जेएनयू : हॉस्टल में मांसाहार को लेकर टकराव, कई घायल

जवाहर लाल नेहरू यूनिवर्सिटी में वामपंथी छात्र संगठन आइसा और हिंदूवादी छात्र संगठन एबीवीपी ने एक दूसरे पर मारपीट के आरोप लगाए हैं.

लाइव कवरेज

प्रियंका झा and दीपक मंडल

  1. जेएनयू : हॉस्टल में मांसाहार को लेकर टकराव, कई घायल

    जवाहर लाल नेहरू यूनिवर्सिटी में वामपंथी छात्र संगठन आइसा और हिंदूवादी छात्र संगठन एबीवीपी ने एक दूसरे पर मारपीट के आरोप लगाए हैं.

    छात्र संगठनों के बीच ये झगड़ा कथित तौर पर यूनिवर्सिटी मेस में मांसाहारी खाने को लेकर हुआ है. वामपंथी छात्र संगठनों का आरोप है कि एबीवीपी के कार्यकर्ता यूनिवर्सिटी के कावेरी हॉस्टल की मेस में मांसाहारी भोजन का विरोध कर रहे थे.

    छात्र संगठन ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिशन (आईसा) की तरफ़ से एक ट्वीट में दावा किया गया कि एबीवीपी के कार्यकर्ताओं ने हमला किया जिसमें कई छात्र घायल हुए हैं.

    रिपोर्टों के मुताबिक मौके पर पुलिस भी पहुंच गई है. छात्र संगठनों ने बताया है कि उन्होंने पुलिस को शिकायत दे दी है. हालांकि, पुलिस की ओर से अभी तक इस बारे में कोई जानकारी नहीं दी गई है.

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    वहीं एबीवीपी की तरफ़ से ट्विटर पर जानकारी दी गई है कि वामपंथी छात्र संगठन के हमले में उनके कार्यकर्ता रवि राज को गंभीर चोट लगी है.

    बीबीसी से जेएनयू में एबीवीपी से जुड़े रोहित ने बताया, "वामपंथी और कम्यूनिस्ट विचारधारा के छात्रों ने एबीवीपी कार्यकर्ताओं और आम छात्रों पर हमला किया है."

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    वहीं जेएनयू छात्र संघ की अध्यक्ष आइसी घोष ने ट्विटर पर वीडियो पोस्ट करते हुए दावा किया है कि एबीवीपी के छात्रों ने जेएनयू में रहने वाले छात्रों को मांसाहारी भोजन करने से रोकने की कोशिश की. उन्होंने दावा किया है कि एबीवीपी ने हॉस्टल के मेस सेक्रेट्री पर भी हमला किया है.

    आइसी घोष ने सवाल किया, "एबीवीपी के गुंडे हमें ये बताने वाले कौन हैं कि हम क्या खाएंगे और क्या नहीं खाएंगे?"

    उन्होंने ट्विटर पर सवाल पूछा, "जेएनयू के प्रशासन ने छात्रों के अधिकारों की सुरक्षा के लिए ज़रूरी इंतेज़ाम क्यों नहीं किए?"

    मधुरिमा नाम की एक छात्रा के मुताबिक रविवार के दिन हॉस्टल में छात्रों को मांसाहारी खाना मिलता है और छात्र ये तय कर सकते हैं कि उन्हें क्या खाना है और क्या नहीं.

    मधुरिमा कहती हैं, "एबीवीपी के कार्यकर्ताओं ने हॉस्टल में मीट सप्लाई को रोक दिया और वहां के मेस सचिव से मारपीट की." मधुरिमा के मुताबिक, "पहले एबीवीपी और छात्रों के बीच दोपहर में मारपीट हुई और फिर वो शाम को आठ बजे के क़रीब दोबारा आए और छात्रों को बुरी तरह मारा पीटा."

    मधुरिमा ये दावा करती हैं कि इस हमले में उन्हें भी चोट आई है. वहीं एबीवीपी से जुड़ी एक छात्रा दिव्या ने एक बयान जारी करके कहा है कि छात्र रामनवमी की पूजा कर रहे थे जिस पर वामपंथी छात्रों ने हमला किया. दिव्या ने दावा किया, "हम कावेरी हॉस्टल में रामनवमी की पूजा में गए थे. मैं आज उपवास पर थी. अचानक कुछ वामपंथियों ने हम पर हमला किया. मेरे हाथ में चोट आई है. मुझे पता भी नहीं है कि ये हमला क्यों हुआ है."

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    मांसाहार को लेकर विवाद

    रविवार को राम नवमी का पर्व था और इसी दिन हिंदुओं के पवित्र नवरात्र समाप्त हुए हैं. नवरात्र के दौरान नौ दिनों तक हिंदू व्रत रखते हैं और इस दौरान मांसाहार या लहसुन और प्याज़ का सेवन नहीं करते हैं. नवरात्र के व्रत के दौरान हिंदू नमक और अनाज के सेवन से भी बचते हैं.

    इस साल नवरात्र के दौरान दक्षिण दिल्ली नगर निगम और पूर्वी दिल्ली नगर के मेयरों ने मांसाहार पर रोक की घोषणा की थी. हालांकि दिल्ली हाई कोर्ट ने कहा था कि मेयरों को खानपान पर इस तरह की रोक लगाने का अधिकार नहीं है.

    दिल्ली के बहुत से इलाक़ों में इन नौ दिनों के दौरान मांस की दुकानें बंद रहीं. जवाहर लाल नेहरू यूनिवर्सिटी में छात्र संगठन पहले भी कई बार भिड़ चुके हैं. इस बार छात्र संगठनों के बीच टकराव की वजह मांसाहार बना है. राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में स्थित जवाहर लाल नेहरू यूनिवर्सिटी भारत में उच्च शिक्षा का एक उत्कृष्ट केंद्र है. इस यूनिवर्सिटी में वामपंथी और दक्षिणपंथी विचारधारा के छात्रों के बीच टकराव होता रहा है.

    जेएनयू में प्रदर्शन

    इमेज स्रोत, CHANDAN SHARMA/BBC

    जेएनयू में अभी कैसा है माहौल?

    जेएनयू में मौजूद बीबीसी के सहयोगी पत्रकार चंदन शर्मा के मुताबिक रात दस बजे तक यूनिवर्सिटी का माहौल तनावपूर्ण बना हुआ था. हालांकि अब कैंपस में पुलिस भी मौजूद है.

    चंदन बताते हैं, "एक तरफ दक्षिणपंथी विचारधारा के छात्र एकजुट हो रहे थे तो दूसरी तरफ़ वामपंथी छात्र विरोध में मार्च निकालने की तैयारी कर रहे हैं."

    रविवार को एबीवीपी ने कावेरी और पेरियार हॉस्टल के बीच रामनवमी की पूजा रखी थी. आरोप है कि इस दौरान वामपंथी छात्र संगठनों ने नारेबाज़ी की.

    चंदन के मुताबिक, "हिंदूवादी छात्र संगठन का ये आरोप है कि रामनवमी की पूजा के दौरान वामपंथी छात्र संगठनों ने नारेबाज़ी की और दावा किया कि जेएनयू का हिंदूकरण हो रहा है. रमज़ान के महीने में अगर जेएनयू में इफ़्तार हो सकती हो तो रामनवमी की पूजा क्यों नहीं."

    वहीं बीबीसी से बात करने वाले वामपंथी विचारधारा के छात्रों ने दावा किया है कि एबीवीपी के कार्यकर्ताओं ने उनके साथ मारपीट की. उनका कहना था कि एबीवीपी जेएनयू कैंपस में हिंदू विचारधारा को थोपने की कोशिश कर रहा है.

    चंदन शर्मा के मुताबिक "जेएनयू के दरवाज़ों को बंद कर दिया गया है और यहां माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है. एबीवीपी के छात्र जमा हैं. एबीवीपी के छात्रों का आरोप है कि यूनिवर्सिटी में राम का अपमान बर्दाश्त नहीं किया जाएगा."

    "वहीं दूसरी तरफ़ साबरमती हॉस्टल के बाहर वामपंथी विचारधारा के छात्र जुटे हुए हैं. वो विरोध में मार्च निकालने की तैयारी कर रहे हैं."

  2. इमरान ने की लाहौर में रैली, कहा- अब विदेशी साजिश के खिलाफ संघर्ष शुरू हो गया है

    इमरान ख़ान

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    इमरान खान ने पाकिस्तान में रविवार को एक और रैली की. प्रधानमंत्री पद से हटने के बाद लाहौर में गई इस रैली में इमरान ने कहा कि अब देश में विदेशी साजिश के खिलाफ संघर्ष शुरू हो गया है.

    इमरान खान ने कहा कि देश में जनता की चुनी हुई सरकार को गिराने के लिए विदेश से साजिश की जा रही है. लेकिन जनता इनका जवाब देगी.

    इससे पहले उन्होंने ट्वीट कर कहा, '' पाकिस्तान में आज से ‘सत्ता बदलाव के लिए विदेशी षडयंत्र के ख़िलाफ़ आज़ादी का संघर्ष’ शुरू हो रहा है.''

    पाकिस्तान में सोमवार को नए प्रधानमंत्री का चुनाव होगा. इमरान की पार्टी तहरीक-ए-इंसाफ ने शाह महमूद कुरैशी को उम्मीदवार बनाया है. उनका मुक़ाबला विपक्ष के संयुक्त उम्मीदवार शहबाज़ शरीफ़ से है. इमरान ख़ान बार-बार आरोप लगाते रहे हैं कि उन्हें ‘सत्ता से बाहर निकालने के लिए विदेशी ताक़तों ने षडयंत्र किया है.’

  3. यूपी में महिलाओं की सुरक्षा पर योगी आदित्यनाथ ने क्या कहा?

    योगी आदित्यनाथ

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    यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि उनकी सरकार लड़कियों के लिए सुरक्षित माहौल बनाने में लगी है. साथ ही उनके लिए चलाई जा रही स्कीमों को भी बखूबी लागू कर रही है.

    गोरखपुर में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में योगी ने कहा, '' सरकार बगैर पक्षपात के लिए हर किसी के लिए काम करेगी.''

    मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने चुनाव से पहले अपनी रैलियों में महिलाओं के लिए नई स्कीमें लाने का एलान किया था. उन्होंने अपनी सरकार की उपलब्धियों को गिनाते हुए कहा था कि महिलाएं अब पहले की दौर की सरकारों को आने नहीं देंगी.

    उनका कहना था कि उनकी सरकार ने बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ के माध्यम से समाज में चेतना जगाने की कोशिश की है.

  4. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति बाइडन की मीटिंग कल, किन मुद्दों पर होगी चर्चा

    बाइडन-मोदी

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    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन के बीच सोमवार (कल) को मीटिंग होगी.

    समाचार एजेंसी एएनआई ने व्हाइट हाउस की प्रेस सेक्रेट्री जेन साकी के हवाले से बताया है कि इस वर्चुअल मीटिंग का मक़सद भारत और अमेरिका की सरकारों, अर्थव्यवस्थाओं और लोगों के बीच संबधों को और मजबूत करना है.

    व्हाइट हाउस की ओर से जारी बयान में बताया गया है, “राष्ट्रपति बाइडन और प्रधानमंत्री मोदी कोविड 19 को ख़त्म करने, जलवायु संकट के मुक़ाबले, वैश्विक अर्थव्यवस्था को मजबूती देने और एक आज़ाद, खुली, नियम आधारित विश्व व्यवस्था को ताक़त देने पर चर्चा करेंगे ताकि हिंद प्रशांत क्षेत्र में सुरक्षा, लोकतंत्र और खुशहाली की रक्षा की जा सके.”

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    व्हाइट हाउस के मुताबिक वर्चुअल संवाद के दौरान यूक्रेन-युद्ध पर भी चर्चा होगी. अमेरिका और उसके सहयोगी देश यूक्रेन युद्ध को लेकर रूस को घेरने में जुटे हैं. रूस पर कई पाबंदियां भी लगाई गई हैं. हालांकि, भारत ने अब तक पश्चिमी देशों से अलग रुख अपनाया है.

    यूक्रेन पर हमले के बाद से रूस के ख़िलाफ़ संयुक्त राष्ट्र में जितने प्रस्तावों पर वोटिंग हुई है, भारत ने तटस्थ रुख़ अख़्तियार किया.

    भारत वोटिंग से बाहर रहा. सबसे हालिया वोटिंग सात अप्रैल को मानवाधिकार परिषद से रूस की सदस्यता निलंबित करने के लिए हुई. गुरुवार को इसके लिए संयुक्त राष्ट्र की आम सभा में अमेरिका के नेतृत्व वाले प्रस्ताव का 93 देशों ने समर्थन किया और 24 देशों ने रूस का साथ दिया.

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और जो बाइडन के बीच पिछली बातचीत मार्च में क्वाड देशों चर्चा के दौरान हुई थी.

  5. कर्नाटक बिटक्वाइन केस की एफबीआई जांच पर सीबीआई ने क्या कहा?

    बिटक्वाइन

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    सीबीआई ने उन खबरों का खंडन किया है, जिनमें कथित तौर ये कहा गया है कि अमेरिकी खुफिया एजेंसी एफबीआई ने कर्नाटक में बिटक्वाइन केस में जांच के लिए कोई टीम भेजी है.

    सीबीआई ने प्रेस रिलीज में कहा है कि एफबीआई ने ऐसी कोई टीम नहीं भेजी है और न ही सीबीआई ने ऐसी कोई टीम भेजने के लिए एफबीआई को अनुरोध भेजा था.

    लिहाजा ऐसी किसी टीम से जांच का सवाल ही नहीं उठता. हालांकि सीबीआई भारत में इंटरपोल के नेशनल सेंट्रल ब्यूरो एफबीआई समेत कई अंतरराष्ट्रीय कानून प्रवर्तन एजेंसियों के साथ को-ऑर्डिनेट करती है.

  6. बीबीसी हिंदी का डिजिटल बुलेटिन 'दिनभर', 10 अप्रैल 2022, सुनिए अंजुम शर्मा से

  7. सीताराम येचुरी लगातार तीसरी बार बने सीपीएम के महासचिव

    सीताराम येचुरी

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    सीताराम येचुरी को मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी का एक बार महासचिव चुना गया है. रविवार को केरल के कण्णूर में पार्टी की 23वीं कांग्रेस में उन्हें पार्टी का महासचिव चुना गया.

    समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक येचुरी 85 सदस्यीय नई सेंट्रल कमेटी का नेतृत्व करेंगे. पार्टी कांग्रेस में ही नई सेंट्रल कमेटी चुनी गई है. येुचरी को पहली बार पार्टी का महासचिव 9 अप्रैल को 2015 को चुना गया था. उन्हें 21वीं पार्टी कांग्रेस में पार्टी का महासचिव चुना गया था. इसके बाद 2018 में हैदराबाद में हुई पार्टी कांग्रेस में उन्हें महासचिव चुना गया.

    2015 में येचुरी ने प्रकाश करात से बागडोर संभाली थी. करात 2005 से 2015 तक सीपीएम के महासचिव रहे थे. येचुरी पर पार्टी में नई जान फूंकने की जिम्मेदारी होगी. पार्टी अब सिर्फ केरल में ही सत्ता में है.

  8. पाकिस्तान- धमकी भरे पत्र पर सुनवाई के लिए इस्लामाबाद हाई कोर्ट तैयार

    इस्लामाबाद हाई कोर्ट

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    इस्लामाबाद हाई कोर्ट (आईएचसी) ने कथित धमकी भरी चिट्ठी की जांच और पूर्व प्रधानमंत्री इमरान ख़ान का नाम एग्ज़िट कंट्रोल लिस्ट (ईसीएल) में शामिल करने की मांग वाली एक याचिका पर सुनवाई के लिए तैयार हो गया है.

    याचिकाकर्ता मौलवी इक़बाल हैदर की याचिका पर सोमवार को इस्लामाबाद हाई कोर्ट के के चीफ जस्टिस अतहर मिनाल्लाह सुनवाई करेंगे.

    याचिका में कहा गया है कि अविश्वास प्रस्ताव के दौरान प्रधानमंत्री ने दावा किया कि पत्र मौजूद था और यह दावा किया गया है कि यह राष्ट्रहित को नुकसान पहुंचाने का प्रयास था.

    याचिका में इमरान ख़ान के अलावा पूर्व विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी, राजनयिक असद मजीद, पूर्व डिप्टी स्पीकर कासिम सूरी और पूर्व सूचना मंत्री फ़वाद चौधरी को ईसीएल में शामिल करने की मांग की गई है.

    याचिकाकर्ता मौलवी इक़बाल हैदर लंबे समय के बाद सामने आए हैं और महत्वपूर्ण मामलों पर अदालतों में याचिका दायर करने वाले वकीलों में से एक हैं.

  9. यूक्रेन युद्ध: भीषण लड़ाई के बीच पूर्वी हिस्से से लोगों को निकालने के लिए खुलेंगे गलियारे

    यूक्रेन संकट

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    पश्चिमी देशों और यूक्रेन के अधिकारियों का कहना है कि कीएव से पूरी तरह हटने के बाद रूस अब पूर्वी यूक्रेन में बमबारी बढ़ाएगा. इस बीच यूक्रेन के पूर्वी क्षेत्र में रह रहे नागरिकों को जल्द से जल्द इलाका छोड़ने को कहा गया है.

    यूक्रेन की उप प्रधानमंत्री इरीना वेरेशचुक ने कहा है कि कीएव ने पूर्वी हिस्से में हो रही भारी लड़ाई के बीच से लोगों को निकालने के लिए नौ सुरक्षित गलियारे बनाए हैं. ये गलियारे रविवार को खुले रहेंगे.

    यूक्रेन की उप प्रधानमंत्री ने अपने टेलीग्राम चैनल पर जारी बयान में कहा, "लुहांस्क क्षेत्र में सभी सुरक्षित गलियारे खुले रहेंगे क्योंकि फिलहाल रूसी सैनिकों ने यहां सीज़फ़ायर लागू करने पर सहमति जताई है."

    इससे पहले इस क्षेत्र के गवर्नर ने टेलीग्राम पर लिखा था कि रविवार को लोगों के सुरक्षित निकलने के लिए नौ ट्रेन चलेंगी.

  10. पाकिस्तान में आज से दोबारा आज़ादी का संघर्ष: इमरान ख़ान

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    इमरान ख़ान ने कहा है कि पाकिस्तान में आज से ‘सत्ता बदलाव के लिए विदेशी षडयंत्र के ख़िलाफ़ आज़ादी का संघर्ष’ शुरू हो रहा है.

    इमरान ख़ान को नेशनल असेंबली में लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर हार झेलनी पड़ी. शनिवार देर रात हुई वोटिंग में 174 सदस्यों ने अविश्वास प्रस्ताव के पक्ष में मतदान किया और इमरान ख़ान की सरकार गिर गई.

    पाकिस्तान में सोमवार (कल) नए प्रधानमंत्री का चुनाव होगा. इमरान की पार्टी तहरीक-ए-इंसाफ ने शाह महमूद कुरैशी को उम्मीदवार बनाया है. उनका मुक़ाबला विपक्ष के संयुक्त उम्मीदवार शहबाज़ शरीफ़ से है.

    इमरान ख़ान बार-बार आरोप लगाते रहे हैं कि उन्हें ‘सत्ता से बाहर निकालने के लिए विदेशी ताक़तों ने षडयंत्र किया है.’

    इमरान ख़ान ने एक बार फिर ये आरोप दोहराया है.

    इमरान ख़ान ने ट्विटर पर लिखा है, “पाकिस्तान 1947 में आज़ाद देश बना लेकिन सत्ता बदलाव के विदेशी षडयंत्र के ख़िलाफ़ आज से दोबारा स्वाधीनता का संघर्ष शुरू हो रहा है. हमेशा से देश के लोगों ने ही अपनी संप्रभुता और लोकतंत्र की हिफ़ाजत की है.”

    इस बीच इमरान ख़ान के सहयोगी फवाद चौधरी ने बताया है, “ इमरान ख़ान ने कोर कमेटी को सुझाव दिया कि हमें इस्तीफ़ा दे देना चाहिए. संसदीय समिति की बैठक में ये तय किया जाएगा कि सांसद अपनी सीटों से इस्तीफ़ा देंगे या नहीं.”

  11. पाकिस्तान से LIVE: इमरान ख़ान की सरकार आधी रात को गिरी. अब आगे क्या?, इस्लामाबाद से बीबीसी के शहज़ाद मलिक

  12. पाकिस्तान में पीएम पद की दौड़ में शहबाज़ शरीफ़ और शाह महमूद क़ुरैशी

    शहबाज शरीफ

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    पाकिस्तान के प्रधानमंत्री पद की दौड़ में शहबाज़ शरीफ़ और शाह महमूद क़ुरैशी आमने-सामने हैं. संयुक्त विपक्ष ने शहबाज़ शरीफ़ को अपना उम्मीदवार बनाया है, वहीं पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ ने शाह महमूद कुरैशी को अपने उम्मीदवार के तौर पर नामांकित किया है.

    पाकिस्तान में नए प्रधानमंत्री का चुनाव सोमवार को हो रहा है. इससे पहले पाकिस्तानी संसद में अविश्वास प्रस्ताव की वोटिंग में इमरान खान की पार्टी हार हुई है. इमरान के खिलाफ 174 वोट पड़े थे.

    पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट ने अविश्वास प्रस्ताव को खारिज करने के डिप्टी स्पीकर के फैसले को रद्द कर दिया था. सुप्रीम कोर्ट ने इसके बाद नेशनल असेंबली में अविश्वास प्रस्ताव पर वोटिंग कराने को कहा था.

  13. आर्थिक संकट के समाधान पर राजपक्षे और श्रीलंका फ़्रीडम पार्टी के बीच बैठक

    गोटाबाया राजपक्षे

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    श्रीलंकाई मीडिया के मुताबिक राष्ट्रपति गोटाबाया राजपक्षे और श्रीलंका फ्रीडम पार्टी (एसएलएफ़पी) के बीच आज शाम बैठक हो रही है.

    इस बैठक में देश के चल रहे वर्तमान आर्थिक, राजनीतिक और सामाजिक उथल पुथल पर एक समाधान निकालने की कोशिश की जाएगी.

    इस बाबत देश के पूर्व राष्ट्रपति और श्रीलंका फ्रीडम पार्टी (एसएलएफ़पी) के नेता मैत्रीपाला सिरिसेना जानकारी दी है.

    दो करोड़ बीस लाख की आबादी वाला श्रीलंका वित्तीय और राजनीतिक संकट से जूझ रहा है.

    प्रदर्शनकारी कर्फ़्यू के विरोध में सड़कों पर उतर रहे हैं और सरकार के मंत्री सामूहिक इस्तीफ़े दे रहे हैं.

    1948 में आज़ादी मिलने के बाद से इस वक़्त सबसे ख़राब आर्थिक स्थिति का सामना कर रहे इस देश में महंगाई के कारण बुनियादी चीज़ों की क़ीमतें आसमान छू रही हैं.

    हफ़्तों से उबल रहा गुस्सा बीते गुरुवार को फट पड़ा, और विरोध प्रदर्शन हिंसक हो गए और सरकार की नींव हिला दी.

  14. राहुल गांधी को मायावती का जवाब, 'पहले अपनी पार्टी संभालें'

    मायावती

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    बहुजन समाज पार्टी प्रमुख मायावती ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के आरोपों को ख़ारिज करते हुए उन्हें अपनी पार्टी को दुरुस्त करने की नसीहत दी है.

    मायावती ने कहा, ‘‘राहुल गांधी का ये आरोप कि बीएसपी बीजेपी से डरती है और कांग्रेस ने हमें गठबंधन और सीएम पद की पेशकश की थी और मैंने इस पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी, ये पूरी तरह गलत है.’’

    मायावती ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, " कांग्रेस नेता राहुल गांधी की टिप्पणियां दलितों और बसपा के प्रति उनकी हीन भावना और द्वेष को दिखाती हैं.’’

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    मायावती ने कहा, ‘‘कांग्रेस खुद तो अपना घर नहीं संभाल सकती लेकिन दूसरों के मामलों में दखल दे रही है. कांग्रेस और राहुल गांधी को बसपा के ख़िलाफ़ बोलने से पहले 100 बार सोचना चाहिए.’’

    कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने कहा था कि यूपी चुनाव से पहले कांग्रेस ने बसपा के सामने गठबंधन और मायावती को सीएम उम्मीदवार बनाने का प्रस्ताव रखा था लेकिन इस पर कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली.

    राहुल गांधी को जवाब देते हुए मायवती ने कहा, ‘‘हम ऐसी पार्टी नहीं है जहां राहुल गांधी संसद में प्रधानमंत्री को गले लगाते हैं, हम वो पार्टी नहीं हैं जिसका दुनियाभर में मज़ाक बनाया जाता है.’’

    राहुल गांधी

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    राहुल गांधी ने शनिवार को आरोप लगाया था कि मायावती ने ना सिर्फ़ कांग्रेस से दूरी बनाई बल्कि उन्होंने एक तरह से चुनाव लड़ा ही नहीं.

    राहुल गांधी ने कहा, ‘‘मायावती जी ने सत्ताधारी बीजेपी को खुला मैदान दे दिया. क्यों? (क्योंकि) सीबीआई, ईडी और पेगासस.’’

  15. ब्रिटेन का दावा- यूक्रेन युद्ध के लिए रूस रिटायर्ड सैनिकों को करना चाहता है भर्ती

    व्लादिमिर पुतिन

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    प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन के कीएव दौरे के बाद अब ब्रिटेन के रक्षा मंत्रालय ने दावा किया है कि युद्ध में बड़ी संख्या में सैनिकों को खोने वाला रूस अब सेवानिवृत्त हो चुके जवानों को सेना में वापस बुलाना चाहता है.

    ब्रिटेन के रक्षा मंत्रालय का कहना है कि रूस उन सैन्य अधिकारियों को वापस बुलाना चाहता है जो साल 2012 या उसके बाद सेवानिवृत्त हुए थे.

    मंत्रालय ने ये भी कहा है कि युद्धक्षेत्र में अपने सैनिकों की संख्या बढ़ाने के लिए रूस मोल्दोवा के अनजाने से इलाके त्रांसनिस्त्रिया से भी लोगों को भर्ती करने की कोशिश कर रहा है.

    रूस ने अभी तक ये आधिकारिक तौर पर नहीं बताया कि यूक्रेन पर आक्रमण के बाद युद्ध में उसके कितने सैनिक मारे गए हैं. हालांकि, बीते सप्ताह रूस के राष्ट्रपति कार्यालय के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने ये माना था कि "रूस ने बड़ी संख्या में अपने सैनिक खोए हैं."

    पश्चिमी देशों के नेताओं का कहना है कि युद्ध में अब तक रूस के 7 से 15 हज़ार सैनिक मारे गए हैं.

  16. शिवसेना दफ़्तर के बाहर हुनमान चालीसा बजाने पहुंचे एमएनएस कार्यकर्ता, पुलिस ने बंद कराया

    लाउडस्पीकर

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    महाराष्ट्र में राम नवमी के मौक़े पर शिवसेना कार्यालय के बाहर लाउडस्पीकर में हनुमान चालीसा बजाया गया जिसके बाद पुलिस को मौक़े पर पहुंचना पड़ा.

    समाचार एजेंसी एएनआई के अनुसार, महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (एमएनएस) ने एलान किया था कि वो रामनवमी पर मुंबई में शिवसेना मुख्यालय के बाहर लाउडस्पीकर पर हनुमान चालीसा बजाएगी.

    पार्टी कार्यकर्ता गाड़ी पर लाउडस्पीकर में हनुमान चालीसा चलाने पहुंचे लेकिन पुलिस को हरकत में आना पड़ा. समाचार एजेंसी ने एक वीडियो पोस्ट किया है जिसमें देखा जा सकता है कि पुलिस ने लाउडस्पीकर को बंद करवाया.

    बीते सप्ताह महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के प्रमुख राज ठाकरे ने चेतावनी दी थी कि अगर मस्जिदों में अज़ान की आवाज़ पर नियंत्रण नहीं लगाया, तो उनके कार्यकर्ता लाउडस्पीकर में हनुमान चालीसा बजाएंगे.

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  17. यूपी चुनाव के बाद बसपा प्रमुख मायावती से क्यों नाराज़ हुए राहुल गांधी

    राहुल गांधी

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    कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने एक कार्यक्रम में कहा कि कांग्रेस ने हाल ही में संपन्न हुए उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में साथ लड़ने के लिए मायावती से संपर्क किया था लेकिन बीएसपी सुप्रीमो ने बात तक नहीं की.

    राहुल गांधी ने कहा कि कांग्रेस ने मायावती को मुख्यमंत्री पद का दावेदार बनने का ऑफ़र दिया था लेकिन बीएसपी प्रमुख ने सीबीआई और ईडी जैसी केंद्रीय एजेंसियों से डरकर बीजेपी के लिए रास्ता साफ़ कर दिया.

    उन्होंने शनिवार को एक क़िताब के विमोचन के दौरान बताया कि कांग्रेस ने यूपी चुनाव से पहले बीएसपी को गठबंधन का प्रस्ताव दिया था. इसमें बसपा प्रमुख मायावती को सीएम उम्मीदवार बनाने की भी पेशकश की थी. लेकिन, बसपा ने इस पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी.

    समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार राहुल गांधी ने कहा कि मायावती ने ना सिर्फ़ कांग्रेस से दूरी बनाई बल्कि उन्होंने एक तरह से चुनाव लड़ा ही नहीं.

    राहुल गांधी ने कहा, "मायावती जी कह रही हैं कि वो नहीं लड़ेंगी... उन्होंने सत्ताधारी बीजेपी को खुला मैदान दे दिया. क्यों? (क्योंकि) वो सीबीआई, ईडी और पेगासस से डर गईं."

    उन्होंने कहा कि मायावती उन लोगों के लिए नहीं लड़तीं जिनके लिए पार्टी के संस्थापक कांशी राम लड़ते रहे थे.

  18. वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की का दावा, यूक्रेन ही नहीं पूरा यूरोप रूस के निशाने पर है

    वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की

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    यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदोमिर ज़ेलेंस्की ने शनिवार देर रात अपने संबोधन में कहा कि रूस की आक्रमकता केवल यूक्रेन तक ही सीमित नहीं है, बल्कि पूरा यूरोप उसके निशाने पर है.

    ज़ेलेंस्की ने इस दौरान पश्चिमी देशों से रूस के ऊर्जा उत्पादों पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगाने को कहा और साथ ही यूक्रेन को अतिरिक्त हथियारों की आपूर्ति करने की भी मांग की.

    उन्होंने कहा कि रूस का बल प्रयोग करना एक ऐसी तबाही है जो अंततः सबको प्रभावित करेगी. रूस की सेना के यूक्रेन के पूर्वी हिस्से में जुटने को लेकर जे़लेंस्की ने कहा कि यूक्रेन कठिन से कठिन लड़ाई के लिए तैयार है.

    उन्होंने कहा, "ये मुश्किल लड़ाई होगी. हमें अपनी जीत का भरोसा है. हम लड़ने के साथ ही साथ कूटनीतिक रास्तों से इस युद्ध को रोकने के लिए भी तैयार हैं."

    वहीं, यूक्रेन की ओर से मुख्य वार्ताकार मिख़ाइलो पोदोल्याक ने कहा कहा कि राष्ट्रपति ज़ेलेंस्की तब तक रूस के राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन से नहीं मिलेंगे जब तक पूर्वी हिस्से की जंग में रूस को हरा न दिया जाए.

  19. ब्रेकिंग न्यूज़, भारत में कोरोना के 1054 नए मामले आए, एक दिन में 29 मौतें

    कोरोना वायरस

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    भारत में पिछले 24 घंटे के भीतर कोरोना वायरस संक्रमण के 1054 मामले दर्ज किए गए हैं. इस दौरान कोरोना के 1 हज़ार 258 मरीज़ स्वस्थ भी हुए हैं.

    स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से जारी ताज़ा आंकड़ों के मुताबिक, इस दौरान 29 कोरोना संक्रमित मरीज़ों की जान भी गई है.

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    देश में अब कोरोना वायरस के कुल 11 हज़ार 132 सक्रिय मरीज़ हैं, जो अब तक आए कुल मामलों का 0.03 फ़ीसदी है. देश में अब कोरोना से मरनेवालों का कुल आंकड़ा 5 लाख़ 21 हज़ार 685 हो गया है.

    अब तक कुल 4 करोड़ 25 लाख 24 हज़ार 54 मरीज़ ठीक हो गए हैं. देश में कोरोना वैक्सीन की कुल 185.7 करोड़ से ज़्यादा खु़राक दी जा चुकी हैं.

  20. भगवंत मान पर निशाना साधने के लिए तस्वीर शेयर कर ख़ुद घिर गए सिद्धू

    नवजोत सिंह सिद्धू

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    पंजाब कांग्रेस के नेता नवजोत सिंह सिद्धू भगवंत मान सरकार पर निशाना साधने के लिए एक महिला की तस्वीर शेयर कर के खुद घिर गए हैं.

    दरअसल, सिद्धू ने सड़क पर लेटी एक महिला का फ़ोटो शेयर किया था.

    उन्होंने साथ में लिखा, "मान साहब आज धनौला में हाइवे पर एक युवती को मार पीटकर उसके हाथ और पैर बांधकर छोड़ दिया गया और खेमकरण में एक शख़्स की हत्या कर दी गई. क़ानून का कोई डर नहीं. अगर क़ानून-व्यवस्था का यही हाल रहा तो कोई भी यहां नहीं रहेगा. विदेशियों को बुलाने से पहले यहां मौजूद 3 करोड़ पंजाबियों की सुरक्षा सुनिश्चित करो."

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    समाचार एजेंसी पीटीआई से बरनाला पुलिस अधिकारी दर्पण आहलूवालिया ने शनिवार को कहा कि 33 वर्षीय महिला बरनाला के धनुआला बस से कुछ किताबें और घर का सामान ख़रीदने आई थीं.

    पुलिस अधिकारी ने बताया कि रात में रुकने का ठिकाना न मिलने की वजह से महिला ने अपने दुपट्टे से खुद को ढका और सड़क किनारे ही लेट गई. शनिवार सुबह कुछ राहगीर महिला को धनुआला के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए.

    पुलिस ने ये भी कहा कि महिला की मां ने इस बात की जानकारी दी है कि उनकी बेटी अवसाद से ग्रसित थी. पुलिस ने ये भी बताया कि महिला के पैर बंधे नहीं हुए थे. महिला की मां अपनी बेटी की तस्वीर सोशल मीडिया से हटाने की मांग कर रही हैं. महिला को अब उनके घर वापस भेज दिया गया है.