व्हाइट हाउस में हुई प्रेस कॉन्फ़्रेंस में अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि उनके प्रशासन ने कोरोना वायरस पर चीन की प्रतिक्रिया को लेकर ‘बेहद गंभीर जांच’ शुरू कर दी है.
उन्होंने कहा, “हम चीन से ख़ुश नहीं हैं, हम पूरी परिस्थिति से ख़ुश नहीं हैं क्योंकि हमारा मानना है कि यह वहीं रोका जा सकता था जहां से यह शुरू हुआ.”
ट्रंप ने कहा कि कोरोना वायरस को तुरंत रोका जा सकता था और यह पूरी दुनिया में नहीं फैल पाता.
अमरीकी राष्ट्रपति लगातार कोरोना वायरस महामारी को लेकर चीन पर हमलावर रहे हैं और कहते रहे हैं कि उन्होंने इस महामारी को नियंत्रित करने के लिए अमरीका की सीमाओं को चीन के लिए बंद कर दिया था.
कुछ स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि अमरीका के पास तैयारियों का वक़्त था लेकिन ट्रंप प्रशासन ने अवसर खो दिया.
ट्रंप का कहना है, “कोई नहीं स्वीकार करेगा कि जो भी कुछ हुआ उसके लिए एक देश को ज़िम्मेदार ठहराया जाए.”
“कोई भी यहां किसी को ज़िम्मेदार नहीं ठहरा रहा है, हम उन लोगों के समूह को देख रहे हैं जो इसको उसके पैदा होने वाली जगह पर ही रोक सकते थे.”
अमरीकी राष्ट्रपति ने कहा कि अमरीका उन्हें कभी नहीं भूलेगा जिन्होंने ‘अयोग्यता की वजह के कारण बलिदान दिया या अयोग्यता के अलावा किसी और वजह के लिए.’
चीन की ओर इशारा करते हुए ट्रंप ने कहा, “वे सिर्फ़ हमें नहीं बल्कि पूरी दुनिया को बचा सकते थे.”
प्रेस कॉन्फ़्रेंस के दौरान अमरीकी राष्ट्रपति से पूछा गया कि क्या वो नवंबर में होने वाले राष्ट्रपति चुनावों को स्थगित करने पर विचार कर रहे हैं?
ट्रंप ने कहा, “मैंने चुनाव की तारीख़ बदलने के बार में कभी नहीं सोचा. मैं ऐसा क्यों करूंगा? 3 नवंबर. यह एक अच्छा नंबर है.”
ट्रंप ने कहा कि यह सिर्फ़ एक प्रोपागेंडा है.