रोहिणी आचार्य के राजनीति छोड़ने के एलान पर क्या कह रहे हैं बीजेपी नेता?
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, रोहिणी आचार्य ने कहा है कि वो अपने परिवार से भी नाता तोड़ रही हैं (फ़ाइल फ़ोटो)
आरजेडी नेता और लालू प्रसाद यादव की बेटी रोहिणी आचार्य ने अपने परिवार से नाता तोड़ने और राजनीति छोड़ने का एलान किया है.
रोहिणी आचार्य ने मीडिया को बयान दिया, "मेरा कोई परिवार नहीं है. अब ये जाकर आप संजय, रमीज़, तेजस्वी यादव से पूछिए. मेरा कोई परिवार नहीं है. उन्हीं लोगों ने मुझे परिवार से निकाला है क्योंकि उन्हें ज़िम्मेदारी लेनी नहीं है. पूरा देश-दुनिया सवाल कर रही है कि पार्टी का ऐसा हाल क्यों हुआ."
इससे पहले रोहिणी आचार्य ने एक्स पर पोस्ट कर राजनीति छोड़ने और परिवार से नाता तोड़ने की घोषणा की थी.
उन्होंने एक्स पर लिखा, “मैं राजनीति छोड़ रही हूं और अपने परिवार से नाता तोड़ रही हूं. संजय यादव और रमीज़ ने मुझसे यही करने को कहा था और मैं सारा दोष ख़ुद पर ले रही हूं.”
रोहिणी आचार्य ने बीते साल सारण लोकसभा सीट से चुनाव लड़ा था, लेकिन वो बीजेपी के उम्मीदवार राजीव प्रताप रूडी से चुनाव हार गई थीं.
राजीव प्रताप रूडी ने उनकी इस घोषणा पर सवाल किए जाने पर कहा, "यह उनका पारिवारिक मामला है. हो सकता है कि उन्हें किसी प्रकार की निराशा हो. लेकिन मुझे लगता है कि आरजेडी और परिवार बिखरता जा रहा है और संकेत अच्छे नहीं हैं."
"मुझे उनकी पार्टी या परिवार के बारे में कोई टिप्पणी नहीं करनी है. लेकिन आरजेडी पर बड़ा संकट मंडरा रहा है और ये पार्टी पूरी तरह से बिखर चुकी है."
बिहार बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष दिलीप जायसवाल ने कहा, "यह लालू यादव के परिवार का आपसी मामला है. मैं यह अनुरोध करूंगा कि परिवार बिखरना नहीं चाहिए. किसी व्यक्ति के कारण अगर परिवार बिखर रहा है तो यह उचित नहीं है."
"लालू यादव और राबड़ी देवी को इस परिवार को बचाने की आवश्यकता है. यह एक पारिवारिक मामला है इसलिए इस पर बहुत ज़्यादा टिप्पणी करना उचित नहीं है."
बीजेपी नेता संजय जायसवाल ने कहा, "तेजस्वी यादव के पैसों का जो मैनेजमेंट करते हैं, वो परिवार से ज़्यादा नज़दीक हो गए हैं. अगर आप गलत ढंग से पैसे कमाएंगे, तो सबसे पहले आपका परिवार टूटता है."
बीबीसी के ख़िलाफ़ क़ानूनी कार्रवाई करेंगे ट्रंप, कहा- "मुझे यह करना ही होगा", हेलेन सुलिवन, बीबीसी न्यूज़
इमेज स्रोत, Roberto Schmidt/Getty Images
इमेज कैप्शन, बीबीसी ने राष्ट्रपति ट्रंप से माफ़ी मांगी है, लेकिन उन्हें मुआवज़ा देने से इनकार किया है
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि बीबीसी पैनोरामा के प्रोग्राम में उनके भाषण को एडिट किए जाने के मामले में वो बीबीसी के ख़िलाफ़ क़ानूनी कार्रवाई करेंगे.
शुक्रवार शाम पत्रकारों से बात करते हुए ट्रंप ने कहा, "हम उन पर 1 अरब डॉलर से लेकर 5 अरब डॉलर के बीच का मुक़दमा करेंगे, अगले हफ़्ते कभी भी."
गुरुवार को, बीबीसी ने कहा था कि 6 जनवरी 2021 के भाषण के एडिटिंग से अनजाने में "यह ग़लत धारणा बन गई कि राष्ट्रपति ट्रंप ने सीधे तौर पर हिंसक कार्रवाई का आह्वान किया था" और कहा कि इसे फिर से ब्रॉडकास्ट नहीं किया जाएगा.
बीबीसी ने इसके लिए राष्ट्रपति ट्रंप से माफ़ी मांगी, लेकिन उन्हें मुआवज़ा देने से इनकार किया है.
ट्रंप ने पत्रकारों से क़ानूनी कार्रवाई करने के अपने प्लान के बारे में कहा, "मुझे लगता है कि मुझे यह करना ही होगा. उन्होंने धोखा दिया. उन्होंने मेरे शब्दों को बदल दिया."
बृंदा करात बोलीं- "चुनाव आयोग का नाम बदलकर भारतीय जनता पार्टी कमिशन कर देना चाहिए"
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, बृंदा करात ने कहा कि बिहार को लेकर बीजेपी का रवैया भेदभाव का रहा है
सीपीआई(एम) नेता बृंदा करात ने कहा है कि 'भारत के चुनाव आयोग का नाम बदलकर भारतीय जनता पार्टी कमिशन कर देना चाहिए.'
उन्होंने बिहार में बीजेपी पर नियम तोड़ने के आरोप लगाए और चुनाव आयोग पर भी निशाना साधा.
बृंदा करात ने कहा, "जो परिणाम आए हैं, वो वाकई में अनपेक्षित हैं. हम सबने देखा है कि बीजेपी ने सत्ता और चुनाव आयोग को इस्तेमाल करके तमाम नियम तोड़े हैं."
बृंदा करात ने आरोप लगाया कि बीजेपी की गैर-कानूनी कार्रवाइयों पर चुनाव आयोग ने कोई रोक नहीं लगाई.
उन्होंने कहा, "हम सब जानते हैं कि कितना पैसा खर्च किया गया, जिसकी कोई गिनती नहीं है, उतना पैसा खर्च किया गया."
बृंदा करात ने कहा कि बिहार को लेकर बीजेपी का रवैया भेदभाव का रहा है, जिसके कारण बिहार सबसे ग़रीब प्रदेश है.
उन्होंने कहा, "हमारी पार्टी की चार सीटों में से एक सीट हम जीते हैं, एक और सीट कम ही वोटों से हम हारे हैं. इसका पूरा विश्लेषण अभी बाकी है."
चुनाव आयोग पर निशाना साधते हुए बृंदा करात ने कहा, "मैं ये ज़रूर कह सकती हूं कि अगर बिहार चुनाव का नमूना रहेगा, तो फिर इस देश के चुनाव आयोग का नाम बदलकर इसको भारतीय जनता पार्टी कमिशन के नाम से पहचाना जाना चाहिए.
पीएम मोदी ने गुजरात में बिहार चुनाव के परिणाम और जातिवाद को लेकर क्या कहा
इमेज स्रोत, ANI
इमेज कैप्शन, सूरत में पीएम मोदी ने एक जनसभा को संबोधित किया है
शनिवार को गुजरात के सूरत शहर पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि बिहार में समाज के सभी वर्गों ने एनडीए को अभूतपूर्व समर्थन दिया है.
पीएम मोदी ने कहा, "पिछले दो साल से बिहार में ज़मानती नेता, जो ज़मानत पर घूम रहे हैं, वो बिहार में जाकर जातिवाद-जातिवाद का भाषण देते रहते थे और जितनी ताक़त थी उन्होंने जातिवाद का ज़हर फैलाने की कोशिश की थी."
"उनको लगता था कि इससे उनका खेल हो जाएगा. लेकिन बिहार के इस चुनाव ने जातिवाद के उस ज़हर को पूरी तरह नकार दिया है. ये देश के लिए बहुत उज्ज्वल संकेत है."
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, "बिहार आज दुनिया भर में छाया हुआ है. आप दुनिया में कहीं भी जाइए, बिहार का टैलेंट आपको नज़र आएगा. अब बिहार विकास की नई ऊंचाइयों को पाने का मिज़ाज दिखा रहा है."
"इस चुनाव में उस मिज़ाज के दर्शन हुए हैं. महिला-युवा, यह एक ऐसा 'एमवाई' कॉम्बिनेशन बना है, जिसने आने वाले अनेक दशकों की राजनीति की नींव मज़बूत कर दी है."
प्रशांत किशोर क्या बिहार में बने रहेंगे? जन सुराज के अध्यक्ष ने दिया इस सवाल का जवाब
इमेज स्रोत, ANI
इमेज कैप्शन, जन सुराज पार्टी के अध्यक्ष उदय सिंह ने कहा है कि चुनाव परिणाम से पार्टी हताश नहीं हुई है
जन सुराज पार्टी के अध्यक्ष उदय सिंह ने कहा है कि बिहार चुनाव के नतीजे उनकी पार्टी के लिए सीख हैं.
उन्होंने कहा, "चुनाव के परिणाम हम लोगों के लिए सीख है कि हम लोग अपने मतदाताओं को उतना भरोसा नहीं दिला पाए कि वे हमें विकल्प के रूप में देखें और जब अंत में वो डर गए कि आरजेडी की व्यवस्था न बन जाए, तो वो एनडीए की तरफ़ शिफ़्ट हो गए."
उदय सिंह के मुताबिक़ एनडीए को मिले प्रचंड बहुमत के पीछे एक कारण 'पैसे बांटना' रहा. उन्होंने इस पर चिंता जताते हुए कहा, "बिहार के ऊपर इतना बड़ा बोझ डालने वाला है कि इस क़र्ज़ के बोझ से बिहार कब निकलेगा, मेरी समझ में नहीं आ रहा है."
उन्होंने कहा कि जन सुराज पार्टी हताश नहीं हुई है और वह अपने काम में लगी रहेगी और बिहार में बदलाव लाएगी.
ये पूछे जाने पर कि क्या प्रशांत किशोर बिहार में बने रहेंगे? इस पर उदय सिंह ने कहा, "प्रशांत किशोर बिहार में बने रहेंगे. जेडीयू के कहने से न हम राजनीति में आए थे, न उसके कहने से छोड़ेंगे. हम तब छोड़ेंगे, जब हमें लगेगा कि बिहार में बदलाव आ गया है. जब तक बिहार को बदल नहीं लेते, तब तक इसी तरह लगे रहेंगे."
आरके सिंह ने बीजेपी की सदस्यता छोड़ी, पूछा- "मेरी कौन सी गतिविधियां पार्टी के विरोध में हैं?"
इमेज स्रोत, Facebook/Raj Kumar Singh
इमेज कैप्शन, बीजेपी ने आरके सिंह को पार्टी से निलंबित कर दिया था
बीजेपी से निलंबित किए जाने के बादपूर्व केंद्रीय मंत्री और आरा के पूर्व सांसद आरके सिंह ने पार्टी से इस्तीफ़ा दे दिया है.
आरके सिंह ने एक्स पर पोस्ट किया, "मैंने पार्टी को अपना त्यागपत्र भेज दिया है."
उन्होंने बिहार बीजेपी प्रदेश कार्यालय को भेजा गया पत्र और पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा को भेजा गया त्यागपत्र भी शेयर किया है.
बिहार विधानसभा चुनाव में जीत के एक दिन बाद ही बीजेपी ने आरके सिंह को पार्टी से निलंबित कर दिया था.
आरके सिंह के नाम बीजेपी के बिहार प्रदेश मुख्यालय की ओर से जारी पत्र में लिखा गया था, "आपकी गतिविधियां पार्टी के विरोध में हैं. ये अनुशासन के दायरे में आता है. पार्टी ने इसे गंभीरता से लिया है. इससे पार्टी को नुकसान हुआ है."
आरके सिंह को पार्टी से निलंबित करते हुए ये पूछा गया था कि उन्हें पार्टी से क्यों नहीं निकाला जाए, उन्हें अपनी स्थिति स्पष्ट करने के लिए एक हफ़्ते का समय दिया गया था.
इसके बाद आरके सिंह ने एक्स पर जानकारी दी है कि उन्होंने बीजेपी से इस्तीफ़ा दे दिया है.
बीजेपी के बिहार प्रदेश मुख्यालय के प्रभारी अरविन्द शर्मा को भेजे खत में आरके सिंह ने लिखा, "आपने बताया नहीं है कि मेरी कौन सी गतिविधियां पार्टी के विरोध में हैं."
उन्होंने लिखा, "मैंने कहा कि आपराधिक पृष्ठभूमि के व्यक्तियों को टिकट नहीं दिया जाए. क्या यह पार्टी विरोधी है? यह प्रतीत होता है कि मेरे द्वारा आपराधिक पृष्ठभूमि और भ्रष्टाचार में लिप्त लोगों के विरुद्ध बयान देना कुछ लोगों को नागवार गुज़रा."
"मैंने पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से अपना त्यागपत्र राष्ट्रीय अध्यक्ष को भेज दिया है."
बिहार चुनाव के नतीजों के बाद देवेंद्र फडणवीस ने राहुल गांधी को दी सलाह
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने राहुल गांधी के एक्स पोस्ट पर प्रतिक्रिया दी है (फ़ाइल फ़ोटो)
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी को 'आत्म निरीक्षण करने' की सलाह दी है.
शनिवार को पत्रकारों ने देवेंद्र फडणवीस से बिहार चुनाव के नतीजों की निष्पक्षता पर राहुल गांधी के किए गए एक्स पोस्ट पर प्रतिक्रिया देने को कहा.
इस पर सीएम फडणवीस ने कहा, "वो जब तक आत्म परीक्षण नहीं करेंगे, वो मिट्टी में ही जाएंगे."
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने बिहार विधानसभा चुनाव के नतीजों को चौंकाने वाला बताते हुए एक्स पर एक पोस्ट किया.
उन्होंने लिखा, "मैं बिहार के उन करोड़ों मतदाताओं का हार्दिक आभार व्यक्त करता हूं, जिन्होंने महागठबंधन पर अपना विश्वास जताया. बिहार का यह परिणाम वाकई चौंकाने वाला है."
"हम एक ऐसे चुनाव में जीत हासिल नहीं कर सके, जो शुरू से ही निष्पक्ष नहीं था. यह लड़ाई संविधान और लोकतंत्र की रक्षा की है. कांग्रेस पार्टी और इंडिया गठबंधन इस परिणाम की गहराई से समीक्षा करेंगे और लोकतंत्र को बचाने के अपने प्रयासों को और अधिक प्रभावी बनाएंगे."
बिहार विधानसभा चुनाव में एनडीए को बहुमत हासिल हुआ है जबकि महागठबंधन काफ़ी पीछे रहा है. कांग्रेस को केवल 6 सीटें मिली हैं.
लाल क़िला मेट्रो स्टेशन का गेट नंबर 2 और 3 यात्रियों के लिए खोला गया
इमेज स्रोत, ANI
इमेज कैप्शन, 10 नवंबर की घटना के बाद लाल क़िला मेट्रो स्टेशन सुरक्षा कारणों से यात्रियों के लिए बंद कर दिया गया था
दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (डीएमआरसी) ने जानकारी दी है कि लाल क़िला मेट्रो स्टेशन का गेट नंबर 2 और 3 यात्रियों के लिए खोल दिया गया है.
सोमवार, 10 नवंबर की शाम लाल क़िला मेट्रो स्टेशन के पास एक कार में विस्फोट हो गया था, जिसे भारत सरकार ने 'आतंकी हमला' बताया है.
11 नवंबर को डीएमआरसी ने सुरक्षा कारणों से लाल क़िला मेट्रो स्टेशन बंद रहने की जानकारी दी थी.
12 नवंबर को भी ये मेट्रो स्टेशन सुरक्षा वजहों से बंद रहा.
फिर 13 नवंबर को डीएमआरसी ने एक्स पर पोस्ट किया, "सुरक्षा कारणों से लाल क़िला मेट्रो स्टेशन अगली सूचना तक बंद रहेगा."
अब 15 नवंबर को डीएमआरसी ने पोस्ट किया, "लाल किला मेट्रो स्टेशन पर गेट नंबर 2 और 3 अब यात्रियों के लिए खोल दिए गए हैं."
कोलकाता टेस्ट मैच: दक्षिण अफ़्रीका ने दूसरी पारी में 93 रन पर गंवाए 7 विकेट
इमेज स्रोत, DIBYANGSHU SARKAR/AFP via Getty Images
इमेज कैप्शन, भारत और दक्षिण अफ़्रीका के बीच कोलकाता में पहले टेस्ट मैच का दूसरा दिन
भारत और दक्षिण अफ़्रीका के बीच कोलकाता में खेले जा रहे पहले टेस्ट मैच की दूसरी पारी में दक्षिण अफ़्रीका ने 7 विकेट के नुक़सान पर 93 रन बनाए हैं.
इसके साथ ही दक्षिण अफ़्रीका की 63 रनों की लीड हो गई है.
कप्तान टेम्बा बावुमा 29 और कॉर्बिन बॉश एक रन पर नाबाद रहे. भारत की ओर से रवींद्र जडेजा ने 4 विकेट, कुलदीप यादव को 2 और अक्षर पटेल ने एक विकेट लिया.
दक्षिण अफ़्रीका ने पहली पारी में 159 रन बनाए थे.
वहीं भारत ने अपनी पहली पारी में 189 रन बनाए थे. केएल राहुल ने सबसे ज़्यादा 39 रन बनाए. उनके अलावा वॉशिंगटन सुंदर ने 29 रन, ऋषभ पंत और रवींद्र जडेजा ने 27-27 रन बनाए.
बिहार चुनाव के नतीजों पर अखिलेश यादव बोले- "202 सीटें... हजम नहीं हो रहा"
इमेज स्रोत, ANI
इमेज कैप्शन, अखिलेश यादव ने कहा है कि वो इन परिणामों को समझ नहीं पा रहे हैं
बिहार में एनडीए को 202 सीटें मिलने पर समाजवादी पार्टी (एसपी) प्रमुख अखिलेश यादव ने प्रतिक्रिया दी है.
अखिलेश यादव शनिवार को कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु पहुंचे. इस दौरान उनसे बिहार चुनाव के नतीजों पर सवाल किया गया.
एनडीए की जीत पर उन्होंने कहा, "202 सीट जीते हैं. डबल सेंचुरी...हजम नहीं हो रहा. मैं समझ नहीं पा रहा हूं. ये रिज़ल्ट कैसे?"
अखिलेश यादव ने कहा, "चुनाव में हार-जीत से सीख मिलती है. बीजेपी ने अब ये कहना शुरू किया है कि उन्हें महिलाओं का वोट ज़्यादा मिला है. ये तो बताया जा सकता है."
उन्होंने कहा, "लेकिन बीजेपी की जो मशीनरी है, जो काम करने का तरीका है, वो सम्मान का जीवन नहीं देना चाहते हैं. 10 हज़ार आप कब तक दोगे, बस पैसे देकर वोट ले लिया."
"आप उन महिलाओं को 10 हज़ार रुपये दे रहे हो, जिनके पति, परिवार के लोग एकसाथ नहीं रह सकते. दुःख की बात ये है कि बिहार, यूपी वो राज्य हैं, जहां के सबसे ज़्यादा लोग बाहर जाते हैं. वो अपने परिवार को छोड़कर जाते हैं. परिवार के साथ लोग परिवार की तरह रहें, उसके लिए सरकार काम नहीं कर रही है. बस 10 हज़ार रुपये देकर वोट ले लिया."
चिराग पासवान ने साल 2022 और एलजेपी (आर) के 'कठिन समय' को लेकर कही ये बातें
इमेज स्रोत, ANI
इमेज कैप्शन, चिराग पासवान ने कहा है कि इतिहास अपने आप को दोहराता है
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में 19 सीटें हासिल करने वाली लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के प्रमुख चिराग पासवान ने शनिवार को प्रेस कॉन्फ़्रेंस की.
केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने बताया कि उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाक़ात कर उन्हें जीत की बधाई दी है. साथ ही, इस पर भी चर्चा की है कि आने वाले दिनों में गठबंधन और सरकार की क्या रूपरेखा रहेगी.
प्रेस कॉन्फ़्रेंस के दौरान उन्होंने कहा, "पार्टी ने संघर्ष के कई दौर देखे. 2009 और 2010 का एक ऐसा दौर आया, जब 2009 के लोकसभा चुनाव में रामविलास पासवान खुद भी चुनाव नहीं जीत पाए थे. वो पार्टी का एक कठिन समय था, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी और 2014 में शानदार वापसी की."
"कहते हैं इतिहास अपने को दोहराता है. 2020 के आसपास मेरे सामने ऐसे ही परिस्थिति आई, जब कई दलों ने पार्टी की समाप्ति की भी घोषणा कर दी और इसके बाद 2021 में जिन उतार-चढ़ाव से पार्टी गुज़री...2022 आते-आते कहीं न कहीं ये मान लिया गया था कि लोक जनशक्ति पार्टी और चिराग पासवान समाप्त हैं, पर मेरी रगों में भी मेरे नेता, मेरे पिता रामविलास पासवान का खून है."
2024 लोकसभा चुनाव का ज़िक्र करते हुए चिराग पासवान ने कहा, "2024 में गठबंधन ने अपना विश्वास जताते हुए एक सांसद वाली पार्टी को पांच लोकसभा की सीटें दीं लड़ने के लिए और पांचों सीटें हमने जीतीं."
गठबंधन को धन्यवाद देते हुए चिराग पासवान ने कहा, "विधानसभा चुनाव में भी गठबंधन ने विश्वास जताकर हमें 29 सीटें देने का काम किया और 29 में भी ऐसी सीटें दीं जिस पर गठबंधन का विश्वास था कि ये कठिन सीटें हैं, इन्हेंलोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) ही जीत कर ला सकती है."
चिराग पासवान ने कहा कि आज लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) कहीं न कहीं उस मुकाम तक पहुंच गई है, जैसा उनके पिता रामविलास पासवान ने सोचा था.
लालू यादव की बेटी रोहिणी आचार्य ने राजनीति छोड़ने का किया एलान, लगाए ये आरोप
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, रोहिणी आचार्य ने कहा है कि वो अपने परिवार से भी नाता तोड़ रही हैं (फ़ाइल फ़ोटो)
बिहार
विधानसभा चुनाव के नतीजों के बाद शनिवार को आरजेडी नेता और लालू प्रसाद यादव की
बेटी रोहिणी आचार्य ने एक्स पर पोस्ट किया है कि वो राजनीति छोड़ रही हैं.
उन्होंने
लिखा,“मैं राजनीति छोड़ रही
हूं और अपने परिवार से नाता तोड़ रही हूं.”
इसके बाद उन्होंने लिखा, “संजय यादव और रमीज़ ने मुझसे यही करने को
कहा था और मैं सारा दोष ख़ुद पर ले रही हूं.”
रोहिणी आचार्य ने बीते साल सारण लोकसभा सीट से चुनाव लड़ा
था, लेकिन वो बीजेपी के उम्मीदवार राजीव प्रताप रूडी से चुनाव हार गई थीं.
रोहिणी आचार्य के आरोपों पर अभी तक आरजेडी या संजय यादव
की ओर से कोई जवाब नहीं आया है.
बिहार: बीजेपी ने पूर्व केंद्रीय मंत्री आरके सिंह को पार्टी से निलंबित किया, ये वजह बताई
इमेज स्रोत, Facebook/Raj Kumar Singh
इमेज कैप्शन, आरके सिंह को पार्टी से निलंबित करते हुए अपनी स्थिति स्पष्ट करने के लिए एक हफ़्ते का समय दिया है
बिहार विधानसभा चुनाव में जीत के एक दिन बाद ही भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने पूर्व केंद्रीय मंत्री और आरा के पूर्व सांसद आरके सिंह को पार्टी से निलंबित कर दिया है.
आरके सिंह के नाम बीजेपी के बिहार प्रदेश मुख्यालय की ओर से जारी पत्र में लिखा गया है, "आपकी गतिविधियां पार्टी के विरोध में हैं. ये अनुशासन के दायरे में आता है. पार्टी ने इसे गंभीरता से लिया है. इससे पार्टी को नुकसान हुआ है."
इमेज कैप्शन, बिहार बीजेपी का पत्र
आरके सिंह को पार्टी से निलंबित करते हुए ये पूछा गया है कि उन्हें पार्टी से क्यों नहीं निकाला जाए, उन्हें अपनी स्थिति स्पष्ट करने के लिए एक हफ़्ते का समय दिया गया है.
आरके सिंह के अलावा बीजेपी ने बिहार विधान परिषद के सदस्य अशोक अग्रवाल और कटिहार की मेयर ऊषा अग्रवाल के ख़िलाफ़ भी एक्शन लिया है. इन्हें भी पार्टी से निलंबित करते हुए ये पूछा गया है कि उन्हें पार्टी से क्यों नहीं निकाला जाए.
कोलकाता टेस्ट मैच: दक्षिण अफ़्रीका के ख़िलाफ़ भारत की पहली पारी 189 रन पर सिमटी
इमेज स्रोत, DIBYANGSHU SARKAR/AFP via Getty
इमेज कैप्शन, भारत की ओर से पहली पारी में केएल राहुल ने सबसे अधिक 39 रन बनाए
दक्षिण अफ़्रीका के ख़िलाफ़ खेले जा रहे पहले टेस्ट मैच में भारत की पहली पारी 189 रनों पर सिमट गई है. भारत को मात्र 30 रनों की बढ़त मिली है.
केएल राहुल ने सबसे ज़्यादा 39 रन बनाए. उनके अलावा वॉशिंगटन सुंदर ने 29 रन, ऋषभ पंत और रवींद्र जडेजा ने 27-27 रन बनाए.
मेहमान टीम के साइमन हार्मर ने सबसे अधिक चार विकेट झटके. वहीं मार्को यानसन को तीन विकेट मिले.
दक्षिण अफ़्रीका ने पहली पारी में 159 रन बनाए थे. भारत की ओर से जसप्रीत बुमराह ने सबसे अधिक पांच विकेट लिए थे.
नमस्कार!
अब तक बीबीसी संवाददाता सुमंत सिंह आप तक ख़बरें पहुंचा रहे थे. अब से रात 10 बजे तक बीबीसी संवाददाता सुरभि गुप्ता आप तक अहम ख़बरें पहुंचाएंगी.
बीबीसी न्यूज़ हिन्दी के पन्ने पर लगी कुछ अहम ख़बरें पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक्स पर क्लिक करें.
बिहार चुनाव में सबसे कम और सबसे ज़्यादा वोटों से जीतने वालों को जानिए
इमेज स्रोत, ECI
इमेज कैप्शन, राधा चरण साह ने संदेश से, जबकि कलाधर प्रसाद मंडल ने रुपौली से जीत हासिल की है
बिहार विधानसभा चुनाव में कलाधर प्रसाद मंडल ने सबसे अधिक वोटों और राधा चरण साह ने सबसे कम वोटों से जीत दर्ज की है.
रुपौली सीट से जेडीयू के कलाधर प्रसाद मंडल को कुल 1लाख 24 हज़ार 826 वोट मिले. उन्होंने 73 हज़ार 572 वोटों से अपनी निकटतम प्रतिद्वंद्वी बीमा भारती को हराया.
बीमा भारती आरजेडी के टिकट पर लड़ी थीं. उन्होंने 51 हज़ार 254 वोट हासिल किए.
वहीं, संदेश सीट से जेडीयू के राधा चरण साह ने सबसे कम अंतर से जीत दर्ज की. साह ने महज़ 27 वोटों के अंतर से आरजेडी के दीपू सिंह को हराया है.
राधा चरण साह को 80हज़ार 598 वोट मिले, जबकि दीपू सिंह ने 80 हज़ार 571 वोट हासिल किए.
रामगढ़ से बीएसपी की टिकट से चुनाव लड़ने वाले सतीश कुमार सिंह यादव ने भी बहुत ही कम अंतर से चुनाव जीता है. उन्होंने महज़ 30 वोटों से बीजेपी के अशोक कुमार सिंह को हराया है.
सतीश कुमार को 72 हज़ार 689 वोट, जबकि अशोक कुमार को 72 हज़ार 659 वोट मिले. इस बार के बिहार चुनाव में रामगढ़, बीएसपी की जीती हुई इकलौती सीट है.
जम्मू-कश्मीर: श्रीनगर के नौगाम थाने में हुए धमाके पर राहुल गांधी क्या बोले
इमेज स्रोत, ANI
इमेज कैप्शन, राहुल गांधी (फ़ाइल फ़ोटो)
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने जम्मू-कश्मीर के नौगाम पुलिस स्टेशन में हुए धमाके पर प्रतिक्रिया दी है.
राज्य के डीजीपी नलिन प्रभात के मुताबिक़, इस धमाके में नौ लोगों की मौत हुई है और कुल 32 लोग घायल हुए हैं.
राहुल गांधी ने एक्स पर लिखा, "जम्मू-कश्मीर के नौगाम पुलिस स्टेशन में हुए विस्फोट में कई सुरक्षाकर्मियों की मौत और कई लोगों का घायल होना बहुत ही पीड़ादायक और चिंताजनक है."
उन्होंने कहा, "सूचना है कि ये भीषण हादसा लाल किला के पास हुए हमले से जुड़े विस्फोटकों की जांच के दौरान हुआ. मैं शहीदों को विनम्र श्रद्धांजलि देता हूं और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की आशा करता हूं."
प्रशांत किशोर के राजनीति छोड़ने के सवाल पर जन सुराज ने दिया यह जवाब
इमेज स्रोत, ANI
इमेज कैप्शन, प्रशांत किशोर ने चुनाव से पहले बयान दिया था कि अगर जेडीयू की 25 से ज़्यादा सीटें आईं तो वह राजनीति छोड़ देंगे (फ़ाइल फ़ोटो)
जन सुराज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय सिंह ने पार्टी के संस्थापक प्रशांत किशोर के राजनीति छोड़ने के सवाल का जवाब दिया है.
शनिवार को पटना में हुई पार्टी की प्रेस कॉन्फ़्रेंस में उदय सिंह से पूछा गया कि 'प्रशांत किशोर ने कहा था कि अगर जेडीयू की 25 से ज़्यादा सीटें आईं तो वह राजनीति छोड़ देंगे'.
इस पर उदय सिंह ने कहा, "जब प्रशांत जी ने यह बात कही थी, उस तारीख़ को याद कीजिए और उसके बाद जिन पैसों की बरसात की मैं बात कर रहा हूं, जिसके बाद पूरा चुनाव प्रभावित हुआ. तो ये 25 सीटें बढ़ेंगी, ये बात लोग बहुत आसानी से समझ सकते हैं."
उदय सिंह का दावा है कि राज्य सरकार ने 21 जून के बाद से चुनाव होने तक क़रीब 40 हज़ार करोड़ रुपये खर्च किए. इसकी वजह से वोटर शिफ़्ट हुए.
एक पत्रकार ने उनसे सवाल किया कि 'जन सुराज पार्टी 243 में एक भी सीट नहीं ला सकी'.
इस पर उन्होंने कहा, "हमने पहले कहा था कि या तो हम 243 में से 200 सीटें लाएंगे या हम शून्य पर रहेंगे. मैंने भी कहा था और प्रशांत जी ने भी ये कहा था. हम जानते थे कि इसकी संभावना है."
जन सुराज पार्टी ने बिहार में अपनी हार पर दी ये दलील
इमेज स्रोत, YT/Jan Suraaj
इमेज कैप्शन, उदय सिंह ने कहा कि जन सुराज बिहार में एक मजबूत विपक्ष की भूमिका में दिखेगी
जन सुराज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय सिंह ने बिहार विधानसभा चुनाव में पार्टी की हार के मुख्यतः दो कारण बताए हैं.
पहला यह कि जनता को डर था कि कहीं सत्ता में राष्ट्रीय जनता दल (राजद) न आ जाए, इस वजह से एनडीए को वोट दिया. दूसरा- चुनाव से पहले सरकार ने काफ़ी पैसे खर्च किए.
इसके अलावा उन्होंने कहा कि दिल्ली ब्लास्ट का असर सीमांचल में हुआ है. यहां ध्रुवीकरण करने में इसकी काफ़ी भूमिका रही है.
शनिवार को पार्टी की प्रेस कॉन्फ़्रेंस में उदय सिंह ने कहा, "जन सुराज को निराशा है, लेकिन हम हताश नहीं हुए. हमें वोट इसलिए नहीं मिले, क्योंकि राजद के आने के डर से हमारे वोट आख़िरी के दो-तीन दिनों में एनडीए की तरफ़ चले गए."
उन्होंने कहा, "निर्वाचन आयोग के मुताबिक़ हमें चार प्रतिशत वोट मिले हैं. हमें उम्मीद थी कि 15 प्रतिशत से अधिक वोट मिलेंगे. हम अपने प्रदर्शन की समीक्षा करेंगे."
एनडीए की जीत कारण बताते हुए उन्होंने कहा, "जन सुराज का मानना है कि एनडीए को जो प्रचंड बहुमत मिला है, वह ख़रीदा गया बहुमत है. 21 जून के बाद से चुनाव होने तक इस सरकार ने क़रीब-क़रीब 40 हज़ार करोड़ रुपये खर्च कर यह बहुमत हासिल किया. जनता के पैसे से जनता के वोट ख़रीदे गए और बिहार के भविष्य को बेचा गया."
इसके अलावा उदय सिंह ने कहा कि जन सुराज को भले ही विधानसभा में बैठने की जगह नहीं मिली, लेकिन वह बिहार में एक मज़बूत विपक्ष के रूप में दिखेगी.