इंग्लैंड के पूर्व स्पिनर मॉन्टी पनेसर ने कहा है कि वो नहीं चाहते हैं कि पाकिस्तान के केपीएल में शामिल होकर भारत में मिलने वाले मौक़ों से हाथ धो लें.
लाइव कवरेज
विभुराज, सिंधुवासिनी and अपूर्व कृष्ण
कोरोना: 24 घंटे में 40 हज़ार से ज़्यादा मामले, 422 लोगों की मौत
इमेज स्रोत, ARUN SANKAR/AFP via Getty Images
पिछले 24 घंटे में भारत
में कोरोना वायरस संक्रमण के 40,134 नए मामले सामने आए हैं और 422 लोगों की
मौत हुई है.
इस दौरान 36,946 लोगों को ठीक होने के बाद अस्पताल से
छुट्टी भी मिली है.
बीते 24 घंटे में 17,06,598 लोगों को
कोरोना की वैक्सीन लगाई गई है.
इसी के साथ देश में कोविड-19 के कुल मामले 3,16,95,958 हो
गए हैं जिनमें एक्टिव मामले 4,13,718 हैं.
बीमारी से अब तक कुल 4,24,773 लोगों की मौत हुई है और 3,08,57,467
लोग इलाज के बाद ठीक हुए हैं.
देश में अब तक कुल 47,22,23,639 लोगों को
कोरोना की वैक्सीन लगाई गई है.
ईरान के ख़िलाफ़ एकजुट हुए अमेरिका और ब्रिटेन, तेल टैंकर पर हमले का मामला
ब्रिटेन और अमेरिका ने हाल में एक तेल टैंकर पर हुए हमले के लिए ईरान को
ज़िम्मेदार ठहराया है.
गुरुवार को इसराइली कंपनी से ऑपरेट होने वाले तेल टैंकर एमवी मर्सर स्ट्रीट पर
हुए हमले में एक ब्रितानी और एक रोमानियाई नागरिक की मौत हो गई थी.
अब ब्रिटेन और अमेरिका ने कहा है कि इस हमले के पीछे ईरान का हाथ था.
दोनों
देशों ने इसे अंतरराष्ट्रीय क़ानून का उल्लंघन बताए हुई इसका जवाब देने की बात कही
है.
ब्रिटेन के विदेश मंत्री डोमिनिक राब ने कहा, “हमें यक़ीन है कि ईरान ने एमवी मर्सर स्चट स्ट्रीट पर
हमले के लिए एक या एक से ज़्यादा ड्रोन इस्तेमाल किए हैं.”
राब ने इसे ‘जानबूझकर और निशाना बनाकर किया गया
हमला’ बताया. उन्होंन कहा कि यह अंततराष्ट्रीय क़ानून का स्पष्ट उल्लंघन है.
उन्होंने कहा, “ईरान को ऐसे हमले तुरंत रोक देने चाहिए और टैंकरों की सुरक्षित आवाजाही
सुनिश्चित होनी चाहिए.”
अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने भी कहा कि उन्हें विश्वास है कि ईरान
ने ही हमला किया और इसका ‘उचित जवाब’ दिया जाएगा.
इमेज स्रोत, IMAGE SOURCEJOHAN VICTOR VIA REUTERS
हम जानते हैं ईरान को कैसे संदेश देना है: अमेरिका
इससे पहले इसराइल के प्रधानमंत्री नेफ़्टाली बेनेट ने कहा था कि इस बात के ‘सबूत’ हैं कि हमले में ईरान का हाथ है.
बेनेट ने कहा था, “हमें पता है कि अपने तरीके से ईरान को संदेश कैसे
भेजना है.”
हालाँकि ईरान ने इन आरोपों को बेबुनियाद बताते हुए ख़ारिज कर दिया था.
मार्च से लेकर अब तक इसराइल और ईरान दोनों से चलने वाले तेल टैंकरों पर कई हमले हुए हैं जिन्हें बदले की कार्रवाई के तौर पर देखा जा रहा है.
इसराइल जहाँ ईरान को तेल टैंकरों पर हमले का ज़िम्मेदार बताता है.
वहीं, ईरान
इसराइल पर अपने परमाणु स्थलों और वैज्ञानिकों को निशाना बनाने का आरोप लगाता है.
यह हमला तब हुआ था जब लंदन स्थित ज़ोडिएक मैरीटाइम कंपनी की ओर से संचालित एमवी
मर्सर स्ट्रीट अरब सागर में ओमान के तट के नज़दीक था.
इसराइल और ईरान में बढ़े तनाव का पूरा विश्लेषण पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करें.
टोक्यो ओलंपिक: दुती चंद चौथे स्थान पर, नहीं कर सकीं क्वॉलिफ़ाई
इमेज स्रोत, ANTONIN THUILLIER/AFP via Getty Images
टोक्यो ओलंपिक में आज भारत की शुरुआत अच्छी नहीं रही. भारतीय स्प्रिंटर दुती
चंद चौथे स्थान पर रहीं और अगले राउंड के लिए क्वॉलिफ़ाई नहीं कर पाईं.
दुती चौथे स्थान पर रहीं और सीज़न का बेस्ट परफ़ॉर्मेंस दिया लेकिन यह उन्हें सेमीफ़ाइनल में पहुँचाने के लिए काफ़ी नहीं था.
हालाँकि अभी भारत की अभी दो मुकाबलों से उम्मीदें हैं.
आज भारत की महिला हॉकी टीम क्वॉर्टर फ़ाइनल मैच में ऑस्ट्रेलिया का मुकाबला
करेगी.
इसके साथ ही भारत की ओर से कमलप्रीत कौर डिस्कस थ्रो की फ़ाइनल स्पर्धा में
हिस्सा लेंगी. उन्होंने 64 मीटर तक डिस्कस थ्रो करके फ़ाइनल में अपनी जगह पक्की की है.
पीवी सिंधु के पिता बोले, "वो पीएम मोदी के साथ आइसक्रीम खाएगी''
इमेज स्रोत, Narendra Modi/Facebook
इमेज कैप्शन, फ़ाइल फ़ोटो
भारत की बैडमिंटन स्टार ने टोक्यो ओलंपिक में ब्रॉन्ज़ मेडल जीत लिया है और
उनकी इस जीत से उनके माता-पिता बहुत ख़ुश हैं.
सिंधु ओलंपिक में लगातार दो व्यक्तिगत मेडल जीतने वाली पहली भारतीय महिला
खिलाड़ी हैं.
पीवी सिंधु की माँ ने समाचार चैनल एनडीटीवी से बातचीत में कहा,“कांस्य पदक आने पर हम बहुत ख़ुश हैं. सिंधु को बधाई. हमें उस पर बहुत गर्व है.”
सिंधु के पिता ने कहा, “हमारे प्रधानमंत्री मोदी जी ने बहुत
प्रोत्साहन दिया है. उन्होंने कहा था कि सिंधु आप जाओ, आने के बाद हम आइसक्रीम
खाएंगे. अब सिंधु मेडल ले आई है तो ज़रूर अब जाकर प्रधानमंत्री जी के साथ आइसक्रीम
खाएगी.”
दरअसल, खेल शुरू होने से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सिंधु
से उनकी डाइट के बारे में पूछा था और कहा था कि उन्हें तैयारी के लिए अपने पसंदीदा
खाने में से आइसक्रीम को छोड़ना पड़ा.
प्रधानमंत्री ने उन्हें कहा था कि अगर वो मेडल के साथ लौटती हैं तो वो उनके साथ
आइसक्रीम खाएंगे.
इमेज स्रोत, Lintao Zhang/Getty Images
इमेज कैप्शन, सिंधु और उनके कोच पार्क ताए-सांग
सिंधु के पिता ने कहा, “मैं ख़ुश हूँ कि वो पहली महिला खिलाड़ी
है जिसने ओलंपिक्स में लगातार दो मेडल जीते हैं. उसने देश का नाम रौशन कर दिया है.”
उन्होंने अपनी बेटी के बारे में कहा, “सिंधु फ़ोकस्ड है और उसमें वो भूख है.
वो गेम का आनंद लेती है. जब भी वो (ओलंपिक में) गई है, वो पदक लेकर आई है. वो
पिछली बार गई थी, तो पदक जीता था और इस बार भी उसने ऐसा किया है."”
सिंधु के पिता ने कहा कि उन्हें उम्मीद थी कि वो स्वर्ण पदक जीतेंगी, लेकिन कांस्य जीतना भी एक बड़ी उपलब्धि है.
पीवी सिंधु ने टोक्यो ओलंपिक में ब्रॉन्ज मेडल के लिए हुए मैच में चीन की हे बिंगजिआओ को सीधे सेटों में 21-13, 21-15 से हराया.
म्यांमार: दो साल बढ़ सकता है आपातकाल, तख़्तापलट करने वाले जनरल ने ख़ुद को घोषित किया प्रधानमंत्री
इमेज स्रोत, Reuters
इमेज कैप्शन, जनरल मिन आंग ह्वाइंग
म्यांमार में इस साल
फ़रवरी में हुए तख़्तापलट की अगुआई करने वाले सेना के जनरल ने ख़ुद को देश का
प्रधानमंत्री घोषित कर दिया है.
जनरल मिन आंग व्हाइंग ने
कहा कि म्यांमार में आपातकाल अगस्त 2023 यानी अगले दो साल के तक के लिए बढ़ाया जा
सकता है.
अपने करीब एक घंटे लंबे भाषण
में जनरल आंग ने ‘स्वतंत्र और निष्पक्ष बहुदलीय चुनाव’ कराने का वादा भी
किया.
साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि सेना ने जिस चुनी हुई पार्टी (नेशनल लीग
फ़ॉर डेमोक्रेसी) को सत्ता से बेदख़ल किया वो ‘आतंकवादी’ थी.
उन्होंने बेदख़ल की गई
पार्टी नेशनल लीग फ़ॉर डेमोक्रेसी (एनएलडी) के समर्थकों को भी ‘उग्रवादी’ बताया.
म्यांमार की सेना ने तख़्तापलट कर आंग सान सू ची की अगुआई वाली पार्टी एनएलडी
की चुनी हुई सरकार को सत्ता से बेदख़ल कर दिया था.
सू ची तब से गिरफ़्तार हैं और उन पर आपराधिक मामले चल रहे हैं.
म्यांमार में तख़्तापलट
के बाद हुए प्रदर्शनों में सैकड़ों लोगों की मौत हुई थी.
इन प्रदर्शनों में मारे गए
कई लोग स्वास्थ्यकर्मी थे. इनकी मौत के कारण म्यांमार में स्वास्थ्य व्यवस्था
चरमरा गई और कोरोना महामारी संक्रमण तेज़ी से फैला.
इमेज स्रोत, Myat Thu Kyaw/NurPhoto via Getty Images
इलाज के लिए गए लोगों को अस्पताल से लौटा रही है सेना
बीबीसी संवाददाता जोनाथन हेड के मुताबिक़, म्यांमार में तख़्तापलट के ख़िलाफ़
प्रदर्शन करने वाले दर्जनों स्वास्थ्यकर्मियों को गिरफ़्तार किया गया है और उनमें
से कई अब तक छिपे हुए हैं.
लोग इलाज के अस्पतालों में जा रहे हैं और सेना उन्हें वापस लौटा दे रही है
जिसके कारण ऑक्सीजन की कमी से कई लोगों की घर पर ही मौत हो जा रही है.
इन सबके बावजूद जनरल आंग ने ज़ोर देकर कहा कि म्यांमार कि हालत 'स्थिर' है और वो
चुनाव कराएंगे.
हालाँकि चुनाव में कौन-कौन सी पार्टियाँ हिस्सा ले पाएंगी, अभी यह स्पष्ट नहीं
है.
म्यांमार के मानवाधिकार कार्यकर्ता आंग क्या मोई ने बीबीसी से कहा कि जनरल का चुनाव कराने का वादा सिर्फ़ एक झूठ है और चुनाव नहीं होने वाले हैं.
उन्होंने कहा कि म्यांमार के लोग ऐसे वादों पर भरोसा नहीं करेंगे.
टीवी पर दिए अपने भाषण
में जनरल आंग ने कहा कि तख़्तापलट के विरोधियों ने ‘जानबूझकर कोविड-19
फैलाया.’
उन्होंने कहा कि उनकी सरकार की कोविड रणनीति को लेकर सोशल मीडिया पर फ़ेक
न्यूज़ और ग़लत जानकारी फैलाई जा रही है. जनरल ने इसे ‘जैव आतंकवाद का
हथियार’ बताया.
बीबीसी संवाददाता का कहना है कि जनरल आंग का भाषण ‘अजीब सा' था.
अपने भाषण
में उन्होंने ज़्यादा प्याज़ और कपास उगाने को कहा और ‘म्यांमार की
परंपराओं को नष्ट करने की कोशिश करने वालों’ की निंदा की.
नमस्कार! बीबीसी हिंदी के लाइव पेज पर आपका स्वागत है. यहाँ हम आपको दिन भर की बड़ी ख़बरें और लाइव अपडेट्स देते रहेंगे. यह लाइव पेज 24 घंटे उपलब्ध है. 1 अगस्त, रविवार के अपडेट्स के लिए आप यहाँ क्लिक कर सकते हैं.