इंग्लैड-पाकिस्तान सिरीज़: इंग्लैंड के कई खिलाड़ी बीमार, पहले टेस्ट को लेकर अनिश्चितता
इंग्लैंड क्रिकेट बोर्ड ने जानकारी दी है कि इंग्लैंड के खिलाड़ियों के वायरल इन्फ़ेक्शन से पीड़ित होने के कारण पहले टेस्ट को लेकर कल फ़ैसला होगा.
लाइव कवरेज
प्रियंका झा and शुभम किशोर
चीन में शी जिनपिंग के इस्तीफ़े की मांग क्यों कर रहे हैं लोग
वीडियो कैप्शन, चीन की 'ज़ीरो कोविड पॉलिसी' को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं चीन के लोग
चीन में सख़्त कोविड पॉलिसी को लेकर आम लोगों में आक्रोश बढ़ने के बाद अब सरकार के ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए हैं.
चीन की आर्थिक राजधानी कहे जाने वाले शंघाई शहर में दुर्लभ विरोध प्रदर्शन देखे गए हैं.
इन विरोध प्रदर्शनों में शी जिनपिंग के इस्तीफ़े की मांग तक गयी है.
देखिए बीबीसी संवाददाता स्टीफ़न मैक्डॉनल की ये रिपोर्ट.
बलात्कारियों की रिहाई के ख़िलाफ़ बिलकिस बानो ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की
....में
Author, सुचित्र मोहंती, बीबीसी हिंदी के लिए
इमेज स्रोत, ANI
इमेज कैप्शन, बिलकिस बानो
बिलकिस बानो ने अपने साथ गैंगरेप और परिवार के सदस्यों की हत्या के 11 दोषियों की सज़ा पूरी होने से पहले रिहाई को चुनौती देने के लिए सुप्रीम कोर्ट में पुनर्विचार याचिका दायर की है.
बिलकिस बानो की वकील शोभा गुप्ता ने इसकी पुष्टि की है.
शोभा गुप्ता ने बीबीसी को बताया, "हां, हमने सुप्रीम कोर्ट में पुनर्विचार याचिका दायर की है. बिलकिस बानो ने मई महीने में सुप्रीम कोर्ट के दिए उस आदेश पर पुनर्विचार याचिका दी है, जिसमें गुजरात सरकार 1992 के माफ़ी नियमों को लागू करने की इजाज़त दी गई थी."
उन्होंने ये भी बताया कि बिलकिस बानो ने उम्रकैद काट रहे 11 दोषियों की सज़ा पूरी होने से पहले रिहाई को चुनौती देने के लिए भी रिट याचिका दायर की है. बिलकिस ने अर्ज़ी में कहा है, "इन 11 दोषियों को जेल से रिहा नहीं किया जाना चाहिए था."
बिलकिस बानो की वकील इस मामले पर जल्द से जल्द सुनवाई चाहती थीं लेकिन चीफ़ जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ ने कहा कि वो इस अर्ज़ी को देखेंगे.
गुजरात में 2002 के दंगों के दौरान बिलकिस बानो के साथ गैंगरेप करने वालों को इसी साल गुजरात सरकार ने 15 अगस्त पर रिहा कर दिया था.
COVER STORY: जिनपिंग के ख़िलाफ़ प्रदर्शन
वीडियो कैप्शन, चीन में शी जिनपिंग के ख़िलाफ़ प्रदर्शनों को पुलिस ने दबाया. आख़िर ये नौबत आई कैसे?
सड़कों पर राष्ट्रपति जिनपिंग के इस्तीफ़े की मांग करते हुए प्रदर्शन होने लगे और कोरा कागज़ पकड़कर लोगों ने अपना विरोध दर्ज कराया.
चीन में सरकार विरोधी प्रदर्शन बेहद कम देखे जाते हैं. इस वजह से पुलिस फ़ौरन हरकत में आई और प्रदर्शनकारियों पर सख़्ती बरती.
आज अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को चेतावनी देकर कहा कि वो देश के कानून के दायरे में रहें.
चीन के कई प्रमुख शहरों में भारी पुलिस बल तैनात हैं. इनमें शंघाई भी शामिल है जहां भीड़ को रोकने के लिए पुलिस ने बैरीकैड्स लगाए हैं.
ये प्रदर्शन राष्ट्रपति शी जिनपिंग के कार्यकाल में एक बड़ी राजनीतिक चुनौती साबित हो रहे हैं. बीबीसी संवाददाता मार्क अर्बन की ख़ास रिपोर्ट.
राहुल गांधी की 'भारत जोड़ो' यात्रा पर आया अमित शाह का बयान
इमेज स्रोत, ANI
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने राहुल गांधी की 'भारत जोड़ो' यात्रा को लेकर बयान दिया है.
समाचार एजेंसी पीटीआई को दिए इंटरव्यू में अमित शाह से सवाल किया गया कि वो राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा को कैसे देखते हैं और इसके क्या नतीजे होंगे.
इस पर शाह ने कहा, "मेरा हमेशा से मानना रहा है कि राजनेता को मेहनती होना चाहिए और जब कोई पूरी मेहनत करता है तो ये अच्छा है. लेकिन राजनीति में केवल लगातार किए जाने वाले प्रयासों का ही परिणाम देखने को मिलता है. इसलिए, इंतज़ार कीजिए और देखते जाइए."
इमेज स्रोत, ANI
इमेज कैप्शन, राहुल गांधी की यात्रा पर अमित शाह ने कहा है कि राजनीति में केवल लगातार किए जाने वाले प्रयासों का ही परिणाम देखने को मिलता है
अमित शाह ने गुजरात विधानसभा चुनाव से पहले कहा कि राज्य में कांग्रेस अभी भी मुख्य विपक्षी पार्टी है लेकिन वो पूरे देश में संकट से घिरी है जिसका असर गुजरात में भी दिख रहा है.
गुजरात में आम आदमी पार्टी भी जोर-शोर से चुनावी अभियान चला रही है. यहां तक कि पार्टी जीत का दावा भी कर रही है.
आम आदमी पार्टी को गुजरात में कितनी बड़ी राजनीतिक ताकत माना जा रहा है, इस पर शाह ने कहा कि किसी भी पार्टी के पास देश के किसी भी हिस्से में काम करने का अधिकार है, लेकिन उन्हें स्वीकार करना या न करना जनता के हाथ में है.
अमित शाह ने कहा कि चुनाव हो जाने दीजिए, शायद आप के उम्मीदवारों का नाम सफल उम्मीदवारों की सूची में रहे ही न.
इमेज स्रोत, ANI
पीएफ़आई पर बैन का कारण
पॉपुलर फ़्रंट ऑफ़ इंडिया (पीएफ़आई) पर प्रतिबंध की क्या ज़रूरत थी, इस सवाल पर शाह ने कहा, "इस संगठन की राष्ट्र-विरोधी गतिविधियों, ख़ासतौर पर युवाओं में कट्टरता भरकर उन्हें आतंकवाद की ओर ढकेलने से जुड़ी बहुत सी जानकारी और सबूत जुटाने के बाद मोदी सरकार ने पीएफ़आई को बैन करने का निर्णय किया. कई राज्यों ने भी पीएफ़आई को बैन करने की मांग की थी."
दिल्ली मर्डर केसः पुलिस बोली, बीवी-सौतेले बेटे ने शख़्स को मारा, शव के टुकड़े कर फेंके
वीडियो कैप्शन, दिल्ली मर्डर केसः पुलिस बोली, बीवी-सौतेले बेटे ने शख़्स को मारा, शव के टुकड़े कर फेंके
दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने एक व्यक्ति की हत्या के मामले में उसकी पत्नी और सौतेले बेटे को गिरफ़्तार किया है.
पुलिस के मुताबिक महिला और उसके बेटे ने अंजन दास की हत्या कर शव के टुकड़े किए उन्हें फ़्रिज़ में रखा और फिर अलग-अलग जगह ठिकाने लगाया.
दिल्ली के पांडव नगर की इस घटना सीसीटीवी फुटेज भी जारी हुआ है. क्राइम ब्रांच ने इस मामले पर विस्तार से जानकारी दी.
ब्रेकिंग न्यूज़, पाकिस्तान के क्वेटा में आत्मघाती हमला, दो लोगों की मौत, 24 घायल
पाकिस्तान के बलूचिस्तान सूबे की राजधानी क्वेटा के एक उपनगर बालेली में पोलियो टीम की सुरक्षा कर रहे पुलिस वाहन पर आत्मघाती हमला हुआ है.
इस हमले में कम से कम दो लोगों की मौत हो गई और 24 लोग घायल हो गए.
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, विस्फोट की चपेट में आए बलूचिस्तान कॉन्स्टेबुलरी के जवान पोलियो ड्यूटी पर जा रहे थे.
मीडिया प्रतिनिधियों से बात करते हुए क्वेटा पुलिस के डीआईजी गुलाम अज़फ़र महेसर ने कहा कि ये एक आत्मघाती हमला था जिसमें 20 से 25 किलो विस्फोटक का इस्तेमाल किया गया था.
उन्होंने कहा कि विस्फोट में बलूचिस्तान कॉन्स्टेबुलरी की गाड़ी को निशाना बनाया गया जिसमें जवान ड्यूटी पर जा रहे थे. उन्होंने कहा कि विस्फोट में एक पुलिसकर्मी सहित कम से कम दो लोगों की मौत हो गई और 20 पुलिसकर्मियों सहित 24 लोग घायल हो गए. विस्फोट में तीन अन्य गाड़ियां भी क्षतिग्रस्त हुई हैं.
प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान ने हमले की जिम्मेदारी ली है. विस्फोट में घायल हुए लोगों को इलाज के लिए क्वेटा के सिविल अस्पताल में स्थानांतरित कर दिया गया है. इस बीच, पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने इस हमले की कड़ी निंदा की है और घटना की जांच के आदेश दिए हैं.
प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से जारी एक बयान में प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने इस घटना में मारे गए और घायल हुए लोगों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त की और कहा कि पोलियो अधिकारियों ने देश से इस घातक बीमारी को मिटाने के लिए अपनी जान की परवाह किए बिना इस कर्तव्य का पालन किया है. जिसके लिए वे उन्हें श्रद्धांजलि देते हैं.
बयान में उन्होंने कहा कि 'पाकिस्तान कानून लागू करने वाली एजेंसियां और पोलियो अधिकारियों के ख़िलाफ़ इन नापाक कोशिशों को कभी कामयाब नहीं होने देगा. केंद्रीय इंटीरियर मंत्री राणा सनाउल्लाह ने एक बयान में कहा है कि ये विस्फोट एक आत्मघाती हमला था. अपराधियों के निशाने पर पुलिस पार्टी थी. बलूचिस्तान सरकार से घटना की विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है.
चीन सख़्त कोविड पॉलिसी के ख़िलाफ़ आक्रोश, विरोध प्रदर्शन कैसे दबा रहा है?
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, बोलने की पाबंदी और बढ़ते सेंसर के बीच आवाज बुलंद करने लिए अनूठे तरीके निकालते लोग
चीन की 'सेंसरशिप मशीन' देश के कई शहरों में कोविड पाबंदियों के ख़िलाफ़ जारी प्रदर्शनों को रोकने के लिए किसी भी हद तक जाने को तैयार दिख रही है. पिछले साप्ताहांत से ही लोग चीन में तीन साल से जारी सख़्त कोविड नियमों के खिलाफ गुस्से में हैं और लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं.
लोगों के उग्र प्रदर्शन की वजह से चीन की किरकिरी घरेलू मोर्चे के साथ बाहर की दुनिया में भी हो रही है. चीन इसे हर कीमत पर रोकना चाहता है.
चीन में ऐसे व्यापक प्रदर्शनों का सिलसिला उरुमची शहर में पिछले हफ्ते हुए एक हादसे के बाद शुरू हुआ. आग लगने की उस घटना में 10 लोगों की दर्दनाक मौत हुई थी. बहुत से लोगों का ये मानना था कि कोरोना को लेकर सख़्त प्रतिबंधों की वजह से लोग आग लगने के बाद वक्त रहते बाहर नहीं आ सके. लेकिन प्रशासन का कहना था, ऐसी कोई बात नहीं.
जैसा की चीन में हमेशा से ये देखा जाता है, छोटे बड़े किसी भी मुद्दे पर लोगों के प्रदर्शन को चीनी मीडिया जगह नहीं देती. पिछले कुछ दिनों में कोरोना के मामले तेजी से बढ़े, इस खबर को भी मीडिया ने दबाया. इसकी जगह अंतरिक्ष में चीन की नई उपलब्धियों को बढ़ा-चढ़ाकर दिखाया गया. ट्विटर जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रोटेस्ट की तस्वीरें और वीडियो ट्रेंड करते रहे, लेकिन चीनी मीडिया ने इसकी भी अनदेखी की.
ब्रेकिंग न्यूज़, बेन स्टोक्स सहित इंग्लैंड क्रिकेट टीम के 14 सदस्य पाकिस्तान में बीमार, कल से शुरू हो रही है टेस्ट सिरीज़
इमेज स्रोत, Getty Images
पाकिस्तान के साथ गुरुवार से शुरू हो रही टेस्ट मैचों की सिरीज़ से पहले इंग्लैंड की टीम के 14 खिलाड़ी और सदस्य बीमार हो गए हैं. इनमें टीम के कप्तान बेन स्टोक्स भी शामिल हैं.
कहा जा रहा है कि ये सभी सदस्य एक वायरस की वजह से बीमार पड़े हैं. हालांकि, वायरस के बारे में कोई जानकारी नहीं है.
टेस्ट सिरीज़ शुरू होने से पहले केवल हैरी ब्रुक, जै़क क्रॉली, केटन जेनिंग्स, ओली पोप और जो रूट ही अभ्यास के लिए मैदान पर हैं.
इंग्लैंड की टीम 17 सालों के बाद पाकिस्तान में कोई टेस्ट सिरीज़ खेलने पहुंची है.
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.
पोस्ट X समाप्त
ये भी दावा किया जा रहा है कि बीमार होने वालों में से आधे खिलाड़ी हैं और कप्तान बेन स्टोक्स भी इनमें से एक हैं.
टेस्ट से पहले फ़ाइनल प्रैक्टिस को इंग्लैंड की टीम ने वैकल्पिक बना दिया. यानी अगर किसी खिलाड़ी की इच्छा न हो तो वो इसके लिए न जाए.
बेन स्टोक्स पहले टेस्ट के लिए प्लेइंग इलेवन का एलान कर चुके हैं. इसमें लायम लिविंगस्टन और बेन डकेट शामिल हैं. लिविंगस्टन का ये पहला टेस्ट मैच है. वहीं, डकेट 2016 के बाद से कोई टेस्ट मैच नहीं खेले हैं.
बताया जा रहा है कि पूर्व कप्तान जो रूट में भी मंगलवार को कुछ लक्षण दिखे थे लेकिन वो ठीक होकर बुधवार सुबह अभ्यास के पहुंचे थे.
क़तर ने माना, फ़ीफ़ा वर्ल्ड कप की तैयारियों में हुई 400 से 500 मजदूरों की मौत
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, क़तर में काम करने वाले अप्रवासी मजदूरों की तस्वीर
फ़ीफ़ा वर्ल्ड कप के मेज़बान के एक शीर्ष अधिकारी ने पहली बार ये स्वीकार किया है कि विश्वकप की तैयारियों में 400 से 500 मजदूरों की मौत हुई है.
ये पहला मौका है जब क़तर ने मजदूरों की मौतों को लेकर इतना बड़ा आंकड़ा दिया है. अब तक दिए गए आंकड़े इससे काफ़ी कम हुआ करते थे.
अंग्रेजी अख़बार बिज़नेस स्टेंडर्ड मेंप्रकाशित ख़बरके मुताबिक़, क़तर के शीर्ष नेता हसन अल-थवाडी ने ब्रितानी पत्रकार पियर्स मॉर्गन को दिए इंटरव्यू में ये बात स्वीकार की है.
थवाडी ने कहा है, "ये आंकड़ा लगभग 400 से 500 के बीच है. मेरे पास सटीक संख्या तो नहीं है, लेकिन इस पर चर्चा हुई है. लेकिन साफ़ कहूँ तो एक शख़्स की मृत्यु भी बहुत ज़्यादा है."
'भारत संग रिश्तों में दखलंदाज़ी न करें', चीन ने अमेरिकी अधिकारियों को दी चेतावनी: पेंटागन
इमेज स्रोत, ANI
अमेरिकी रक्षा मंत्रालय पेंटागन की एक रिपोर्ट के अनुसार, चीन ने अमेरिकी अधिकारियों को चेतावनी दी है कि वे भारत के साथ उसके संबंधों में दखलंदाज़ी न करें.
समाचार एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट में कहा गया है कि चीन इस बात को लेकर ज़्यादा सतर्क था कि नई दिल्ली के साथ उसके सीमा विवाद की वजह से भारत और अमेरिका की नज़दीकी और बढ़ न जाए.
साल, 2020 के मई महीने से पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा से लगे क्षेत्र में भारतीय सेना और चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी के बीच कई जगहों पर तनाव की स्थिति बनी हुई है.
इस पूरे सीमा विवाद के दौरान चीनी अधिकारियों ने संकट की गंभीरता को कम करके पेश करने की कोशिश की है.
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.
पोस्ट X समाप्त
कांग्रेस में अमेरिकी रक्षा मंत्रालय की ओर से चीन की सैन्य रणनीति पर मंगलवार को पेश की गई इस रिपोर्ट में कहा गया है कि चीन ने भारत के साथ अपने द्विपक्षीय संबंधों के दूसरे पहलुओं पर सीमा विवाद के मुद्दे का असर पड़ने से रोकने की कोशिश की.
रिपोर्ट में कहा गया है, "पीपुल्स लिबरेशन आर्मी ने अमेरिकी अधिकारियों को इस बात के लिए आगाह किया कि वे भारत के साथ उसके संबंधों में दखलंदाज़ी न करें."
पेंटागन का कहना है कि चीन-भारत सीमा के एक हिस्से पर 2021 में पीपुल्स लिबरेशन आर्मी ने सालों पर अपने सैनिकों की तैनाती बनाए रखी और वास्तविक नियंत्रण रेखा पर इंफ्रास्ट्रक्चर का निर्माण कार्य जारी रखा.
मोरबी हादसे के एक महीने, कुछ अहम सवालों के जवाब
इमेज स्रोत, BIPIN TANKARIA
इमेज कैप्शन, मोरबी में मच्छु नदी पर बने संस्पेशन ब्रिज पर हुई थी दुर्घटना.
गुजरात के मोरबी में बने सस्पेंशन ब्रिज पर हादसे को एक महीना हो गया है. 30 अक्टूबर 2022 (रविवार) की शाम को हुए इस हादसे में क़रीब 141 लोगों की मौत हो गई थी और कई लोग घायल हुए थे.
इस मामले में पुल की मरम्मत करने वाली एजेंसी के ख़िलाफ़ आपराधिक मामला दर्ज किया गया है.
राज्य सरकार ने मामले की जांच के लिए एक पांच सदस्यीय उच्च स्तरीय समिति भी बनाई है.
सस्पेंशन ब्रिज की मरम्मत और रख-रखाव का काम मोरबी के औद्योगिक घराने ओरेवा ग्रुप को सौंपा गया था. यह समूह अजंता ब्रांड की घड़ियों का निर्माण करता है. ओरेवा ग्रुप के प्रमुख जयसुखभाई पटेल हैं.
AIIMS से LIVE: बीते सात दिनों से एम्स अस्पताल का सर्वर ठप पड़ा है.
AIIMS से LIVE: बीते सात दिनों से एम्स अस्पताल का सर्वर ठप पड़ा है. ऐसे में जो लोग दूर-दूर से यहां इलाज करवाने आते हैं, उनकी क्या दिक्कतें हैं? दिल्ली में ऐसे ही मरीजों और उनके परिवार वालों से बात कर रही हैं बीबीसी संवाददाता कीर्ति दुबे (कैमरा- रोहित लोहिया)
दिमाग पर अल्ज़ाइमर के असर को कम करने में ये दवा बनी 'अहम', जेम्स गैलेगहर, स्वास्थ्य और विज्ञान संवाददाता
इमेज स्रोत, Getty Images
अल्ज़ाइमर की वजह से दिमाग़ में होने वाली गड़बड़ को धीमा करने वाली दवा को एक नए शोध में अहम और ऐतिहासिक बताया जा रहा है.
इस शोध ने दवा से अल्ज़ाइमर के इलाज की नई उम्मीद जगाई है. हालांकि, 'लेकैनमैब' (lecanemab) दवा का काफ़ी कम असर है. लोगों के रोज़मर्रा के जीवन पर ये दवा असर करती है या नहीं, ये भी बहस का विषय है.
ये दवा यूं भी अल्ज़ाइमर के शुरुआती चरण में काम करती है. लैकेनमैब दवा अल्ज़ाइमर के मरीज़ों के दिमाग में बनने वाले बीटा एमीलॉइड प्रोटीन पर वार करती है.
'अल्ज़ाइमर रिसर्च' यूके ने शोध के निष्कर्षों को 'महत्वपूर्ण' बताया है.
मौजूदा समय में अल्ज़ाइमर से जूझ रहे लोगों को उनके लक्षणों को कम करने के लिए दूसरी दवाएं दी जाती हैं लेकिन इनमें से कोई भी बीमारी को धीमा नहीं कर पाई है.
इस शोध में अल्ज़ाइमर के शुरुआती लक्षणों वाले 1,795 लोगों को हर दो सप्ताह बाद लैकेनमैब दी गई थी.
ये शोध न्यू इंग्लैंड जर्नल ऑफ़ मेडिसीन में छपी है. ये दवा अल्ज़ाइमर के मरीज़ों का कोई जादुई इलाज नहीं करती लेकिन 18 महीने के इलाज के बाद बीमारी एक चौथाई हद तक धीमी पड़ी.
कश्मीरी केसर को जीआई टैगिंग से कितना फ़ायदा हुआ?
फ़लस्तीन के लिए पीएम मोदी ने दिया ये ख़ास संदेश
इमेज स्रोत, ANI
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फ़लस्तीन के लिए भारत के दृढ़ समर्थन को एक बार फिर से दोहराया है.
संयुक्त राष्ट्र की पहल पर फ़लस्तीनी लोगों के लिए हर साल 29 नवंबर को अंतरराष्ट्रीय एकता दिवस मनाया जाता है.
पीएम मोदी ने एक बयान में कहा, "फ़लस्तीन के साथ एकता दिखाने के लिए अंतरराष्ट्रीय दिवस के इस मौके पर मैं फ़लस्तीनी लोगों के प्रति भारत के दृढ़ समर्थन को दोहराता हूं."
"भारत और फ़लस्तीनी के दोस्त लोगों के बीच रिश्तों की जड़ें साझा इतिहास से जुड़ी हैं. हमने हमेशा सम्मान और आत्म निर्भर तरीके से आर्थिक और समाजिक विकास करने में फ़लस्तीनी लोगों का साथ दिया है. हमें उम्मीद है कि फ़लस्तीन और इसराइल के बीच मसले सुलझाने और एक समावेशी समाधान के लिए सीधी वार्ता शुरू होगी."
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.
पोस्ट X समाप्त
इस बयान में ये भी लिखा है कि सालों से फ़लस्तीन को विकास कार्यों में मदद के लिए भारत हमेशा आगे रहा है.
इंडिया-फ़लस्तीन टेक्नो पार्क, फ़लस्तीन नेशनल प्रिंटिंग प्रेस और स्कूल से जुड़े कई बड़ी परियोजनाएं शुरू हो हई है. हमने फ़लस्तीनी शरणार्थियों के लिए संयुक्त राष्ट्र की ओर से की जा रही मदद में भी अपना सहयोग दिया है.
बयान के आख़िर में लिखा है, "सरकार और भारत के लोगों की तरफ़ से मैं फ़लस्तीन के लोगों को उनके संपूर्ण राष्ट्र का दर्जा, शांति और समृद्धि पाने के सफर के लिए शुभकामना देता हूं."
कालाहांडी के अकाल और भुखमरी को कितना ख़त्म कर पाया 'रेवड़ी कल्चर': ग्राउंड रिपोर्ट
इमेज कैप्शन, सुशीला पुटेल
पिछले कुछ समय से 'रेवड़ी संस्कृति' पर चर्चा छिड़ी है, इस चर्चा की शुरुआत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने की है, उनका कहना है कि मुफ़्त में चीज़ें देने से राज्यों का खज़ाना ख़ाली हो रहा है, जबकि कई राज्य सरकारों का कहना है कि जन कल्याण की योजना को 'रेवड़ी बाँटना' बताना सही नहीं है.
राजनीतिक दलों की तरफ़ से मुफ़्त में चीज़ें देने की संस्कृति को लेकर देश के सुप्रीम कोर्ट में एक जनहित याचिका पर सुनवाई भी जारी है.
ऐसे में ये देखना दिलचस्प होगा कि देश के सबसे पिछड़े ज़िलों में गिने जाने वाले कालाहांडी का अब क्या हाल है जहाँ राज्य सरकार ने लंबे समय तक बड़े पैमाने पर लोगों को मुफ़्त सहायता दी है.
कालाहांडी आज उस डरावने और शर्मनाक सच को नहीं भूला है, जब घमेला मुट्ठी भर चावल के लिए एड़ियां रगड़-रगड़ कर मर गई, छह साल की बच्ची को जब माँ-बाप ने चंद सौ रुपयों के लिए महाजन को बेच दिया, या फिर चौदह साल की बनिता जिसे उसकी भाभी ने केवल 40 रूपये और एक साड़ी के बदले बेच दिया.
भारत 219 रनों पर सिमटा, न्यूज़ीलैंड के गेंदबाज़ों के आगे 50 ओवर भी नहीं खेली टीम
इमेज स्रोत, Getty Images
न्यूज़ीलैंड के साथ क्राइस्टचर्च में हो रहे तीसरे एकदिवसीय मैच में भारतीय बल्लेबाज़ 50 ओवर भी नहीं खेल पाए और पारी 219 रनों पर ही सिमट गई.
शुरुआत से ही भारत की पारी लड़खड़ाई रही लेकिन श्रेयस अय्यर के 49 रन और वॉशिंगटन के एकदिवसीय मैच में पहले अर्द्धशतक की बदौलत टीम ने 219 रन बनाए.
न्यूज़ीलैंड ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाज़ी का फ़ैसला लिया था. इसके बाद भारत की पारी 47.3 ओवरों में ख़त्म हो गई.
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.
पोस्ट X समाप्त
डेरील मिचेल न्यूज़ीलैंड के लिए सबसे किफ़ायती साबित हुए. उन्होंने 25 रन देकर 3 विकेट झटके. वहीं ऐडम मिलन ने भी 27 रनों के बदले तीन विकेट लिए.
भारत की ओर से कप्तान शिखर धवन और शुभमन गिल की सलामी जोड़ी कुछ ख़ास शुरुआत नहीं दे सकी. धवन 36 बॉल में 25 रन बनाकर वापस लौट गए. वहीं, ऋषभ पंत और सूर्यकुमार यादव के बल्ले से भी रन नहीं निकले.
भारत पहला वन डे हार चुका है. दूसरा मैच बारिश की वजह से रद्द हो गया था.
राहुल गांधी ने महाकाल के दर्शन किए, केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने बताया 'सीज़नल हिंदू'
इमेज स्रोत, ANI
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने राहुल गांधी के उज्जैन में महाकाल के दर्शन पर निशाना साधते हुए उन्हें सीज़नल हिंदू बताया है.
उन्होंने पीएम मोदी और राहुल गांधी की महाकाल के दौरे की तस्वीरें साझा की और साथ में लिखा, "मोदी जी ने ऐसी राह दिखाई के सीज़नल हिंदू भी महाकाल के दरवाज़े पर पहुंच गया. जय महाकाल."
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.
पोस्ट X समाप्त
कांग्रेस नेता राहुल गांधी 'भारत जोड़ो' यात्रा के दौरान मध्य प्रदेश पहुंचे हैं. यहां मंगलवार को उन्होंने उज्जैन स्थित भगवान शिव के प्रसिद्ध महाकाल मंदिर में पूजा-अर्चना की थी.
इमेज स्रोत, ANI
धोती पहने राहुल गांधी ने मंदिर में सभी अनुष्ठान किए. इसके बाद उन्होंने गर्भगृह के सामने दंडवत प्रणाम किया.
वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 11 अक्टूबर को महाकाल मंदिर पहुंचे थे. इस दौरान मोदी ने भी पूजा के लिए पहने जाना वाला चोला पहनकर मंदिर में प्रवेश किया था.
प्रणय रॉय और राधिका रॉय का इस्तीफ़ा, NDTV में चल क्या रहा है
पाकिस्तान तालिबान ने तोड़ा संघर्षविराम, क्या जनरल बाजवा के रिटायरमेंट से है कोई कनेक्शन?