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इमरान ख़ान की लाहौर में बड़ी रैली पर ग़ैर ज़मानती वारंट लेकर गिरफ़्तार करने पहुँची इस्लामाबाद पुलिस

पाकिस्तान तहरीके इंसाफ़ पार्टी के प्रमुख और पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान ख़ान अपने हज़ारों समर्थकों के साथ लाहौर के दाता दरबार पर पहुंच गए हैं.

लाइव कवरेज

प्रियंका झा and शुभम किशोर

  1. इमरान की बड़ी चुनावी रैली, ग़ैर-ज़मानती वारंट लेकर इस्लामाबाद पुलिस पहुँची लाहौर

    पाकिस्तान तहरीके इंसाफ़ पार्टी के प्रमुख और पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान ख़ान अपने हज़ारों समर्थकों के साथ लाहौर के दाता दरबार पर पहुंच गए हैं.

    इमरान ख़ान और उनके समर्थक चाहते हैं कि पाकिस्तान में तुरंत चुनाव करवाए जाएं.

    उधर इस्लामाबाद पुलिस इमरान ख़ान के ख़िलाफ़ दो ग़ैर-जमानती वारंट लेकर लाहौर पहुँची है.

    आपको बता दें कि लाहौर में सरकार ने रैली पर पाबंदी लगाई थी इसके बावजूद इमरान ख़ान की पार्टी के हज़ारों कार्यकर्ता इसमें बढ़ चढ़ कर हिस्सा ले रहे हैं.

    इमरान ख़ान के लाहौर के दाता दरबार पहुँचने पर आतिशबाज़ी की गई. रैली के साथ एक एंबुलेंस के अलावा भारी संख्या में पुलिस बल भी शामिल हैं.

    बीबीसी संवाददाता सहर बलोच के मुताबिक दाता दरबार तक ये रैली काफ़ी गति से चलते हुए पहुँची है.

    इमरान खान ने अपनी कार के अंदर से चुनावी रैली को संक्षिप्त भाषण दिया और कहा कि आने वाले रविवार को मीनारे पाकिस्तान में एक चुनावी रैली की जाएगी

    पुलिस पहुँची गिरफ़्तार करने

    इससे पहले ख़ान ज़मान पार्क स्थित घर से मार्च के लिए निकले और इस्लामाबाद से पुलिस हेलिकॉप्टर के ज़रिए लाहौर पहुँची.

    पुलिस इमरान ख़ान को तोशाख़ाना केस में अदालत में पेश न होने पर जारी हुए ग़ैर ज़मानती वारंट पर अमल करने आई है. उनपर एक महिला जज को रैली के दौरान धमकी देने पर भी एक वारंट जारी हुआ है.

    इससे पहले लाहौर प्रशासन इस शर्त पर सीमित मार्च की अनुमति दी थी कि कार्यकर्ता या लीडर न्यायापालिका के विरुद्ध बयानबाज़ियां नहीं करेंगे.

  2. सिलिकॉन वैली बैंक संकट के बीच बोले बाइडन - अमेरिकी बैंको को बचाएंगे

    अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने कहा है कि बैंकों को डूबने से बचाने के लिए "जो भी ज़रूरी हो" अमेरिका करेगा.

    बाइडेन का ये बयान ऐसे समय में आया है जब अमेरिका ने सिलिकॉन वैली बैंक और सिग्नेचर बैंक को बचाने के लिए अमेरिका ने ज़रूरी डिपॉज़िट देने की गारंटी दी.

    अमेरिका उन लोगों को बैंकों से पैसे निकालने से रोकना चाहता है जो सिलिकॉन वैली बैंक के डूबने की ख़बर के बाद लोगों अपने पैसे निकालने चाहते हैं.

    बाइडन ने कहा, "निश्चिंत रहें कि हमारी बैेंकिंग व्यवस्था सुरक्षित है."

    उन्होंने कहा कि वो लोग और कंपनियां जिनका पैसा सिलिकन वैली बैंक में जमा था, वो उनका इस्तेमाल सोमवार से कर सकते हैं.

    बाइडन ने मदद का एलान करते हुए कहा, "मैं आपको भरोसा दिलाना चाहता हूं कि हम यहीं नहीं रुकेंगे. जो भी ज़रूरी होगा, हम वो करेंगे."

    सिलिकॉन वैली बैंक, जो कि टेक्नॉलॉजी कंपनियां को कर्ज़ देने के लिए मशहूर है, उसे नियामकों ने शुक्रवार को बंद कर दिया था और संपत्ति ज़ब्त कर ली थी. साल 2008 के आर्थिक संकट के बाद अमेरिका में असफल होने वाला सबसे बड़ा बैंक है.

  3. प्रवर्तन निदेशालय के छापे पर बोले तेजस्वी यादव, 'ठेंगा मिला है'

    बिहार के उप- मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव के ईडी के छापे के बाद कहा कि उनके पास से 'ठेंगा मिला है.' उन्होंने ईडी पर ख़बरों को प्लांट करने का आरोप लगाते हुए कहा कि वो पंचनामा दिखाएं.

    मीडिया के बात करते हुए यादव ने कहा, "600 करोड़ से पहले आठ हज़ार करोड़ का हिसाब तो दे दें. 2017 में इसी तरह से, इसी स्टाइल में इन्होंने किया था, लोग कहते थे कि मेरे पास से कितना खज़ाना मिला था, ठेंगा मिला है. चुनौती दे रहे हैं, मेरे पास से ठेंगा मिला है. सीज़र लिस्ट जारी करें, या फिर हम जारी कर देते हूैं.'

    उन्होंने कहा, "ये झूठा प्रचार इस तरह से कर रहे है जैसे असली अदानी हम ही है. सीबीआई ईडी कन्फ़ूज़ हो गई है, मेरी शक्ल अदानी जी से मिलती है क्या?"

    अदानी पर लगे आरोपों की ओर इशारा करते हुए उन्होंने कहा, "80 हज़ार करोड़ का घोटाला छोड़कर, वो हर दो-चार दिन पर मेरे यहां रेड मारते हैं, मेरे यहां से ठेंगा मिलता है."

    उन्होंने कहा कि मीडिया में ख़बरे प्लांट की गई हैं और जांच एजेंसियों को पंचनामा जारी करने की चुनौती दी.

    शुक्रवार को दिल्ली-एनसीआर, पटना, मुंबई और रांची में लालू यादव और उनके परिवार के 24 ठिकानों पर छापेमारी करने वाले प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने दावा किया है कि 'ज़मीन के बदले रेलवे में नौकरी' केस में उसकी इस कार्रवाई के दौरान 600 करोड़ रुपये के लेनदेन का पता चला है.

    ईडी ने शनिवार को दावा किया कि उसने ऐसे दस्तावेज बरामद किए हैं, जिनसे पता चलता है कि 600 करोड़ रुपये की संपत्तियों का लेनदेन हुआ है.

    ये दस्तावेज़ कथित तौर पर 350 करोड़ रुपये की अचल संपत्तियों और 250 करोड़ रुपये के बेनामी लेनदेन से जुड़े हैं. ये छापेमारी धन शोधन निवारण अधिनियम यानी पीएमएलए, 2000 के तहत की गई थी.

  4. चीन पूर्वी लद्दाख में एकतरफ़ा बदलाव की कोशिश कर रहा है - विदेश मंत्रालय की रिपोर्ट

    विदेश मंत्रालय ने सोमवार को एक रिपोर्ट में कहा कि भारत की चीन के साथ स्थिति 'जटिल' हैं और चीन अप्रैल-मई 2020 से पूर्वी लद्दाख में एकतरफ़ा बदलाव की कोशिश कर रहा है, जिसके कारण सीमावर्ती इलाकों में शांति पर असर पड़ा है.

    रिपोर्ट में कहा गया है कि इन कोशिशों को भारतीय सेना की ओर से 'उचित जवाब' दिया गया है.

    विदेश मंत्रालय की 2022 की सलाना रिपोर्ट में कहा गया, "भारत के चीन के साथ रिश्ते जटिल हैं. दोनों ही पक्ष सीमा से जुड़े बचे हुए अख़िरी विवादों के निपटारे के लिए सहमत हैं और मानते हैं कि सीमावर्ती इलाकों में शांति ज़रूरी है और द्विपक्षीय संबंधों के विकास के लिए ज़रूरी हैं."

    विदेश मंत्रालय ने कहा कि एलएसी पर मुद्दों को बातचीत से सुलझाने के लिए दोनों देश तैयार हैं और बातचीत लगातार जारी है ताकि सभी विवाद वाली जगहों पर विवाद सुलझा कर शांति कायम किया जाए.

    रिपोर्ट में लिखा गया, "चीन द्वारा यथास्थिति को बदलने के लिए जारी एकतरफा प्रयासों ने तब से द्विपक्षीय संबंधों को प्रभावित किया है."

  5. बीबीसी करेगा सोशल मीडिया गाइडलाइन का रिव्यू, गैरी लिनेकर की हुई वापसी

    बीबीसी के प्रेज़ेटर गैरी लिनेकर, जिन्हें उनके प्रोग्राम होस्ट करने से रोक दिया गया था, वो अब फिर से अपना कार्यक्रम 'मैच ऑफ़ द डे' होस्ट करेंगे.

    बीबीसी के डायरेक्टर जनरल टिम डेवी ने एलान किया है कि बीबीसी की सोशल मीडिया गाइडलाइन का स्वतंत्र रिव्यू किया जाएगा.

    लिनेकर ने कहा कि वो रिव्यू का समर्थन करते हैं और वापस ऑन एयर आने के लिए उत्साहित हैं, साथ ही उन्होंने अपना समर्थकों का शुक्रिया कहा.

    'मैच ऑफ द डे' के होस्ट गैरी लिनेकर के समर्थन में कमेंटेटरों के वॉकआउट करने के बाद यह शो रोक दिया गया था.

    इस कारण बीबीसी की फ़ुटबॉल कवरेज पर प्रभाव पड़ा.

    डेवी ने एक बयान में कहा, "हम सभी समझ रहे हैं कि ये स्टाफ़, कंट्रीब्यूटर, प्रेज़ेटर और ख़ासतौर पर दर्शकों के लिए एक मुश्किल दौर है."

    "मैं इसके लिए माफ़ी मांगता हूं."

  6. दिनभर- पूरा दिन, पूरी ख़बर, मोहम्मद शाहिद और मोहनलाल शर्मा के साथ

  7. अमेरिकी बैंकों की नाकामी का असर भारतीय शेयर बाज़ारों पर, निवेशकों के डूबे 4.4 लाख करोड़ रुपये

    अमेरिकी में तीन दिनों के भीतर दो बैंकों की नाकामी का असर सोमवार को भारतीय शेयर बाज़ारों में देखने को मिला.

    सोमवार को 30 शेयरों के बीएसई सेंसेक्स में 900 अंकों की गिरावट दर्ज की गई.

    सेंसेक्स 58,237.85 पर बंद हुआ और घरेलू निवेशकों के 4.4 लाख करोड़ रुपये स्वाहा हो गए.

    समाचार एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट के अनुसार, शेयर बाज़ार में इससे पहले के दो कारोबारी सत्रों में भी गिरावट दर्ज की गई थी.

    एनएसई में भी 256.60 अंकों की गिरावट दर्ज की गई और ये 17,154.30 पर बंद हुआ.

    बीएसई में ट्रेडिंग के लिए उपलब्ध 3757 शेयरों में 2915 कंपनियों के शेयर गिरे जबकि 695 कंपनियों के शेयरों के भाव चढ़े.

  8. पाकिस्तान ये उपाय कर ले तो दूर हो सकती है रोटी की किल्लत

    पाकिस्तान की गिनती दुनिया में सबसे अधिक गेहूं उत्पादन करने वाले देशों में होती है. बावजूद इसके देश में आम लोग रोटी की कमी से जूझ रहे हैं.

    देश में रोटी की क़ीमत साढ़े सात रुपये प्रति रोटी हो चुकी है...लेकिन क्या इसका कोई हल है? देखिए, पाकिस्तान के वरिष्ठ पत्रकार वुसअतुल्लाह ख़ान क्या सुझाव दे रहे हैं...

  9. ईरान: सरकार विरोधी प्रदर्शन के सिलसिले में गिरफ़्तार किए गए 22 हज़ार लोगों को माफी

    ईरान के सरकारी मीडिया ने कहा है कि सरकार विरोधी प्रदर्शनों में हिस्सा लेने के आरोप में गिरफ़्तार किए गए 22 हज़ार लोगों को माफी दी गई है.

    ईरान की न्यायपालिका के प्रमुख ग़ुलाम हुसैन मोहसेनी एजेई ने बताया कि कुछ लोगों को उनके अपराधों के लिए कसूरवार भी ठहराया गया है जबकि कुछ सज़ा का इंतज़ार कर रहे हैं.

    उन्होंने ये नहीं बताया कि किस समय अवधि के दौरान गिरफ़्तार किए गए लोगों को माफी देने का एलान किया गया है.

    बीते साल सितंबर में महसा अमीनी नाम की एक लड़की की पुलिस हिरासत में हुई मौत के बाद ईरान में सरकार विरोधी प्रदर्शनों का सिलसिला शुरू हो गया था.

    इसे लेकर जजों को ये निर्देश दिया गया था कि वे प्रदर्शनों की अगुवाई कर रहे लोगों को सख़्त सज़ाएं दी जाएं.

  10. रूस-यूक्रेन युद्ध: पुतिन अब आगे क्या करने वाले हैं?

    जब 24 फ़रवरी 2022 को व्लादिमीर पुतिन ने अपने लगभग दो लाख सैनिक यूक्रेन पर हमला करने के लिए भेजे थे, तो उन्होंने ये अंदाज़ा लगाया था कि रूस की सेना महज़ कुछ दिनों के भीतर कीइव में दाख़िल हो जाएगी और यूक्रेन की सरकार को सत्ता से हटा देगी.

    लेकिन पुतिन को इस अभियान में अभी तक मनचाही सफलता नहीं मिली है. लेकिन वो हार गए हैं, ऐसा भी नहीं है. लेकिन आने वाले वक्त में उनकी नई योजना क्या हो सकती है?

  11. तालिबान ने अफ़ग़ानिस्तान में शुरू किया पोलियो उन्मूलन अभियान

    अफ़ग़ानिस्तान में तालिबान द्वारा संचालित स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा है कि पोलियो के ख़िलाफ़ एक राष्ट्रव्यापी अभियान शुरू किया गया है.

    इस अभियान के तहत अफ़ग़ानिस्तान के 90 लाख से अधिक बच्चों को पोलियो वैक्सीन की खुराक दी जाएगी.

    तालिबान हुकूमत की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि चार दिनों तक चलने वाले टीकाकरण अभियान में पांच साल से कम उम्र के बच्चों को इसकी खुराक दी जाएगी.

    ये टीकाकरण अभियान अंतरराष्ट्रीय सहायता एजेंसियों की मदद से चलाया जा रहा है.

    तालिबान के प्रशासन ने अभिभावकों, बुजुर्गों और कबायली नेताओं से पोलियो के ख़िलाफ़ लड़ाई में हिस्सा लेने की अपील की है.

    तालिबान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया है कि पिछले साल देश में पोलियो संक्रमण के दो मामले रिपोर्ट किए गए थे.

    दुनिया में अफ़ग़ानिस्तान और पाकिस्तान ही केवल ऐसे दो देश रह गए हैं जहां पोलियो अभी भी ख़त्म नहीं हुआ है.

  12. उत्तर प्रदेशः मंत्री से पूछा विकास पर सवाल, ‘पत्रकार’ बीजेपी कार्यकर्ता की शिकायत पर गिरफ़्तार

    उत्तर प्रदेश के संभल में एक मंत्री से एक सभा में गांव के विकास को लेकर सवाल पूछने के बाद 'स्थानीय पत्रकार' को गिरफ़्तार कर लिया गया, उन पर बीजेपी के कार्यकर्ताओं से मारपीट करने का आरोप लगाया गया है.

    पत्रकार का सवाल पूछने वाला वीडियो वायरल हो गया है, पहले जान लेते हैं कि वायरल वीडियो में क्या हो रहा है.

    इस वीडियो में पत्रकार को ये कहते हुए सुना जा सकता है, "बुद्धनगर में एक भी बारातघर नहीं है, ना ही यहां पर सरकारी शौचालय है, आपने कहा था कि मंदिर से लेकर इस रोड को पक्का कराऊंगी, अभी तक ये रास्ता कच्चा है, बाइक से क्या पैदल चलने वाले लोग परेशान हो जाते हैं. आपने देवी मां के मंदिर की बाउंड्री का वादा भी किया था, आपने अभी तक उस पर भी कार्रवाई नहीं की, आपके दफ़्तर पर गांव के लोग गए, वहां भी सुनवाई नहीं हुई."

    पत्रकार अपनी बात रख ही रहा था कि पीछे से मंत्री के साथ मौजूद किसी महिला की आवाज़ आती है, "आप समस्या रख रहे हो या अपना प्रचार कर रहे हो?"

  13. सेम-सेक्स मैरिज पर सुप्रीम कोर्ट की संवैधानिक पीठ करेगी सुनवाई

      • Author, सुचित्र मोहंती, बीबीसी हिंदी के लिए

    समलैंगिक विवाह की याचिकाओं पर अब सुप्रीम कोर्ट की पांच जजों की संविधान पीठ सुनवाई करेगी. सुप्रीम कोर्ट में 18 अप्रैल से सुनवाई शुरू होगी.

    सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ ने इस मुद्दे से जुड़ी कई याचिकाओं की सुनवाई करते हुए कहा, "हम इस मामले की सुनवाई 18 अप्रैल को करेंगे. हम अनुच्छेद 145(3) के तहत इसे संवैधानिक मामले की तरह सुनेंगे.."

    सरकार की ओर से पेश हुए सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि ये फ़ैसला संसद को करना चाहिए कि सेम सेक्स मैरिज को मान्यता दी जाए या नहीं.

    वहीं एक याचिकाकर्ता की ओर से पेश हुए वरिष्ठ वकील नीरज किशन कौल ने कहा, "स्पेशल मैरेज एक्ट के अधिनियम की धारा 4 में दो व्यक्तियों के बीच विवाह शब्द का प्रयोग किया गया है."

    इस मामले में सुप्रीम कोर्ट का कहना है कि, "सभी पर्सनल लॉ और शादी से जुड़े क़ानूनी प्रावधान केवल औरत और मर्द के रिश्तों को मान्यता देते हैं. जब इसे लेकर एक स्पष्ट क़ानून है और जिसमें ये बात साफ़ की गई है तो क़ानून को फिर से लिखने की न्यायिक दखलंदाज़ी की इजाजत नहीं दी जा सकती है. जब क़ानूनी प्रावधानों में लिंग को स्पष्ट करने वाले 'मर्द' और 'औरत' शब्द इस्तेमाल किए गए हों, अदालतें उनकी व्याख्या करने के नाम पर उन्हें कोई और अर्थ नहीं दे सकती हैं."

  14. स्टैच्यू बनकर अपने परिवार का पेट पालने वाले शख़्स की कहानी

    दिन में कुछ घंटे दिहाड़ी मजदूरी करना तो कुछ घंटे शरीर पर सुनहरा रंग लगा स्टैच्यू बनकर चौक पर खड़े हो जाना.. ये दिनचर्या है पंजाब के श्री मुक्तसर ज़िले के रहने वाले गोबिंद सिंह की.

    एक ही दिन में दो बिलकुल अलग-अलग तरह के काम कर गोबिंद अपनी और अपने परिवार की रोज़ी रोटी चला रहे हैं. गोबिंद सिंह के स्टैच्यू वाले रूप को अब आसपास के लोग जानने लगे हैं. देखिए ये वीडियो.

  15. मध्य प्रदेश विधानसभा ने बीबीसी के ख़िलाफ़ प्रस्ताव पारित किया

    मध्य प्रदेश विधानसभा ने बीबीसी के ख़िलाफ़ कार्रवाई की माँग करते हुए एक प्रस्ताव पारित किया है.

    बीजेपी के विधायक शैलेंद्र जैन ने प्रस्ताव पेश किया था कि गुजरात के 2002 के दंगों की पड़ताल करने वाली बीबीसी की डॉक्युमेंट्री के प्रसारण के लिए उसके ख़िलाफ़ कार्रवाई की जाए.

    बीबीसी की दो भागों में प्रसारित डॉक्युमेंट्री 'इंडिया, द मोदी क्वेश्चन' का भारत में किसी भी रूप में प्रसारण नहीं किया गया था. कुछ लोगों ने अनधिकृत तरीक़े से इस डॉक्युमेंट्री को शेयर करने की कोशिश की थी जिसे केंद्र सरकार ने रोकने का प्रयास किया था.

    केंद्र सरकार की इस कोशिश को चुनौती देने वाली याचिका इस समय सुप्रीम कोर्ट में लंबित है, सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को नोटिस भेजकर जवाब माँगा है.

    वरिष्ठ पत्रकार एन राम, तृणमूल कांग्रेस सांसद महुआ मोइत्रा और वकील प्रशांत भूषण की इस याचिका पर अप्रैल महीने में अगली सुनवाई होगी. इससे पहले गुजरात विधानसभा में भी इसी तरह का प्रस्ताव पारित किया गया था.

    मध्य प्रदेश विधानसभा में पारित प्रस्ताव के बारे में राज्य के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा, "यह भारत की संप्रभुता और संविधान पर हमला है, भारत को बदनाम करने का बीबीसी ने जो प्रयास किया वह निंदनीय है और इसके लिए कार्रवाई होनी चाहिए."

    बीबीसी ने कहा है कि उसने पत्रकारिता के सभी मानदंडों के अनुरूप डॉक्युमेंट्री बनाई है और उसने सभी पक्षों को अपनी बात रखने का मौक़ा दिया था, इस डॉक्युमेंट्री में बीजेपी के सांसद रहे वरिष्ठ पत्रकार स्वप्न दासगुप्ता ने भी हिस्सा लिया था और दंगों के समय गुजरात के मुख्यमंत्री रहे नरेंद्र मोदी का बचाव किया था.

    इस डॉक्युमेंट्री के प्रसारण के तीन सप्ताह बाद आयकर विभाग के अधिकारियों ने तीन दिन तक बीबीसी के दिल्ली-मुंबई स्थित दफ़्तरों में दस्तावेज़ों की पड़ताल की थी और दोनों जगहों पर वरिष्ठ अधिकारियों से पूछताछ की थी, इस आयकर विभाग का सर्वे बताया गया था.

    बीबीसी ने आयकर अधिकारियों को पूरा सहयोग देने की बात कही है.

  16. पाकिस्तान और भाषा पर क्या बोले जावेद अख़्तर?

    गीतकार जावेद अख़्तर ने एक बार फिर पाकिस्तान का ज़िक्र किया है.

    अख़्तर ने एक कार्यक्रम में भाषा और पाकिस्तान के विभाजन पर अपनी राय रखी है.

  17. देश में 31 लाख करोड़ रुपये के करेंसी नोट प्रचलन में, नौ साल में दो गुने से अधिक का इजाफा

    मार्च, 2022 में 31.33 लाख करोड़ रुपये के करेंसी नोट देश में प्रचलन में थे. ये आंकड़ा 2014 में 13 लाख करोड़ रुपये का था. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने सोमवार को लोकसभा में इसकी जानकारी दी.

    समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक़, प्रचलन में मुद्रा, जिसमें बैंक नोट और सिक्के शामिल हैं, 25 मार्च, 2022 को जीडीपी का 13.7 प्रतिशत थे - मार्च 2014 के 11.6 प्रतिशत से अधिक.

    हालांकि नोटबंदी के बाद मार्च 2017 में ये आंकड़ा घटकर 13.35 लाख करोड़ रुपये रह गया. मार्च 2016 में प्रचलन में मुद्रा 16.63 लाख करोड़ रुपये थी.

    मार्च 2018 में 18.29 लाख करोड़ रुपये, मार्च 2019 और मार्च 2020 में 21.36 लाख करोड़ रुपये और 24.47 लाख करोड़ रुपये की नकदी चलन में रही है. मार्च 2021 और 2022 के अंत में यह 28.53 लाख करोड़ रुपये और 31.33 लाख करोड़ रुपये था.

    निर्मला सीतारमण ने कहा, "सरकार का मिशन कम नकदी वाली अर्थव्यवस्था की ओर बढ़ना है ताकि काले धन को कम किया जा सके और डिजिटल अर्थव्यवस्था को बढ़ावा दिया जा सके."

    सीतारमण ने कहा कि नवंबर 2016 में की गई नोटबंदी का उद्देश्य जाली नोटों के इस्तेमाल को रोकना, बड़े मूल्य के नोटों के बेहिसाब भंडारण को बंद करना और ड्रग ट्रैफ़िकिंग और आतंकवाद जैसी गतिविधियों पर लगाम लगाना था.

  18. प्रतिभा थपलियाल: बीमारी के बावजूद सोलह महीनों में बनी चैंपियन बॉडी बिल्डर

    देहरादून के एक होटल में रविवार को भाजपा महानगर महिला मोर्चा ने 'सुषमा स्वराज अवॉर्ड' नाम का एक कार्यक्रम आयोजित किया जिसमें अलग-अलग क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली 26 महिलाओं को सम्मानित किया गया.

    कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के अलावा बीजेपी की कई महिला नेता शामिल हुईं, लेकिन फ़ोटो खिंचवाने की होड़ रही इस कार्यक्रम में सम्मानित एक महिला ख़िलाड़ी के साथ.

    इस महिला खिलाड़ी का नाम है प्रतिभा थपलियाल. पौड़ी के यमकेश्वर ब्लॉक की मूल निवासी प्रतिभा ने इसी महीने मध्य प्रदेश में आयोजित राष्ट्रीय स्तर की बॉडी बिल्डिंग प्रतियोगिता में सीनियर वीमेन कैटेगिरी में गोल्ड जीता है.

    यह उपलब्धि हासिल करने वाली वो उत्तराखंड की पहली महिला हैं. ख़ास बात यह भी है कि प्रतिभा को बॉडी बिल्डिंग शुरू किए कुल 16 महीने ही हुए हैं.

  19. इलाहाबाद हाई कोर्ट परिसर से तीन महीने के भीतर मस्जिद हटाई जाए: सुप्रीम कोर्ट

    सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को इलाहाबाद हाई कोर्ट के परिसर से एक मस्जिद को तीन महीने के भीतर हटाने का निर्देश दिया है.

    सुप्रीम कोर्ट ने इसे हटाए जाने का विरोध कर रहे याचिकाकर्ताओं को कहा कि इसकी इमारत ऐसी प्रॉपर्टी पर खड़ी थी जिसकी लीज़ की अवधि ख़त्म हो चुकी है और अब वे इस पर कब्ज़ा बनाए रखने का हक़ नहीं जता सकते हैं.

    समाचार एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट के अनुसार, नवंबर, 2017 में इलाहाबाद हाई कोर्ट ने इस मस्जिद को तीन महीने के भीतर हटाने का आदेश दिया था.

    हाई कोर्ट के इस फ़ैसले के ख़िलाफ़ वक़्फ़ मस्जिद हाई कोर्ट और यूपी सुन्नी सेंट्रल वक़्फ़ बोर्ड ने सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी.

    सुप्रीम कोर्ट ने उनकी याचिका को सोमवार को खारिज कर दिया.

    हालांकि सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस एमआर शाह और जस्टिस सीटी रविकुमार की बेंच ने याचिकाकर्ताओं को ये भी कहा कि वे उत्तर प्रदेश सरकार के सामने मस्जिद के लिए पास में ज़मीन आवंटन के लिए अपनी मांग रख सकती है.

    बेंच ने कहा कि अगर तीन महीने के भीतर मस्जिद की इमारत वहां से नहीं हटाई गई तो हाई कोर्ट समेत प्रशासन उसे हटाने या उसके विध्वंस के लिए स्वतंत्र होगा.

    मस्जिद की मैनेजमेंट कमेटी की ओर से पक्ष रख रहे सीनियर एडवोकेट कपिल सिब्बल ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि ये मस्जिद वहां पर 1950 के दशक से है और उसे यूं ही वहां से हटाने के लिए नहीं कहा जा सकता है.

    उन्होंने कहा, "साल 2017 में सरकार बदली और सबकुछ बदल गया. नई सरकार के बनने के दस दिनों के भीतर ही एक पीआईएल फाइल किया गया. वैकल्पिक जगह दिया जाए तो हमें मस्जिद को कहीं और शिफ्ट करने में कोई समस्या नहीं है."

  20. शी जिनपिंग के टेबल पर क्यों रखे होते हैं दो कप?

    इन तस्वीरों में अगर आपको अंतर पहचानने के लिए कहा जाए तो क्या दिखेगा? ध्यान से देखेंगे तो पता लगेगा कि जहां चीन के दूसरे नेताओं की टेबल पर चाय का एक कप है.

    वहीं शी जिनपिंग की टेबल पर दो. ये आपको माइनर डिटेल लग सकता है लेकिन चीन की राजनीति में प्रतीक ख़ास महत्व रखते हैं.

    जैसे पहले सिर्फ़ चीनी सम्राट ही पीले रंग का रोब पहना करते थे, उनके अलावा किसी को भी ये पहनने का हक हासिल नहीं था.