जम्मू-कश्मीर पुलिस ने कहा है कि एक चरमपंथी हमले में बिहार के एक मज़दूर की मौत हो गई है और दो अन्य लोग घायल हो गए हैं. कश्मीर ज़ोन की पुलिस ने ट्वीट कर बताया है कि पुलवामा के गडूरा क्षेत्र में चरमपंथियों ने राज्य के बाहर से आए मज़दूरों पर ग्रेनेड से हमला किया था.
ग्रेनेड हमले की चपेट में आए मज़दूर बिहार के सुपौल ज़िले की जल्लो के घर के सदस्य थे.
मरने वाला मज़दूर जल्लो की बेटी का पति था.
जल्लो ने बीबीसी हिंदी को बताया, “हमारे घर में चूल्हा तो उन्हीं लोगों के पैसे से चलता था. लेकिन एक दिन में ही पूरा घर उजड़ गया.”
हमले के बारे में जम्मू-कश्मीर पुलिस ने ट्वीट कर जानकारी दी.
पुलिस ने ट्वीट कर रखा, “ग्रेनेड हमले में मरने वाले की पहचान बिहार के मोहम्मद मुमताज़ के रूप में की गई है.दो घायलों की पहचान मोहम्मद आरिफ़ और मोहम्मद मक़बूल के तौर पर की गई है. दोनों की हालत स्थिर है.”
मोहम्मद मुमताज़, मोहम्मद आरिफ़ और मोहम्मद मक़बूल तीनों का ही संबंध बिहार के सुपौल ज़िले से है. ये लोग सुपौल के छातापुर प्रखंड के रामपुर पंचायत इलाक़े से आते हैं.
जल्लो के तीन बच्चे हैं. उनकी बेटी अपने पति के साथ पुलवामा में रहती हैं. ये परिवार कश्मीर में रज़ाई की धुनाई का काम करता था.
जल्लो ने बीबीसी हिंदी को बताया, “लगभग पाँच महीने पहले उनका बेटा आरिफ़ और शारिक़ पुलवामा गए थे. उनके साथ आरिफ़ का दामाद मोहम्मद मुमताज़ और आरिफ़ का बेटा मोहम्मद मक़बूल गए थे. रूई धुनने की मशीन उन लोगों ने अभी बुधवार को लगाई थी. गुरूवार से काम शुरू होने वाला था. लेकिन उससे पहले ही ये घटना हो गई.”
कश्मीर जाने से पहले ये परिवार, बिहार में भी रूई धुनाई का ही काम करता था.