उत्तर प्रदेश की एक मुस्लिम महिला ने अपने पति पर आरोप लगाया है कि बीजेपी को वोट देने के कारण उन्हें तलाक़ की धमकी दी जा रही है. बरेली की रहने वाली उज़मा ने एक प्रेस कॉन्फ़्रेंस करके ये आरोप लगाया.
उन्होंने दावा किया कि उनके पति और उनके पति के चाचा ने उन्हें समाजवादी पार्टी को वोट देने के लिए कहा था, लेकिन उन्होंने बीजेपी को वोट दिया. उज़मा का कहना है कि बीजेपी की मुफ़्त राशन स्कीम और तीन तलाक़ पर पाबंदी लगाने के कारण उन्होंने बीजेपी को वोट दिया.
उन्होंने कहा, "मेरा मामला ये है कि मैं आराम से रहती थी. अलग रहती हूं. अपने शौहर के साथ रहती थी. ससुराल वालों से कोई मतलब नहीं. हम लोग अलग रहते थे. ऐसे ही एक बार मेरे शौहर के मामू आए थे. उन्होंने हंसी-हंसी में बोल दिया कि वोट देना साइकिल की तरफ़. वो बोल रहे थे आकर क्योंकि वो उधर को सपोर्ट करते हैं. तो मैं हंसने लगी, मैंने कहा ठीक है. जब योगी जी की सरकार बन गई तो मैंने कहा कि वोट तो मैंने भी योगी जी को दिया है."
"मुझसे पूछा गया कि क्यों दिया वोट योगी जी को. कहा गया कि ये है, वो है, मुसलमानों के साथ ऐसा होगा-वैसा होगा. मैंने कहा कि बुराई क्या हुई, अनाज-गल्ला मिल रहा है, दो बार, तेल भी मिल रहा है. सब चीज़ मिल रही है. सबसे बड़ी बात मैंने कही कि तीन तलाक बंद हो गया है. तो मुझसे कहा गया कि अपनी तीन तलाक अब तू रुकवा कर देख ले. मेरे शौहर ने भी मुझसे यही कहा कि अब तू यहां से जा और अपनी तीन तलाक रुकवा कर देख ले."
पुलिस में शिकायत दर्ज कराने के सवाल पर उन्होंने कहा, "जी मैंने नहीं की. क्योंकि वे बड़े लोग हैं. मैं ग़रीब हूं. आपने देखा है कि मेरे पिता मजदूरी करते हैं. मेरी इतनी औकात नहीं है कि मैं पुलिस में जाऊं या ये सब करूं. अभी भी मुझे इतना डर है कि मैं यहां तक डर-डर कर आई हूं."
शादी कब हुई थी और पति क्या करते हैं, इस सवाल पर उज़मा ने बताया, "शादी के एक साल हुए हैं. दो जनवरी, 2021 को शादी हुई थी. मेरे शौहर शादियों में खाना बनाते हैं. ये शादी हम दोनों ने अपनी मर्जी से की थी. न तो मेरे मां-बाप और न ही उनके माता-पिता इस शादी के लिए तैयार थे. हम आराम से रह रहे थे."
बरेली की पुलिस ने उनके पति के ख़िलाफ़ मामला दर्ज किया है. पुलिस का कहना है कि घरेलू विवाद के कारण उज़मा और उनके पति अपने परिवार वालों से अलग रह रहे थे.
एक पुलिस अधिकारी ने बीबीसी को बताया है कि वे इस मामले की जाँच कर रहे हैं. उज़मा के पति के बारे में कोई जानकारी नहीं मिल पाई है, जबकि उनके पति के चाचा का कहना है कि वे कई महीनों से बरेली नहीं गए हैं.
बरेली के एएसपी रोहित सिंह सजवाण ने इस मामले की जानकारी देते हुए मीडिया को बताया, "थाना बारादरी के अंतर्गत एक महिला ने ये आरोप लगाया है कि उसके ससुराल वालों ने उसे तीन तलाक की धमकी दी है और एक पार्टी विशेष को वोट देने के कारण ससुराल वालों ने उसे घर से निकाल दिया है. पुलिस ने इस मामले में केस दर्ज कर लिया है. साथ ही साथ दूसरे पक्ष का कहना है कि छह महीने पहले उन्होंने अपने बहू और बेटे को अपनी जायदाद से बेदखल कर दिया था और ये लोग झूठा आरोप लगा रहे हैं. दोनों ही पक्षों की बात सुनकर मामला दर्ज किया गया है और इसकी जांच की जा रही है और जो भी सच होगा, उसके आधार पर कार्रवाई की जाएगी."