्वास प्रस्ताव में हार गए और ज़रूरी मत हासिल नहीं कर सकी.
इसके साथ ही इमरान ख़ान को भी प्रधानमंत्री पद छोड़ना पड़ा. इस सियासी घटनाक्रम पर पाकिस्तान के आम लोग क्या सोचते हैं.
लाहौर से बीबीसी संवाददाता अली काज़मी की रिपोर्ट.