दुनिया भर में कोरोना वायरस के नए वेरिएंट ओमिक्रॉन के संक्रमण को लेकर बढ़ती चिंताओं के बीच महाराष्ट्र सरकार ने "एट रिस्क" देशों से आने वाले सभी यात्रियों के लिए सात दिन के लिए क्वारंटीन में रहना अनिवार्य कर दिया है.
इस निर्देश को तत्काल प्रभाव से लागू किया जा रहा है.
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक़ इन लोगों का क्वारंटीन के दौरान तीन बार- दूसरे दिन, चौथे दिन और सात दिन के बाद आरटी-पीसीआर टेस्ट किया जाएगा.
ओमिक्रॉन संक्रमण को लेकर भारत ने कुछ देशों को ‘एट रिस्क’ की श्रेणी में रखा है जिनमें यूके,यूरोप के 44 देश,दक्षिण अफ्रीका, ब्राजील, बांग्लादेश, बोत्सवाना, चीन, मॉरीशस, न्यूजीलैंड, जिम्बाब्वे, सिंगापुर, हांगकांग और इज़राइल शामिल है.
इसके अलावा देश के दूसरे राज्यों से आने वाले यात्रियों को वैक्सीन के बावजूद आरटी-पीसीआर टेस्ट कराना होगा.
राज्य सरकार की ओर से आदेश में कहा गया है कि ‘’जिन यात्रियों का टेस्ट पॉज़िटिव आएगा उन्हें अस्पताल भेज दिया जाएगा जबकि टेस्ट नेगेटिव होने पर लोगों को सात दिनों के लिए क्वारंटीन किया जाएगा. ‘’
राज्य सरकार ने अपने आदेश में कहा है कि केंद्र की ओर से 28 नवंबर को'ओमिक्रॉन'के मद्देनजर जारी किए गए यात्रा दिशानिर्देश को ध्यान में रख कर ये पाबंदियां लगाई गई हैं, जिसे भविष्य में ज़रूरत पड़ने पर और बढ़ाया जा सकता है.
महाराष्ट्र की यात्रा करने वाले अंतर्राष्ट्रीय यात्रियों को पिछले 15 दिनों में जिन भी देशों का दौरा किया है उसका विवरण देना होगा.
दक्षिण अफ्रीका में पाए गए कोरोना के ओमिक्रॉन वेरिएंट को विश्व स्वास्थ्य संगठन ने ‘चिंता का विषय’ बताया है. बताया जा रहा है कि इस नए स्ट्रेन का म्यूटेशन काफ़ी ज़्यादा है और संक्रमण काफ़ी तेज़ है.
भारत में अब तक इस नए वेरिएंट के एक भी मामले सामने नहीं आए हैं लेकिन कर्नाटक, चंडीगढ़ में दक्षिण अफ़्रीका से आए लोगों में कोरोना संक्रमण पाया गया है और उनके सैंपल को जिनोम सीक्वेसिंग के लिए लैब भेजा गया है.