अमेरिकी वाणिज्य मंत्री का दावा, 'भारत हमसे माफ़ी मांगेगा'

उन्होंने कहा है कि भारत सरकार अगले एक-दो महीनों में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ व्यापार समझौते को लेकर बात कर रही होगी.

सारांश

  • अमेरिका के वाणिज्य मंत्री हावर्ड लटनिक ने कहा है कि भारत सरकार अगले एक-दो महीनों में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ व्यापार समझौते को लेकर बात कर रही होगी
  • अमेरिका में नौकरियां कम होने के संकेत मिल रहे हैं. अगस्त महीने में अमेरिका में महज़ 22,000 नई नौकरियां दी गईं, जो अनुमान से कम है
  • विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने शुक्रवार को कहा है कि व्यापार के मसले पर अमेरिका के साथ हमारी बातचीत जारी है
  • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 13 सितंबर को मणिपुर के दौरे पर जाने वाले हैं. इस बीच मणिपुर कांग्रेस के अध्यक्ष कैशम मेघचंद्र ने पीएम के दौरे पर टिप्पणी की है
  • थाईलैंड की संसद ने वहां के दिग्गज कारोबारी अनुतिन चर्नविराकुल को नया प्रधानमंत्री घोषित किया है. अनुतिन दो सालों में थाईलैंड के तीसरे प्रधानमंत्री हैं

लाइव कवरेज

इफ़्तेख़ार अली और उपासना

  1. अफ़ग़ानिस्तान में फिर आया भूकंप, पाकिस्तान में भी महसूस किए गए झटके, जोएल गुइंटो, बीबीसी न्यूज़

    अफ़ग़ानिस्तान में भूकंप

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    इमेज कैप्शन, भूकंप के बाद तालिबान सरकार ने अंतरराष्ट्रीय मदद की अपील की है

    अफ़ग़ानिस्तान के दूरदराज़ दक्षिण-पूर्वी इलाक़े में गुरुवार रात 5.6 तीव्रता का भूकंप आया. यह पिछले छह दिनों में तीसरा भूकंप है.

    इस बीच पूर्व में आए भूकंप में मरने वालों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है.

    गुरुवार को भूकंप स्थानीय समयानुसार रात 8:56 बजे आया. नंगरहार और कुनार प्रांत में झटके महसूस किए जाने के बाद लोग घबराकर अपने शेल्टर्स से बाहर निकल आए.

    हालांकि, गुरुवार रात के भूकंप में जान-माल के नुक़सान की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है. लेकिन स्थानीय डॉक्टरों ने बीबीसी को बताया कि इलाक़े के अस्पताल में 17 घायल लोगों को लाया गया है.

    संयुक्त राष्ट्र के मानवीय मामलों के समन्वय कार्यालय के मुताबिक़, रविवार को आए भूकंप में अब तक 1,368 लोगों की मौत हो चुकी है और 2,180 लोग घायल हुए हैं. यह आंकड़े 25 गांवों से मिली रिपोर्ट पर आधारित हैं.

    बीबीसी उर्दू के मुताबिक़, गुरुवार रात पाकिस्तान के कई इलाक़ों में भी भूकंप के झटके महसूस किए गए.

  2. अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने किसे 'ख़त्म' करने की बात कही?, इयोन वेल्स, दक्षिण अमेरिका संवाददाता

    अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो

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    इमेज कैप्शन, विदेश मंत्री मार्को रुबियो का बयान ऐसे समय आया है जब कुछ दिन पहले ही अमेरिकी सेना ने कैरेबियाई सागर में एक नाव पर हमला किया था

    अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने कहा है कि ज़रूरत पड़ने पर अमेरिका विदेशी अपराध गिरोहों को 'ख़त्म' कर देगा और इसके लिए दूसरे देशों की मदद भी ली जा सकती है.

    इक्वाडोर की यात्रा के दौरान रुबियो ने कहा, "अब वे (दूसरे देश) हमें इन लोगों को ढूंढने और ख़त्म करने में मदद करेंगे, अगर ऐसा करना ज़रूरी हुआ."

    उन्होंने यह भी एलान किया कि अमेरिका इक्वाडोर के दो बड़े आपराधिक गिरोह, लॉस लोबोस और लॉस चोनेरोस को विदेशी आतंकवादी संगठन घोषित करेगा.

    यह बयान ऐसे समय आया है जब कुछ दिन पहले अमेरिकी सुरक्षा बलों ने कैरिबियन सागर में एक नाव पर हमला किया था.

    व्हाइट हाउस का कहना है कि इस हमले में 11 ड्रग तस्कर मारे गए, हालांकि उनकी पहचान सार्वजनिक नहीं की गई.

  3. अमेरिका में राष्ट्रपति ट्रंप क्या बदलने वाले हैं? जानिए

    राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप

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    इमेज कैप्शन, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप जिस आदेश पर हस्ताक्षर करने वाले हैं, उसे लागू करने के लिए अमेरिकी संसद (कांग्रेस) की मंज़ूरी ज़रूरी होगी

    अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप शुक्रवार को एक आदेश पर हस्ताक्षर करने वाले हैं.

    इसके ज़रिए वह डिपार्टमेंट ऑफ़ डिफ़ेंस का नाम बदलकर डिपार्टमेंट ऑफ़ वॉर करना चाहते हैं.

    न्यूज़ एजेंसी पीटीआई के मुताबिक़, उनका कहना है कि इस क़दम से अमेरिकी सेना की मज़बूती और सख़्ती के बारे में लोगों को पता चलेगा.

    लेकिन मंत्रालय का नाम आधिकारिक तौर पर बदलने के लिए अमेरिकी संसद (कांग्रेस) से क़ानून पास कराना ज़रूरी है.

    न्यूज़ एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक़, अमेरिका के डिपार्टमेंट ऑफ़ डिफ़ेंस को 1949 तक ‘वॉर डिपार्टमेंट’ ही कहा जाता था.

    द्वितीय विश्व युद्ध के बाद कांग्रेस ने सेना, नौसेना और वायुसेना को एक साथ लाकर इसका नया ढांचा बनाया.

    इतिहासकारों के मुताबिक़, उस दौर में इसका नाम बदलने के पीछे एक बड़ा कारण यह था कि परमाणु युग में अमेरिका दुनिया को यह संदेश देना चाहता था कि उसका मक़सद युद्ध करना नहीं बल्कि युद्ध को रोकना है.

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