आज टोक्यो ओलंपिक में भारत के लिए बहुत अहम दिन है. भारतीय खिलाड़ियों के पास
आज मेडल जीतने का आख़िरी मौका है.
ऐसे में सबकी निगाहें अदिति अशोक, नीरज चोपड़ा
और बजरंग पूनिया पर टिकी हैं.
भारतीय गोल्फ़र अदिति अशोक सबको हैरान करते हुए ख़ामोशी से मेडल के करीब
पहुँची हैं.
वो लगातार दूसरे और तीसरे स्थान पर बनी हुई हैं और ऐसे में उनसे मेडल
की आस बढ़ गई है. इस समय उनका मुकाबला जारी है.
नीरज चोपड़ा और बजरंग पूनिया से उम्मीदें
शाम 3:55 पर भारतीय पहलवान बजरंग पूनिया ब्रॉन्ज़ मेडल के लिए मुकाबले में उतरेंगे.
वो 65 किलोग्राम भारवर्ग में फ़्रीस्टाइल कुश्ती में पदक के लिए अपनी किस्मत आज़माएंगे.
पूनिया टोक्यो ओलंपिक में मेडल के अहम दावेदार माने जा रहे हैं.
शाम 4:30 बजे भारतीय एथलीट नीरज चोपड़ा जैवनिल थ्रो स्पर्धा के फ़ाइनल राउंड में हिस्सा लेंगे.
चोपड़ा से काफ़ी उम्मीदें हैं क्योंकि बीते कुछ समय में उनका प्रदर्शन शानदार रहा है. टोक्यो में भी उन्होंने बड़ी ही आसानी से फ़ाइनल मुकाबले में अपनी जगह बना ली थी.
अब तक भारत के कुल पाँच मेडल
आज भारतीय खिलाड़ियों के लिए मेडल लाने का आख़िरी मौका है क्योंकि कल यानी 8 अगस्त को टोक्यो में ओलंपिक का समापन समारोह होगा.
अभी तक भारत को टोक्यो में कुल पाँच मेडल मिले हैं- दो सिल्वर और तीन ब्रॉन्ज़.
भारत को सबसे पहला पदक मीराबाई चानू ने वेटलिफ़्टिंग में सिल्वर जीतकर दिलाया. उसके बाद पीवी सिंधु ने बैडमिंटन में कांस्य पदक दिलाया.
पीवी सिंधु के बाद लवलीना ने बॉक्सिंग में ब्रॉन्ज़ मेडल जीता. लवलीना के बाद भारत की पुरुष हॉकी टीम ने ब्रॉन्ज़ मेडल नाम किया और फिर भारतीय पहलवान रवि दहिया ने सिल्वर मेडल अपने नाम किया.