लंबे इंतज़ार के बाद बीजेपी ने पश्चिम बंगाल की 19 सीटों
के लिए अपने उम्मीदवारों की दूसरी सूची जारी कर दी है. इससे पहले पहली सूची में 20 नाम
जारी किए गए थे. लेकिन आसनसोल सीट के उम्मीदवार गायक पवन सिंह ने अगले दिन ही चुनाव
नहीं लड़ने का एलान कर दिया था.
दूसरी सूची में कई बदलाव हैं. लेकिन अब भी चार सीटों
पर उम्मीदवारों को लेकर पार्टी में असमंजस जस का तस है.
इस सूची में कयास के मुताबिक़, हाल में तृणमूल कांग्रेस छोड़ कर बीजेपी में
जाने वाले तापस राय और बैरकपुर के सांसद अर्जुन सिंह शामिल हैं. इसी तरह कलकत्ता हाईकोर्ट
के पूर्व जज अभिजीत गंगोपाध्याय को भी पूर्व मेदिनीपुर ज़िले की तमलुक सीट से मैदान
में उतारा गया है.
यह इलाका विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी का गढ़ माना
जाता है. अभिजीत को तमलुक सीट से टिकट मिलने की संभावना तो उनके हाईकोर्ट के इस्तीफे
से पहले से ही जताई जा रही थी.
दूसरी सूची में सबसे ज़्यादा कयास लगाए जा रहे थे पार्टी
के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष दिलीप घोष के नाम पर. आखिर पार्टी ने उनको उनकी पारंपरिक मेदिनीपुर
सीट की बजाय इस बार बर्दवान-दुर्गापुर सीट से टिकट दिया है.
मेदिनीपुर सीट से पार्टी की विधायक अग्निमित्रा पॉल
को मैदान में उतारा गया है. वो फिलहाल आसनसोल से विधायक हैं. केंद्रीय नेतृत्व के इस
फ़ैसले से दिलीप घोष असंतुष्ट बताए जा रहे हैं.
उनका कहना था, "मैं
मेदिनीपुर सीट से ही चुनाव लड़ना चाहता था और इसके लिए मानसिक रूप से भी तैयार था.
लेकिन पार्टी ने मुझे दूसरी मुश्किल सीट पर भेजा है. मुझे यह फ़ैसला स्वीकार है."
संदेशखाली की घटना के बाद हाल के महीनों में बीजेपी
ने राज्य के राजनीतिक हलकों में अपनी मज़बूत उपस्थिति दर्ज कराई है. इसलिए बशीरहाट
संसदीय सीट को लेकर भी कयास लग रहे थे. संदेशखाली इसी संसदीय क्षेत्र में है.
पार्टी ने इस सीट पर संदेशखली की एक महिला रेखा पात्रा
को अपना उम्मीदवार बनाया है. रेखा ने ही सबसे पहले स्थानीय तृणमूल कांग्रेस नेता शिबू
हाजरा के ख़िलाफ़ एफ़आईआर दर्ज कराई थी.
पार्टी ने नदिया ज़िले की कृष्णनगर सीट पर टीएमसी की
पूर्व सांसद महुआ मोइत्रा के ख़िलाफ़ राजघराने की बहू अमृता राय को मैदान में उतारा
है. इसी तरह तमाम कयासों के बावजूद दार्जिलिंग संसदीय सीट पर पिछली बार जीते राजू विस्टा
को ही टिकट दिया गया है. इससे नाराज़ होकर कर्सियांग के बीजेपी विधायक विष्णु शर्मा
ने इस सीट पर निर्दलीय के तौर पर लड़ने का एलान कर दिया है.
अब भी पार्टी में चार सीटों— झाड़ग्राम, डायमंड हार्बर और बीरभूम
के उम्मीदवारों के नाम पर सहमति नहीं बन सकी है. इसके अलावा पवन सिंह की छोड़ी हुई
आसनसोल सीट के लिए उम्मीदवार का एलान होना है. डायमंड हार्बर टीएमसी महासचिव अभिषेक
बनर्जी की सीट है.