कोरोना: राजस्थान सरकार कोरोना के कारण विधवा हुई औरतों को देगी सहायता, अनाथ बच्चों के लिए घोषणाएं
मोहर सिंह मीणा
जयपुर से, बीबीसी हिन्दी के लिए
राजस्थान में कोरोना महामारी से पीड़ित परिवारों को सहायता देने के लिए मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने मुख्यमंत्री कोरोना सहायता योजना की घोषणा की है.
एक मार्च 2020 के बाद कोरोना संक्रमण से हुई मृत्यु जिसे ज़िला कलेक्टर ने प्रमाणित किया है, उन्हें इस योजना में शामिल किया जाएगा.
इसके तहत विधवा महिलाओं, उनके बच्चों और अनाथ हो चुके बच्चों को सहायता दी जाएगी.
राजस्थान सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के निदेशक एवं संयुक्त शासन सचिव ओपी बुनकर ने योजना के विस्तृत दिशा निर्देश जारी कर दिए हैं. योजना में लाभ देने के लिए ज़िला कलेक्टर अपने अपने जिलों में कोरोना संक्रमण से विधवा हुई महिलाओं, उनके बच्चों और अनाथ बच्चों को चिन्हित करेंगे.
विधवा महिलाओं और उनके बच्चों की सहायता राशि विधवा महिला के बैंक खाते और अनाथ बच्चों को उनके बैंक खाते में दी जाएगी.
विधवा महिलाओं को मुख्यमंत्री कोरोना विधवा सहायता और विधवाओं के बच्चों के लिए मुख्यमंत्री कोरोना पालनहार सहायता के तहत लाभ दिए जाएंगे. कोरोना संक्रमण से माता-पिता की मौत होने के बाद अनाथ हुए बच्चों को मुख्यमंत्री कोरोना बाल सहायता के तहत आर्थिक और शिक्षा के लिए सहायता उपलब्ध कराई जाएगी.
विधवा महिलाओं को मिलने वाली सहायता
- विधवा महिला को एकमुश्त एक लाख रुपये की राशि प्रदान की जाएगी. सभी आयु वर्ग की विधवा महिलाओं को आजीवन पंद्रह सौ रुपये महीना पेंशन दी जाएगी.
- विधवा महिलाओं के बच्चों को 18 वर्ष की आयु होने तक अलग से हर महीने एक हज़ार रुपए दिए जाएंगे. इन बच्चों को स्कूल की किताबें और ड्रेस ख़रीदने के लिए सालाना दो हज़ार रुपये दिए जाएंगे.
कोरोना संक्रमण से अनाथ हुए बच्चों के लिए लाभ:
- योजना के तहत अनाथ बच्चों को तत्काल सहायता के लिए एकमुश्त एक लाख रुपये दिए जाएंगे. इन बच्चों को अठारह साल की उम्र तक हर महीने ढाई हज़ार रुपए मिलेंगे.
- अठारह साल की उम्र पूरी होने के बाद इन बच्चों को पांच लाख रुपए की एकमुश्त आर्थिक सहायता दी जाएगी. बारहवीं कक्षा तक की पढ़ाई आवासीय विद्यालय या छात्रावास में निशुल्क प्रदान की जाएगी.
- कॉलेज में पढ़ने वाली अनाथ छात्राओं को सरकारी छात्रावासों में प्राथमिकता से प्रवेश दिया जाएगा और कॉलेज में पढ़ने वाले छात्रों को आवासीय सुविधा का लाभ दिया जाएगा, जिसमें इनकी पात्रता, जाति, आय या अन्य कोई शर्त लागू नहीं होगी.
- युवा बेरोज़गारों को मुख्यमंत्री युवा संबल योजना के तहत बेरोज़गारी भत्ता दिए जाने में प्राथमिकता दी जाएगी.
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, राज्य में कोरोना संक्रमण से अब तक 8,905 मृत्यु हो चुकी है. कोरोना संक्रमण से हुई मौत के आंकड़े छिपाए जाने के आरोप भी सरकार पर लगते रहे हैं, जिसके बाद राज्य सरकार राज्य में हुई मौतों का ऑडिट भी करा रही है.