T-20: INDVsNZ भारत की न्यूज़ीलैंड पर रोमांचक जीत, चमके सूर्यकुमार
भारत ने जयपुर में खेले गए मैच में न्यूज़ीलैंड को पांच विकेट से मात दी. भारत ने तीन मैचों की सिरीज़ में 1-0 की बढ़त बना ली है. सूर्यकुमार ने 62 रन बनाए.
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ब्रेकिंग न्यूज़, 5-स्टार होटलों में बैठे लोग किसानों को ज़िम्मेदार ठहराते हैं: वायु प्रदूषण पर सुप्रीम कोर्ट
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दिल्ली में वायु प्रदूषण के मामले पर सुनवाई के दौरान सुप्रीम
कोर्ट में दिल्ली सरकार की ओर से पेश हुए वरिष्ठ वकील अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा कि
अगर पराली जलाने से 3-4% प्रदूषण
होता है तो इसको नहीं देखे जाने की ज़रूरत है, हम कहना चाहते हैं कि यह एक कारण
है.
इसके जवाब
में सुप्रीम कोर्ट ने सिंघवी से कहा कि हमारा ध्यान प्रदूषण पर है और वो ऐसा
मुद्दा उठा रहे हैं जो प्रासंगिक नहीं है, हमने इसका ख़याल रखा है और अपने आदेश
में कहा था कि हम किसानों से निवेदन करते हैं कि वो दो सप्ताह के लिए पराली न
जलाएं.
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सुप्रीम
कोर्ट ने कहा कि जो दिख रहा है वो क्या किसानों के कारण हुआ है? दिल्ली के फ़ाइव और सेवेन स्टार में बैठे लोग आलोचना कर रहे
हैं कि वे (किसान) प्रदूषण में 4, 30 या 40% का योगदान दे रहे हैं. क्या आपने उनकी प्रति जोत कमाई को देखा
है?
इस दौरान मुख्य न्यायाधीश जस्टिस एनवी रमन्ना ने कहा कि क्या
हम इसे नज़रअंदाज़ कर दें कि प्रतिबंध के बावजूद पटाख़े फोड़े गए?
सौरभ कृपाल कौन हैं? बन सकते हैं देश के पहले समलैंगिक जज
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सुप्रीम कोर्ट के कॉलेजियम ने वरिष्ठ वकील सौरभ कृपाल को दिल्ली हाई कोर्ट के न्यायाधीश बनाने की सिफ़ारिश की है. अगर वह इस पद को संभालते हैं तो भारत के पहले समलैंगिक न्यायाधीश होंगे.
सौरभ कृपाल ने दिल्ली में सेंट स्टिफन कॉलेज से ग्रैजुएशन की और फिर स्कॉलरशिप से ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी से एलएलबी की पढ़ाई की. इसके बाद कैंब्रिज यूनिवर्सिटी से एलएलएम की डिग्री ली.
उन्होंने कुछ समय के लिए जेनेवा में संयुक्त राष्ट्र के साथ भी काम किया और फिर 1990 में भारत आ गए. यहाँ उन्होंने दो दशकों तक सुप्रीम कोर्ट में लॉ की प्रैक्टिस की.
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ब्रेकिंग न्यूज़, दिल्ली वायु प्रदूषण: वर्क फ़्रॉम होम के पक्ष में नहीं है केंद्र सरकार
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दिल्ली में वायु प्रदूषण के मामले पर सुनवाई के दौरान
केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में हलफ़नामा दायर करके कहा है कि वो अपने
कर्मचारियों से वर्क फ़्रॉम होम कराने के पक्ष में नहीं है क्योंकि इससे अधिक लाभ
नहीं होता और न इसका प्रभाव अधिक होगा.
केंद्र ने सुप्रीम कोर्ट से कहा है कि इसकी जगह उसने दिल्ली
में अपने कर्मचारियों से कहा है कि वो कार-पूलिंग का इस्तेमाल करें ताकि वाहनों की
संख्या कम हो.
केंद्र सरकार ने कहा है कि राष्ट्रीय राजधानी में चल रहे
कुल वाहनों की तुलना में केंद्र सरकार के पास बहुत कम वाहन हैं और इनके बंद कर
देने से दिल्ली की वायु गुणवत्ता पर कोई ख़ास फ़र्क नहीं पड़ेगा.
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केंद्र सरकार की ओर से पेश हुए सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता
ने कोर्ट को बताया कि केंद्र ने दिल्ली-एनसीआर के एयर क्वालिटी मैनेजमेंट फ़ॉर
कमिशन (CAQM) ने कई निर्देश जारी किए हैं जिनमें एक 21 नवंबर तक दिल्ली
में ट्रकों के आने पर प्रतिबंध, थर्मल प्लांट्स बंद करने और निर्माण पर रोक शामिल
हैं. केवल ज़रूरी सामान के ट्रक ही दिल्ली में आ सकते हैं.
सोमवार को हुई सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र
सरकार और राज्यों को कम से कम एक सप्ताह के लिए अपने कर्मचारियों से वर्क़ फ़्रॉम
होम कराने पर विचार करने को कहा था.
सुप्रीम कोर्ट ने ज़ोर देते हुए कहा था कि फ़ैक्ट्रियां,
परिवहन, धूल और कुछ हद तक पराली जलाना भी प्रदूषण का मुख्य कारण है.
बीती रात CAQM ने दिल्ली
और इसके आस-पास के शहरों के स्कूलों और कॉलेजों को अगले नोटिस तक बंद करने का आदेश
दिया था.
अमेरिका ने क्यों कहा रूस को मिलेगा जवाब
पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे का योगी को चुनाव में कितना फ़ायदा मिलेगा?
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे का उद्घाटन किया. पूर्वांचल में उत्तर प्रदेश विधानसभा की क़रीब 160 सीटें हैं.
उत्तर प्रदेश के पूर्वांचल को जिस पार्टी ने साध लिया, सत्ता की चाबी उन्हीं के हाथ लगी.
2007 के विधानसभा चुनाव में इस इलाक़े में बीएसपी ने सबसे ज़्यादा सीटें जीतीं और सरकार बनाई. 2012 में समाजवादी पार्टी ने इनमें से तकरीबन सौ से ज़्यादा सीटें जीतीं और अखिलेश सत्ता में आए. 2017 में इस इलाक़े में बीजेपी को लगभग 115 सीटें मिलीं और योगी आदित्यनाथ उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री बने.
यूएई में अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के कर्मचारियों के लिए पांच साल का वीज़ा
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यूएई ने अपने यहाँ काम कर रही अंतरराष्ट्रीय कंपनियों के कमर्चारियों के
लिए वीज़ा की अवधि को बढ़ाकर पाँच साल कर दिया है.
क्राउन प्रिंस शेख हमदान बिन मोहम्मद ने ट्विटर पर इसकी जानकारी दी
है.
शेख ने मंगलवार को ट्वीट किया, "हमारा लक्ष्य
कंपनियों को सुविधाएं देना है और उनकी टीमों के लिए पूरे साल कॉन्फ्रेंस, बैठकों,
प्रदर्शनियों
के लिए दुबई आने जाने को आसान बनाना है."
यूएई ने हाल के वर्षों में कई नए वीज़ा विकल्पों की शुरुआत की है.
2019 में दस वर्षीय गोल्डन वीज़ा तो इस साल पाँच साल के टूरिस्ट वीज़ा
शुरू किए गए हैं.
जिन्होंने वहाँ लगभग 1.4 मिलियन अमेरिकी डॉलर (10 दस
करोड़ भारतीय रुपये) प्रॉपर्टी में निवेश किए हैं वे पांच साल का रेजिडेंट वीज़ा
ले सकते हैं.
इसके लिए प्रॉपर्टी पर उनका तीन साल का मालिकाना हक़ और इसे एकमुश्त
ख़रीदा होना चाहिए.
न्यूनतम 1,36,000 अमेरिकी डॉलर (लगभग एक करोड़ भारतीय रुपये) के साथ बिजनेस करने वाला
उद्यमी या मान्यता प्राप्त बिजनेस इन्क्यूबेटर में शामिल व्यावसायी छह महीने का
वीज़ा ले सकता है, जिसे छह महीने के लिए बढ़ाया जा सकता है.
सेकेंड्री स्कूल में 95 फ़ीसद से अधिक या 3.75 या उससे अधिक ग्रेड पॉइंट
एवरेज (जीपीए) वाले छात्र भी अब यहां के लिए पांच साल का वीज़ा ले सकते हैं.
अज़रबैजान-आर्मीनिया सीमा पर फिर भिड़े, रूस आया सामने
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आर्मीनिया और अज़रबैजान के बीच सीमा पर मंगलवार को सैन्य झड़पें हुईं. दोनों देशों ने एक दूसरे को इसके लिए दोषी ठहराया इसके बाद रूस और आर्मीनिया के रक्षा मंत्रालयों ने बताया कि अब सीमा पर संघर्ष बंद हो गया है.
बीते वर्ष दोनों देशों के बीच नार्गोनो-काराबाख पर छह हफ़्ते तक लड़ाई हुई थी.
रूस के रक्षा मंत्रालय ने एक लिखित बयान में बताया कि अज़रबैजान और आर्मीनिया ने अपनी सीमाओं पर स्थिति को नियंत्रित करने के लिए ये क़दम उठाए हैं.
बताया गया है कि काराकिलिस में संघर्ष बंद हो गया है और फ़िलहाल स्थित सामान्य और नियंत्रण में है.
आर्मीनिया के रक्षा मंत्रालय ने कहा, "रूस की मध्यस्थता से शाम 5.30 बजे से अज़रबैजान-आर्मीनिया सीमा पर संघर्ष विराम की घोषणा की गई है."
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इस बीच, रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने आर्मीनिया के प्रधानमंत्री निकोल पाशिन्यान के साथ अज़रबैजान-आर्मीनिया सीमा पर तनाव को लेकर चर्चा की. दोनों नेताओं ने एक दूसरे के साथ संपर्क में रहने पर अपनी सहमति जताई.
उकसावा कर रहा है आर्मीनियाः अज़रबैजान
इससे पहले अज़रबैजान के रक्षा मंत्रालय ने अपने बयान में कहा था कि आर्मीनियाई सेना ने उसकी सीमाई इलाकों कलबजर और लाचिन में और बड़े पैमाने पर उकसावे का काम किया है और इस दौरान हमलों में अज़रबैजान के दो सैनिक घायल भी हुए हैं.
अज़रबैजान ने बताया कि इसके बाद उसने तुरंत एक जवाबी कार्रवाई करते हुए आर्मीनियाई सैनिकों को रोका और इस दौरान उनकी गाड़ियां क्षतिग्रस्त हुई.
अज़रबैजान के राष्ट्रपति और यूरोपीय कमिशन के अध्यक्ष ने भी आर्मीनिया-अज़रबैजान की सीमा पर हुए नए तनाव को लेकर चर्चा की.
अज़रबैजान के राष्ट्रपति कार्यालय की ओर से जारी बयान के मुताबिक मंगलवार को यूरोपीय कमिशन के चार्ल्स मिशेल ने फ़ोन पर हुई बातचीत में अपनी चिंता ज़ाहिर की.
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राष्ट्रपति इलहाम अलीयेव ने कहा कि आर्मीनिया ने शुशा, लचिन और कलबजर इलाकों में बार बार सैन्य उकसावे का काम कर रहा है.
उन्होंने बताया कि अज़रबैजान की ओर से इन उकसावों पर ज़रूरी प्रतिक्रिया दी गई है.
अलीयेव ने मौजूदा तनाव के लिए येरेवन प्रशासन को पूरी तरह से ज़िम्मेदार ठहराया.
बीते साल छह हफ़्ते चले युद्ध के दौरान अज़रबैजान ने कई शहरों, गांवों और कस्बों को वापस अपने नियंत्रण में ले लिया है. उस लड़ाई में छह हज़ार से अधिक लोग मारे गए थे. बीते वर्ष नवंबर में रूस की मदद से ख़त्म हुई उस लड़ाई में आर्मीनिया ने दशकों तक अपने कब्जे में रखे इलाकों को अज़रबैजान को सौंप दिया था.
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युगांडाः राजधानी कंपाला में दो आत्मघाती धमाके, भारतीय पैरा-बैडमिंटन टीम सुरक्षित
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युगांडा की राजधानी कंपाला में मंगलवार को हुए दो आत्मघाती धमाकों में कम से कम तीन लोगों की मौत हो गई है और 30 से अधिक लोग घायल हुए हैं.
ये धमाके एक दूसरे से तीन मिनट की अंतराल पर हुए.
मरने वालों में दो पुलिसकर्मी भी शामिल हैं. पांच लोग गंभीर रूप से घायल बताए गए हैं.
धमाकों से लोगों के शरीरों के टुकड़े आसपास बिखर गए. बताया गया है कि मृतकों की संख्या और बढ़ सकती है.
अमाक़ न्यूज़ एजेंसी के मुताबिक चरमपंथी संगठन इस्लामिक स्टेट (आईएस) समूह ने इन हमलों की ज़िम्मेदारी ली है.
पुलिस के मुताबिक मोटरसाइकिल पर आए तीन हमलावरों ने संसद और शहर के पुलिस मुख्यालय के पास ये आत्मघाती हमले किए.
अधिकारियों ने बताया कि शहर के अन्य हिस्सों में और भी बम मिले हैं.
पुलिस के प्रवक्ता फ्रेड एनान्गा ने कहा, "बम का ख़तरा अब भी बरकरार है, ख़ास कर आत्मघाती हमलावरों से."
पुलिस ने बताया कि चौथे हमलावर को गिरफ़्तार किया गया है और उसके पास से विस्फोटक जैकेट बरामद किया गया है.
फ्रेड एनान्गा ने कहा, "हमें लगता है कि इन आंतरिक आतंकी सेल के कुछ और भी सदस्य मौजूद हैं, ख़ास कर एडीएफ़ के गठित आत्मघाती बम दस्तों के."
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इन हमलों के बाद संसद की कार्रवाई रद्द करते हुए सांसदों को बिल्डिंग में न आने की सलाह दी गई है.
धमाकों से संसद के पास खड़ी गाड़ियों में आग लग गई. पुलिस मुख्यालय के पास हुए धमाकों से खिड़कियां टूट गईं.
रॉयटर्स न्यूज़ एजेंसी को संसद के पास हुए हमले के प्रत्यक्षदर्शी एक बैंक गार्ड पीटर ओलुपोट ने बताया, "धमाके की आवाज़ इतनी तेज़ थी कि ज़मीन हिल गई और मेरे कान लगभग बहरे हो गए."
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एलाइड डेमोक्रेटिक फोर्सेज़
आईएस ने अपने टेलीग्राम चैनल पर एक बयान दिया, जिसके बाद उसके अमाक़ न्यूज़ एजेंसी ने बताया कि इसके सदस्यों ने इन हमलों को अंजाम दिया है.
अधिकारियों ने एक विद्रोही समूह एलाइड डेमोक्रेटिक फोर्सेज़ (एडीएफ़) को हमलों के लिए दोषी ठहराया है. यह समूह 2019 में आईएस के साथ जुड़ गया था.
मूल रूप से इसका गठन युगांडा में हुआ था लेकिन अब ये कांगो से सक्रिय हैं. एडीएफ़ आईएस के नाम पर हमले करते हैं. हाल के दिनों में कई धमाके किए गए हैं. बीते महीने ही एक शॉपिंग बैग में रखे विस्फोटकों से धमाके किए गए जिसमें एक 20 वर्षीय वेट्रेस की मौत हो गई थी. कुछ दिनों बाद एक आत्मघाती हमलावर ने कंपाला में एक बस के पास ख़ुद को उड़ा दिया था जिसमें कई लोग घायल हुए थे.
इन दोनों हमलों की ज़िम्मेवारी भी आईएस ने ही ली थी और पुलिस ने उन्हें एडीएफ़ से जुड़ा बताया था.
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भारतीय पैरा-बैडमिंटन टीम सुरक्षित
ये हमले उस होटल से कुछ दी दूर पर हुए हैं जहां इन दिनों भारतीय पारा बैडमिंटन की टीम रह रही है. दरअसल, भारतीय पैरा बैडमिंटन की टीम एक टूर्नामेंट खेलने कंपाला गई है.
टोक्यो पैरालिंपिक से गोल्ड लाने वाले प्रमोद भगत, मानसी जोशी और मनोज सरकार के साथ अन्य भारतीय खिलाड़ी होटल में मौजूद थे. ओलंपिक के दौरान कोच रहे गौरव खन्ना भी टीम के साथ हैं. इन धमाकों के बाद भारतीय पैरा-बैडमिंटन ने बताया कि टीम के सभी सदस्य सुरक्षित हैं.
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