ग़ज़ा में अब तक 9,770 लोगों की मौत, संघर्ष विराम पर प्रगति के बारे में अमेरिका ने क्या कहा
स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक़ सात अक्तूबर से लेकर अब तक ग़ज़ा में मारे जाने वाले लोगों का आंकड़ा 9,770 पहुंच गया है.
लाइव कवरेज
दीपक मंडल and प्रेरणा
रूस ने पनडुब्बी से परमाणु मिसाइल परीक्षण का दावा किया, यूक्रेन ने उठाये सवाल
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रूस की सरकारी न्यूज़ एजेंसीज़ के मुताबिक़ रूस की एक नई परमाणु शक्ति संचालित पनडुब्बी से बुलावा अंतरमहादेशीय बैलिस्टिक मिसाइल का कामयाब परीक्षण किया गया है.
रक्षा मंत्रालय के सूत्रों का हवाला देते हुए समाचार एजेंसियों ने बताया है कि मिसाइल को व्हाइट सी में सक्रिय एंपरर एलेक्ज़ेंडर तृतीय नाम की पनडुब्बी से लांच किया गया.
अधिकारियों के मुताबिक़ ये इस मिसाइल के परीक्षणों का अंतिम चरण है.
ये अंतरमहादेशीय मिसाइल परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम है.
रूस के रक्षा मंत्रालय ने कहा है कि व्हाइट सी की एक गुप्त लोकेशन से समंदर के भीतर से पनडुब्बी ने इस मिसाइल को लांच किया.
रक्षा मंत्रालय ने इस परीक्षण को कामयाब बताया है वहीं यूक्रेन का दावा है कि ये परीक्षण नाकाम रहा है.
रूस और यूक्रेन के दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की जा सकती है.
बीते सप्ताह ही राष्ट्रपति पुतिन ने रूस को सीटीबीटी (व्यापक परमाणु परीक्षण प्रतिबंध संधि) से अलग कर लिया था. इसे लेकर पुतिन की तीखी आलोचना भी हुई है.
1996 का सीटीबीटी समझौता सभी तरह के परमाणु धमाकों, जिनमें लाइव टेस्ट भी शामिल हैं, पर रोक लगाता है.
हालांकि ये समझौता पूरी तरह से कभी लागू नहीं हो सका क्योंकि अमेरिका और चीन जैसे महत्वपूर्ण देशों ने इसे कभी इसकी पुष्टि नहीं की.
अमरिंदर सिंह ने अपनी ही पार्टी के नेता के ख़िलाफ़ की कार्रवाई की मांग, क्या है वजह?
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कांग्रेस से बीजेपी में आए पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने देश की मस्जिदों और गुरुद्वारे पर टिप्पणी को लेकर अपनी ही पार्टी के नेता संदीप दायमा के ख़िलाफ़ कार्रवाई की मांग की है.
राजस्थान के बीजेपी नेता दायमा ने ये टिप्पणी अलवर ज़िले की तिजारा सीट से बीजेपी के उम्मीदवार बाबा बालकनाथ की रैली में की थी.
रैली में यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी मौजूद थे.
बीजेपी की राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य अमरिंदर सिंह ने एक लिखित बयान में कहा है,'' दायमा जैसे लोग बगैर सोचे-समझे बोलते हैं और नफरती बयान देते हैं. ऐसे लोगों के लिए बीजेपी जैसी पार्टी में कोई जगह नहीं होनी चाहिए.''
उन्होंने कहा, ''दायमा ने माफी मांगी लेकिन इसका कोई मतलब नहीं है. अच्छे लोगों को इससे काफी कष्ट हुआ है. किसी को भी माफी मांग कर बच निकलने का मौक़ा नहीं दिया जाना चाहिए.''
इससे पहले दायमा ने अपनी टिप्पणी पर माफी मांगते हुए कहा था कि उनका मक़सद मस्जिद-मदरसा कहना था लेकिन मुंह से गुरुद्वारा निकल गया.
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उनके इस बयान पर शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने कहा है कि दायमा को अपने बयान पर शर्म आनी चाहिए. मुस्लिमों के धार्मिक स्थल के ख़िलाफ़ बयान देना गुरुद्वारे के ख़िलाफ़ बयान देना जैसा ही है.
दायमा ने राजस्थान के अलवर ज़िले में तिजारा सीट के बीजेपी उम्मीदवार बाबा बालक नाथ की रैली में कहा था कि इस इलाक़े में गुरुद्वारा कुकुरमुत्ते की तरह बढ़ रहे हैं. ये नासूर बनने वाले हैं. इसलिए बीजेपी के लिए इन्हें उखाड़ फेंकना जरूरी है.
भारत बनाम दक्षिण अफ़्रीका, भारत ने जीता टॉस, पहले बल्लेबाज़ी
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कोलकाता के ईडन गार्डन मैदान में मुक़ाबले के लिए भारत और दक्षिण अफ़्रीका की टीमें उतर चुकी हैं.
भारत ने अपनी प्लेइंग इलेवन में कोई बदलाव नहीं किया है.
इसी बीच भारत ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाज़ी करने का फ़ैसला लिया है.
भारत और दक्षिण अफ़्रीका अंक तालिका में क्रमश पहले और दूसरे नंबर पर हैं और पहले ही सेमीफ़ाइनल में पहुंच चुकी हैं.
हालांकि दक्षिण अफ़्रीका का रन रेट बेहतर है. इस मैच के नतीजे का दोनों टीमों पर यूं तो कोई ख़ास असर नहीं होगा लेकिन अगर अफ़्रीका ये मैच जीतती है तो बेहतर रन रेट के आधार पर वो अंक तालिका में शीर्ष पर पहुंच जाएगी और सेमीफ़ाइनल के समीकरण बदल जाएंगे.
यदि भारत ये मैच जीत जाता है और अंक तालिका में पहले नंबर पर रहता है और मौजूदा संभावनाओं के तहत पाकिस्तान भी सेमीफ़ाइल के लिए क्वालिफ़ाई कर लेता है तो भारत और पाकिस्तान के बीच वर्ल्ड कप में एक और मुक़ाबला हो सकता है.
इससे पिछले मुक़ाबले में भारत ने श्रीलंका को 302 रनों के विशाल अंतर से हराया था.
दक्षिण अफ़्रीका और भारत दोनों ने ही सात-सात मैच खेले हैं. भारत ने अब तक अपने सभी मुक़ाबले जीते हैं जबकि दक्षिण अफ़्रीका ने सिर्फ़ एक मुक़ाबला हारा है.
ग़ज़ा पर इसराइल के लगातार हमले के ख़िलाफ़ दुनियाभर में प्रदर्शन, संघर्षविराम की मांग हुई तेज़
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ग़ज़ा में इसराइल के लगातार हमले के ख़िलाफ़ अमेरिका, कनाडा, अरब और और पूर्वी अफ़्रीकी देशों में प्रदर्शन हुए हैं.
अमेरिका में वॉशिंगटन डीसी में प्रदर्शनकारियों ने प्रदर्शन किया. व्हाइट हाउस के सामने हुए प्रदर्शन के दौरान प्रदर्शनकारियों ने इसराइल का समर्थन करने के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन की आलोचना की.
प्रदर्शनकारी फ़लस्तीनी झंडा लिए हुए थे और 'पेलेस्टाइन लाइव्स मैटर्स' और ग़जा में 'नाकेबंदी खत्म करो' जैसे नारे लगा रहे थे. इसे अमेरिका में युद्ध के ख़िलाफ़ हुए सबसे बड़े प्रदर्शनों में से एक माना जा रहा है
पेरिस में पहली बार लोगों ने फ़लीस्तीन के झंडों और नारे लगी तख्तियों के साथ जुलूस निकाला. पहले इस तरह के प्रदर्शनों पर प्रतिबंध लगा दिए गए थे.
ब्रिटेन में कई शहरों में शनिवार को फ़लीस्तीन के समर्थन में जुलूस निकाले गए. पुलिस का कहना था कि इन प्रदर्शन के दौरान अकेल सेंट्रल लंदन में ही 30 हजार प्रदर्शनकारी शामिल थे.
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लंदन में इन प्रदर्शनों के दौरान 29 लोगों को गिरफ़्तार किया गया. दूसरी ओर, शनिवार को तेल अवीव में इसराइल के समर्थन में रैली निकाली गई.
इसराइली लोगों के प्रदर्शन के दौरान उन 240 बंधकों को रिहा करने की मांग की गई, जिन्हें हमास ने बंधक बना रखा है.
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इसराइली सेना का कहना है कि ग़ज़ा में ज़मीनी अभियान की शुरुआत से अब तक हमास के 2500 ठिकानों को निशाना बनाया जा चुका है.
इसराइली सेना का कहना है कि अब तक ज़मीनी सेना, वायुसेना और नौसेना के साझा हमलों में 2500 से अधिक ठिकानों को नष्ट किया जा चुका है.
भारत-दक्षिण अफ़्रीका के बीच आज ईडन गार्डन्स मैदान पर मुक़ाबले से पहले दर्शकों ने क्या कहा
ज़ेलेंस्की ने कहा, इसराइल-हमास संघर्ष से रूस-यूक्रेन युद्ध से दुनिया का ध्यान हटा
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इमेज कैप्शन, वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की (फाइल फोटो)
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की ने कहा है ग़ज़ा में इसराइल और हमास के बीच संघर्ष से पूरी दुनिया का ध्यान रूस-यूक्रेन युद्ध से हट गया है.
उन्होंने कहा कि ये रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के 'लक्ष्यों में से एक' है. पुतिन ने 2022 में यूक्रेन के खिलाफ व्यापक युद्ध छेड़ दिया था.
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यूक्रेन के शीर्ष जनरलों के आकलन के बावजूद ज़ेंलेस्की ने इस बात से इनकार किया है रूस-यूक्रेन जंग में ठहराव आ गया है.
रूस से जंग के दौरान दक्षिण में यूक्रेन का जवाबी हमला बहुत अधिक नतीजे नहीं दे पाया है. इससे यूक्रेन के सहयोगी पश्चिमी देशों में एक तरह की थकान और उदासीनता दिख रही है.
इसी बीच एक अन्य घटनाक्रम में शनिवार को यूक्रेन के रक्षा मंत्री ने माउंट असॉल्ट ब्रिगेड के सैनिकों के मारे जाने की पुष्टि की है. हालांकि उन्होंने ये नहीं बताया है कि कितने सैनिक मारे गए हैं.
यूक्रेनी रक्षामंत्री रुस्तम उमेरोव ने कहा है कि ये एक त्रास्दी है और इसकी व्यापक जांच की जाएगी. यूक्रेन के मीडिया की रिपोर्टों के मुताबिक़ फ़्रंटलाइन के नज़दीक एक गांव में सम्मान समारोह के दौरान बीस सैनिकों की मौत हो गई थी.
हालांकि इस घटनाक्रम के बारे में अधिक जानकारियां नहीं मिली हैं. यूक्रेन की सेना ने इसके लिए रूस के मिसाइल हमले को ज़िम्मेदार बताया है.
दूसरी तरफ़ रूस का भी मानना है कि युद्ध की मौजूदा स्थिति को ठहराव नहीं कहा जा सकता है. गुरुवार को पुतिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने कहा था कि युद्ध के जो भी लक्ष्य निर्धारित किए गए हैं और उन्हें हासिल किया जाना ज़रूरी है.
उन्होंने कहा, "युद्धक्षेत्र में यूक्रेन की जीत के बारे में सोचना भी बेतुका है."
ग़ज़ा में भीषण लड़ाई जारी, इसराइली सेना ने बताया अब तक क्या किया, कितने सैनिक मारे गए
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इमेज कैप्शन, ग़ज़ा के भीतर ज़मीनी अभियान में शामिल इसराइली सैनिकों की ये तस्वीर आईडीएफ़ ने जारी की है
इसराइली सेना का कहना है कि ग़ज़ा में ज़मीनी अभियान की शुरुआत से अब तक हमास के 2500 ठिकानों को निशाना बनाया जा चुका है.
इसराइली सेना ने रविवार को जारी एक बयान में कहा है कि उसके सैनिक नज़दीकी लड़ाइयों में 'आतंकवादियों का सफ़ाया' कर रहे हैं और इसराइली विमान ग़ज़ा पट्टी में हमास के इंफ्रास्ट्रक्चर, हथियार डिपो, निगरानी चौकियों और कमान और कंट्रोल केंद्रों को निशाना बना रहे हैं.
आईडीएफ़ ने कहा है, "बीती रात इसराइली सैनिकों ने विमानों को हमास के मिलिट्री कमांड कंपाउंड पर हमला करने के लिए दिशाएं दिखाईं. इस परिसर में कमांड एंड कंट्रोल सेंटर, निगरानी चौकियां और अतिरिक्त इंफ्रास्ट्रक्चर था."
इसराइली सेना का कहना है कि अब तक ज़मीनी सेना, वायुसेना और नौसेना के साझा हमलों में 2500 से अधिक ठिकानों को नष्ट किया जा चुका है.
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इमेज कैप्शन, इसराइली सेना का कहना है कि ग़ज़ा में उसका ज़मीनी अभियान तेज़ गति से चल रहा है.
इसराइली सेना ने ग़ज़ा के भीतर अभियान चला रहे सैनिकों की तस्वीरें भी जारी की हैं.
इसी बीच हमास ने भी टेलीग्राम पर वीडियो जारी किया है जिसमें हमास लड़ाकों और इसराइली सैनिकों के बीच नज़दीकी गोलीबारी हो रही है. कई हमास लड़ाके एंटी टैंक ग्रेनेडों से टैंकों पर हमले करते हुए भी दिख रहे हैं.
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आईडीएफ़ के मुताबिक़ शनिवार को ग़ज़ा में अभियान के दौरान उसके चार सैनिकों की मौत हुई.
इसराइली सेना ने पिछले सप्ताह ग़ज़ा में ज़मीनी अभियान शुरू किया था. सेना के मुताबिक़ शनिवार तक ज़मीनी अभियान में मरने वाले सैनिकों की संख्या 28 पहुंच गई.
ग़ज़ा पर इसराइली हमलों में मरने वालों की तादाद दस हज़ार के क़रीब पहुंच रही है. भीषण लड़ाई की वजह से उत्तरी ग़ज़ा में रहने वाले लोगों के लिए दक्षिणी इलाक़ों की तरफ़ जाना मुश्किल हो रहा है.
इसराइली सेना ने रविवार को अपने अभियान की ये तस्वीरें जारी की हैं-
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इसराइल की ग़ज़ा में शरणार्थी कैंप पर बमबारी, प्रियंका गांधी ने कहा..
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इमेज कैप्शन, इसराइल की बमबारी के बाद उठता धुआं
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने ग़ज़ा में लगातार बढ़ रहे मौतों के आंकड़े पर अफ़सोस ज़ाहिर किया है.
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखते हुए प्रियंका गांधी ने कहा है, “यह भयावह और शर्मनाक है कि लगभग दस हज़ार नागरिक जिनमें क़रीब पांच हज़ार बच्चे हैं, का नरसंहार कर दिया गया है, पूरे के पूरे परिवार ख़त्म कर दिए गए हैं."
"अस्पतालों पर, एंबुलेंसों पर बमबारी की जा रही है, शरणार्थी कैंपों को निशाना बनाया जा रहा है और फिर भी ‘स्वतंत्र दुनिया’ के तथाकथित नेता फ़लस्तीनी लोगों के इस नरसंहार का समर्थन कर रहे हैं और इसके लिए वित्तीय सहायता दे रहे हैं.”
प्रियंका गांधी ने कहा, “संघर्ष विराम वो सबसे पहला क़दम है जिसे अंतरराष्ट्रीय समुदाय को तुरंत लागू करवाया जाना चाहिए नहीं तो उसके पास कोई नैतिक अधिकार नहीं बचेगा.”
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7 अक्तूबर को हमास के हमले के बाद से इसराइल ग़ज़ा पर लगातार बमबारी कर रहा है.
ग़ज़ा में मरने वालों की तादाद दस हज़ार के क़रीब पहुंच गई है. इसी बीच हमास संचालित स्वास्थ्य मंत्रालय ने इसारइल पर एक और शरणार्थी कैंप पर भीषण बमबारी के आरोप लगाए हैं. इसराइल ने कहा है कि वो इस घटना की जांच कर रहा है.
स्वास्थ्य मंत्रालय का दावा है कि केंद्रीय ग़ज़ा में स्थित मग़ाज़ी शरणार्थी कैंप पर हुई बमबारी में तीस लोग मारे गए हैं. तुर्की के मीडिया के लिए काम करने वाले एक पत्रकार का कहना है कि इस हमले में उनके दो बेटों और एक भाई की मौत हो गई है. उनका घर कैंप के बिलकुल क़रीब है और उस पर भी हमला हुआ.
इसी बीच ग़ज़ा में मौजूद बीबीसी संवाददाता का कहना है कि इसराइल ने ग़ज़ा में अस्पतालों के नज़दीक भी हमले किए हैं और एक बड़ी बेकरी को भी निशाना बनाया है.
इसराइल के रक्षा मंत्री ने कहा है कि उनकी सेना ग़ज़ा के आबादी वाले हिस्से में दाख़िल हो चुकी है. चश्मदीदों के मुताबिक़ आबादी के बाहरी इलाक़ों में इसराइली सैनिकों और हमास के लड़ाकों के बीच भीषण झड़पें हुई हैं.
ग़ज़ा में आम नागरिकों की मौत पर दुनियाभर के नेता चिंता ज़ाहिर कर रहे हैं. ग़ज़ा में मौतों का आंकड़ा दस हज़ार के क़रीब पहुंचने वाला है. अगर इसकी यूक्रेन युद्ध से तुलना करें तो फ़रवरी 2022 से अब तक यानी 21 महीनों में रूस के आक्रमण में अब तक 9700 लोगों की मौत हुई है.
यानी इसराइल और हमास के बीच एक महीने के युद्ध में ही उतने नागरिक मारे जा चुके हैं जितने यूक्रेन युद्ध में अभी तक मारे गए हैं.
कनाडा में खालिस्तानी नेता निज्जर की हत्या के सुबूतों को लेकर भारत ने क्या कहा?
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इमेज कैप्शन, हरदीप सिंह निज्जर
कनाडा में भारत के हाई कमिश्नर ने कहा है कि खालिस्तान समर्थक नेता हरदीप सिंह निज्जर की हत्या की जांच को नुकसान पहुंचाया गया है.
भारतीय हाई कमिश्नर संजय कुमार वर्मा ने 'ग्लोब एंड मेल' से कहा कि भारत को कनाडा और उसके सहयोगी देशों से इस बात के कोई विश्वसनीय सुबूत नहीं मिले हैं कि निज्जर की हत्या में किसी भारतीय एजेंट का हाथ था.
उन्होंने कहा, ''भारत को निज्जर की हत्या से जुड़े केस में ऐसी कोई भी जानकारी नहीं दी गई है जो जांच में मदद करे.''
उन्होंने कहा, ''सुबूत कहां हैं? अगर कनाडा और सहयोगी देशों ने जांच की है तो उसके निष्कर्ष क्या हैं? मैं तो एक कदम आगे बढ़ कर कहूंगा कि जांच को पहले ही नुकसान पहुंचाया जा चुका है.ऊपर बैठे किसी शख्स का ये निर्देश आया है कि निज्जर की हत्या में भारतीय एजेंट के हाथ होने की बात कही जाए.''
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कनाडा ने आरोप लगाया था कि ब्रिटिश कोलंबिया में खालिस्तान समर्थक नेता हरदीप सिंह निज्जर की हत्या में भारत के एजेंटों का हाथ हो सकता है. कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने अपने देश की संसद में ये बयान दिया था. इसके बाद भारत और कनाडा के राजनयिक रिश्ते काफी खराब हो गए थे.
योगी आदित्यनाथ ने छत्तीसगढ़ में किया चुनाव प्रचार, 'लव जिहाद' पर क्या बोले?
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उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि छत्तीसगढ़ में अगर बीजेपी सत्ता में आई तो 'लव जिहाद' और 'गो तस्करी' के ज़रिये अराजकता फैलाने वालों के ख़िलाफ़ कार्रवाई की जाएगी.
छत्तीसगढ़ के कवर्धा विधानसभा सीट में चुनाव प्रचार के दौरान योगी ने 2018 में कांग्रेस की जीत को 'भूल' बताया और कहा कि ये पार्टी देश, समाज और जनता के लिए एक समस्या बन गई है.
उन्होंने कहा, ''2018 में यहां कांग्रेस को जिताना एक 'भूल' थी. छत्तीसगढ़ में रामनवमी के जुलूस बंद हो गए हैं. लव जिहाद का विरोध करने वाले को बर्बरता से मार डाला गया.''
उन्होंने कहा, ''उत्तर प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी की डबल इंजन की सरकार है. यहां लव जिहाद पर पूरी तरह प्रतिबंध है. धर्म परिवर्तन के ख़िलाफ़ कानून बनाया गया है. अब किसी का भी गैरकानूनी तरीके से धर्मांतरण नहीं हो सकता. अगर किसी ने ऐसा किया तो उसे इसका ख़मियाज़ा भुगतना होगा.''
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योगी आदित्यनाथ ने कहा, ''छत्तीसगढ़ में भी बीजेपी की डबल इंजन की सरकार बननी चाहिए. कांग्रेस यहां लव जिहाद के नाम पर क़ानून-व्यवस्था को बिगाड़ने की कोशिश कर रही है. यहां गायों की तस्करी हो रही है. माइनिंग माफिया का आतंक है. यहां भी यूपी जैसा एक्शन लेने की ज़रूरत है. बीजेपी की सरकार आई तो यहां कोई समस्या नहीं रहेगी.''
छत्तीसगढ़ में 7 और 17 नवंबर को दो चरणों में चुनाव होंगे. नतीजे 3 दिसंबर को आएंगे.
तुर्की ने इसराइल से राजदूत वापस बुलाया, सीज़फ़ायर की मांग न मानने से नाराज़
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इमेज कैप्शन, तुर्की के राष्ट्रपति रेचेप तैयप्प अर्दोआन
तुर्की ने इसराइल से अपने राजदूत को वापस बुला लिया है. इसराइल ने हमास के साथ युद्धविराम से इनकार कर दिया था. इसके बाद इसराइल ने ये फ़ैसला लिया.
तुर्की के विदेश मंत्रालय ने इसका ऐलान करते हुए कहा, ''इसराइल की ओर से ग़ज़ा में नागरिकों पर हमले के बाद जो त्रासदी पैदा हुई है, उसमें ये ज़रूरी था कि इस तरह के हमले रोके जाएं. लेकिन इसराइल सीज़फ़ायर के लिए तैयार नहीं है.''
साल 2022 में साकिर ओजकान तोरुनलार को तुर्की को राजदूत बनाया गया था.
2018 में कई फ़लस्तीनियों की हत्या के विरोध में इसराइल ने अपना राजदूत वापस बुला लिया था. लेकिन 2022 में तोरुनलार को राजदूत बना कर भेजा गया था.
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तुर्की के इस फैसले से इसराइल के साथ इसके रिश्तों में और तनाव आ सकता है.
तुर्की के राष्ट्रपति रेचेप तैयप्प अर्दोआन ने इससे पहले कहा था कि ग़ज़ा में हमले जारी रहे तो वो इसराइली राष्ट्रपति बिन्यामिन नेतन्याहू से संपर्क तोड़ देंगे.
अर्दोआन ने तुर्की मीडिया से कहा था, ''नेतन्याहू अब ऐसे शख्स नहीं रहे, जिनसे बात की जा सके. हमने उन्हें खारिज कर दिया है.''
तुर्की से पहले जॉर्डन और बहरीन भी इसराइल से अपने राजदूत बुला चुके हैं.
दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण का स्तर बेकाबू, एयर क्वालिटी इंडेक्स फिर 400 के पार
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इमेज कैप्शन, दिल्ली में स्मॉग की मोटी चादर
दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण चरम पर पहुंच गया है. यहां पिछले चार-पांच दिनों से स्मॉग की मोटी चादर दिख रही है.
रविवार को भी दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स 400 से ऊपर चला गया. आईक्यू एयर के मुताब़िक इस समय वायु प्रदूषण से घिरे दुनिया के दस बड़े शहरों में तीन भारत के हैं.
इनमें दिल्ली, मुंबई और कोलकाता शामिल हैं. दिल्ली में मौसम विभाग के मुताबिक़ राजधानी, एनसीआर और इससे सटे इलाकों में अगले तीन दिनों तक वायु प्रदूषण से राहत की कोई संभावना नहीं है.
पिछले तीन दिन से राजधानी दिल्ली और एनसीआर में लोगों को प्रदूषण की वजह से सांस लेने में दिक्कत हो रही है. लोगों का घर से बाहर निकलना दूभर हो गया है.
आंखों में जलन, छीकें और गले में ख़राश की परेशानी हो रही है.
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हालात कब गंभीर बनते हैं?
एक्सपर्ट के मुताबिक जब एक्यूआई शून्य और 50 के बीच हो उसे 'अच्छा' कहा जाता है.
51 और 100 के बीच 'संतोषजनक' 101 और 200 के बीच 'मध्यम', 201 और 300 के बीच 'खराब', 301 और 400 के बीच 'बहुत खराब' 401 और 500 के बीच 'गंभीर' माना जाता है.
नेपाल में फिर भूकंप, मरने वालों की संख्या 157 पहुंची
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नेपाल में शुक्रवार की रात के भारी भूकंप के बाद रविवार तड़के भी इसके झटके महसूस किए गए. हालांकि इसकी तीव्रता ज़्यादा नहीं थी.
रविवार को तड़के 4.38 बजे पर आए इस भूकंप की रिक्टर स्केल पर तीव्रता सिर्फ़ 3.6 थी.
इस बीच भूकंप में मरने वालों की संख्या बढ़ कर अब 157 हो गई है. कम से कम 375 लोग घायल हुए हैं. शुक्रवार की रात आए भूकंप का केंद्र जाजरकोट में था.
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नेपाल पुलिस के प्रवक्ता कुबेर कादायत ने बीबीसी को बताया कि भूकंप से सबसे ज़्यादा प्रभावित जाजरकोट और रुकुम ज़िले रहे हैं. लोग अभी भी डर की वजह से घरों के बाहर ही रुके हुए हैं.
शुक्रवार की रात जब भूकंप के तेज़ झटके आए उस दौरान मिट्टी के बने सैकड़ों घर पूरी तरह ढह गए.
शनिवार को ही नेपाल के प्रधानमंत्र पुष्प कमल दहल प्रभावित इलाके में पहुंच गए थे. नेपाल के अस्पतालों में घायलों का इलाज चल रहा है.
जर्मनी में एयरपोर्ट में गाड़ी चलाकर घुस आया हथियारबंद शख्स, पुलिस को अपहरण का शक
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जर्मनी में शनिवार की रात हैमबर्ग हवाईअड्डे पर एक हथियारबंद शख्स गाड़ी चला कर घुस आया.
पुलिस का कहना है कि वो अपहरण की किसी भी कोशिश को लेकर सतर्क है. उसने हवाईअड्डे के चारों और स्पेशल फोर्स तैनात कर दी है.
पुलिस का कहना है कि गाड़ी चलाकर हवाईअड्डे में घुसने वाले के साथ एक और शख्स और बच्चा था.
संदिग्ध शख्स के साथ उसकी पत्नी के होने का अंदेशा जताया जा रहा है. माना जा रहा है कि यह बच्चे की कस्टडी का मामला हो सकता है.
पुलिस ने एक बयान में कहा गया है कि इस ऑपरेशन के बैकग्राउंड में बच्चे की कस्टडी का मामला हो सकता है.
पुलिस ने कहा है कि संदिग्ध शख्स ने दो बार हवा में गोली चलाई और गाड़ी से बाहर जलती बोतलें फेंकी.
शख्स गाड़ी चला कर वहां पहुंच गया, जहां विमान खड़े किए जाते हैं.
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हैमबर्ग पुलिस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर बताया कि वो इमरजेंसी सर्विस के एक दल के साथ घटनास्थल पर मौजूद हैं. इस वक्त हम किसी भी आपात हालात के लिए तैयार हैं.
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