इसराइल-हमास समझौते पर बोले ट्रंप- सोमवार या मंगलवार तक छूट जाएंगे बंधक, और क्या कहा?

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने आज कहा कि ग़ज़ा समझौते पर पहुंचने के लिए ईरान पर हमला ज़रूरी था.

सारांश

लाइव कवरेज

सुरभि गुप्ता, संदीप राय

  1. ग़ज़ा शांति योजना के पहले चरण पर क्या बोले इसराइल के पीएम नेतन्याहू?

    इसराइली प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू

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    इमेज कैप्शन, इसराइल के प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू ने अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को धन्यवाद दिया

    इसराइल के प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू ने ग़ज़ा शांति समझौते के पहले चरण को लेकर हमास और इसराइल के बीच हुई सहमति को "इसराइल के लिए बहुत बड़ा दिन" बताया है.

    नेतन्याहू ने कहा कि वे गुरुवार को अपनी सरकार की बैठक बुलाएंगे, ताकि इस समझौते को मंज़ूरी दी जा सके और इसराइली बंधकों को घर वापस लाया जा सके.

    उन्होंने एक्स पर पोस्ट किया, "योजना के पहले चरण को मंज़ूरी मिलने के साथ ही हमारे सभी बंधक अपने घर लाए जाएंगे. यह एक कूटनीतिक सफलता है और इसराइल के लिए एक राष्ट्रीय और नैतिक जीत है."

    उन्होंने लिखा, "हमारे मित्र राष्ट्रपति ट्रंप के अथक प्रयासों के कारण हम इस महत्वपूर्ण मोड़ तक पहुंचे हैं."

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को धन्यवाद देते हुए नेतन्याहू ने लिखा, "मैं राष्ट्रपति ट्रंप का उनके नेतृत्व, साझेदारी और इसराइल की सुरक्षा और हमारे बंधकों की स्वतंत्रता के प्रति उनकी अटूट प्रतिबद्धता के लिए धन्यवाद करता हूं."

  2. पीएम मोदी ने कांग्रेस से पूछा सवाल तो चिदंबरम ने दी प्रतिक्रिया, कहा- 'बहुत ग़लत'

    कांग्रेस नेता पी चिदंबरम

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    इमेज कैप्शन, कांग्रेस नेता पी चिदंबरम (फ़ाइल फ़ोटो) ने पीएम मोदी के बयान पर आपत्ति जताई है

    कांग्रेस नेता पी. चिदंबरम ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उस बयान पर प्रतिक्रिया दी है, जिसमें उन्होंने कहा था कि कांग्रेस को देश को यह बताना चाहिए कि 26/11 के मुंबई हमले के बाद किसने जवाबी कार्रवाई करने से रोका था.

    अब चिदंबरम ने पीएम मोदी के बयान पर प्रतिक्रिया दी है.

    उन्होंने एक्स पर पोस्ट किया, "पीएम मोदी के बयान के तीन हिस्से हैं और तीनों ही हिस्से ग़लत हैं, बहुत ग़लत. यह पढ़कर निराशा हुई कि भारत के माननीय प्रधानमंत्री ने ये शब्द गढ़े और मुझे इसका ज़िम्मेदार ठहरा दिया."

    पीएम मोदी ने क्या कहा था?

    बुधवार को नवी मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के पहले चरण का उद्घाटन करने के बाद एक जनसभा को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा, "2008 में आतंकियों ने मुंबई शहर को बड़े हमले के लिए चुना, लेकिन तब जो कांग्रेस की सरकार सत्ता में थी उसने कमज़ोरी का मैसेज दिया."

    प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, "हाल ही में कांग्रेस के एक बड़े नेता, जो देश के गृह मंत्री रह चुके हैं, उन्होंने एक इंटरव्यू में बहुत बड़ा राज़ खोला. उन्होंने दावा किया है कि 2008 के मुंबई हमले के बाद हमारी सेनाएं, पाकिस्तान पर हमला करने को तैयार थीं."

    पीएम मोदी ने कहा, "पूरा देश भी उस समय यही चाहता था, लेकिन किसी दूसरे देश के दबाव के कारण कांग्रेस सरकार ने भारत की सेनाओं को पाकिस्तान पर हमला करने से रोक दिया था."

    पीएम मोदी इसमें कांग्रेस नेता और पूर्व गृह मंत्री पी. चिदंबरम के 26/11 हमलों से जुड़े एक बयान का ज़िक्र कर रहे थे.

    दरअसल, चिदंबरम ने एक न्यूज़ चैनल को दिए इंटरव्यू में कहा था कि मुंबई में जब हमला हुआ था, उस वक्त दुनियाभर से यह दबाव था कि भारत कोई प्रतिक्रिया या कार्रवाई न करे.

  3. ग़ज़ा पर ट्रंप की घोषणा का यूएन प्रमुख ने किया स्वागत

    ट्रंप और गुटेरेस

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    इमेज कैप्शन, 23 सितंबर को डोनाल्ड ट्रंप ने न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र महासभा के 80वें सत्र के दौरान संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस से मुलाक़ात की थी

    संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने ग़ज़ा में युद्धविराम और बंधकों की रिहाई के लिए हुए समझौते की घोषणा का स्वागत किया है.

    एंटोनियो गुटेरेस ने एक्स पर पोस्ट किया, "मैं अमेरिका, क़तर, मिस्र और तुर्की के कूटनीतिक प्रयासों की सराहना करता हूं, जिन्होंने इसे संभव बनाया. मैं सभी संबंधित पक्षों से अपील करता हूं कि वे समझौते की शर्तों का पूरी तरह पालन करें."

    संयुक्त राष्ट्र महासचिव ने लिखा, "सभी बंधकों को सम्मानजनक तरीक़े से रिहा किया जाना चाहिए. स्थायी युद्धविराम सुनिश्चित होना चाहिए. लड़ाई को हमेशा के लिए ख़त्म किया जाना चाहिए."

    उन्होंने ग़ज़ा में तुरंत मानवीय सहायता दिए जाने की अपील करते हुए लिखा कि संयुक्त राष्ट्र इस समझौते को अमल में लाने में पूरी मदद करेगा.

    अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने घोषणा की है कि इसराइल और हमास दोनों ने अमेरिका की ग़ज़ा शांति योजना के पहले चरण पर हस्ताक्षर कर दिए हैं.

    उनके मुताबिक़ सभी बंधकों को जल्द रिहा किया जाएगा और इसराइल अपनी सेना को तय की गई सीमा तक वापस बुलाएगा.

  4. ट्रंप ने कहा- इसराइल और हमास दोनों ने ग़ज़ा शांति योजना के पहले चरण पर हस्ताक्षर किए

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप

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    इमेज कैप्शन, ट्रंप ने क़तर, मिस्र और तुर्की को मध्यस्थता के लिए धन्यवाद दिया है

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने घोषणा की है कि इसराइल और हमास दोनों ने अमेरिका की ग़ज़ा शांति योजना के पहले चरण पर हस्ताक्षर कर दिए हैं.

    ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर पोस्ट किया, "इसका मतलब है कि सभी बंधकों को बहुत जल्द रिहा किया जाएगा और इसराइल अपनी सेना को तय की गई सीमा तक वापस बुलाएगा. यह एक मज़बूत, स्थिर और स्थायी शांति की दिशा में पहला क़दम होगा. सभी पक्षों के साथ निष्पक्ष व्यवहार किया जाएगा."

    ट्रंप ने लिखा है, "यह अरब और मुस्लिम दुनिया, इसराइल उसके सभी पड़ोसी देशों के साथ अमेरिका के लिए एक महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक दिन है."

    अमेरिकी राष्ट्रपति ने क़तर, मिस्र और तुर्की को इस मामले में मध्यस्थता के लिए धन्यवाद दिया है.

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