'रेप' वाले बयान के लिए कर्नाटक कांग्रेस के वरिष्ठ नेता ने मांगी माफ़ी, अपने वरिष्ठ नेता के लिए कांग्रेस ने क्या कहा?
इमरान कुरैशी
बीबीसी हिंदी के लिए
कर्नाटक कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और कर्नाटक विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष रहे रमेश कुमार ने कर्नाटक विधानसभा में 'रेप' वाले अपने बयान के लिए माफ़ी मांग ली है.
उन्होंने कल विधानसभा में दिए अपने बयान के लिए माफ़ी मांगते हुए कहा- "अगर मेरे बयान से महिलाओं की भावनाएं आहत हुई हैं तो मुझे माफ़ी मांगने में कोई दिक़्क़त नहीं है."
स्पीकर कागेरी ने कहा कि उन्होंने अपने कहे के लिए माफ़ी मांग ली है और अब इसे और तूल ना दिया जाए.
इसके साथ ही कांग्रेस पार्टी की ओर से भी इस घटना की निंदा की गई है.
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और प्रवक्ता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने ट्वीट करके इस संबंध में टिप्पणी की है.
उन्होंने लिखा है, "कांग्रेस पार्टी कर्नाटक विधानसभा अध्यक्ष और वरिष्ठ कांग्रेस विधायक के बीच हुई बेहद आपत्तिजनक बातचीत और असंवेदनशील मज़ाक को पूरी तरह ख़ारिज करती है."
"बतौर कस्टोडियन स्पीकर से और वरिष्ठ नेता से रोल मॉडल होने की उम्मीद की जाती है. उन्हें इस तरह के व्यवहार से बचना चाहिए."
क्या था पूरा मामला
कर्नाटक कांग्रेस के वरिष्ठ नेता का बयान तब विवादों में आ गया जब उन्होंने एक परिस्थिति की तुलना 'रेप' से कर डाली.
दरअसल, कल विधानसभा का सत्र चल रहा था. विधानसभा के मौजूदा अध्यक्ष विश्वेश्वर हेगड़े कागेरी बार-बार सदस्यों को शांत कराने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन वे उन्हें शांत नहीं करा पा रहे थे.
इसी दौरान उनकी नज़र अपने से पूर्व विधानसभा अध्यक्ष रहे रमेश कुमार पर पड़ी. वे कांग्रेस की ओर पहली बेंच पर बैठे हुए थे. सदस्यों को नियंत्रित ना कर पाने की अपनी झुंझलाहट में कागेरी ने सामने बैठे रमेश कुमार से कहा “आप जानते हैं रमेश कुमार, मुझे लगता है कि अब हमें सिर्फ़ इस स्थिति का आनंद लेना चाहिए. मैंने फ़ैसला किया है कि अब ना मैं उन्हें शांत कराने की कोशिश करूंगा और ना ही स्थिति को व्यवस्थित करने की. मैं उन्हें उनकी बातें करने दूंगा.”
स्पीकर का इतना ही कहना था लेकिन इसके जवाब में रमेश कुमार ने दो साल पहले के अपने एक विवादित बयान की तरह एक और विवादित बयान दे डाला.
दो साल पहले जब रमेश कुमार स्पीकर के पद पर आसीन थे तब भी उन्होंने कुछ ऐसा ही विवादित बयान दिया था.
इस बार उन्होंने कहा, “एक बात कही जाती है...जब बलात्कार होना एकदम तय हो तो लेट जाओ और इसका मज़ा लो. यह ठीक वही स्थिति है जिसमें आप अभी हैं.”
जो वीडियो वायरल हुआ है उसमें साफ़ देखा जा सकता है कि रमेश कुमार के ऐसा कहने पर स्पीकर और ख़ुद रमेश कुमार हंसते हैं. आस-पास के कुछ अन्य लोग भी हंसते हुए दिख रहे हैं.
रमेश कुमार ने ऐसा विवादित बयान पहले भी दिया है. लेकिन पहले की घटना की तरह इस बार भी किसी ने आपत्ति नहीं जताई.
पहले भी दिया है विवादित बयान
इससे पूर्व फ़रवरी 2019 में तत्कालीन स्पीकर रमेश कुमार ने कहा था कि वह एक रेप पीड़िता की तरह महसूस करते हैं.
अध्यक्ष महोदय इस बात से नाराज़ थे कि सदन के सदस्य हाल में आयी बाढ़ और फ़सल के नुकसान के कारण लोगों को हो रही समस्याओं के बारे में सदन में बोलना चाहते थे.
दो साल पहले अपने दिए इस बयान के कारण रमेश कुमार को महिला सदस्यों की आलोचना का सामना करना पड़ा था.
कांग्रेस सदस्य रूपकला एम ने कहा कि जिस समय रमेश कुमार ने यह टिप्पणी की वह सदन में मौजूद नहीं थीं.
रूपकला ने कहा, "हममें से कुछ महिला सदस्य पहले भी इस तरह की अपील कर चुकी हैं कि इस तरह के शब्दों का इस्तेमाल सदन में ना हो. यौन उत्पीड़न का सामना करने वाली महिला को जीवनभर सहना पड़ता है और किसी भी चीज़ से इसकी तुलना करना ग़लत है. किसी भी रूप में इसका समर्थन नहीं किया जा सकता है.”