अमेरिका: 'यहूदियों को मारने' वाले बयान पर आंदोलन कर रहे छात्र नेता ने माफ़ी मांगी
ग़ज़ा में इसराइल की ओर से किए जा रहे हमलों के ख़िलाफ़ कोलंबिया यूनिवर्सिटी में छात्र विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं.
इन प्रदर्शनों के दौरान एक छात्र नेता ने 'यहूदी जीने लायक नहीं है' वाले अपने बयान पर माफ़ी मांगी है.
20 साल के जेम्स ने एक वीडियो के सामने आने के बाद माफ़ी मांगी.
जेम्स ने कहा, ''परेशान होने की वजह से मैंने गलत बयान दिया.''
कोलंबिया यूनिवर्सिटी ने शुक्रवार को बयान दिया कि जेम्स को कैंपस में बैन कर दिया गया है.
कोलंबिया यूनिवर्सिटी से शुरू हुआ आंदोलन अब अमेरिका के बाकी विश्वविद्यालयों तक भी पहुंच गया है.
जेम्स आंदोलन कर रहे छात्रों के प्रवक्ता के तौर पर काम करते हैं. जनवरी में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर एक पोस्ट करते हुए जेम्स ने कहा, ''इस बात के लिए आपको आभारी रहना चाहिए कि मैं बाहर जाकर यहूदियों की हत्या नहीं कर रहा हूं.''
लेकिन अब जेम्स ने माफ़ी मांगते हुए कहा कि ''सभी लोगों के पास बिना शारीरिक नुकसान पहुंचे जीने का अधिकार है.''