यूक्रेन को लॉन्ग रेंज रॉकेट सिस्टम देने के लिए राज़ी हुआ अमेरिका, रखी ये शर्त
अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने कहा है कि यूक्रेन ने आश्वासन दिया है कि वो रूसी सीमा में अमेरिका द्वारा दी गई लॉन्ग रेंज रॉकेट सिस्टम यानी लंबी दूरी की हथियार प्रणाली का इस्तेमाल नहीं करेगा.
वॉशिंगटन डीसी में नेटो महासचिव जेन्स स्टोल्टेनबर्ग के साथ हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस में उनसे पूछा गया था कि जब अमेरिका लंबी दूरी की हथियार प्रणाली यूक्रेन को दे रहा है तो ऐसे में बढ़ते युद्ध के जोखिम को कम करने के लिए क्या किया जा सकता है.
इससे पहले अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने कहा था कि यूक्रेन को एडवांस रॉकेट आर्टिलरी सिस्टम दिए जाएंगे. यूक्रेन लंबे समय से इसकी माँग कर रहा था.
अमेरिका ने यूक्रेन को HIMARS यानी M142 हाई मोबिलिटी आर्टिलरी रॉकेट सिस्टम देने की बात कही है. ये लंबी दूरी तक हमला करने में सक्षम हैं.
हालांकि अब तक ये स्पष्ट नहीं है कि अमेरिका यूक्रेन को कितने ऐसे सिस्टम दे रहा है.
बुधवार को न्यूयॉर्क टाइम्स के एक आर्टिकल में जो बाइडन ने लिखा कि इससे यूक्रेन को रूस की सटीक जगहों पर हमला करने में मदद होगी.
ये रॉकेट उस 70 करोड़ डॉलर के नए सैन्य सहायता पैकेज का हिस्सा होंगे, जिसका एलान बुधवार को होना है.
अपने लेख में बाइडन ने इस बात पर ज़ोर दिया है कि अमेरिका का मकसद यूक्रेन को अपना बचाव करने के लिए मदद करना है, लेकिन वो रूस के साथ किसी तरह का युद्ध नहीं चाहते हैं.
रूस के प्रवक्ता दिमित्री पेसकोव का कहना है कि अमेरिका यूक्रेन को एडवांस रॉकेट आर्टिलरी सिस्टम देकर 'आग में घी डालने' का काम कर रहा है.
उन्होंने कहा कि इस तरह से यूक्रेन को हथियारों की सप्लाई उसे शांति वार्ता फिर से शुरू करने के लिए प्रोत्साहित नहीं करती है.