सांसदों को पीटा गया, ये लोकतंत्र की हत्या हुई- राहुल गांधी और विपक्ष का सत्र समाप्त करने पर आरोप
कांग्रेस नेता राहुल गांधी और विपक्ष के कई नेताओं ने संसद के मॉनसून सत्र के समय से पहले समाप्त करने के विरोध में संसद भवन के बाहर प्रदर्शन किया है.
समाचार एजेंसी एएनआई के अनुसार राहुल गांधी ने वहाँ आरोप लगाया कि सांसदों को सदन के भीतर बोलने नहीं दिया गया और लोकतंत्र की हत्या हुई है.
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि बुधवार को राज्यसभा में सांसदों को पीटा गया.
उन्होंने कहा, "राज्यसभा में पहली बार सांसदों की पिटाई की गई, बाहर से लोगों को बुलाकर और नीली वर्दी में डालकर सांसदों से मारपीट की गई."
राहुल गांधी ने साथ ही कहा, "राज्यसभा के सभापति कहते हैं कि वो व्यथित हैं, ऐसा ही लोकसभा अध्यक्ष ने भी कहा है. पर ये उनका काम है कि सदन को चलने दिया जाए. वो अपना काम क्यों नहीं कर पा रहे?"
विरोध कर रहे सांसदों में मौजूद शिवसेना सांसद संजय राउत ने कहा कि बुधवार को राज्यसभा में ऐसा लग रहा था जैसे वो पाकिस्तान की सीमा पर खड़े हैं.
संजय राउत ने कहा, "हमने कल लोकतंत्र की हत्या होते देखी, राज्यसभा में कल जिस तरह से प्राइवेट लोगों ने मार्शल की ड्रेस में आकर हमारे सांसदों पर हमला करने की कोशिश की. ये मार्शल नहीं थे, संसद में मार्शल लॉ लगाया गया था."
केंद्रीय संसदीय मंत्री प्रह्लाद पटेल ने विपक्ष के आरोपों को पूरी तरह से ग़लत बताया है और कहा है कि सीसीटीवी फ़ुटेज से तथ्यों की जाँच हो सकती है.
वहीं बीजेपी प्रवक्ता संबित पात्रा ने विपक्ष पर हिंसा करने का आरोप लगाया है.
संबित पात्रा ने कहा, "संसद के इतिहास में पहली बार हुआ है कि लॉबी में कांच का गेट तोड़ दिया गया जिससे एक सुरक्षाकर्मी भी हताहत हुई है. वो भी अस्पताल में है."