यूक्रेन पर रूस के हमले का 20 वां दिन: अब तक क्या-क्या हुआ?
रूस का यूक्रेन पर हमला 20वें दिन भी जारी है. रूस और यूक्रेन के बीच वार्ताएं भी हो रही हैं पर यूक्रेन में रूसी हमले नहीं थम रहे.
लाइव कवरेज
मोहम्मद शाहिद, अभिनव गोयल and कमलेश मठेनी
ब्रेकिंग न्यूज़, 12 से14 साल के बच्चों को लगेगी कॉर्बेवैक्स कोविड वैक्सीन
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केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण ने
सभी राज्यों के मुख्य सचिवों को कहा है कि 16 मार्च से 12-14 आयु वर्ग के बच्चों
का भी कोरोना वैक्सीन का टीकाकरण होगा.
इसमें जानकारी दी गई है कि इस आयु वर्ग के
बच्चों को केवल कॉर्बेवैक्स वैक्सीन ही दी जाएगी. कॉर्बेवैक्स बायोलॉजिकल-ई की
कोरोना वायरस की वैक्सीन है.
इसके साथ ही केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव ने
बताया है कि 60 साल से अधिक आयु के लोगों को अब प्रीकॉशन डोज़ दी जा सकती है लेकिन
यह डोज़ दूसरी डोज़ के 9 महीनों के बाद ही दी जा सकेगी. प्रीकॉशन डोज़ उसी वैक्सीन
की होगी जो पहले दी गई हैं.
स्वास्थ्य मंत्रालय ने जानकारी दी है कि
देश में 15 साल से अधिक आयु की 95.5 फ़ीसदी योग्य जनसंख्या को कोरोना वैक्सीन की कम
से कम पहली डोज़ दी जा चुकी है. वहीं80 फ़ीसदी योग्य आबादी को दोनों डोज़ लग चुकी हैं.
यूक्रेनी अधिकारी ने बताया रूस से जंग कब और कैसे होगी ख़त्म
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यूक्रेन
की सरकार में सलाहकार ने बताया है कि यूक्रेन-रूस युद्ध मई की शुरुआत तक ख़त्म हो सकता
है जब रूस के पास यूक्रेन पर हमले के लिए संसाधन ख़त्म हो जाएंगे.
यूक्रेन
के राष्ट्रपति के सलाहकार ओलेक्सी अरेस्टोविच ने सोमवार को कहा, ‘‘मुझे लगता है कि मई के अंत नहीं, मई की शुरुआत में, हमारा
शांति समझौता हो जाएगा.’’
रूस-यूक्रेन
युद्ध की मई में बनने वाली स्थितियों को लेकर उन्होंने दो संभावनाएं बताईं.
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उन्होंने कहा, ‘‘एक या दो हफ़्तों में कोई शांति समझौता हो सकता है और सेनाएं वापस जा सकती हैं. या दूसरे राउंड में सीरियाई लड़ाकों के इस्तेमाल की कोशिश हो सकती है. जब हम उन्हें भी मसल देंगे तो मध्य अप्रैल या अंत में समझौता हो सकता है.’’
इससे पहले अमेरिका ने दावा किया था कि रूस यूक्रेन में लड़ाई के लिए सीरियाई लड़ाकों का इस्तेमाल करने की कोशिश कर रहा है. हालांकि, इस दावे की पुष्टि नहीं हो पाई है.
ओलेक्सी अरेस्टोविच यूक्रेन और रूस की बातचीत में शामिल नहीं हैं.
अखिलेश यादव बोले- पोस्टल बैलेट में सपा गठबंधन को 304 सीटों पर जीत मिली
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उत्तर
प्रदेश विधानसभा चुनाव में हार के बाद समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव ने
ट्वीट किया है कि ‘पोस्टल बैलेट में सपा-गठबंधन को 304 सीटों पर जीत मिली जो
चुनाव का सच बयान कर रही है.’
उन्होंने
लिखा, “पोस्टल बैलेट में सपा-गठबंधन को मिले 51.5% वोट व उनके
हिसाब से 304 सीटों पर हुई सपा-गठबंधन की जीत चुनाव का सच बयान कर रही है.पोस्टल बैलेट डालनेवाले हर उस सच्चे सरकारीकर्मी, शिक्षक और मतदाता का धन्यवाद जिसने पूरी ईमानदारी से हमें
वोट दिया.सत्ताधारी याद रखें, छल से बल नहीं मिलता.”
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इससे पहले सोमवार को समाजवादी
पार्टी के नेता स्वामी प्रसाद मौर्य ने भी ट्वीट करके यही दावा किया था. उन्होंने भी
कहा था कि 304 सीटों पर पोस्टल बैलेट में सपा की जीत हुई है.
FB Live: कर्नाटक हाई कोर्ट के हिजाब मामले के फ़ैसले पर क्या कह रही हैं लखनऊ की लड़कियां, बीबीसी संवाददाता अनंत झणाणे ज़्यादा जानकारी के साथ हैं मौजूद
ब्रेकिंग न्यूज़, पाकिस्तान में मिसाइल गिरने को लेकर राजनाथ सिंह ने संसद में दिया बयान
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इमेज कैप्शन, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह
भारत के
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भारत की ओर से पाकिस्तान में गिरी मिसाइल के मामले पर संसद में
बयान दिया है.
उन्होंने राज्यसभा में कहा कि ये मिसाइल निरीक्षण के दौरान अनजाने में छोड़ी गई थी जिसकी उच्च स्तरीय जांच की
जाएगी.
राजनाथ सिंह ने कहा, "आज मैं 9 मार्च, 2022 को हुई एक घटना के बारे में जानकारी
देना चाहता हूं. यह घटना निरीक्षण के दौरान एक मिसाइल के अनजाने में छोड़े जाने से
संबंधित है. नियमित रख-रखाव और निरीक्षण के दौरान लगभग 7 बजे गलती से एक मिसाइल को छोड़ दिया गया था.’’
"बाद में पता चला कि मिसाइल
पाकिस्तान के क्षेत्र में गिरी थी. जबकि इस घटना के लिए हमें खेद है, हमें राहत है कि
दुर्घटना के कारण किसी को चोट नहीं आई. सरकार ने इस घटना को गंभीरता से लिया है, औपचारिक उच्च स्तरीय
जांच के आदेश दे दिए गए हैं.’’
उन्होंने कहा, "इस
जांच से दुर्घटना के सही कारण का पता चलेगा. मैं यह भी बताना चाहूंगा कि इस घटना
के मद्देनज़र संचालन, रख-रखाव और निरीक्षण के लिए मानक
संचालन प्रक्रियाओं की समीक्षा की जा रही है.’’
"हम अपनी हथियार प्रणालियों की
सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हैं. यदि कोई कमी पाई जाती है तो उसे तत्काल
दूर किया जाएगा.’’
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पाकिस्तान सेना के जनसंपर्क विभाग (आईएसपीआर) के महानिदेशक मेजर बाबर इफ़्तिख़ार ने 10 मार्च को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया था कि मियां चन्नू में एक तेज़ गति से उड़ती हुई चीज़ गिरी थी जो शायद एक भारतीय मिसाइल थी.
अगले दिन, 11 मार्च, को भारतीय रक्षा मंत्रालय ने एक बयान में स्वीकार किया था कि "नियमित रखरखाव के दौरान तकनीकी ख़राबी के कारण मिसाइल गलती से फ़ायर हो गई थी."
हिजाब विवाद मामले में कर्नाटक हाई कोर्ट के फ़ैसले पर बोले केंद्रीय मंत्री
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हिजाब विवाद मामले में कर्नाटक हाई कोर्ट के फ़ैसले के बाद
केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी ने कहा है कि वो कोर्ट के फ़ैसले का स्वागत करते
हैं और देश और राज्य में हर किसी से अपील करते हैं कि सभी लोग आगे बढ़ें.
कर्नाटक हाई कोर्ट ने शिक्षण संस्थानों में हिजाब को
प्रतिबंधित करने के फ़ैसले को चुनौती देने वाली याचिका को ख़ारिज कर दिया है.
कोर्ट ने कहा है कि इस्लाम धर्म में हिजाब पहनना एक अनिवार्य प्रथा नहीं है.
कर्नाटक में उडुपी
के एक कॉलेज में हिजाब पहनने से रोके जाने पर छह छात्राओं ने हाई कोर्ट में याचिका
दायर की थी.
संसद का सत्र शुरू
होने से पहले मंगलवार को प्रह्लाद जोशी ने कहा कि हर किसी को हाई कोर्ट का फ़ैसला
स्वीकार करते हुए शांति व्यवस्था कायम करने की ज़िम्मेदारी है.
उन्होंने कहा, “छात्रों का मूलभूत काम शिक्षा है. तो स बकुछ पीछे छोड़कर पढ़ना चाहिए और एक
रहना चाहिए.”
हिजाब मामले में छात्राओं की याचिका ख़ारिज, कर्नाटक हाई कोर्ट ने कहा- इस्लाम में हिजाब अनिवार्य नहीं
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कर्नाटक हाई कोर्ट ने शिक्षण संस्थानों में हिजाब पहनने को लेकर एक महत्वपूर्ण मामले में फ़ैसला सुनाते हुए छात्राओं की याचिका ख़ारिज कर दी है. अदालत ने साथा ही कहा है कि इस्लाम धर्म में हिजाब पहनना एक अनिवार्य प्रथा नहीं है.
कर्नाटक में उडुपी के एक कॉलेज में हिजाब पहनने से रोके जाने पर छह छात्राओं ने हाई कोर्ट में याचिका दायर की थी. उनका कहना था कि हिजाब पहनना उनका संवैधानिक अधिकार है. लिहाज़ा उन्हें इससे रोका नहीं जा सकता.
राजभर का आरोप, पूर्वांचल की सीटों पर बीजेपी ने चुने बीएसपी के उम्मीदवार
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सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के प्रमुख ओम प्रकाश राजभर ने उत्तर प्रदेश चुनाव में
बीजेपी और बसपा पर मिलीभगत का आरोप लगाया है.
उन्होंने दावा किया कि कई सीटों पर दोनों ने आपसी सहमति से उम्मीदवार खड़े किए थे.
राजभर ने कहा, "पूर्वांचल की 122 सीटें ऐसी हैं जहां उम्मीदवार बीजेपी के दफ़्तर में तय
हुए लेकिन चुनाव चिन्ह बसपा के दफ़्तर में दिया गया. मैं इसके सबूत दे सकता हूं.
जो दल चार बार सत्ता में रहे चाहे वो बसपा हो या कांग्रेस उन्होंने बीजेपी को समर्थन
दिया है. आखिर उनका वोट कहां गया?
उन्होंने
कहा, ‘‘हमने एक 'विधानसभा युद्ध समीक्षा' करने
का फ़ैसला किया है. उनकी रिपोर्ट के आधार पर हमारी जो भी कमियां होंगी हम उस पर काम
करने की कोशिश करेंगे.’’
राजभर ने
कहा कि बीएसपी और बीजेपी का मेल हो गया, जो यूपी में बड़ा खेल हो गया.
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रूस-यूक्रेन युद्ध का 20वां दिन, अब तक क्या-क्या हुआ
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यूक्रेन
पर रूस के हमले का आज 20वां दिन है. दोनों देशों के बीच बातचीत जारी है लेकिन अभी
तक कोई नतीजा नहीं निकल पाया है. राजधानी कीएव को नियंत्रण में लेने की रूस की
कोशिशें जारी हैं. पढ़ें, अब तक क्या-क्या हुआ.
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अमेरिकी रक्षा अधिकारी ने कहा कि यूक्रेन में फिलहाल रूसी सेना का हमला रुका हुआ
हैं.
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यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की के मुताबिक रूस और यूक्रेन के बीच
मंगलवार को भी बातचीत जारी रहेगी.
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अमेरिका ने कहा है कि अगर चीन ने यूक्रेन-रूस युद्ध में रूस की मदद की तो उसके
परिणाम भुगतने होंगे.
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ब्रिटेन रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से जुड़े 100 और लोगों पर प्रतिबंध
लगाने वाला है.
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यूक्रेन
पर रूसी हमला शुरू होने के लगभग तीन हफ्ते बाद पूरे देश में विनाश की तस्वीरें
देखी जा सकते हैं. संयुक्त राष्ट्र का अनुमान है कि 24 फरवरी को रूसी आक्रमण शुरू होने
के बाद से 25 लाख से अधिक शरणार्थी यूक्रेन से निकल गए हैं.
- पोलिश बॉर्डर गार्ड एजेंसी
ने सोमवार को कहा है कि जब से लड़ाई शुरू हुई है तब से अब तक यूक्रेन से भागकर 17.5 लाख लोग पोलैंड पहुंचे हैं.
- यूक्रेन
के मारियुपोल शहर के अधिकारियों ने बताया है कि शहर में फंसे लोगों को ले जा रहे
वाहनों का एक काफिला बाहर निकलने में कामयाब हुआ है. अधिकारियों के मुताबिक इस
काफिले में 160 से ज़्यादा नागरिक वाहन हैं.
- रूस ने कहा है कि उसने यूक्रेन पर
हमले के दौरान चीन से कोई सैन्य मदद नहीं मांगी थी. कुछ मीडिया रिपोर्टों में ये कहा
गया था कि रूस चीन से सैन्य और आर्थिक मदद चाहता है.
- यूक्रेन औैर रूस के बीच बातचीत
के बाद कुछ यूक्रेनी अधिकारियों ने इस बात के संकेत दिए हैं कि बातचीत किस दिशा
में जा रही है. राष्ट्रपति व्लोदोमीर जेलेंस्की के दफ्तर के उप प्रमुख इहोर
झोवक्वा ने बताया कि बातचीत के दौरान रूस का रुख
अब पहले की तुलना में ज्यादा सकारात्मक है.
- ऑस्ट्रेलिया ने रूस के 33 अरबपति
कारोबारियों और उनके परिवार पर नए प्रतिबंध लगाए हैं. इनमें मशहूर कारोबारी रोमन
एब्रामोविच भी शामिल हैं.
हिजाब मामले पर कर्नाटक हाई कोर्ट आज सुनाएगा फ़ैसला, उडुपी समेत कई शहरों में धारा 144 लागू
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हिजाब
विवाद पर सुनवाई पूरी होने के बाद आज कर्नाटक हाई कोर्ट अपना फ़ैसला सुना सकता है.
बेंगलुरू में बीबीसी के सहयोगी पत्रकार इमरान क़ुरैशी ने बताया है कि राज्य में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस महानिदेशक ने राज्य पुलिस को चौकस रहने का आदेश दिया है.
मामले की संवेदनशीलत को देखते हुए एहतियात के तौर पर बेंगलुरू, मैसूर और बेलगावी में आज से एक सप्ताह के लिए निषेधाज्ञा लागू कर दी गई है. उडुपी में पहले से ही धारा 144 लागू है.
उडुपी, दक्षिण कन्नड़ा, शिवमोगा और कलबुर्गी में आज स्कूल बंद कर दिए गए हैं.
क्या है विवाद
इस विवाद
की शुरुआत कर्नाटक से हुई थी जब उडुपी के गवर्नमेंट पीयू कॉलेज फॉर विमेनमें छह छात्राओं को हिजाब पहन कर आने से रोक दिया गया.
छात्राओं ने कॉलेज के फैसले को मानने से इनकार कर दिया था.
जब इन छात्राओं की बात नहीं सुनी गई तो इन्होंने प्रदर्शन
शुरू कर दिया. ये मामला तब और बढ़ गया जब उडुपी ज़िले के कॉलेज में लड़कियों के
हिजाब के जवाब में कुछ छात्र भगवा शॉल पहन कर आने लगे.
इसके बाद लड़कियों ने भी भगवा शॉल पहन कर जुलुस की शक्ल में
एक प्राइवेट कॉलेज में घुसने की कोशिश की. मामला तूल पकड़ता गया और राजनीतिक
पार्टियां भी इस विवाद में कूद पड़ीं.
वहीं, राज्य सरकार का कहना था कि स्कूल और कॉलेज में पहले से
तय किया गया यूनिफॉर्म ही पहना जा सकता है.
कॉलेज ने लड़कियों को ये विकल्प भी दिया कि वो स्कूल आते और जाते
समय वो हिजाब पहन सकती हैं लेकिन क्लास लेते हुए हिजाब उतारना होगा. लेकिन,
छात्राओं का कहना है कि वो हिजाब पहनकर ही क्लास लेना चाहती हैं.
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इमेज कैप्शन, हिजाब के समर्थन में प्रदर्शन करती छात्राएं
राज्य सरकार ने यूनिफॉर्म को लेकर आदेश भी जारी किया था जिसके मुताबिक सरकारी शिक्षा संस्थानों की कॉलेज डेवलपमेंट कमेटियां यह फैसला ले सकती हैं कि यूनिफॉर्म कैसी होगी. निजी संस्थान यह फैसला कर सकते हैं कि कॉलेजों में यूनिफॉर्म जरूरी है या नहीं.
हिजाब पहनने से रोके जाने पर छात्राओं ने हाई कोर्ट में याचिका दायर की थी. उनका कहना है कि हिजाब पहनना उनका संवैधानिक अधिकार है. लिहाज़ा उन्हें इससे रोका नहीं जा सकता.
पहले इस मामले की हाईकोर्ट की सिंगल बेंच सुनवाई कर रही थी लेकिन फिर इसे तीन सदस्यीय बेंच के पास भेज दिया गया.
इस बीच हिजाब विवाद का मामला उडुपी से निकलकर दूसरे स्कूलों तक भी पहुंच गया. यहां भी छात्राएं हिजाब पहनकर कॉलेज आने लगीं.
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इमेज कैप्शन, कर्नाटक में हिजाब का विरोध करने के लिए छात्रों ने भगवा गमछा पहना
देश में कई जगहों पर स्कूल-कॉलेज में हिजाब पहनने के समर्थन और विरोध में प्रदर्शन होने लगे. कर्नाटक में पथराव और तोड़फोड़ की घटनाएं भी हुईं.
विवाद बढ़ता देख सरकार ने सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई और स्कूल-कॉलेज बंद करने के आदेश दे दिए.
वहीं, सुनवाई के दौरान कर्नाटक हाई कोर्ट ने हिजाब पहनने वाली छात्राओं की याचिकाओं पर अंतिम फैसला ना होने तक स्कूल-कॉलेज में धार्मिक पोशाक पहनने पर रोक लगा दी थी.
कर्नाटक हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश ऋतुराज अवस्थी, जस्टिस कृष्ण एस दीक्षित और जस्टिस जेएम काजी इस मामले की सुनवाई कर रहे हैं.
इस मामले पर कई दिनों तक चली सुनवाई में याचिकाकर्ताओं और सरकार का पक्ष सुनने के बाद कोर्ट ने फ़ैसला सुरक्षित रख लिया था.
यूक्रेन को कमज़ोर करने के लिए अब नई रणनीति अपनाएगा रूस
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रूस के
रक्षा मंत्रालय ने कहा कि वो दोनेत्स्क पर यूक्रेन के मिसाइल हमले के जवाब में यूक्रेन
के रक्षा उद्योग को निशाना बनाएगा.
रूस का
कहना है कि यूक्रेन नेअलगाववादी क्षेत्र दोनेत्स्क पर सोमवार को मिसाइल हमला
किया था.
एक
ऑनलाइन पोस्ट पर रूस के रक्षा मंत्रालय ने लिखा, ‘‘दोनेत्स्क पर टोचका-यू मिसाइल
हमले के जवाब में रूस के सुरक्षा बल यूक्रेन के रक्षा उद्योग से जुड़ी कंपनियों को
निशाना बनाएंगे जो इन हथियारों का उत्पादन करती हैं.’’
‘‘हम इन
कंपनियों में काम करने वाले यूक्रेन के नागरिकों और आसपास रहने वाले वाले लोगों से
वो जगह छोड़ने की अपील करते हैं.’’
इससे
पहले रूस ने आरोप लगाया था कि दोनेत्स्क में यूक्रेन के हवाई हमले में 20 आम नागरिकों
की जान चली गई थी.
लेकिन, यूक्रेन
ने इस हमले से इनकार किया है और इसके लिए रूसी मिसाइल को ज़िम्मेदार ठहाराया है.
ये दूसरी
बार है जब रूस ने यूक्रेन में अहम जगहों पर हमले की चेतावनी दी है.
एक मार्च
को दी गई पहली चेतावनी में कीएव टीवी टावर को निशाना बनाया गया था जिसमें पांच
लोगों की मौत हो गई थी.
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