यूक्रेन पर रूसी हमले का 12 वां दिन : अब तक क्या कुछ हुआ?

रूस और यूक्रेन के बीच बेलारूस में बातचीत का तीसरा दौर शुरू हो चुका है. दोनों पक्षों के बीच दो दौर की बातचीत नाकाम रही है.

लाइव कवरेज

प्रियंका झा, दीपक मंडल and पवन सिंह अतुल

  1. यूक्रेन पर रूसी हमले का 12 वां दिन : अब तक क्या-क्या हुआ?

    रूस

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    इमेज कैप्शन, यूक्रेनी शहर इरपिन से बाहर निकलते लोग
    • रूस और यूक्रेन के बीच बेलारूस में बातचीत का तीसरा दौर शुरू हो चुका है. दोनों पक्षों के बीच दो दौर की बातचीत नाकाम रही है. समझा जाता है कि बातचीत के केंद्र में एक बार फिर मानवीय कॉरिडोर का मुद्दा रहेगा.
    • इस कॉरिडोर से लोग रूसी बमबारी के शिकार इलाकों से सुरक्षित निकल सकेंगे. रूस ने एक अस्थायी संघर्ष विराम के तहत मानवीय कॉरिडोर मुहैया कराने की पेशकश की है. यूक्रेन ने इसे ''अनैतिक'' कहा है, जबकि ब्रिटेन ने कहा है कि यह इतना मानवविरोधी है कि इसकी कल्पना करना मुश्किल है.
    • रूस की पेशकश के मुताबिक यूक्रेनी राजधानी कीएव से भाग रहे लोगों को रूस के सहयोगी बेलारूस तक सुरक्षित जाने का रास्ता दिया जाएगा, जबकि खारकीएव में फंसे यूक्रेनी एक कॉरिडोर के जरिये सिर्फ रूस में पहुंच पाएंगे.
    • रूसी सेना के घेरे में मौजूद यूक्रेनी शहर मारियुपोल और सूमी से लोगों को निकालने का जो रास्ता तय किया गया है वह यूक्रेनी और रूसी शहरों में पहुंचेगा.
    • यूक्रेन ने कहा है कि रूसी सेना अस्पताल, नर्सरियों और स्कूलों को निशाना बना रही है. नागरिक उसके इस हमले में फंसे हुए हैं.
    • रूस ने इस बात से इनकार किया है कि उसकी सेना नागरिकों को निशाना बना रही है. उसका कहना है कि वह यूक्रेन के 'राष्ट्रवादियों' और 'नव-नाजियों' के खिलाफ विशेष सैन्य ऑपरेशन चला रहा है.
    • यूक्रेन पर रूस के हमले के बाद कच्चे तेल के दाम काफी बढ़ गए हैं. इसकी कीमत 139 डॉलर प्रति बैरल पहुंच गई है. जबकि गैस की अगले दिन की डिलीवरी की कीमत बढ़ कर दोगुनी हो गई है. पहली बार ब्रिटेन में पेट्रोल की औसतन कीमत 1.55 पाउंड प्रति लीटर पर पहुंच गई.
    • अमेरिका ने रूस से तेल, गैस की खरीद रोकने के संकेत दिए हैं. वह कुछ अन्य देशों से इसकी इसकी खरीद को बढ़ा सकता है. ब्रिटेन के पीएम बोरिस जॉनसन कनाडा और नीदरलैंड के प्रधानमंत्रियों से लंदन में बातचीत कर रहे हैं. पश्चिमी देश रूस पर और प्रतिबंध लगाने की तैयारी में हैं.
    • यूक्रेन के शरणार्थियों पर ब्रिटेन की नीति की समीक्षा के बीच ब्रिटिश पीएम बोरिस जॉनसन ने इस बात पर जोर दिया है कि उनकी सरकार यूक्रेन छोड़ कर भाग रहे लोगों के प्रति ''काफी उदार'' रहेगी. लेकिन उन्हें बगैर रोक-टोक के ब्रिटेन में नहीं आने देगी.
  2. Live: एक्ज़िट पोल में यूपी, पंजाब, उत्तराखंड समेत पांच राज्यों में किसकी सरकार? बता रहे हैं बीबीसी के सलमान रावी और वात्सल्य राय.

  3. रूस और यूक्रेन के बीच तीसरे दौर की बातचीत शुरू

    रूस

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    इमेज कैप्शन, लोगों को सुरक्षित जगहों पर पहुंचाती यूक्रेन की पुलिस

    रूस और यूक्रेन के वार्ताकारों के बीच बेलारूस में तीसरे दिन की बातचीत शुरू हो चुकी है. दोनों पक्षों के बीच दो दौर की बातचीत नाकाम रही है.

    समझा जाता है कि बातचीत के केंद्र में एक बार फिर मानवीय कॉरिडोर का मुद्दा रहेगा. इस कॉरिडोर से लोग रूसी बमबारी के शिकार इलाकों से सुरक्षित निकल सकेंगे.

    बातचीत शुरू होने से चंद मिनट पहले यूक्रेनी वार्ताकार मिखाइलो पोदोलेक ने रूस से नागरिकों पर हमला रोकने की अपील की.

    युद्धग्रस्त यूक्रेन से अब तक 17 लाख लोग पलायन कर चुके हैं. सोमवार को यूक्रेन पर रूस के हमले का 12वां दिन रहा.

    यूक्रेन के दक्षिणी और पूर्वी इलाकों के शहरी केंद्रों पर रूस की भारी बमबारी लगातार जारी है. इससे पहले शनिवार को संघर्षविराम टूटने के बाद मानवीय कॉरिडोर बनाने की कोशिश नाकाम हो गई थी.

    रविवार की रात रूस के मानवीय कॉरिडोर बनाने की नई पेशकश को यूक्रेन ने 'नामंजूर' कर दिया. यूक्रेन की उप प्रधानमंत्री इरिना वेरेश्चुक ने कहा कि कीएव के लोगों को रूस के सहयोगी बेलारूस जाने के लिए सुरक्षित कॉरिडोर दिया जा रहा है, जबकि खारकीएव के लोग को रूस जाने का कॉरिडोर मिलेगा.

    जिन चार शहरों से कॉरिडोर दिए जाने की बात की जा रही है उनमें से तुलनात्मक रूप से छोटे शहर मारियुपोल और सूमी से ही यूक्रेन के दूसरे हिस्सों में जाने का रास्ता दिया जा रहा है. यूक्रेन के राष्ट्रपति वलोदोमीर जेलेंस्की के प्रवक्ता ने इसे ' पूरी तरह अनैतिक कहानी' करार दिया है.

  4. तेल के लिए क्या अमेरिका करेगा सऊदी अरब और वेनेज़ुएला का रुख़?

    रूस पर प्रतिबंध

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    इमेज कैप्शन, जो बाइडन

    अमेरिकी सरकार राष्ट्रपति जो बाइडन का सऊदी और वेनेज़ुएला का दौरे की योजना बना रही है ताकि इन देशों से तेल का उत्पादन बढ़ाने की गुज़ारिश की जा सके.

    एक अमेरिकी समाचार संस्था एक्सियॉस के मुताबिक रूस के यूक्रेन पर हमले के बाद पैदा हुए वैश्विक ऊर्जा संकट से निपटने के लिए ये दौरान जल्द ही होगा.

    लेकिन व्हाइट हाउस के प्रवक्ता ने ऐसे किसी दौरे से इंकार किया है. प्रवक्ता ने कहा इस वक्त इस बारे में क़यास लगाना ठीक नहीं है.

    अमेरिकी और वेनेज़ुएला के अधिकारियों ने भी तेल के उत्पादन के बारे में बातचीत की है. न्यूयॉर्क टाइम्स के मुताबिक कई अमेरिकी सांसदों ने रूसी तेल के बदले वेनेज़ुएला से तेल लेने का सुझाव दिया है.

    इस समय अमेरिका अपनी ज़रूरत का 10 प्रतिशत तेल रूस से आयात करता है.

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  6. यूक्रेन: अपने तेंदुए और जगुआर के साथ फंसे डॉ पाटिल

  7. तुर्की के विदेश मंत्री का एलान, उनके देश में मिलेंगे रूस और यूक्रेन के विदेश मंत्री

    लावरोव और कुलेबा

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    तुर्की के विदेश मंत्री मेवलूत चावूशाव्लू ने कहा है कि रूस और यूक्रेन के विदेश मंत्री 10 मार्च को तुर्की के शहर अंताल्या में मिलेंगे.

    मेवलूत चावूशाव्लू ने ट्वीट कर कहा है, '' हमारे राष्ट्रपति की पहल और हमारी जोरदार राजनयिक कोशिशों की वजह से रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोफ़ और यूक्रेन के विदेश मंत्री दमित्रो अंताल्या डिप्लोमेसी फोरम के इतर मिलने को तैयार हो गए हैं. इसमें मैं भी भागीदारी करूंगा. उम्मीद है कि इस पहल से शांति और स्थिरता आएगी. ''

    रूस, यूक्रेन और तुर्की के विदेश मंत्रियों के बीच ये त्रिपक्षीय बैठक अंताल्या डिप्लोमेसी फोरम के दौरान होगी.

    तुर्की ने यूक्रेन पर रूस के हमले के बाद कई बार दोनों के बीच मध्यस्थता की ख्वाहिश जताई थी. तुर्की के राष्ट्रपति रेचेप तैयप्प आर्दोअन ने रूस और यूक्रेन दोनों के राष्ट्रपतियों से फोन पर बातचीत कर लड़ाई खत्म करने की अपील भी की थी.

    तुर्की नेटो का सदस्य है. वह यूक्रेन का भी सहयोगी देश है. लेकिन वह रूस से भी अपने अच्छे रिश्ते बरकरार रखना चाहता है. तुर्की आयात के लिए रूस पर बहुत ज्यादा निर्भर है.

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  8. पश्चिम बंगाल: BSF जवान ने दूसरे जवान को गोली मारी, फिर की आत्महत्या

      • Author, प्रभाकर मणि तिवारी
      • पदनाम, कोलकाता से, बीबीसी हिंदी के लिए
    बीएसएफ़

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    पंजाब के अमृतसर में रविवार को सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के एक जवान की फायरिंग में पांच जवानों की मौत हो गई थी. आज पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले में बीएसएफ के एक जवान ने दूसरे जवान की गोली मारकर हत्या कर दी.

    इसके बाद गोली मारने वाले जवान ने अपनी सर्विस राइफल से आत्महत्या कर ली.

    बीएसएफ के दक्षिण बंगाल फ्रंटियर के डीआईजी एस.एस.गुलेरिया ने पत्रकारों को इसकी जानकारी दी.

    यह घटना सोमवार सुबह भारत-बांग्लादेश अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास बीएसएफ के जलंगी स्थित 117 बटालियन के कैंप में हुई.

    मृतक जवान छत्तीसगढ़ और तमिलनाडु के बताए जा रहे हैं. दोनों के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ था जिसके बाद फायरिंग हुई.

    गुलेरिया ने बताया कि इस मामले की जांच के आदेश दे दिए गए हैं. जांच के बाद ही विवाद की असली वजह का पता चलेगा. इन दोनों के नाम क्रमशः जॉनसन टोप्पो और शेखरन हैं.

    बीएसएफ की ओर से जारी एक बयान में कहा गया है, " आज सुबह लगभग 06.45 बजे, मुर्शिदाबाद में मुख्य आरक्षक जॉनसन टोप्पो ने मुख्य आरक्षक एचजी शेखरन, 117 बीएन बीएसएफ को गोली मार दी और बाद में अपनी सर्विस राइफल से खुद को गोली मार ली. दोनों को फौरन सागरपाड़ा के नजदीकी अस्पताल में ले जाया गया जहां डॉक्टर ने उनको मृत घोषित कर दिया.

    बयान के मुताबिक दोनों जवानों को बीते साल 29 नवंबर को दर्ज एक मामले के सिलसिले में बयान दर्ज कराने के लिए रानीनगर थाने में जाना था. इस घटना की सूचना मिलते ही बीएसएफ के उच्चाधिकारी मौके पर पहुंच गए. इस मामले में स्थानीय पुलिस में मामला दर्ज करा दिया गया है.

  9. नेटो के ख़िलाफ़ किसी भी ख़तरे से निपटने को तैयार हैं अमेरिका और सहयोगी देश : ब्लिंकन

    एंटनी ब्लिंकेन

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    अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने कहा है अमेरिका और उसके सहयोगी देश नेटो के सामने आने वाले किसी भी खतरे से निपटने को तैयार हैं.

    अमेरिकी विदेश मंत्री इस वक्त लिथुआनिया के दौरे पर हैं.

    वहां उन्होंने कहा, ''रूस ने लिथुआनिया के लोकतंत्र को कमजोर करने की कोशिश की है. उसने साइबर हमलों और दुष्प्रचार के जरिये ध्रुवीकरण के बीज बोए हैं. ''

    ब्लिंकेन ने कहा कि अमेरिका सहयोगी देशों के 'साझा रक्षा' सिस्टम को मजबूत कर रहा है. लिहाजा अमेरिका और सहयोगी देश 'किसी भी खतरे से निपटने' के लिए तैयार हैं.

    इस कोशिश में यूरोप में सात हजार अमेरिकी सैनिकों को भी भेजना शामिल है.

    इसके साथ ही यह दूसरों की भी रिपोजिशिनिंग कर रहा है ताकि नेटो का पूर्वी इलाका मजबूत हो सके.

    अमेरिकी विदेश मंत्री ने कहा कि अमेरिका और लिथुआनिया यूक्रेन के साथ खड़े होने की अपनी प्रतिबद्धता में साथ-साथ हैं.

    ब्लिंकन ने कहा ''अमेरिका नेटो के अनुच्छेद 5 के प्रावधान की पवित्र प्रतिबद्धता को फिर दोहरा रहा है कि नेटो के एक सदस्य पर हमला सभी सदस्यों पर हमला माना जाएगा. ''

    उन्होंने कहा, '' हम नेटो की जमीन के एक-एक इंच की रक्षा करेंगे''.

  10. जेलेंस्की के बाद मोदी ने पुतिन से भी की बात, क्या कहा?

    मोदी और पुतिन

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    भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यूक्रेन पर रूस के हमले के बाद रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से दूसरी बार बातचीत की.

    सोमवार को दोनों के बीच फोन पर 50 मिनट तक बातचीत हुई.

    अहम ये है कि मोदी ने यूक्रेन के राष्ट्रपति वलोदोमीर जेलेंस्की से बात करने के बाद पुतिन से बातचीत की.

    समाचार एजेंसी एएनआई ने भारत सरकार के सूत्रों के हवाले से कहा है कि पीएम मोदी और पुतिन ने यूक्रेन में इस वक्त उभरते हालातों पर चर्चा की.

    न्यूज़ एजेंसी पीटीआई ने भी फ़ोन पर हुई इस बातचीत की पुष्टि की है.

    पुतिन ने मोदी को यूक्रेन और रूस की टीमों के बीच चल रही बातचीत की स्थिति के बारे में भी जानकारी दी.

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    ज़ेलेंस्की से भी की थी मोदी ने बात

    इससे पहले नरेंद्र मोदी ने सोमवार को यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की से फोन पर बात कर सूमी में फंसे भारतीय छात्रों को निकालने में सहयोग मांगा है. दोनों नेताओं के बीच करीब 35 मिनट तक बातचीत चली.

    समाचार एजेंसी एएनआई ने भारत सरकार के सूत्रों के हवाले से बताया कि दोनों नेताओं ने यूक्रेन में बदलती स्थितियों को लेकर चर्चा की.

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    ज़ेलेंस्की से बातचीत के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने रूस और यूक्रेन के बीच लगातार जारी वार्ता की भी सराहना की.

    भारतीयों को युद्धक्षेत्र से सुरक्षित निकालने में मिली मदद को लेकर पीएम मोदी ने यूक्रेन के राष्ट्रपति को शुक्रिया भी कहा.

    समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक प्रधानमंत्री मोदी ने ज़ेलेंस्की से सूमी में फंसे भारतीय छात्रों को निकालने में सहयोग मांगा है.

    भारत अभी तक 16 हज़ार से ज़्यादा भारतीयों को वापस ला चुका है. लेकिन सूमी में अभी भी 700 छात्र फंसे हैं.

  11. रूस ने जारी किया मानवीय कॉरिडोर का ब्योरा, यूक्रेन ने बताया 'अनैतिक'

    यूक्रेन के शरणार्थी

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    रूस ने एक प्रस्तावित मानवीय कॉरिडोर के बारे में जानकारी दी है जिसके ज़रिए यूक्रेन से लोगों को बेलारूस और रूस जाने दिया जाएगा.

    हालांकि यूक्रेन ने कहा है कि रूस का युद्धग्रस्त शहरों में मानवीय कॉरिडोर खोलने का प्रस्ताव बिल्कुल अनैतिक है क्योंकि इसमें शरणार्थियों को बेलारूस या रूस ले जाने की बात कही गई है.

    यूक्रेन के राष्ट्रपति ज़ेलेंस्की के प्रवक्ता के हवाले से रॉयटर्स ने कहा, "ये बिल्कुल अनैतिक बात है. लोगों के दुखों का इस्तेमाल टीवी पर एक तस्वीर गढ़ने के लिए किया जा रहा है." रूस ने जिन चार शहरों से मानवीय कॉरिडोर बनाने का एलान किया है, उनमें तुलनात्मक तौर पर मारियुपोल और सुमी जैसे छोटे शहरों से ही यूक्रेन के दूसरे शहरों में जाने के लिए रास्ते हैं.

    रूसी समाचार एजेंसी रिया ने यूक्रेन के इन रास्तों की सूचना दी है. इसने यूक्रेन में मानवीय सहायता के लिए बने संगठन इंटर-डिपार्टमेंटल को-ऑर्डिनेटिंग हेडक्वार्टर का हवाला देकर यह सूची प्रकाशित की है.

    रूट का ब्योरा इस तरह है-

    मारियुपोल

    रूट 1 - नोवोआजोवस्क, तगानरोग, रोस्तोव ओन-दोन (रूस) इसके बाद रेल, हवाई और सड़क मार्ग से तय या अस्थायी तौर पर ठहरने की जगह तक.

    रूट - 2- पोर्तिवस्के, मंगुश, रेसपब्लिका, रोसिवका, बिलमेक, पोलोही, ओरेखीव, जेपोरिझिया ( यूक्रेन)

    खारकीएव नेखोतेवेका, बेलगोरोद (रूस) इसके बाद हवाई, रेल और सड़क मार्ग

    सुमी

    रूट 1 - सुदझा, बेलगोरोद और उसके बाद किसी भी यातायात साधन के जरिये आगे

    रूट 2- सुमी, गोलुबिवका, रोमनी, लोखवितस्या, पोलतवा (यूक्रेन)

    कीएव

    होस्तोमेल, राकिवका, सोस्नोवका, इवानकीव, ओरेन, चेर्नोबिल, ग्डेन, गोमेल (बेलारूस) और इसके बाद हवाई मार्ग से रूस तक

    रूस के बयान में कहा गया है कि रूसी सेना लगातार लोगों को यहां से निकालने के मकसद से काम करेगी. इसमें ड्रोन का भी इस्तेमाल किया जाएगा.

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  13. रूस के कॉरिडोर वाले प्रस्ताव को यूक्रेन ने बताया अनैतिक, और क्या कहा?

    ज़ेलेंस्की

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    यूक्रेन ने कहा है कि रूस का युद्धग्रस्त शहरों में मानवीय कॉरिडोर खोलने का प्रस्ताव बिल्कुल अनैतिक है क्योंकि इसमें शरणार्थियों को बेलारूस या रूस ले जाने की बात कही गई है.

    यूक्रेन के राष्ट्रपति ज़ेलेंस्की ने कहा है कि यूक्रेन के लोगों को यूक्रेन के रास्ते ही बाहर जाने देने की इजाज़त होनी चाहिए.

    यूक्रेन के राष्ट्रपति ज़ेलेंस्की के प्रवक्ता के हवाले से रॉयटर्स ने कहा, "ये बिल्कुल अनैतिक बात है. लोगों के दुखों का इस्तेमाल टीवी पर एक तस्वीर गढ़ने के लिए किया जा रहा है."

    इससे पहले रूस के सरकारी मीडिया ने कहा था रूस शहरों में फंसे लोगों को निकलने देने के लिए मानवीय कॉरिडोर बनाएगा. लेकिन साथ ही ये भी कहा कि कीएव में बनने वाला कॉरिडोर यूक्रेन जाएगा और खारकीएव वाला सीधा रूस.

    इसी से साफ हो गया था कि यूक्रेन ऐसे प्रस्ताव को स्वीकार नहीं करेगा.

  14. रूस ने फिर की मानवीय कॉरिडोर की बात, यूक्रेन में आज क्या-क्या हुआ?

    रूस-यूक्रेन संकट

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    यूक्रेन पर रूस के हमले को 10 दिन बीत चुके हैं. आज ग्यारहवें दिन रूस ने एक बार फिर कहा है कि वो संघर्षविराम लागू करेगा. यूक्रेन संकट पर बीते कुछ घंटों में क्या हुआ, उस पर एक नज़र:

    • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदोमीर ज़ेलेंस्की से 35 मिनट तक फोन पर बात की. इस दौरान दोनों नेताओं के बीच यूक्रेन में बदलते हालात और भारत के ऑपरेशन गंगा में यूक्रेन सरकार की मदद को लेकर चर्चा की. पीएम मोदी ने ज़ेलेंस्की से सूमी में फंसे भारतीयों को निकालने में भी सहयोग मांगा है.
    • रूस की सरकारी मीडिया ने कहा है कि वे राजधानी कीएव सहित यूक्रेन के कई शहरों से आम लोगों को निकालने के लिए नए सिरे से संघर्षविराम लागू करेगा. इससे पहले मारियुपोल में सीज़फायर लागू नहीं हो सका था. यूक्रेन की ओर से कहा गया कि रूसी बलों की लगातार जारी हमले के कारण मारियुपोल में संघर्षविराम विफल रहा.
    • रविवार को इरपिन इलाके में मॉस्को की फायरिंग से एक परिवार की मौत के बाद यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदोमीर ज़ेलेंस्की ने रूस पर नागरिकों की हत्या का आरोप लगाया है.
    • यूक्रेन के रक्षा अधिकारियों ने दावा किया है कि उन्होंने रूस के कब्जे़ से चुहुइव शहर को छुड़ा लिया है.
    • दक्षिण में स्थित बंदरगाह वाले शहर मायकोलीव में एक बार फिर से रूस की गोलाबारी शुरू हो गई है.
    • ब्रिटेन ने कहा है कि वो रूसी हमले के बीच सरकार चलाने के लिए यूक्रेन को 10 करोड़ डॉलर की अतिरिक्त मदद देगा.
    • तेल की कीमतों में साल 2008 के बाद से सबसे ज़्यादा उछाल आया है. अमेरिका द्वारा रूस से तेल आयात पर प्रतिबंध लगाने की आशंका जाहिर करने के बाद तेल की कीमतों में तेज़ी आ गई है.
  15. मनी लॉन्ड्रिंग केस: नवाब मलिक को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया

    नवाब मलिक

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    मुंबई की विशेष पीएमएलए अदालत ने दाऊद इब्राहिम मनी लॉन्ड्रिंग केस में गिरफ़्तार हुए महाराष्ट्र के मंत्री और एनसीपी नेता नवाब मलिक को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है.

    प्रवर्तन निदेशालय ने नवाब मलिक को 23 फ़रवरी को गिरफ़्तार किया था. मलिक को तीन मार्च तक ईडी ने हिरासत में रखा हुआ था.

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    गिरफ़्तारी से पहले आठ घंटे तक मलिक से पूछताछ हुई थी.

    प्रवर्तन निदेशालय ने अंडरवर्ल्ड से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग के एक मामले में नवाब मलिक को गिरफ़्तार किया था. नवाब मलिक अपने लगे आरोंपो को राजनीति से प्रेरित बताते रहे हैं और उनकी पार्टी एनसीपी भी मलिक का बचाव करती रही है.

  16. यूक्रेन का दावा, रूस के कब्ज़े से छुड़ाया ये अहम शहर

    यूक्रेन संकट

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    यूक्रेन के रक्षा अधिकारियों ने दावा किया है कि उनकी सेना ने पूर्वी क्षेत्र में स्थित चुहुइव शहर को रूस के कब्ज़े से छुड़ा लिया है.

    रविवार रात फ़ेसबुक पर साझा किए गए एक अपडेट में यूक्रेन के चीफ ऑफ जनरल स्टाफ ने बताया कि कीएव की सेना ने रूसी सैनिकों के कब्ज़े से चुहुइव को छुड़ा लिया है.

    उन्होंने ये भी कहा कि इस लड़ाई में मॉस्को की सेना को भारी नुकसान पहुंचा है.

    यूक्रेन के अधिकारियों ने ये भी दावा किया है कि शहर को छुड़ाने के लिए हुई जंग में रूस के दो शीर्ष सैन्य अधिकारियों की मौत हो गई है. इस शहर में करीब 31 हज़ार लोगों की आबादी रहती है.

    बीबीसी इन दावों की पुष्टि नहीं कर सकता है.

    यूक्रेन के दूसरे सबसे बड़े शहर खारकीएव से 23 मील की दूरी पर स्थित चुहुइव शहर रणनीतिक तौर पर अहम माना जाता है.

    यहां बीते एक सप्ताह से रूसी बलों की ओर से भारी गोलाबारी की जा रही थी.

  17. मोदी ने ज़ेलेंस्की से की बात, सूमी में फंसे छात्रों को निकालने में मांगा सहयोग

    पीएम मोदी और यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की

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    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की से फोन पर बात कर सूमी में फंसे भारतीय छात्रों को निलाकने में सहयोग मांगा है. दोनों नेताओं के बीच करीब 35 मिनट तक बातचीत चली.

    समाचार एजेंसी एएनआई ने भारत सरकार के सूत्रों के हवाले से बताया कि दोनों नेताओं ने यूक्रेन में बदलती स्थितियों को लेकर चर्चा की.

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    बातचीत के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने रूस और यूक्रेन के बीच लगातार जारी वार्ता की भी सराहना की.

    भारतीयों को युद्धक्षेत्र से सुरक्षित निकालने में मिली मदद को लेकर पीएम मोदी ने यूक्रेन के राष्ट्रपति को शुक्रिया भी कहा.

    समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक प्रधानमंत्री मोदी ने ज़ेलेंस्की से सूमी में फंसे भारतीय छात्रों को निकालने में सहयोग मांगा है.

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    भारत अभी तक 16 हज़ार से ज़्यादा भारतीयों को वापस ला चुका है. लेकिन सूमी में अभी भी 700 छात्र फंसे हैं. सुरक्षित गलियारा न बन पाने के कारण इन्हें निकालना मुश्किल है. बुखारेस्ट से भारतीयों को लेकर पहली उड़ान 26 फ़रवरी को भारत पहुंची थी.

  18. रूस का यूक्रेन पर हमला: ऑस्ट्रेलिया ने कहा, दुनिया में शांति के लिए चीन दिखाए प्रतिबद्धता

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    इमेज कैप्शन, ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री स्कॉट मॉरिसन

    ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री ने यूक्रेन पर रूस के हमले को लेकर चीन के रवैये पर कुछ सवाल उठाए हैं.

    ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री स्कॉट मॉरिस ने कहा "दुनिया ने लंबे समय से वैश्विक शांति, संप्रभुता क्षेत्रीय अखंडता को लेकर प्रतिबद्धता जताने वाले चीन के बयान सुनती आ रही है."

    पीएम स्कॉट मॉरिसन ने कहा, "ये चीन पर निर्भर करता है कि वो इस पड़ाव पर साबित करे कि उसकी प्रतिबद्धता सिर्फ बयान भर नहीं थी."

    मॉरिस ने कहा कि चीन को भी रूस पर आर्थिक प्रतिबंध लगाने चाहिए.

    उन्होंने कहा, "अगर चीन रूस के हमले की आलोचना करता है और उसपर आर्थिक प्रतिबंध लगाता है तो इसका असर अधिक होगा. लेकिन फ़िलहाल ये नहीं हुआ है."

    मॉरिसन ने एक बार फिर इस बात पर जोर दिया कि ऑस्ट्रेलिया रूस की आक्रामकता का विरोध करने वाले देशों के साथ है. उन्होंने कहा, "ये ज़रूरी है क्योंकि हमारे क्षेत्र में ऐसे शक्तिशाली देश हैं जो बस इस बात के इंतज़ार में बैठे हैं कि पश्चिमी देशों की एकता में कोई फूट या कमी दिखे."

  19. ब्रेकिंग न्यूज़, रूस ने कहा, आम लोगों को निकलने देने के लिए रोकेगा हमले

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    रूसी सरकारी मीडिया ने कहा है कि यूक्रेन के अलग-अलग शहरों में फंसे आम लोगों को सुरक्षित गलियारों से निकालने के लिए रूस हमले रोकेगा. रूस ने कहा है कि वो कीएव, खारकीएव जैसे शहरों में भी हमले रोकने के लिए तैयार है.

    रूस के रक्षा मंत्रालय के मुताबिक, ये सीमित सीज़फायर स्थानीय समयानुसार सुबह 10 बजे लागू होगा और राजधानी कीएव, खारकीएव, मारियुपोल और सूमी जैसे भीषण संघर्ष झेल रहे शहरों से नागरिकों को निकालने के लिए सुरक्षित रास्ते बनाए जाएंगे.

    इन सभी शहरों पर फिलहाल रूस बमबारी और गोलाबारी कर रहा है. यूक्रेन के अधिकारियों ने इस रूस के इस दावे पर फ़िलहाल कुछ नहीं कहा है.

    लेकिन जिन दो कॉरिडोर को खोलने की बात हुई है उनमें एक कीएव से बेलारूस और दूसरे खारकीएव से रूस की सीमा की ओर जा रहा है.

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    नागरिकों को निकालने की दो कोशिशें हो चुकी हैं नाकाम

    पिछले दो दिनों में मारियुपोल से नागरिकों को निकालने के लिए दो बार प्रयास किए गए, लेकिन दोनों ही विफल रहे.

    यूक्रेन के अधिकारियों ने कहा कि मारियुपोल से नागरिकों को इसलिए नहीं निकाला जा सका क्योंकि रूस की ओर से संघर्षविराम के लिए तय समय में भी हमले जारी थे.

    इसबीच आज फिर यूक्रेन और रूस के प्रतिनिधिमंडल बातचीत के लिए मिलेंगे लेकिन इन वार्ताओं से कुछ हासिल होने की उम्मीद कम है.

  20. रूसी हमले में ज़ेलेंस्की मारे गए तब क्या होगा? अमेरिका ने दिया जवाब

    ज़ेलेंस्की

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    अमेरिका के विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन से सीबीएस न्यूज़ चैनल पर इंटरव्यू के दौरान पूछा गया कि अगर रूस के हमले में यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदमीर ज़ेलेस्की मारे जाते हैं तब क्या होगा? इस सवाल के जवाब में ब्लिंकन ने कहा कि यूक्रेन की सरकार के पास आकस्मिक योजना है.

    एंटनी ब्लिंकन ने कहा, ''यूक्रेन पास योजना है. मैं इस पर अभी विस्तार से बात नहीं करने जा रहा. हम इस बात को तय करेंगे कि सरकार को सत्ता में रखने के लिए क्या करना है. इसे मुझे पर छोड़ दीजिए.''

    ब्लिंकन से पूछा गया था कि क्या अमेरिका ज़ेलेंस्की के बिना अंतरिम सरकार के लिए कोई योजना पर काम कर रही है.

    कई मीडिया रिपोर्ट में कहा जा रहा है कि ज़ेलेंस्की रूसी हमले के निशाने पर है. ज़ेलेंस्की ख़ुद भी अपनी जान को लेकर ख़तरे की बात कह चुके हैं. अभी ज़ेलेंस्की लाइव भी नहीं आते हैं. वो वीडिया रिकॉर्ड कर सोशल पर डालते हैं.

    अगर रूस ने राष्ट्रपति ज़ेलेंस्की को मार दिया तो इसका असर क्या होगा? इसके जवाब में ब्लिंकन ने कहा, ''पहली बात तो यह कि जे़लेंस्की और उनकी सरकार पूरे मामले में डटे रहे हैं. लोगों ने ग़ज़ब का साहस दिखाया है.''

    प्रतिबंधों को लेकर ब्लिंकन ने कहा कि इसका रूस पर बहुत ही गंभीर असर पड़ रहा है. लोग ज़रूरी सामान नहीं ख़रीद पा रहे हैं क्योंकि कंपनियां वहां से भाग रही हैं.

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