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पश्चिम बंगाल: प्रदर्शनकारियों ने बीजेपी के एक दफ्तर में लगाई आग, पुलिस थाने पर भी हुआ हमला

हावड़ा जिले के एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि भीड़ ने उलूबेड़िया इलाक़े में भाजपा के एक दफ्तर में भी आग लगा दी.

लाइव कवरेज

भूमिका राय and अभिनव गोयल

  1. जम्मू: ईदगाह मस्जिद के पास जमा हुए लोग, भड़काऊ बयान मामले में दो एफ़आईआर दर्ज

      • Author, मोहित कंधारी
      • पदनाम, मोहित कंधारी, जम्मू से बीबीसी हिंदी के लिए

    जम्मू के डोडा ज़िले के भद्रवाह कस्बे में मस्जिद से भड़काऊ बयान के मामले के बाद इलाक़े में कर्फ़्यू लगा दिया गया है.

    भ्रामक ख़बरें और अफ़वाहों को फैलने से रोकने के लिए डोडा ज़िले में इंटरनेट सेवाएं अस्थायी तौर पर बंद कर दी गई हैं.

    इलाक़े में तनाव को देखते हुए ज़िला प्रशासन ने रामबन और किश्तवाड़ में धारा 144 लागू कर दी है.

    भद्रवाह में, ईदगाह क्षेत्र के बाहर दर्जनों की संख्या में लोग जमा हुए थे लेकिन पुलिस अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के बीच बातचीत के बाद भीड़ हट गई है.

    अतिरिक्त उपायुक्त (एडीसी) भद्रवाह, चौधरी दिल मीर ने बीबीसी को बताया, "ईदगाह क्षेत्र में लोगों की भीड़/जमाव को शांतिपूर्वक हटा दिया गया है."

    एडीसी चौधरी दिल मीर ने बताया कि किसी भी अप्रिय घटना या हिंसा को रोकने के लिए इलाके में सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है.

    इससे पूर्व ईदगाह परिसर को घेरकर खड़े लोगों ने वापस जाने से मना कर दिया था. उनकी मांग थी कि भड़काऊ बयान देने वालों को तत्काल गिरफ़्तार किया जाए.

    चौधरी दिल मीर ने बताया, "हमने स्थानीय निवासियों को आश्वासन दिया है कि इस मामले में शामिल शख़्स के ख़िलाफ़ कानूनी कार्रवाई की जाएगी. इस मामले में अभी तक दो एफ़आईआर दर्ज की गई हैं."

  2. जम्मू: भद्रवाह में मस्जिद से भड़काऊ बयान पर केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने ये कहा

    जम्मू में डोडा ज़िले के भद्रवाह कस्बे में मस्जिद से भड़काऊ बयान के एक मामले के बाद कर्फ़्यू लगा दिया गया है.

    डोडा के डिप्टी कमिश्नर विकास शर्मा ने इसकी पुष्टि की है. उन्होंने कहा, “इलाक़े में तनाव के बाद भद्रवाह शहर में कर्फ़्यू लगा दिया गया है.”

    अब इस संबंध में केंद्रीय मंत्री डॉक्टर जितेंद्र सिंह ने ट्वीट करके अपनी प्रतिक्रिया दी है.

    उन्होंने ट्वीट किया है, “बीते दिन भद्रवाह में हुई अप्रिय घटना से मैं बेहद दुखी हूं. मैं पूरी इज़्ज़त से और विनम्रतापूर्व सभी बड़ों से और दोनों समुदायों के प्रमुखों से यह अपील करता हूं कि वे आपसी सौहार्द बनाए रखने के लिए बात करें ताकि इस कस्बे की सुंदरता बनी रहे.”

    उन्होंने अपने ट्वीट में आगे लिखा है कि इस दौरान वे डीसी डोडा विकास शर्मा के और जम्मू के डिविज़नल कमिश्नर रमेश कुमार से संपर्क में हैं.

    डोडा में लगभग सभी बड़े पुलिस अधिकारी मौजूद हैं और हालात पर नज़र बनाए हुए हैं.

  3. भारत समर्थक मालदीव भी कैसे पैग़ंबर मोहम्मद मामले में हुआ मजबूर

  4. राज्यसभा चुनावः चार राज्यों की 16 सीटों पर आज मतदान, इन बड़े दिग्गजों की किस्मत दाँव पर

    राज्यसभा की 57 सीटों में से 16 सीटों के लिए आज चुनाव होने हैं. 41 सीटों पर पहले ही उम्मीदवारों की निर्विरोध जीत हो चुकी है.

    शुक्रवार को जिन 16 सीटों पर चुनाव होना है वो महाराष्ट्र, राजस्थान, कर्नाटक और हरियाणा में हैं.

    मतदान सुबह नौ बजे से शाम चार बजे तक होगा.

    इस बीच महाराष्ट्र में एआईएमआईएम ने राज्यसभा चुनाव में महाविकास अघाड़ी को वोट देने की घोषणा की है.

    महाराष्ट्र में आज 6 सीटों के लिए राज्यसभा चुनाव होने हैं. यहां निर्दलीय विधायकों की भूमिका अहम मानी जा रही है.

    राजस्थान में 4 सीटों के लिए वोटिंग होनी है. कांग्रेस के तीन, बीजेपी के एक और एक बीजेपी समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार मैदान में हैं.

    राज्य में 200 विधानसभा सीटें हैं.

    इस बीच सुभाष चंद्रा क्रॉस वोटिंग के ज़रिए अपनी जीत का दावा कर चुके हैं.

    कर्नाटक में राज्यसभा 4 सीटों के लिए चुनाव होना है.

    कर्नाटक विधानसभा में कुल 224 सीटें हैं. बीजेपी के पास 122 सदस्य हैं जबकि उसके पास एक-दो स्वतंत्र विधायकों का भी समर्थन है. कांग्रेस के पास 69 विधायक हैं और एक स्वतंत्र विधायक का समर्थन है जबकि जनता दल सेक्युलर के कुल 32 विधायक हैं.

    हरियाणा में दो राज्यसभा सीटों के लिए आज चुनाव होना है.

    बीजेपी के दुष्यंत गौतम और सुभाष चंद्र का कार्यकाल एक अगस्त 2022 को समाप्त हो रहा है. दस जून को पांच में से दो राज्यसभा सीटों के लिए चंडीगढ़ में मतदान होगा.

    बीजेपी जिसके पास अपने 40 विधायक हैं को अपने उम्मीदवार कृष्ण लाल पवार की जीत की पूरी उम्मीद है, वहीं कांग्रेस जिसके पास 31 सीटे हैं वो भी दूसरी सीट पर जीत का दावा कर रही है.

    नवाब मलिक और अनिल देशमुख नहीं ले सकेंगे वोटिंग में हिस्सा

    गुरुवार को मुंबई की एक विशेष अदालत ने नवाब मलिक और अनिल देशमुख की ओर से दायर उस याचिका को ख़ारिज कर दिया, जिसमें दोनों नेताओं ने शुक्रवार को होने वाले राज्यसभा चुनाव में मतदान के लिए एक दिन की जमानत का अनुरोध किया था.

    विशेष अदालत की ओर से जमानत याचिका ख़ारिज होने के बाद दोनों नेताओं ने बॉम्बे हाईकोर्ट में अपील की है.

    कई बड़े चेहरे हैं उम्मीदवार

    राज्यसभा सीटों के लिए मतदान सुबह नौ बजे से शुरू होने की उम्मीद है.

    बीजेपी ने कर्नाटक से केंद्रीय मंत्री निर्मला सीतारमन को मैदान में उतारा है. जबकि कांग्रेस की ओर से जयराम रमेश उम्मीदवार हैं.

    इसके अलावा पीयूष गोयल, रणदीप सिंह सुरजेवाला, मुकुल वासनिक, इमरान प्रतापगढ़ी, प्रफुल्ल पटेल, संजय राउत और संजय पवार भी मैदान मे हैं.

  5. रूस के साथ लड़ाई में रोज़ मारे जा रहे 100 से 200 यूक्रेनी सैनिक, ज़ेलेंस्की के सहयोगी का दावा

    यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की के एक वरिष्ठ सहयोगी ने बीबीसी से बातचीत में दावा किया है कि फ्रंटलाइन पर हर रोज़ क़रीब 100 से 200 यूक्रेनी सैनिक मारे जा रहे हैं.

    यह आँकड़ा पिछले अनुमान से अधिक हैं. गुरुवार को यूक्रेन के रक्षा मंत्री ने दावा किया था कि यूक्रेन हर रोज़ अपने 100 सैनिकों को खो रहा है और 500 से अधिक घायल हो रहे हैं.

    मिखायलो पोदोलियाक ने कहा कि यूक्रेन को पूर्वी डोनबास इलाक़े में जारी युद्ध में रूस की बराबरी करने के लिए सैकड़ों पश्चिमी तोपों की ज़रूरत है.

    उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि कीएव, मॉस्को के साथ शांति वार्ता को दोबारा से शुरू करने के लिए तैयार नहीं है.

    यूक्रेन की सेना लगातार गोलीबारी और बम के हमले झेल रही है. डोनबास, यूक्रेन का वो इलाक़ा है जहां भीषण युद्ध जारी है. रूस की सेना पूरे डोनबास पर नियंत्रण की कोशिश कर रही है.

    पोदोलियाक ने कहा, “रूस की सेना ने परमाणु बम को छोड़कर, हर हथियार का इस युद्ध में इस्तेमाल किया है. वो चाहे भारी-भरकम तोपें हों, रॉकेट-लॉन्चर हो या फिर हवाई हमले.”

    यूक्रेन पश्चिमी देशों से लगातार हथियार की मांग कर रहा है. उसी मांग को दोहराते हुए पोदोलियाक ने कहा कि रूस और यूक्रेन के पास मौजूद सेना और हथियारों की असमानता, यूक्रेन को हो रहे नुकसान का प्रमुख कारण है.

    शांति वार्ता पर उन्होंने कहा कि यूक्रेन उस समय तक शांति वार्ता की मेज़ पर नहीं आएगा जब तक कि रूस की सेनाएं वापस उस जगह नहीं लौट जातीं, जहां वे 24 फरवरी को आक्रमण शुरू होने से पहले थीं.

  6. नमस्कार!

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