योगी आदित्यनाथ के ख़िलाफ़ चुनाव आयोग पहुँची समाजवादी पार्टी

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समाजवादी पार्टी ने चुनाव आयोग को पत्र लिखकर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की भाषा पर सवाल उठाए हैं. सपा ने चुनाव आयोग से अपील की है कि योगी आदित्यनाथ विपक्ष के प्रति जिस भाषा का प्रयोग कर रहे हैं, उस पर तुरंत रोक लगाई जानी चाहिए.
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पार्टी का कहना है कि चुनाव आयोग इस संबंध में तत्काल निर्देश जारी करे. अपने पत्र में समाजवादी पार्टी ने कहा है कि योगी आदित्यनाथ ने चुनाव प्रचार के दौरान जिस भाषा का इस्तेमाल किया है, वो संयत, मर्यादित और भद्र भाषा की श्रेणी में नहीं आता. पार्टी ने इस संबंध में कई उदाहरण दिए हैं. सपा का कहना है कि आगरा में योगी आदित्यानाथ ने कहा था कि 10 मार्च के बाद बुलडोज़र चलेगा. इसके अलावा उन्होंने सपा के नेतृत्व को गुंडा, मवाली और माफ़िया कहा है.
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समाजवादी पार्टी ने योगी के गर्मी शांत करने वाले बयान का भी ज़िक्र किया है. एक दिन पहले इस बयान पर अखिलेश यादव और राष्ट्रीय लोकदल के प्रमुख जयंत चौधरी ने भी कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की थी. अखिलेश ने ये भी कहा था कि चुनाव आयोग को इसका संज्ञान लेना चाहिए.
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सपा का कहना है कि योगी आदित्यनाथ ने ये भी कहा है कि लाल टोपी मतलब दंगाई, हिस्ट्रीशीटर. सपा के राष्ट्रीय सचिव राजेंद्र चौधरी के हस्ताक्षर वाले इस पत्र में चुनाव आयोग से अपील की गई है कि वो राज्य में स्वतंत्र, निर्भीक और निष्पक्ष चुनाव कराने के लिए ऐसी भाषा को रोकने के लिए तत्काल निर्देश जारी करे.








