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प्रिगोझिन का प्लेन क्रैश, घटना स्थल पर मिले आठ शव- रूसी समाचार एजेंसी
रूस की प्राइवेट आर्मी वागनर के संस्थापक येवेगनी प्रिगोझिन का एक प्राइवेट जेट रूस शहर तेवेर के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गया है.
लाइव कवरेज
चंद्रयान-3 पर क्या बोले एलन मस्क और जेफ़ बेज़ोस?
चंद्रयान-3 के चांद पर उतरने से पहले जेफ़ बेज़ोस और एलन मस्क ने प्रतिक्रिया दी है.
इसरो के एक पोस्ट पर अमेज़न के फाउंडर जेफ़ बेज़ोस ने लिखा कि भारत के लिए उत्साहित हूं.
उन्होंने थ्रेड ऐप पर इसरो के एक पोस्ट पर लिखा, ''रुटिंग फॉर इंडिया ! गुड लक, चंद्रयान-3.''
वहीं, स्पेस एक्स और एक्स (ट्विटर) के प्रमुख एलन मस्क ने एक ट्वीट के जवाब में लिखा, ''गुड फॉर इंडिया.''
भारतीय अंतरिक्ष एजेंसी (इसरो) 23 अगस्त को इतिहास बनाने की तैयारी में है.
चंद्रयान-3 चंद्रमा के उस दक्षिणी ध्रुव की सतह पर उतरने वाला है, जहां इससे पहले दुनिया के किसी भी देश को उपग्रह उतारने में सफलता नहीं मिली है.
14 जुलाई को दोपहर 2:35 बजे श्रीहरिकोटा से उड़ान भरने वाला चंद्रयान-3 अपनी 40 दिनों की लंबी यात्रा के बाद 23 अगस्त को शाम 6:04 बजे चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव के पास 70 डिग्री अक्षांश के पास उतरने की कोशिश करेगा.
चंद्रयान-3: पीएम मोदी ने ब्रिक्स देशों से अंतरिक्ष क्षेत्र को लेकर क्या अपील की
पीएम नरेंद्र मोदी ने ब्रिक्स सम्मेलन में कहा कि दक्षिण अफ्रीका की अध्यक्षता में ग्लोबल साउथ के देशों को एक विशेष महत्व दिया गया है.
उन्होंने कहा, ''हम इसका हृदय से स्वागत करते हैं. यह वर्तमान समय की अपेक्षा ही नहीं ज़रूरत भी है. भारत ने अपनी जी20 की अध्यक्षता में इस विषय को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है."
"वन अर्थ, वन फैमिली, वन फ़्यूचर इस मूल मंत्र पर हम सभी देशों के साथ मिलकर आगे बढ़ने का प्रयास कर रहे हैं. इस बार जनवरी में आयोजित वॉइस ऑफ ग्लोबल साउथ समिट में 125 देशों ने भाग लिया और इस दौरान उन्होंने अपनी चिंताओं और प्राथमिकताओं को साझा किया.''
अपने संबोधन में पीएम मोदी ने ब्रिक्स देशो को ये सुझाव भी दिए.
1. हम ब्रिक्स सैटेलाइट कॉन्सिटेलेशन पर पहले से काम कर रहे हैं और एक कदम आगे बढ़ाते हुए ब्रिक्स स्पेस एक्सपलोरेशन कॉन्सोर्टियम बनाने पर विचार कर सकते हैं. इसके अंतर्गत हम स्पेस रिसर्च, वेदर मॉनिटरिंग जैसे क्षेत्रों में काम कर सकते हैं.
2. शिक्षा, स्किल डेवलपमेंट और टेक्नोलॉजी में सहयोग- इसमें टेक्नोलॉजी की अहम भूमिका रहेगी. हमने भारत में दूरदराज़ के इलाकों में बच्चों तक शिक्षा पहुंचाने के लिए दीक्षा यानी डिजिटिल इन्फ्रास्टक्चर फॉर नोलेज शेयरिंग प्लेटफॉर्म बनाया है. साथ ही स्कूल के विद्यार्थियों के बीच इनोवेशन को बढ़ावा देने के लिए 10,000 अटल टिंकरिंग लैब बनाए हैं. भाषा संबंधी बाधाओं को हटाने के लिए भारत में एआई बेस्ड लैंग्वेज प्लेटफॉर्म भाषिणी का इस्तेमाल किया जा रहा है.
3. एक-दूसरे की ताकतों की पहचान के लिए हम मिलकर स्किल मैपिंग पर काम कर सकते हैं.
4. ब्रिक्स के पांच देशों में विभिन्न प्रजातियों के बिग कैट्स पाए जाते हैं. इंटरनेशनल बिग कैट्स अलायंस के अंतर्गत हम साझा सुझाव कर सकते हैं.
5. हमारे सभी देशों में ट्रेडिशनल मेडिसिन का इकोसिस्टम है. क्या हम मिलकर ट्रेडिशन मेडिसिन रिपोजेट्री बना सकते हैं.
चंद्रयान-3 की लैंडिंग को देखने के लिए स्कूली छात्रों में उत्साह
ब्रिक्स में बोले पुतिन, रूस-यूक्रेन युद्ध के लिए पश्चिमी देशों को ठहराया ज़िम्मेदार
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने दक्षिण अफ़्रीका में हो रहे ब्रिक्स सम्मेलन को ऑनलाइन संबोधित किया है.
पुतिन ने कहा कि यूक्रेन में रूस की 'कार्रवाई' पश्चिमी देशों की तरफ से 'शुरू किए गए युद्ध का परिणाम' है.
पुतिन ने अपने भाषण में दावा किया कि कुछ देश 'उपनिवेशवाद को बढ़ावा' देते हैं जिसकी वजह से यूक्रेन में 'गंभीर संकट' पैदा हुआ.
पुतिन ने दावा किया, ''रूस ने उन लोगों की लड़ाई को समर्थन देने का निर्णय लिया जो अपनी संस्कृति, परंपरा, भाषा और अपने भविष्य की लड़ाई लड़ रहे हैं.''
उन्होंने कहा कि पश्चिमी देशों ने डोनबास (पूर्वी यूक्रेन) के लोगों के ख़िलाफ जो लड़ाई छेड़ी थी उसके विरोध में रूस ने कार्रवाई शुरू की.
वहीं ब्रिक्स समिट पर उन्होंने कहा कि ये यूएन चार्टर और अंतरराष्ट्रीय कानून पर आधारित वर्ल्ड ऑर्डर के लिए है.
नेहरू प्लेनेटेरियम पर चंद्रयान-3 अभियान को पूरा होता देखने के लिए आए लोग
चंद्रयान-3: दिग्विजय सिंह का दावा- इसरो के वैज्ञानिकों को 17 महीने से वेतन नहीं मिला
चंद्रयान 3 बुधवार शाम 6.04 बजे चांद की सतह पर उतरने की कोशिश करेगा.
अगर इसरो ऐसा करने में सफल रहा तो भारत चांद के दक्षिणी ध्रुव पर सॉफ्ट-लैंडिंग करने वाला पहला देश बन जाएगा.
कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने कहा है कि जो वैज्ञानिक चंद्रयान 3 की लैंडिंग के लिए काम कर रहे हैं उन्हें 17 महीने से वेतन नहीं मिला है.
दिग्विजय सिंह ने समाचार एजेंसी एएनआई से कहा है कि “हमें गर्व है कि इसरो के वैज्ञानिक चंद्रयान 3 की लैंडिंग को मुमकिन बनाने के लिए मेहनत कर रहे हैं. हम ईश्वर से प्रार्थना करते हैं की मिशन सफल हो. इसमें साथ साथ अख़बारों में ऐसी खबरें भी सामने आई हैं कि जो वैज्ञानिक ये कर रहे हैं उन्हें 17 महीने से वेतन नहीं मिला है. प्रधानमंत्री को इसका संज्ञान लेना चाहिए.”
दिग्विजय सिंह के बयान के बाद मध्य प्रदेश बीजेपी अध्यक्ष वीडी शर्मा ने कहा कि दिग्विजय सिंह योजनाबद्ध तरीक़े से देश को बदनाम करने का काम करते हैं.
“जिस देश की जनता को हमारे वैज्ञानिकों पर गौरव है, उस पर ये सवाल खड़ा कर रहे हैं जबकि उन्हें दुआएं देनी चाहिए.”
चंद्रयान 2 के फेल होने के बाद चंद्रयान-3 मिशन 14 जुलाई को लॉन्च किया गया था. 5 अगस्त को चंद्रयान-3 ने चांद की कक्षा में प्रवेश किया. 17 अगस्त को दोनों मॉड्यूल रोवर और लैंडर स्पेसक्राफ्ट से अलग हुए थे.
दक्षिण अफ्रीका में ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में हिस्सा ले रहे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस लैंडिंग की प्रक्रिया को ऑनलाइन देखेंगे.
अंतरिक्ष एजेंसी इसरो ने यक़ीन जताया है कि लैंडिंग बिना किसी रुकावट के होगी, क्योंकि "वैज्ञानिकों ने चंद्रयान -2 से सीखे गए सभी सबक इस बार शामिल किए हैं."
इसका सीधा प्रसारण शाम 5.20 बजे इसरो की वेबसाइट, यूट्यूब चैनल और डीडी नेशनल पर होगा. शाम 6.04 बजे विक्रम लैंडर, रोवर प्रज्ञान को लेकर चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर सॉफ्ट लैंडिंग की कोशिश करेगा.
दुनिया भर की नज़रें इस पर होंगी. खासकर बीते रविवार को रूसी मून मिशन लूना-25 के फेल होने के बाद चंद्रयान-3 को लेकर उत्सुकता और बढ़ गई है.
ब्रिक्स में ग्रुप फ़ोटो से पहले ज़मीन पर रखे तिरंगे को पीएम मोदी ने उठाया
दक्षिण अफ़्रीका के जोहानसबर्ग में चल रहे ब्रिक्स सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का ज़मीन पर रखे तिरंगे को उठाने का वीडियो सामने आया है.
ब्रिक्स सम्मेलन के पूर्ण अधिवेशन के बाद तस्वीर खिंचवाने के लिए जब पांच राष्ट्रों (ब्राज़ील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ़्रीका) के नेता मंच पर पहुंचे तो वहां पर उनकी तय जगह पर उस देश के झंडे रखे हुए थे.
मंच पर पहुंचते ही सबसे पहले पीएम मोदी ने ज़मीन पर रखे तिरंगे को उठाकर जेब में रख लिया.
वहीं उनके साथ दक्षिण अफ़्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामापोसा भी थे. उन्होंने भी अपने देश का झंडा ज़मीन से उठाया.
रामापोसा ने अपने झंडे को एक शख़्स को दे दिया जबकि पीएम मोदी ने तिरंगे को जेब में ही रख लिया.
मिज़ोरम में निर्माणाधीन रेलवे पुल कैसे ढहा और कैसी रेलवे लाइन बन रही है
....में - Author, दिलीप शर्मा
- पदनाम, बीबीसी हिंदी के लिए
मिज़ोरम में राजधानी आइज़ोल के नज़दीक़ एक निर्माणाधीन रेलवे पुल ढहने से कम से कम 17 लोगों की मौत हुई है.
पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी सब्यसाची डे ने हादसे की जानकारी देते हुए बीबीसी से कहा "यह हादसा बुधवार की सुबह करीब 11 बजे आइज़ोल के पास सैरांग में हुआ है. यहां रेलवे की बैराबी-सैरांग लाइन रेलवे परियोजना का काम अंतिम चरण में है.”
“वहां रेलवे की सेफ्टी टीम पहले से ही मौजूद थी क्योंकि गैन्ट्री लॉन्चिंग (पुल खंडों को उठाने और खंभों के सपोर्ट से किया जाना वाला काम) काम बड़े स्तर पर चल रहा था. उसी समय यह हादसा हुआ."
रेलवे अधिकारी ने बताया कि हादसे की जानकारी मिलते ही बचाव कार्य के लिए एनडीआरएफ की टीम तुरंत घटनास्थल पर पहुंच गई. इस हादसे में फिलहाल 17 मज़दूरों के मरने की जानकारी है.
मुख्य जनसंपर्क अधिकारी सब्यसाची डे बताते हैं,"यह निर्माण कार्य ठेकेदार कर रहा था. इस हादसे की जांच के लिए रेलवे ने एक हाई लेवल कमेटी का गठन किया है.”
“इस हादसे में जान गंवाने वाले मज़दूरों के परिजनों के लिए 10 लाख मुआवज़ा देने की घोषणा कर दी गई है. जबकि गंभीर रूप से घायल को 2 लाख रुपए और सामान्य रूप से घायल मज़दूर को 50 हज़ार का मुआवज़ा दिया जाएगा."
रेलवे अधिकारी ने बताया कि क़रीब 35 मज़दूर वहां काम कर रहे थे लेकिन यह हादसा बहुत ही अंदरूनी इलाके में हुआ है लिहाज़ा अभी तक मज़दूरों की पूरी जानकारी नहीं मिल पाई है. फिलहाल बचाव कार्य पूरी तरह राज्य सरकार संभाल रही है.
एक सवाल का जवाब देते हुए मुख्य जनसंपर्क अधिकारी ने बताया कि जहां तक मज़दूरों का सवाल है तो यह ठेकेदार पर निर्भर करता है.
कई बार आस-पड़ोस के राज्यों से मज़दूरों को लाकर काम पर लगाया जाता है. जबकि कई बार लोकल लोगों को भी ठेकेदार काम पर लगाता है.
कहां से कहां बन रही है रेलवे लाइन
भारतीय रेलवे पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे क्षेत्र के अंतर्गत मिज़ोरम के बैराबी से सैरांग तक 51 किलोमीटर लंबी रेलवे लाइन निर्माण कर रहा है.
5021 करोड़ 45 लाख रुपए (संशोधित राशि) लागत से निर्माण हो रहा है. इस बैराबी-सैरांग रेल लाइन परियोजना में 130 पुल और 23 सुरंगों का निर्माण किया गया है.
इस 51 किलोमीटर की दूरी में कुल चार रेलवे स्टेशन होरतोकी, कावनपुई, मुआलखांग और सैरांग बनाए गए हैं.
इस बीच मिज़ोरम के मुख्यमंत्री ज़ोरमथांगा ने घटना पर दुख व्यक्त करते हुए दुर्घटनास्थल पर बचाव अभियान जारी रखने की जानकारी दी है.
मुख्यमंत्री ज़ोरमथांगा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (ट्विटर) पर इस हादसे के बारे में बताया, "आइज़ोल के पास सैरांग में निर्माणाधीन रेलवे ओवर ब्रिज आज ढह जाने से कम से कम 17 श्रमिकों की मौत हो गई. बचाव कार्य जारी है. मैं इस त्रासदी से बहुत दुखी और प्रभावित हूं. मैं सभी शोक संतप्त परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करता हूं और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं."
ब्रिक्स सम्मेलन से इतर पीएम मोदी और दक्षिण अफ़्रीकी राष्ट्रपति की हुई मुलाक़ात
15वें ब्रिक्स सम्मेलन में भाग लेने के लिए पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दक्षिण अफ़्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामापोसा से मुलाक़ात की है.
उन्होंने ब्रिक्स सम्मेलन से इतर दक्षिण अफ़्रीकी राष्ट्रपति से मुलाक़ात की है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट किया है कि उनकी रामापोसा के लाख मुलाक़ात शानदार रही और भारत-दक्षिण अफ़्रीका के रिश्ते मज़बूत करने के लिए कई मुद्दों पर चर्चा हुई.
इस बैठक के बाद पीएम मोदी ब्रिक्स के पूर्ण अधिवेशन में भाग लेने के लिए सैंडटन कन्वेंशन सेंटर में पहुंचे हैं.
भूपेश बघेल ने क्यों कहा पीएम मोदी और अमित शाह ने उन्हें दिया जन्मदिन का तोहफ़ा
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने ट्वीट करके बताया है कि उनके ओएसडी सहित कुछ क़रीबियों के घर ईडी ने छापेमारी की है.
बघेल ने कहा है, “आदरणीय प्रधानमंत्री जी एवं श्री अमित शाह जी!मेरे जन्मदिन के दिन आज आपने मेरे राजनीतिक सलाहकार एवं मेरे OSD सहित करीबियों के यहाँ ED भेजकर जो अमूल्य तोहफा दिया है, इसके लिए बहुत आभार.”
झारखंड कांग्रेस के प्रमुख राजेश ठाकुर ने समाचार एजेंसी पीटीआई से कहा है कि ईडी को छापेमारी करने से पहले सूचित करना चाहिए.
राजेश ठाकुर ने कहा कि ये साफ़ होना चाहिए कि वो छापेमारी कर रहे हैं.
ईडी ने बुधवार को झारखंड के वित्त मंत्री रामेश्वर ओरांव के बेटे रोहित ओरांव से जुड़ी कई जगहों पर छापेमारी की थी.
हिमाचल में बीती रात से घनघोर बारिश जारी, बादल फटने और फ़्लैश फ़्लड से भारी नुक़सान
....में - Author, आदर्श राठौर
- पदनाम, बीबीसी हिन्दी के लिए
इस मॉनसून सीजन में भीषण नुक़सान झेल रहे हिमाचल प्रदेश में तीसरी बार 48 घंटों तक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है.
आलम यह है कि कई स्थानों पर बीती रात से गरज के साथ भारी बारिश हो रही है. सुबह होते ही कई स्थानों से पेड़ गिरने, भूस्खलन, आसमानी बिजली गिरने और पुलों के टूटने की खबरें आ रही हैं.
हिमाचल के औद्योगिक केंद्र बद्दी-बरोटीवाला-नालागढ़ में प्रवेश के लिए अहम बद्दी बैरियर ब्रिज का एक पिलर टूट गया है. यहां वाहनों की आवाजाही पूरी तरह रोक दी गई है.
प्रदेश के मुख्य पर्यटन स्थलों शिमला और मनाली को चंडीगढ़ से जोड़ने वाले नेशनल हाइवे एक बार फिर बंद हो गए हैं. चंडीगढ़-मनाली फ़ोरलेन पर रैंसनाला पर इतना पानी आया कि वह पुल के ऊपर से गुज़रने लगा और पास की ही सुरंग में घुस गया.
मंडी के पंडोह इलाक़े में इस मॉनसून सीज़न में भारी तबाही मची है और आज भी यहां स्थिति खराब है. यहां के कुकलाह गांव में बादल फटने से आए फ़्लैश फ्लड की चपेट में दो मकान और एक स्कूल की इमारत आ गई. तीन लोग यहां मलबे में फंस गए थे जिन्हें सुरक्षित निकाल लिया गया है.
इस बीच बिलासपुर के बंदला में आसमानी बिजली गिरने से एक व्यक्ति की मौत की खबर है. इस पूरे इलाके में बीती रात से ही भारी बारिश हो रही है. घुमारवीं में रहने वाले आशीष शर्मा ने बताया, "सुबह भयंकर गर्जन से नींद खुली. भारी बारिश के बीच काफी देर तक ऐसा माहौल बना रहा मानो आसपास ही कहीं बिजली गिर रही है."
रेड अलर्ट
मौसम विभाग के शिमला केंद्र ने हिमाचल के कुल 12 में से आठ जिलों के लिए भारी बारिश की चेतावनी जारी की है. ये जिले हैं- शिमला, सोलन, सिरमौर, ऊना, मंडी, कुल्लू, हमीरपुर और बिलासपुर. कांगड़ा के लिए ऑरेंज अलर्ट है.
पहले मौसम विभाग ने इन जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया था और 72 घंटों में भारी बारिश होने की संभावना जताई थी.
इस सीजन में पहले दो बार 48 घंटों के लिए जारी ऑरेंज अलर्ट के दौरान प्रदेश में भारी तबाही मची थी. ऐसे में इस बार सबक लेते हुए कई जिलों के प्रशासन ने शिक्षण संस्थानों में छुट्टी घोषित कर दी थी.
हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय शिमला और सरदार पटेल विश्वविद्यालय मंडी ने 23 और 24 अगस्त को होने वाली परीक्षाओं को स्थगित कर दिया है.
हमीरपुर और सोलन जिला प्रशासन ने शिक्षण संस्थान बंद करने का फैसला मंगलवार दिन को ही ले लिया था मगर कांगड़ा प्रशासन ने यह फैसला उपमंडल स्तर पर छोड़ा था. सबसे अधिक आबादी वाले इस जिले के लिए कल येलो अलर्ट ही था, मगर अब वह ऑरेंज अलर्ट में बदल चुका है.
यहां कई स्थानों पर रात को ही भारी बारिश होने लगी. इसके बाद कुछ जगह उपमंडल स्तर पर रात 10 बजे छुट्टी की घोषणा की गई तो कुछ जगह सुबह ऐसा एलान किया गया.
कांगड़ा के बैजनाथ में स्कूलों में छुट्टी की घोषणा आज सुबह 7.25 बजे की गई मगर तब तक बच्चे स्कूलों के लिए रवाना हो चुके थे. ऐसे में लोगों को असुविधा का सामना भी करना पड़ रहा है.
फ़्लैश फ़्लड और भूस्खलन की मार
शिमला और सोलन में भारी बारिश के चलते पेड़ गिरने, भूस्खलन और फ्लैश फ्लड आने का सिलसिला जारी है.
सोलन के सुबाथू में मकान और वाहन कीचड़ और मलबे की चपेट में आ गए हैं. राहत की बात है कि किसी तरह के जानी नुक़सान की खबर नहीं है.
इस साल सोलन में कई स्थानों पर फ्लैश फ्लड आने के कारण करीब 10 लोगों की जान जा चुकी है.
वहीं शिमला को चंडीगढ़ से जोड़ने वाला कालका-शिमला नेशनल हाइवे फिर से चक्की मोड़ के पास बंद भूस्खलन के कारण हो गया है.
शिमला शहर के अंदर भी कुछ स्थानों पर पेड़ गिरने और भूस्खलन की खबरें हैं, हालांकि किसी तरह के जानमाल के नुकसान की खबर नहीं है.
यहां आईएसबीटी टूटीकंडी में एक बस मलबे की चपेट में आ गई. वहीं ऐतिहासिक मॉल रोड और अन्य संपर्क मार्गों में भी छोटे भूस्खलन आए हैं, जिन्हें हटाया जा रहा है. शिमला शहर में पानी और बिजली की आपूर्ति पर भी असर पड़ा है.
शिमला में बीते सप्ताह हुए भीषण भूस्खलनों में 20 लोगों की जान चली गई थी. यहां समरहिल शिव मंदिर में आए भूस्खलन के मलबे को अब भी हटाया जा रहा है. अब तक 17 शव निकाले जा चुके हैं और तीन लोग अब भी लापता हैं.
भीषण बारिश का तीसरा दौर
पिछले सप्ताह भारी बारिश के कारण ब्यास नदी पर बने पौंग पांध से अचानक पानी छोड़ दिया गया था जिससे इंदौरा और फतेहपुर में बड़ा इलाका पानी में डूब गया था. थल और वायु सेना ने यहां संयुक्त अभियान चलाकर 2200 से अधिक लोगों को रेस्क्यू किया था.
अब मौसम विभाग ने 24अगस्त तक भारी बारिश का अंदेशा जताया है. पहले से ही तबाही की मार झेल रहे हिमाचल को हालात से निपटने में मुश्किलें आ रही हैं.
अभी कई सड़कों को बहाल करने का काम किया ही जा रहा था कि फिर से हो रही बारिश नई चुनौतियां लेकर आ रही है.
इस स्थिति की सबसे ज्यादा मार सुदूर के उन इलाकों पर पड़ रही है जो मुख्य कस्बों और केंद्रों से दूर हैं. वहां सड़कें बंद हो चुकी हैं और मरीजों को अस्पताल तक लाने में भी दिक्कतें हो रही हैं.
जुलाई के दूसरे सप्ताह और इसी महीने पिछले सप्ताह, हिमाचल ने तबाही के दो दौर ऐसे देखे जब 48 घंटों में भारी तबाही मची.
प्रदेश सरकार की ओर से जारी आंकड़े के मुताबिक जून से लेकर अब तक 350 से ज्यादा लोग बारिश के कारण पैदा हुए हालात और दुर्घटनाओं में जान गंवा चुके हैं. तीन दर्जन से ज्यादा लोग लापता हैं. प्रदेश भर में 40 हज़ार से ज्यादा मकानों को नुकसान पहुंचा है जिनमें से कम से कम 2000 मकान पूरी तरह तबाह हो चुके हैं.
प्रदेश सरकार का अनुमान है कि अब तक क़रीब 20 हज़ार करोड़ का नुकसान हुआ है. इसमें 7700 करोड़ प्रत्यक्ष नुकसान है.
राज्य सरकार ने प्रदेश में आपदा की स्थिति घोषित की है और केंद्र सरकार से से राष्ट्रीय आपदा घोषित करने की मांग की जा रही है ताकि राहत और बचाव कार्यों में तेजी लाई जा सके.
चंद्रयान-3 की लैंडिंग से पहले इसरो ने शेयर की कमांड सेंटर की तस्वीरें
चंद्रयान-3 बुधवार को चांद के दक्षिणी ध्रुव पर सॉफ़्ट लैंडिंग करने की कोशिश करेगा.
इससे ठीक पहले इसरो ने तस्वीरें शेयर करके बताया है कि तैयारी पूरी हो चुकी है.
इसरो ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (ट्विटर) पर लिखा, “ऑटोमैटिक लैंडिंग सीक्वेंस (एएलएस) शुरू करने के लिए तैयारी पूरी हो चुकी है. लगभग 05:44 बजे निर्धारित जगह पर लैंडर मॉड्यूल (एलएम) के पहुंचने का इंतजार है.”
“एएलएस कमांड मिलने पर, एलएम नीचे उतरने के लिए थ्रॉटलेबल इंजन को सक्रिय करता है. मिशन का ऑपरेशन करने वाली टीम सही क्रम में कमांड लिए जा रहे हैं इसकी पुष्टि करती रहेगी.”
“इसका लाइव टेलीकास्ट 5.20 पर शुरू हो जाएगा.”
अगर आज विक्रम लैंडर चांद के दक्षिणी ध्रुव पर सॉफ़्ट लैंडिंग करने में सफल हो गया तो भारत ऐसा करने वाला पहला देश बन जाएगा. साथ ही अमेरिका, चीन और सोवियत यूनियन के बाद भारत चांद की सतह पर सॉफ्ट लैंडिंग करने वाला चौथा देश बन जाएगा.
इसका सीधा प्रसारण शाम 5.20 बजे इसरो की वेबसाइट, यूट्यूब चैनल और डीडी नेशनल पर होगा. शाम 6.04 बजे विक्रम लैंडर, प्रज्ञानरोवर को लेकर चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर सॉफ्ट लैंडिंग की कोशिश करेगा.
चंद्रयान 2 के फेल होने के बाद चंद्रयान-3 मिशन 14 जुलाई को लॉन्च किया गया था. 5 अगस्त को चंद्रयान-3 ने चांद की कक्षा में प्रवेश किया.
दुनिया भर की नज़रें इस पर होंगी. खासकर बीते रविवार को रूसी मून मिशन लूना-25 के फेल होने के बाद चंद्रयान-3 को लेकर उत्सुकता और बढ़ गई है.
मिज़ोरम हादसा: पीएम मोदी ने पीड़ित परिवारों को 2 लाख की सहायता राशि देने का किया एलान
मिज़ोरम में रेलवे का निर्माणाधीन पुल गिरने से 17 लोगों की मौत हो गई है.
ये लोग मज़दूर थे और वहां काम कर रहे थे. पुलिस का कहना है कि कई लोगों के वहां पर फंसे होने की आशंका है.
पीएम मोदी ने इस हादसे पर दुख प्रकट किया है और साथ ही मरने वालों के परिवार को दो लाख रुपये की मदद राशि देने का एलान किया है.
पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (ट्विटर) पर लिखा- "मिज़ोरम में हुई पुल दुर्घटना से दुखी हूं. उन लोगों के प्रति संवेदनाएं जिन्होंने अपने प्रियजनों को खोया है, और कामना करता हूं कि घायल जल्दी स्वस्थ हों."
"बचाव अभियान जारी है और प्रभावित लोगों को हर संभव सहायता दी जा रही है. मारे गए लोगों के परिजनों को 2 लाख रुपये और घायलों को 50 हजार रुपये दिए जाएंगे."
पुलिस ने बताया है कि मिज़ोरम के सैरांग इलाके के पास एक निर्माणाधीन रेलवे पुल गिरने से कम से कम 17 मज़दूरों की मौत हो गई.
पुलिस अधिकारी ने बताया “घटनास्थल पर कई अन्य लोगों के फंसे होने की आशंका है, आइज़ॉल से करीब 21 किलोमीटर दूर सुबह 10 बजे के आसपास यह घटना घटी. उस वक़्त 35 से 40 कर्मचारी वहां मौजूद थे.”
ब्रेकिंग न्यूज़, मिज़ोरम में निर्माणाधीन रेलवे पुल गिरने से 17 की मौत, कई लोगों के फंसे होने की आशंका
पूर्वोत्तर राज्य मिज़ोरम में एक निर्माणाधीन रेलवे पुल गिरने के कारण कई लोगों के मारे जाने की ख़बर है.
पुलिस ने बताया है कि बुधवार को मिज़ोरम के सैरांग इलाके के पास एक निर्माणाधीन रेलवे पुल गिरने से कम से कम 17 मज़दूरों की मौत हो गई.
पुलिस अधिकारी ने बताया “घटनास्थल पर कई अन्य लोगों के फंसे होने की आशंका है, आइज़ॉल से करीब 21 किलोमीटर दूर सुबह 10 बजे के आसपास यह घटना घटी. उस वक़्त 35 से 40 कर्मचारी वहां मौजूद थे.”
राज्य के मुख्यमंत्री ज़ोरामथंगा ने इस हादसे की जानकारी देते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (ट्विटर) पर लिखा- "आइज़ॉल के पास सायरांग में निर्माणाधीन रेलवे ओवर ब्रिज आज ढह गया,कम से कम 17 मज़दूरों की की मौत हो गई है. बचाव कार्य जारी है.”
“ इस हादसे से दुखी हूं. मारे गए लोगों के परिवार के प्रति हरू संवादना व्यक्त करता हूं और घायलों के जल्द ठीक होने की कामना करता हूं.”
“ उन लोगों के प्रति आभार जो राहत बचाव कार्य में मदद के लिए आगे आए हैं. ”
पाकिस्तान: केबल कार में फंसे सभी लोगों को कैसे सुरक्षित बचाया गया
पाकिस्तान के ख़ैबर-पख़्तूनख़्वा में एक केबल कार में कई घंटों तक फंसे रहे सभी आठ लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया है.
मंगलवार की दोपहर को बटग्राम में केबल कार का तार टूट गया था जिसमें छह किशोर भी सवार थे.
सेना के हेलीकॉप्टर ने बचाव अभियान के दौरान एक किशोर को बचाया था जबकि देर रात ज़मीन पर मौजूद टीम ने सभी लोगों को सुरक्षित बचाया.
900 फ़ुट की ऊंचाई पर केबल कार में आठ लोग फंसे हुए थे और तेज़ हवा के कारण उनके बचाव अभियान में मुश्किलें आ रही थीं.
पाकिस्तान की सेना ने कहा था कि बचाव अभियान में काफ़ी मुश्किलें आई थीं और ये बेहद ख़तरनाक था.
पाकिस्तान के कार्यकारी प्रधानमंत्री अनवारुल हक़ काकड़ ने इस बचाव अभियान में शामिल सभी लोगों का शुक्रिया अदा किया है.
ज़िम्बाब्वे के ऑलराउंडर हीथ स्ट्रीक की मौत की अफ़वाह उड़ी
ज़िम्बाब्वे के पूर्व कप्तान हीथ स्ट्रीक की मौत की अफ़वाह उड़ी है.
पहले ज़िम्बाब्वे के खिलाड़ी हेनरी ओलंगा ने दावा किया कि हीथ स्ट्रीक का निधन हो चुका है लेकिन अब उन्होंने कहा है कि हीथ स्ट्रीक ज़िंदा हैं और उनकी मौत को लेकर अफ़वाह उड़ायी गई.
उन्होंने कहा- "मैं कंफर्म कर रहा हूं कि हीथ स्ट्रीक की मौत को लेकर अफ़वाह उड़ाई गयी. मैंने उनसे बात की है और वो ज़िंदा हैं."
इससे पहले रॉयटर्स के मुताबिक़ हेनरी ओलंगा ने ही हीथ स्ट्रीक की मौत की ख़बर ट्वीट की थी.
वह पिछले काफ़ी समय से कैंसर से पीड़ित हैं. स्ट्रीक ने ज़िम्बाब्वे के लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 65 टेस्ट और 189 वनडे मैच खेले हैं. स्ट्रीक को कोलन और लिवर कैंसर है और उनका इलाज साउथ अफ़्रीका में चल रहा है.
कई भारतीय खिलाड़ियों ने भी उनकी मौत की ख़बर को लेकर प्रतिक्रिया दे दी थी.
पूर्व भारतीय क्रिकेटर वीरेंद्र सहवाग ने स्ट्रीक के निधन पर शोक जताते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (ट्विटर) पर लिखा था- “हीथ स्ट्रीक के निधन के बारे में सुनकर बेहद दुखी हूं. वह बहुत प्रतिस्पर्धी थे और ज़िम्बाब्वे के अब तक के सर्वश्रेष्ठ ऑलराउंडरों में से एक थे.
“उसके परिवार और मित्रों के प्रति मेरी संवेदनाएं.”
“जिनके ख़िलाफ़ मुझे खेलने का मौका मिला उनमें से कुछ अब नहीं रहे, ये जान कर दुख होता है.”
इसरो के चेयरमैन ने बताया- चंद्रयान 3 की लैंडिंग में कितना वक़्त लगेगा?
आज शाम 6.04 बजे चंद्रयान 3 चांद की सतह पर सॉफ़्ट लैंडिंग की तैयारी कर रहा है.
इसरो ने कहा है कि मिशन तय समय पर होगा और इसका सीधा प्रसारण शाम 5:20 बजे शुरू होगा.
इसरो के चेयरमैन एस सोमनाथ ने अंग्रेज़ी अख़बार टाइम्स ऑफ़ इंडिया से बात करते हुए कहा है कि लैंडिंग की पूरी प्रक्रिया में लगभग 30 मिनट तक का समय लग सकता है.
कहा जा रहा है कि आखिरी के 15 मिनट सबसे अहम होंगे.
एस सोमनाथ ने कहा, “ इसमें लगभग 30 मिनट का समय लग सकता है. सटीक टाइमलाइन मिशन के कई पहलू पर पर निर्भर करेगी, जैसे लैंडर मॉड्यूल की स्थिति क्या है, सिस्टम कैसा काम कर रहा है, वातावरण कैसा है? हम पहले से तय जगह पर लैंडिंग करेंगे या वो जगह उचित नहीं लगी तो नई जगह चुनेंगे, ऐसे कई सारे पहलू हैं जिन पर टाइमलाइन निर्भर करती है.”
अगर आज विक्रम लैंडर चांद के दक्षिणी ध्रुव पर सॉफ़्ट लैंडिंग करने में सफल हो गया तो भारत ऐसा करने वाला पहला देश बन जाएगा. साथ ही अमेरिका, चीन और सोवियत यूनियन के बाद भारत चांद की सतह पर सॉफ्ट लैंडिंग करने वाला चौथा देश बन जाएगा.
चंद्रयान 2 के फेल होने के बाद चंद्रयान-3 मिशन 14 जुलाई को लॉन्च किया गया था. 5 अगस्त को चंद्रयान-3 ने चांद की कक्षा में प्रवेश किया.
इसका सीधा प्रसारण शाम 5.20 बजे इसरो की वेबसाइट, यूट्यूब चैनल और डीडी नेशनल पर होगा. शाम 6.04 बजे विक्रम लैंडर, रोवर प्रज्ञान को लेकर चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर सॉफ्ट लैंडिंग की कोशिश करेगा.
दुनिया भर की नज़रें इस पर होंगी. खासकर बीते रविवार को रूसी मून मिशन लूना-25 के फेल होने के बाद चंद्रयान-3 को लेकर उत्सुकता और बढ़ गई है.
पाकिस्तान दुश्मन देश नहीं, ना वो हमें दुश्मन मानते हैं- कांग्रेस नेता मणिशंकर अय्यर
पूर्व राजनयिक और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मणिशंकर अय्यर ने पाकिस्तान के साथ बातचीत की पैरवी करते हुए कहा है कि जब तक यह पड़ोसी देश ‘हमारे गले की फांस बना रहेगा’ तब तक भारत दुनिया में अपना उचित स्थान हासिल नहीं कर सकेगा.
उन्होंने कहा कि अगर सेना और राजनीतिक व्यवस्था के एक वर्ग को छोड़ दें तो पाकिस्तान के लोग भारत को दुश्मन नहीं मानते.
पाकिस्तान के शहर कराची में दिसंबर 1978 से जनवरी 1982 तक भारत के महावाणिज्य के दूत रहे अय्यर की आत्मकथा ‘मेमॉयर्स ऑफ ए मेवरिक’ प्रकाशित हुई है.
अपनी किताब को लेकर पीटीआई को दिए गए इंटरव्यू में उन्होंने कहा, “पाकिस्तान में बतौर राजनयिक तैनाती के शुरुआती दो-तीन हफ्तों के भीतर एक दिन रात्रिभोज से वापस आ रहा था, उस समय मेरी पत्नी सुनीत ने मुझसे एक सवाल पूछा -यह एक दुश्मन देश है? यह सवाल कराची में रहने के दौरान मेरे में दिमाग गूंजता रहा.”
“मैंने वहां अपने तीन साल के कामकाज के दौरान खुद से यह सवाल पूछा. पाकिस्तान से वापस आने के बाद पिछले 40साल में मैं खुद से यह सवाल पूछता रहा हूं. मैं इस नतीजे पर पहुंचा हूं कि वहां की सेना या राजनीतिक व्यवस्था के एक वर्ग की सोच कुछ भी हो, जहां तक पाकिस्तान के लोगों का सवाल है, वे न तो वो हमारे दुश्मन देश हैं और न ही वे भारत को दुश्मन देश मानते हैं.’’
चंद्रयान 3 को लेकर पाकिस्तान के नेता फ़वाद चौधरी ने दिया ये बयान
पाकिस्तान की इमरान खान सरकार में सूचना एवं प्रसारण मंत्री रहे फ़वाद चौधरी ने कहा है कि पाकिस्तानी मीडिया को चंद्रयान-3 की लैंडिंग का लाइव प्रसारण दिखाना चाहिए.
उन्होंने भारत के मून मिशन को 'मानव जाति के लिए ऐतिहासिक क्षण' बताते हुए भारतीय वैज्ञानिकों को भी बधाई दी.
सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म एक्स (ट्विटर) पर उन्होंने लिखा, “पाक मीडिया को शाम 6:15 बजे चंद्रयान की चांद पर लैंडिंग को लाइव दिखाना चाहिए. ये मानव जाति के लिए ऐतिहासिक क्षण है, खासकर भारत के लोगों,वैज्ञानिकों और अंतरिक्ष समुदाय के लिए. उन्हें बहुत बधाई.”
चंद्रयान 3 बुधवार शाम 6.04 बजे चांद की सतह पर उतरने की कोशिश करेगा.
अगर इसरो ऐसा करने में सफल रहा तो भारत चांद के दक्षिणी ध्रुव पर सॉफ्ट-लैंडिंग करने वाला पहला देश बन जाएगा. साथ ही अमेरिका, चीन और सोवियत यूनियन के बाद भारत चांद की सतह पर सॉफ्ट लैंडिंग करने वाला चौथा देश बन जाएगा.
चंद्रयान 2 के फेल होने के बाद चंद्रयान-3 मिशन 14 जुलाई को लॉन्च किया गया था. 5 अगस्त को चंद्रयान-3 ने चांद की कक्षा में प्रवेश किया.
17 अगस्त को दोनों मॉड्यूल रोवर और लैंडर स्पेसक्राफ्ट से अलग हुए थे.
दक्षिण अफ्रीका में ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में हिस्सा ले रहे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस लैंडिंग की प्रक्रिया को ऑनलाइन देखेंगे.
इसका सीधा प्रसारण शाम 5.20 बजे इसरो की वेबसाइट, यूट्यूब चैनल और डीडी नेशनल पर होगा. शाम 6.04 बजे विक्रम लैंडर, रोवर प्रज्ञान को लेकर चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर सॉफ्ट लैंडिंग की कोशिश करेगा.