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देर रात किसकी मदद को सक्रिय हुईं केंद्रीय मंत्री स्मृति इरानी और महिला आयोग : सोशल
- Author, रवि प्रकाश
- पदनाम, रांची से, बीबीसी हिंदी के लिए
- प्रकाशित
सोशल मीडिया पर देर रात एक नाम अचानक से ट्रेंड करने लगा. ये नाम ना तो किसी सेलीब्रिटी का था और ना ही किसी राजनेता का. ये नाम था 'अंकिता शुक्ला'.
ट्विटर पर रात क़रीब साढ़े आठ बजे अंकिता शुक्ला ने एक ट्वीट किया. इस ट्वीट में उन्होंने लिखा कि उन्हें मदद की ज़रूरत है.
महज कुछ ही घंटों में उनके इस ट्वीट को सैकड़ों लोगों ने शेयर किया. इस पर उन्हें महिला आयोग ने जवाब दिया और केंद्रीय मंत्री स्मृति इरानी ने महिला आयोग के ट्वीट को री-ट्वीट किया.
अंकिता ने अपने ट्वीट में लिखा "कृपया मुझे बचा लीजिए. मैं ज़िंदगी ख़त्म करने की क़गार पर हूं. मुझे हर मिनट शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक शोषण का सामना करना पड़ रहा है."
अंकिता ने जो ट्वीट किया है उसमें उन्होंने एक शख़्स का फ़ेसबुक प्रोफ़ाइल और जमशेदपुर के साइबर क्राइम थाने में इस संबंध में दर्ज कराई गई अपनी एफ़आइआर को भी ट्वीट किया है. यह शिकायत 16 सितंबर को रिसीव की गई है.
अंकिता ने अपने इस ट्वीट में कैबिनेट मंत्री स्मृति ईरानी, राष्ट्रीय महिला आयोग और दिल्ली महिला आयोग को टैग भी किया था.
उनके इस ट्वीट पर प्रतिक्रिया देते हुए राष्ट्रीय महिला आयोग के अधिकृत ट्विटर हैंडल से जवाब दिया गया.
राष्ट्रीय महिला आयोग ने अंकिता के ट्वीट को री-ट्वीट करते हुए पहला ट्वीट किया "अंकिता से बात हो गई है और उनसे जानकारियां साझा की गई हैं. उनके राज्य के डीजीपी से भी बात की गई है. हम अंकिता के साथ खड़े हैं."
इसके अलावा राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष रेखा शर्मा ने भी ट्वीट किया है कि उनकी अंकिता से बात हुई है और अब वो बेहतर हैं. कल सुबह तक उनके पास हमारी मदद पहुंच जाएगी.
इसके बाद अंकिता शर्मा ने भी ट्वीट कर उनसे बातचीत होने की पुष्टि की है. अंकिता ने लिखा है कि अब वो बेहतर महसूस कर रही हैं. उन्होंने महिला आयोग और स्मृति इरानी को धन्यवाद कहा है.
क्या है पूरा मामला?
अंकिता शुक्ला ने ट्विटर पर ख़ुद के परिचय में साइबर क्राइम विक्टिम, सीकिंग हेल्प ऑन ऑल सोशल मीडिया प्लेटफार्म्स लिखा है.
उनका ट्विटर अकाउंट सितंबर में ही बना है.
इस हैंडल से रविवार की रात 8.25 पर पहला ट्वीट किया गया. इसमें उन्होंने कुछ लड़कों के नाम लिख कर उन पर बलात्कार की धमकी देने का आरोप लगाया था. इसके बाद इस ट्विटर हैंडल से कई ट्वीट किये गए. जिसमें कई स्क्रीन शॉट्स लगाए गए. जिसमें आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया गया है. अंकिता का दावा कि ये आपत्तिजनक कमेंट्स उनके लिए किये गए हैं और उन्हें बदनाम करने की कोशिश की जा रही है.
अंकिता शुक्ला ने अपनी शिकायत में कुछ लड़कों पर आरोप लगाए हैं कि उन्होंने उनकी तस्वीरों का ग़लत इस्तेमाल किया और अब उन्हें धमकी दे रहे हैं. जिन लोगों पर आरोप लगाए गए हैं, उनकी कुछ तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं. कुछ ऐसी भी तस्वीरें हैं जिनमें वे बीजेपी के कई नेताओं के साथ हैं.
अंकिता का पक्ष
अंकिता का पक्ष जानने के लिए बीबीसी ने उनसे संपर्क करने की कोशिश की लेकिन कोई जवाब नहीं मिल सका. जिन लोगों पर आरोप लगाए गए हैं, बीबीसी ने उनका पक्ष भी जानने की कोशिश लेकिन उनका फेसबुक और इंस्टाग्राम अकाउंट बंद हो जाने के कारण उनसे संवाद नहीं हो सका.
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