ताज़ा आदेश के अनुसार जिन लोगों का पहले कोविड-19 टेस्ट
किया जा रहा था, उनके अलावा अब:
प्रवासी मज़दूरों के बंदोबस्त में लगे कर्मचारियों और
कंटेनमेंट ज़ोन में ड्यूटी कर रहे कर्मचारियों का टेस्ट किया जाएगा.
जिन लोगों में कोई लक्षण नहीं है, लेकिन वे बुज़ुर्ग हैं या
पहले से किसी बीमारी से ग्रसित हैं, और बीते 5 से 10 दिनों के बीच किसी संक्रमित
इंसान के संपर्क में आये हैं, तो उनका टेस्ट किया जाएगा.
अस्पताल में भर्ती उन सभी मरीज़ों का भी कोविड-19 टेस्ट
किया जाएगा जिनमें साँस की तकलीफ़, बुखार और कफ़ जैसे लक्षण विकसित होते दिखेंगे.
प्रवासी लोगों में लौटने के सात दिन के भीतर लक्षण दिखाई
देते हैं तो उन्हें टेस्ट किया जाएगा.
इमरजेंसी के किसी भी केस में टेस्टिंग के अभाव में कोई देरी
नहीं होनी चाहिए.
औरैया में हुए सड़क हादसे ने जिन परिवारों को तबाह किया, उनका क्या होगा?
मज़दूरों के शव भी 'मज़दूरों की तरह' ही भेज दिये गए
झारखंड के पलामू ज़िले के रहने वाले सुदामा यादव औरैया ज़िला अस्पताल के पीछे बने पोस्ट मॉर्टम हाउस के बाहर गुमसुम खड़े अपने बेटे के शव का इंतज़ार कर रहे हैं.
आंखों में आंसू नहीं हैं. कभी पोस्टमॉर्टम हाउस की ओर देखते हैं, जहाँ बर्फ़ की बड़ी-बड़ी सिल्लियां रखी हैं तो कभी तीनों तरफ़ उजड़े खेतों को निहारते हैं. देखने से ऐसा लग ही नहीं रहा है कि बेटा चला गया है.
पूछने पर धीमी आवाज़ में जवाब देते हैं, "टीवी में सुने थे कि एक्सीडेंट हो गया है. बेटे ने बताया था कि वह भी घर लौट रहा था. फ़ोन लगा नहीं.
आशंका हुई तो घर से चल पड़े. कंट्रोल रूम में फ़ोन किए तो कहा गया कि आकर पोस्टमॉर्टम हाउस में संपर्क करें. परिचय देने पर बेटे की लाश की तस्वीर दिखाकर पहचान कराई गई."
कोरोना वायरस अगर HIV जैसा बन गया तो क्या होगा?
ब्रेकिंग न्यूज़, गृह मंत्रालय ने कहा- कोई राज्य लॉकडाउन-4 के दिशा-निर्देशों को कम नहीं करेगा
इमेज स्रोत, Twitter/@AmitShah
केंद्रीय गृह मंत्रालय ने कहा है कि 'कोई भी राज्य या केंद्र
शासित प्रदेश 31
मई तक लागू देशव्यापी लॉकडाउन के लिए जारी दिशा-निर्देशों
को कम नहीं करेगा.'
राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिवों को दिए
गए संदेश में केंद्रीय गृह सचिव अजय भल्ला ने कहा कि ‘11
मई को मुख्यमंत्रियों के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी
द्वारा आयोजित एक वीडियो कांफ्रेंस के बाद राज्यों के विचार और सहमति लेने के बाद
लॉकडाउन के चौथे चरण के लिए दिशा-निर्देश जारी किए गए थे.’
उन्होंने लिखा है, ‘‘जैसा कि मेरे
पहले के पत्रों में स्पष्ट किया गया है, मैं फिर से
दोहराना चाहूँगा कि राज्य और केंद्र शासित प्रदेश गृह मंत्रालय द्वारा जारी किये गए
दिशा-निर्देशों को कम या उनमें बदलाव नहीं कर सकते हैं. स्थिति के आकलन के आधार पर
राज्य और केंद्र शासित प्रदेश, विभिन्न क्षेत्रों में
कुछ अन्य गतिविधियों को प्रतिबंधित कर सकते हैं.”
भल्ला ने रविवार रात मुख्य सचिवों को लिखे अपने पत्र में कहा, ‘‘मैं आपसे आग्रह करूंगा कि नए दिशानिर्देशों का अनुपालन सुनिश्चित करें और सभी संबंधित अधिकारियों को उनके सख़्त कार्यान्वयन के लिए निर्देशित करें.’’
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उन्होंने कहा कि राज्यों और केन्द्र शासित प्रदेशों को अपने-अपने यहाँ कोरोना वायरस संक्रमण के हालात को देखते हुए रेड, ऑरेंज और ग्रीन जोन तय करने का अधिकार दिया गया है.
रविवार को जारी दिशा-निर्देशों के आधार पर जिला प्रशासन अपने यहाँ के रेड और ऑरेंज जोन में ‘निषिद्ध’ और ‘बफ़र’ ज़ोन चिह्नित करेगा.
पत्र में कहा गया है कि निषिद्ध क्षेत्र के भीतर लोगों की आवाजाही पूर्ण रूप से प्रतिबंधित रहेगी, दूसरे किसी जोन से इस जोन में भी आवागमन पर रोक रहेगी, सिर्फ़ मेडिकल या अन्य आवश्यक सेवाओं से जुड़े लोग ही यहाँ आ-जा सकेंगे, इन क्षेत्रों में आवश्यक वस्तुओं की निर्बाध आपूर्ति जारी रहेगी.
गृह सचिव ने कहा कि देश भर में कुछ गतिविधियों पर लागू पाबंदी जारी रहेगी.
राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए) ने राष्ट्रव्यापी लॉकडाउन 31 मई तक बढ़ा दिया है.
लॉकडाउन के नये दिशानिर्देश पुराने आदेशों की जगह लेंगे. सिर्फ़ लोगों की आवाजाही के संबंध में प्रभावी मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) में कोई बदलाव नहीं होगा.
चौथे लॉकडाउन में क्या खुलेगा, क्या बंद रहेगा, पूरा ब्योरा
केंद्र सरकार ने कोरोना वायरस के संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए देशभर में लॉकडाउन को 31 मई तक बढ़ाने की घोषणा की है.
यह लॉकडाउन का चौथा चरण होगा. लॉकडाउन के इस चौथे चरण के लिए गृह मंत्रालय ने नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं.
लॉकडाउन में क्या खुला और क्या बंद रहेगा, जानने के लिए देखिए यह वीडियो रिपोर्ट...
केद्रीय मंत्री डॉक्टर रमेश पोखरियाल ने साझा की सीबीएसई की डेट शीट
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केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की 12वीं की बची हुई परीक्षाओं की डेट शीट जारी कर दी गई है.
ये परीक्षाएं 1 जुलाई से शुरू हो रही हैं.
डेटशीट जारी करते हुए मानव संसाधन विकास मंत्री ने ट्वीट किया, "प्रिय विद्याथिर्यों,
आप सभी से #CBSE की 12वीं की बची हुई परीक्षाओं की डेट शीट साझा कर रहा हूँ.
मैं आप सभी को आगामी परीक्षाओं के लिए हार्दिक शुभकामनाएं देता हूँ."
सीबीएसई ने कहा है कि 'परीक्षा देने आ रहे छात्रों को अपनी
सेनेटाइज़र की बोतल लेकर आनी होगी. साथ ही परीक्षा केंद्र में मास्क पहनना
अनिवार्य होगा.'
बोर्ड ने अभिभावकों से भी
कहा है कि 'वे यह सुनिश्चित करें कि उनके बच्चे को बुखार ना हो और अपने बच्चों को सोशल
डिस्टेन्सिंग का क़ायदों के बारे में बताएं.'
लॉकडाउन-4: पाठकों के सवाल, बीबीसी के जवाब
केंद्र सरकार ने लॉकडाउन को 31 मई तक के लिए बढ़ा दिया है.
लॉकडाउन-4 के तहत सरकार ने कई चीज़ों में रियायतें भी दी हैं और अधिकतर मामलों में अधिकार राज्य सरकारों को दे दिया है.
बीबीसी हिंदी ने फ़ेसबुक पन्ने पर लोगों से पूछा था कि वो लॉकडाउन-4 में किन सवालों के जवाब चाहते हैं?
एक पाठक रवि कुमार ने पूछा है कि "जो लोग अपने ही राज्य में अलग-अलग ज़िलों में फँसे हुए हैं, उनका क्या होगा? क्यों इस देश में कोई बात नहीं करता?"
रवि कुमार आपको अपने सवाल के जवाब के लिए अभी कुछ इंतज़ार करना होगा, कई राज्यों ने अभी अपनी गाइडलाइंस जारी नहीं की हैं. हालांकि जो संकेत हैं, उनमें लॉकडाउन-4 में और अधिक ढील मिलने की संभावना है.
इसी तरह, आशुतोष मौर्य ने पूछा है, "क्या लॉकडाउन ऐसे ही बढ़ता रहेगा, जबकि मरीज़ों की संख्या दिन प्रतिदिन बढ़ती जा रही है. क्या सरकार हमारी नौकरियों की सुरक्षा, बच्चों के टीकाकरण की सुविधा मिलते रहने का आश्वासन देगी?"
आशुतोष जी, आपके सवाल का सीधा जवाब दिया जाना मुश्किल है.
डब्ल्यूएचओ से लेकर केंद्र सरकार कह चुकी है कि लोगों को कोरोना वायरस के साथ जीना सीखना होगा. जानकार कह चुके हैं कि जब तक इस वायरस का टीका तैयार नहीं हो जाता तब तक कोरोना को पूरी तरह नहीं हराया जा सकता.
लॉकडाउन की चोट खाने वाले प्रवासी मज़दूर के ज़ख़्म आपने देखे?
कोरोना वायरस कहाँ से आया? भारत भी चाहता है अंतरराष्ट्रीय निष्पक्ष जाँच
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जिनेवा सम्मेलन में भारत के भी उन 60 से अधिक देशों के साथ
शामिल होने की उम्मीद है जो कोरोना वायरस के स्रोत को लेकर एक ‘निष्पक्ष, स्वतंत्र और व्यापक मूल्यांकन’
की माँग कर रहे हैं.
विश्व स्वास्थ्य संगठन जिनेवा में सोमवार से दो दिन का एक महत्वपूर्ण
सम्मेलन (73वीं वर्ल्ड हेल्थ असेंबली) आयोजित कर रहा है.
अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप इस बात को लेकर जाँच की माँग
कर चुके हैं कि वुहान शहर में कोरोना वायरस की उत्पत्ति कैसे हुई? उनकी सरकार ने यह दावा भी किया है कि ‘कोरोना
वायरस चीन के वुहान शहर की एक लैब से निकला है.’
कोरोना वायरस की उत्पत्ति की जाँच की माँग को लेकर यूरोपीय
संघ ने एक प्रस्ताव का मसौदा भी तैयार किया है जिसका बड़ी संख्या कई देश समर्थन कर
रहे हैं.
विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार 60 से ज़्यादा देश हैं जो
कोरोना वायरस के स्रोत को लेकर चीन की भूमिका की जाँच चाहते हैं.
भारतीय अधिकारियों के अनुसार केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉक्टर हर्षवर्धन वर्ल्ड हेल्थ असेंबली में भारत का नेतृत्व करेंगे.
हालांकि अमरीका का नाम इस लिस्ट में नहीं है. जबकि इस मुद्दे को लेकर चीन और अमरीका के बीच काफ़ी विवाद रहा है.
दुनिया भर में कोविड-19 के कारण तीन लाख दस हज़ार से भी ज़्यादा लोगों की मौत हो चुकी है. 47 लाख लोग अब तक इस वायरस से संक्रमित हो चुके हैं.
जिन देशों ने यह संयुक्त प्रस्ताव वर्ल्ड हेल्थ असेंबली के सामने रखा है, उनकी दलील है कि कोरोना वायरस के स्रोत की स्पष्ट जानकारी मिलने से कोविड-19 के ख़िलाफ़ लड़ने में मदद मिलेगी.
ये देश चाहते हैं कि इस बात का भी मूल्यांकन हो कि किस तरह से कोरोना वायरस मनुष्य के संपर्क में आया और इस संक्रमण की शुरुआत हुई.
इन हालात में विश्व स्वास्थ्य संगठन को महामारी से निपटने के लिए अतिरिक्त संसाधनों के इंतज़ाम से भी जूझना है.
कोरोना संकट: ब्राज़ील की स्वास्थ्य व्यवस्था चरमराई
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ब्राज़ील के सबसे बड़े शहर साओ पाउलो के मेयर ने चेतावनी दी है कि कोरोना महामारी के कारण अस्पतालों में इमर्जेंसी बेड की मांग बढ़ गई है और देश की स्वास्थ्य व्यवस्था चरमराने की हालत में पहुँच चुकी है.
साओ पाउलो के मेयर ब्रूनो कोवास ने कहा है कि देश के सभी सरकारी अस्पताल अपनी क्षमता के हिसाब से 90 फ़ीसदी तक भर चुके हैं और महामारी के कारण आने वाले सप्ताह में मरीज़ों के लिए जगह की कमी पड़ सकती है.
ब्राज़ील में कोरोना से साओ पाउलो सबसे बुरी तरह प्रभावित हैं. यहां अब तक कोरोना से 3,000 से अधिक मौतें हो चुकी हैं.
शनिवार को कोरोना संक्रमितों की संख्या के मामले में ब्राज़ील स्पेन से आगे बढ़ कर कोरोना से प्रभावित दुनिया के चौथे बड़े देश के रूप में सामने आ गया है. जहां स्पेन में अब तक 2.3 लाख संक्रमित हैं वहीं ब्राज़ील में संक्रमितों की संख्या अब 2.4 लाख है.
कोरोना लॉकडाउन: वो 12 चीज़ें जो आप भूल कर भी नहीं कर सकते
गुजरात: गुस्साए मज़दूरों ने की अहमदाबाद शहर में पत्थरबाज़ी
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गुजरात सरकार के एक अधिकारी ने समाचार एजेंसी पीटीआई को
बताया है कि सौ से ज़्यादा मज़दूरों ने अहमदाबाद में पत्थरबाज़ी की है.
स्थानीय प्रशासन के अनुसार ये घटना आईआईएम अहमदाबाद से
वस्त्रापुर एरिया को जोड़ने वाली एक व्यस्त सड़क पर हुई है.
इस इलाक़े में रहने वाले एक आदमी ने बताया है कि मज़दूर
अपने घर जाना चाहते हैं, लेकिन कोई व्यवस्था ना होने से नाराज़ इन लोगों ने
पत्थरबाज़ी कर अपना गुस्सा निकाला.
अहमदाबाद सिटी पुलिस कंट्रोल रूम के एक अधिकारी ने बताया है
कि भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस को आँसू गैस का इस्तेमाल करना पड़ा और कई
लोग हिरासत में लिये गए हैं.
उन्होंने बताया, “सोमवार
सुबह अचानक क़रीब 100 मज़दूर सड़कों पर उतर आये और उन्होंने पत्थरबाज़ी शुरू कर
दी. उन्होंने पुलिस पर पत्थर फ़ेंके, वहाँ से गुज़र रहीं गाड़ियों से तोड़फोड़ की.”
अहमदाबाद पुलिस का कहना
है कि पत्थरबाज़ी करने वाले कुछ मज़दूरों की इस इलाक़े में तलाश जारी है.
चीन के ख़िलाफ़ समर्थन को लेकर ऑस्ट्रेलिया ने किया ये दावा
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ऑस्ट्रेलिया का दावा है कि चीन में कोरोना वायरस के स्रोत
की एक स्वतंत्र जाँच की उनकी माँग को अब कई देशों का समर्थन मिल रहा है.
ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री ने बीते दिनों माँग की थी कि
कोविड-19 बीमारी फैलने की स्वतंत्र और निष्पक्ष जाँच की जाये. वायरस फैलने में चीन
की भूमिका की जाँच करने की माँग भी ऑस्ट्रेलिया ने की थी.
‘द सिडनी मॉर्निंग हेराल्ड’ की एक रिपोर्ट के अनुसार, सौ से ज़्यादा देश सोमवार को होने वाली वर्ल्ड
हेल्थ असेंबली की चर्चा में ऑस्ट्रेलिया की इस माँग के सह प्रायोजक बनने वाले हैं.
हालांकि विश्व स्वास्थ्य संगठन के समक्ष ऑस्ट्रेलिया ने जो प्रस्ताव
रखा है उसमें कहीं भी किसी देश या जगह का ज़िक्र नहीं है, लेकिन WHO से अपील की गई है कि ‘वो ज़ूनॉटिक
कोरोना वायरस के स्रोत की निष्पक्ष जाँच करे और पता लगाये कि मनुष्यों तक यह वायरस
कैसे पहुँचा.’
चीन के हूबे प्रांत में स्थित वुहान शहर में सबसे पहले
कोरोना वायरस संक्रमण के मामले सामने आये थे. दिसंबर के अंत में वहाँ कुछ लोगों की
इस संक्रमण से मौत हो गई थी.
माना जा रहा है कि
ऑस्ट्रेलिया को यह अंतरराष्ट्रीय समर्थन चीन को अलग-थलग करने के लिए मिल रहा है, क्योंकि
जब ऑस्ट्रेलिया ने निष्पक्ष जाँच की माँग उठाई थी तो चीन ने इसे राजनीति से
प्रेरित बताया था और ऑस्ट्रेलिया के साथ व्यापार पर कुछ प्रतिबंधों की घोषणा की
थी.
ग्रेटर नोएडा: ओप्पो इंडिया कंपनी के 6 कर्मचारी कोरोना संक्रमित
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मोबाइल निर्माता कंपनी ओप्पो इंडिया की ग्रेटर नोएडा फ़ैक्ट्री में काम करने वाले 6 कर्मचारी कोरोना वायरस से संक्रमित पाये गए हैं.
कंपनी ने बताया कि फ़ैक्ट्री में सभी तरह की गतिविधियां बंद कर दी गई हैं. आठ मई को कंपनी ने इस फ़ैक्ट्री में काम दोबारा शुरू किया था.
कंपनी के प्रबंधन ने कहा है कि वो अब सभी कर्मचारियों का कोरोना टेस्ट करवाने की तैयारी कर रहे हैं.
थ्री-डी प्रिटेंड खाना जो दिलकश और हेल्दी दोनों होगा
कोविड-19: भारत में सबसे बड़ा उछाल, एक दिन में 5,242 नए मामले
इमेज स्रोत, mohfw.gov.in
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार बीते 24 घंटे में
कोविड-19 के 5,242 नए मामले सामने आए हैं जिसके बाद भारत में कोरोना वायरस से
संक्रमित लोगों की संख्या बढ़कर 96,169 हो गई है.
अधिकारियों के अनुसार भारत में एक दिन में कोविड-19 के नए
मामले सामने आने का यह अब तक का सबसे बड़ा आँकड़ा है.
मंत्रालय के अनुसार बीते 24 घंटे में इस बीमारी से 157
लोगों की मौत हुई है.
इसके साथ ही कोविड-19 से मरने वालों की संख्या भी बढ़कर 3029
हो गई है.
बताया गया है कि भारत में अब तक जितने लोग कोरोना वायरस से
संक्रमित पाये गए हैं, उनमें से 36,823 लोग पूरी तरह ठीक हो चुके हैं और उन्हें
अस्पताल से छुट्टी मिल गई है.
हफ़्तों के लॉकडाउन के बाद भी भारत में कोरोना वायरस
संक्रमण के मामले बढ़ रहे हैं.
इसे देखते हुए भारत सरकार ने रविवार को लॉकडाउन, कुछ
चीज़ों में ढील के साथ 31 मई तक बढ़ाने का निर्णय लिया है.
राज्यों की स्थिति:
महाराष्ट्र – 33,053 लोग संक्रमित, 1198 की मौत
गुजरात – 11,379 लोग संक्रमित, 659 की मौत
तमिलनाडु – 11,224 लोग संक्रमित, 78 की मौत
दिल्ली – 10,054 लोग संक्रमित, 160 की मौत
राजस्थान – 5,202 लोग संक्रमित, 131 की मौत
14 दिन के होम क्वारंटीन में नवाज़ुद्दीन सिद्दीकी
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बॉलीवुड अभिनेता नवाज़ुद्दीन सिद्दीकी और उनके परिवार को 14
दिन के ‘होम क्वारंटीन’ में
रखा गया है.
समाचार एजेंसी पीटीआई ने पुलिस के हवाले से लिखा है कि 'नवाज़ुद्दीन ईद मनाने के लिए मुंबई से पश्चिमी उत्तर प्रदेश में स्थित अपने
गाँव पहुँचे हैं. नवाज़ुद्दीन मूल रूप से मुज़्ज़फ़रनगर से सटे बुढाना के रहने
वाले हैं. इसलिए उन्हें उनके परिवार के साथ होम क्वारंटीन में रखा गया है.'
नेपाल-भारत सीमा: नेपाली पुलिस ने सीमा पार करने की कोशिश कर रहे भारतीय किसानों को हवाई फायरिंग से रोका