ट्रंप ने आयतुल्लाह अली ख़ामेनेई का नाम लिए बिना कहा- 'तथाकथित सुप्रीम लीडर छिपे हुए हैं'

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म ट्रुथ सोशल पर ईरान को लेकर कई पोस्ट किए हैं. उन्होंने अपने ताज़ा पोस्ट में लिखा है- ‘बिना शर्त सरेंडर.’

सारांश

लाइव कवरेज

सुरभि गुप्ता और इफ़्तेख़ार अली

  1. अब इस लाइव पेज को विराम देने का वक़्त आ गया है. बीबीसी संवाददाता इफ़्तेख़ार अली को दीजिए इजाज़त.

    कल हम बीबीसी लाइव पेज के ज़रिए दिन भर की बड़ी ख़बरों को लेकर फिर हाज़िर होंगे.

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  2. ट्रंप ने आयतुल्लाह अली ख़ामेनेई का नाम लिए बिना कहा- 'तथाकथित सुप्रीम लीडर छिपे हुए हैं'

    डोनाल्ड ट्रंप

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    इमेज कैप्शन, डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान और इसराइल के बीच संघर्ष पर प्रतिक्रिया दी है

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म ट्रुथ सोशल पर ईरान को लेकर कई पोस्ट किए हैं. उन्होंने अपने ताज़ा पोस्ट में लिखा है- ‘बिना शर्त सरेंडर.’

    ट्रंप ने एक और पोस्ट में लिखा है कि "हमें पता है कि ईरानी 'सुप्रीम लीडर' कहां हैं, लेकिन अभी हम उन्हें नहीं मारेंगे."

    ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा, "हमें अच्छी तरह पता है कि तथाकथित 'सुप्रीम लीडर' कहां छिपे हुए हैं. वह एक आसान निशाना हैं, लेकिन फ़िलहाल वहां सुरक्षित हैं."

    उन्होंने कहा, "हम उन्हें (मारना) अभी हटाने नहीं जा रहे हैं, कम से कम अभी तो नहीं. लेकिन हम यह भी नहीं चाहते कि आम नागरिकों या अमेरिकी सैनिकों पर मिसाइलें दागी जाएं. हमारा सब्र अब ख़त्म होता जा रहा है."

    इससे कुछ ही मिनट पहले ट्रंप ने कहा था कि 'ईरान के आसमान पर अब हमारा पूर्ण नियंत्रण है.'

    उन्होंने कहा, "ईरान के पास अच्छे स्काई ट्रैकर्स और अन्य रक्षा उपकरण थे और बड़ी मात्रा में थे, लेकिन वे अमेरिका में बने, डिज़ाइन किए और तैयार किए गए 'उपकरणों' की बराबरी नहीं कर सकते."

    अमेरिकी राष्ट्रपति ने आख़िर में कहा कि कोई भी इसे अमेरिका से बेहतर नहीं कर सकता.

    अमेरिका लंबे समय से इसराइल को सैन्य सहायता और उपकरण देता रहा है, लेकिन इसराइल की ओर से शुक्रवार को ईरान पर जब हमला शुरू हुआ तब अमेरिका का आधिकारिक रुख़ यह रहा है कि ईरान पर इसराइल के हमलों में अमेरिका शामिल नहीं है.

  3. अहमदाबाद प्लेन क्रैश: अब तक इतने लोगों के डीएनए सैंपल मैच होने की हुई पुष्टि

    अहमदाबाद प्लेन क्रैश

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    इमेज कैप्शन, अहमदाबाद में विमान एक मेडिकल कॉलेज के हॉस्टल की बिल्डिंग से टकराया था

    अहमदाबाद विमान हादसे में मारे गए लोगों का डीएनए सैंपलों का मिलान अभी भी जारी है. कुछ सैंपलों का मिलान होने के बाद शव परिजनों को सौंपे जा चुके हैं.

    सिविल अस्पताल के अधीक्षक राकेश जोशी ने मंगलवार को बताया कि आज शाम 5:45 बजे तक कुल 163 डीएनए नमूनों का मिलान किया गया, जिसमें 124 मृतकों के शव उनके परिवारों को सौंप दिए गए हैं.

    उनका कहना है कि जैसे-जैसे रिपोर्टें आएंगी, ये आंकड़े धीरे-धीरे बढ़ेंगे.

    उन्होंने बताया, "दुर्घटना के दिन सिविल अस्पताल में 71 घायलों को भर्ती कराया गया था. उनमें से 42 को छुट्टी दे दी गई है."

    साथ ही उन्होंने कहा कि भर्ती होने के बाद दो लोगों की मौत हुई थी.

    अहमदाबाद हवाई अड्डे से 12 जून 2025 को दोपहर एक बजकर 38 मिनट पर लंदन के गैटविक हवाई अड्डे के लिए उड़ा एयर इंडिया का विमान एक मिनट के अंदर ही क्रैश हो गया था.

    इस बोइंग ड्रीमलाइनर एयरक्राफ़्ट में मौजूद 242 में से 241 लोगों की मौत हो गई. सिर्फ़ एक शख़्स चमत्कारिक रूप से बच गया.

    इस हादसे में ज़मीन पर विमान की चपेट में भी कुछ लोग आए और कुल मिलाकर कम से कम 270 लोगों की मौतें हुई हैं.

  4. इसराइल ने अब ईरान में सत्ता परिवर्तन को लेकर कही ये बात

    इसराइल के विदेश मंत्री गिदियोन सार

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    इमेज कैप्शन, इसराइल के विदेश मंत्री गिदियोन सार ने ईरान पर हमले के उद्देश्यों के बारे में बताया है (फ़ाइल फ़ोटो)

    इसराइल के विदेश मंत्री गिदियोन सार ने कहा है कि इसराइली सेना की कार्रवाई का मक़सद ईरान की सत्ता को बदलना नहीं है.

    उन्होंने कहा कि इस कार्रवाई का ऐसा नतीजा निकल सकता है, लेकिन यही उसका मक़सद नहीं है.

    विदेश मंत्री की ओर से ये टिप्पणियां इसराइली शहर रिशोन लेज़ियन की यात्रा के दौरान की गई, जो ईरानी हमलों से प्रभावित हुआ था.

    गिदियोन सार ने वहां मौजूद पत्रकारों को बताया कि इसराइल के तीन प्रमुख उद्देश्य क्या हैं.

    विदेश मंत्री सार के मुताबिक़, "सबसे पहला, ईरान के परमाणु कार्यक्रम को गंभीर रूप से नुक़सान पहुंचाना और यह काम अभी पूरा नहीं हुआ है."

    उन्होंने कहा, "हमारे पास अभी भी कई लक्ष्य बाक़ी हैं." साथ ही उन्होंने दावा किया कि अब ईरानी हवाई क्षेत्र में इसराइल के लड़ाकू विमानों को बढ़त हासिल है.

    उन्होंने कहा कि इसराइल का दूसरा उद्देश्य 'ईरानी शासन के बैलिस्टिक मिसाइल कार्यक्रम को गंभीर रूप से नुक़सान पहुंचाना' है और आख़िरी 'इसराइल राष्ट्र को मिटाने की ईरानी योजना को गंभीर रूप से नुक़सान पहुंचाना है.'

    इसराइल ने ईरान के परमाणु कार्यक्रम को निशाना बनाते हुए शुक्रवार को कई ठिकानों पर हवाई हमले किए थे.

    जवाब में ईरान ने भी कार्रवाई की. इसके बाद से दोनों देशों की ओर से एक-दूसरे पर हमले जारी हैं.

  5. ईरान और इसराइल के हमलों में कितने लोग मारे गए?

    सांकेतिक तस्वीर

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    इमेज कैप्शन, इसराइल ने 13 जून को ईरान के 'परमाणु कार्यक्रम' से जुड़े ठिकानों पर हमला किया था (सांकेतिक तस्वीर)

    ईरान और इसराइल के बीच संघर्ष बढ़ता ही जा रहा है. साथ ही दोनों देशों में मरने वालों का नया आंकड़ा भी सामने आया है.

    ग़ैर-लाभकारी संगठन ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट्स इन ईरान (एचआरएएनए) दोनों देशों के बीच बमबारी शुरू होने के बाद से हताहतों की संख्या पर नज़र रख रहा है.

    एचआरएएनए के मुताबिक़, इसराइली हमलों में 224 आम लोग मारे गए हैं और 188 घायल हुए हैं. वहीं उन्होंने बताया है कि ईरान के 109 सैन्यकर्मी भी मारे गए हैं और 123 घायल हुए हैं.

    इसके अलावा 119 ऐसे लोग मारे गए हैं, जिनकी पहचान अब तक नहीं हो पाई है

    एचआरएएनए की ओर से दिए गए आंकड़ों के मुताबिक़, इन सभी को मिलाकर 452 लोग मारे गए हैं और 646 घायल हुए हैं.

    वहीं ईरान की सरकारी मीडिया अब तक मौतों की संख्या के बारे में चुप है.

    इसराइल में कितने लोगों की मौत हुई?

    इसराइल के स्वास्थ्य मंत्रालय ने जानकारी दी है कि कल रात (सोमवार) से 154 घायल लोगों को इसराइल के अस्पतालों में ले जाया गया है.

    इसराइल ने दावा किया है कि शुक्रवार से ईरानी हमलों में कम से कम 24 लोग मारे गए हैं.

  6. इसराइली हमलों से क्या ईरान के परमाणु कार्यक्रम को नुक़सान हुआ है?

    सांकेतिक तस्वीर

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    इमेज कैप्शन, इसराइल ने नतांज़ परमाणु केंद्र को ख़ासतौर से निशाना बनाया है (सांकेतिक तस्वीर)

    संयुक्त राष्ट्र की परमाणु निगरानी एजेंसी का कहना है कि उसे ईरान के नतांज़ स्थित यूरेनियम संवर्धन संयंत्र के ज़मीन के निचले हिस्से पर 'सीधे हमले के संकेत' मिले हैं.

    अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी ने कहा है कि उसने शुक्रवार को इसराइल के हमलों के बाद इकट्ठा किए गए सैटेलाइट चित्रों का विश्लेषण किया है.

    एजेंसी का कहना है कि उसने इस्फ़हान परमाणु साइट या ज़मीन के भीतर फ़ोर्दो यूरेनियम एनरिचमेंट प्लांट में 'कोई बदलाव' नहीं देखा है.

    इससे पहले सोमवार को इसराइल ने कहा था कि उसने ईरान को परमाणु हथियार विकसित करने से रोकने के लिए उस ठिकाने पर हमला किया और नौ ईरानी परमाणु वैज्ञानिकों को मार दिया.

    इसराइल ने 13 जून को ईरान के 'परमाणु कार्यक्रम' से जुड़े ठिकानों पर हमला किया था. इसके बाद से दोनों देशों के बीच पांच दिनों से संघर्ष जारी है.

  7. राजा रघुवंशी हत्या मामले में क्राइम सीन रीक्रिएट करने के बाद मेघालय पुलिस बोली

    राजा रघुवंशी और सोनम

    इमेज स्रोत, Sameer Khan/BBC Hindi

    इमेज कैप्शन, राजा रघुवंशी और सोनम की शादी 11 मई को हुई थी

    राजा रघुवंशी हत्या मामले में मेघालय पुलिस ने मंगलवार को क्राइम सीन को फिर से तैयार किया (रीक्रिएट) और मीडिया को इस मामले की जानकारी दी.

    ईस्ट खासी हिल्स के सुपरिटेंडेंट ऑफ़ पुलिस (एसपी) विवेक सियेम ने कहा कि क्राइम सीन को दोबारा तैयार करना काफ़ी सफल रहा, क्योंकि अब पुलिस को 'पूरी कहानी स्पष्ट रूप से समझ आ गई है.'

    क्राइम सीन को दोबारा बनाने पर एसपी विवेक सियेम ने बताया कि राजा रघुवंशी की हत्या में इस्तेमाल किया गया एक और धारदार हथियार अब भी बरामद किया जाना बाक़ी है.

    उन्होंने कहा, "एसआईटी ने आज कई जगहों का दौरा किया ताकि यह दोबारा समझा जा सके कि उन्होंने (अभियुक्तों ने) यह सब कैसे किया था. हमने उस पार्किंग एरिया से शुरुआत की जहां उन्होंने अपनी स्कूटी खड़ी की थी. हम व्यू पॉइंट पर गए और यह तय किया कि हत्या से ठीक पहले कौन कहां खड़ा था."

    एसपी ने कहा, "तीन वार किए गए थे – पहला विशाल ने, दूसरा आनंद ने और आख़िरी वार आकाश ने किया था. एक धारदार हथियार अब भी नहीं मिला है.

    मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा, "हमने यह पता कर लिया है कि राजा के मोबाइल के साथ क्या हुआ. उसे पहले सोनम और फिर विशाल ने तोड़ा था. पूरी घटना को दोबारा दोहराया गया और यह भी बताया गया कि वे घटनास्थल से कैसे भागे."

    "इस तरह आज पूरे अपराध के पुनर्निर्माण की प्रक्रिया पूरी हुई. अब हमारे पास पूरी तरह स्पष्ट तस्वीर है. मुझे लगता है यह पुनर्निर्माण बेहद सफल रहा."

    क्या है पूरा मामला

    दो जून को ईस्ट खासी हिल्स में वेइसाडोंग फ़ॉल्स के पास क़रीब 150 फ़ीट गहरी खाई में राजा रघुवंशी का शव मिला, लेकिन उनकी पत्नी सोनम रघुवंशी लापता थीं.

    राजा रघुवंशी का शव बुधवार 4 जून की शाम मेघालय से उनके घर पहुंचा था.

    राजा रघुवंशी और सोनम की शादी 11 मई को हुई थी और वो 20 मई को मेघालय के लिए घर से निकले थे. लेकिन 23 मई को लापता हो गए थे.

    पुलिस स्थानीय लोगों और टूरिस्ट गाइडों से पूछताछ कर मामले की जांच कर रही थी लेकिन कोई सुराग नहीं मिल पा रहा था.

  8. ईरान और इसराइल संघर्ष में ट्रंप का 'सीज़फ़ायर से बेहतर' का क्या मतलब है?, एंथनी ज़र्चर, बीबीसी के उत्तरी अमेरिका संवाददाता

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप

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    इमेज कैप्शन, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने जी-7 शिखर सम्मेलन से लौटते हुए एयर फ़ोर्स वन विमान में पत्रकारों से बात की

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान और इसराइल के बीच सीज़फ़ायर पर कहा है कि वह उससे 'बेहतर की उम्मीद कर रहे हैं.'

    उन्होंने हमें बताया कि वे सिर्फ़ ईरान और इसराइल के बीच सीज़फ़ायर करवाने के लिए वॉशिंगटन नहीं जा रहे थे, वे 'सीज़फ़ायर से बेहतर' चाहते थे.

    जब उनसे इस बारे में पूछा गया कि इसका क्या मतलब हो सकता है, तो उन्होंने इस पर भी कुछ अस्पष्टता जताई.

    ट्रंप ने कहा, 'एक सचमुच का अंत'- जिसमें ईरान की ओर से 'पूरी तरह से हार मान लेना' भी शामिल हो सकता है.

    वह इस बात पर अड़े रहे कि ईरान को अपने परमाणु कार्यक्रम को पूरी तरह से त्याग देना चाहिए.

    हालांकि, इसके लिए आगे और बातचीत की ज़रूरत होगी और बाद में अपनी बातचीत में ट्रंप ने कहा कि वह 'अभी बातचीत करने के मूड में नहीं हैं."

    ईरान को वह समझौता स्वीकार कर लेना चाहिए था जो उन्होंने इसराइली हमलों से पहले पेश किया था- इसी बात को उन्होंने वॉशिंगटन में एयर फोर्स वन विमान के उतरने के बाद एक बार फिर ट्रुथ सोशल पोस्ट में दोहराया.

  9. इसराइल और ईरान के बीच संघर्ष में अब तक क्या-क्या हुआ?

    ईरान के सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह अली ख़ामेनेई और इसराइल के प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू

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    इमेज कैप्शन, ईरान के सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह अली ख़ामेनेई और इसराइल के प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू (फ़ाइल फ़ोटो)

    इसराइल ने 13 जून को ईरान के 'परमाणु कार्यक्रम' से जुड़े ठिकानों पर हमला किया था. इसके बाद से दोनों देशों के बीच पांच दिनों से संघर्ष जारी है.

    सोमवार की रात ईरान के सरकारी टीवी चैनल इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ़ ईरान न्यूज़ नेटवर्क ने कहा था कि उस पर इसराइल ने हमला किया है.

    अब तक दोनों देशों के बीच क्या-क्या हुआ?

    • ईरान और इसराइल ने सोमवार की रात और मंगलवार की सुबह भी एक दूसरे पर हमले किए हैं, हालांकि यरूशलम में मौजूद हमारे बीबीसी पत्रकार ह्यूगो बाशेगा का कहना है कि पिछली रातों की तुलना में यह शांत था.
    • इसराइली सेना ने सोमवार की रात एक हवाई हमले में ईरान के एक सीनियर सैन्य कमांडर अली शादमानी को मारने का दावा किया है. साथ ही इसराइल का कहना है कि ईरान ने आज सुबह (मंगलवार) इसराइल पर 30 मिसाइलें दागी हैं.
    • तेहरान के लोगों ने बताया कि चेतावनी के बाद सड़कों पर भारी ट्रैफ़िक है और पेट्रोल पंपों पर कई किलोमीटर लंबी क़तारें लगी हैं.
    • ट्रंप ने कहा है कि ईरान के पास 'परमाणु हथियार नहीं हो सकता.' तेहरान से लोगों को निकलने की अपनी अपील पर उन्होंने कहा, "मैं बस यही चाहता हूं कि लोग सुरक्षित रहें."
    • हमास संचालित स्वास्थ्य मंत्रालय का कहना है कि ग़ज़ा में इसराइली सैनिकों की गोलीबारी में सहायता वितरण केंद्रों के पास कम से कम 45 लोग मारे गए हैं. आईडीएफ़ ने कहा है कि वह घटना की समीक्षा कर रहा है.
  10. कुंभ भगदड़ में हुई मौतों पर अखिलेश बोले- 'आप नाम भेज दो, सरकार 5 लाख भेज देगी'

    अखिलेश यादव

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    इमेज कैप्शन, कुंभ भगदड़ में हुई मौतों पर बीबीसी हिंदी की रिपोर्ट को लेकर अखिलेश यादव ने सरकार पर तंज़ कसा है

    समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने मंगलवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में कुंभ मेले में भगदड़ के दौरान हुई मौतों को लेकर फिर प्रतिक्रिया दी है.

    सरकार पर तंज़ कसते हुए अखिलेश यादव का कहना है कि जिन लोगों को मुआवज़ा नहीं मिला है उनके नाम सरकार को भेज दो, सरकार उन्हें पाँच लाख कैश पहुंचा देगी.

    कुंभ भगदड़ में हुई मौतों के बारे में सरकार ने 37 लोगों की मौत की बात कही थी, लेकिन बीबीसी हिंदी की पड़ताल में कम से कम 82 मौतों की पुष्टि हुई है.

    बीबीसी को ऐसे 26 परिवार मिले जिन्हें पाँच-पाँच लाख रुपये कैश में दिए गए, लेकिन मृतकों की गिनती में उनको शामिल नहीं किया गया.

    इसी पड़ताल के आधार पर सपा अध्यक्ष ने कहा, "आप नाम भेज दो, सरकार पांच लाख कैश भेज देगी. सरकार मुआवज़ा नहीं देगी, सरकार स्वीकार नहीं करेगी."

  11. ईरान और इसराइल के बीच सीज़फ़ायर को लेकर ये बोले डोनाल्ड ट्रंप

    अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप

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    इमेज कैप्शन, ईरान और इसराइल के बीच बढ़ते तनाव पर अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने प्रतिक्रिया दी है

    अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान और इसराइल संघर्ष पर कहा है कि 'हम सीज़फ़ायर से बेहतर की तलाश में हैं.'

    जी-7 शिखर सम्मेलन से लौटते हुए एयर फ़ोर्स वन विमान में पत्रकारों से बात करते हुए ट्रंप ने कहा कि वह सीज़फ़ायर की उम्मीद नहीं कर रहे हैं, लेकिन 'हम सीज़फ़ायर से बेहतर की उम्मीद कर रहे हैं.'

    पत्रकारों ने जब उनसे 'सीज़फ़ायर से बेहतर' की बात पूछी तब उन्होंने कहा कि 'एक सचमुच का अंत, सीज़फ़ायर नहीं.'

    ट्रंप से जब यह पूछा गया कि क्या वे इसराइल के लिए और कुछ कर सकते हैं, तो उन्होंने पत्रकारों से कहा, "फ़िलहाल हम बहुत अच्छा कर रहे हैं. याद रखें, ईरान के पास परमाणु हथियार नहीं हो सकता."

    तेहरान से लोगों को निकालने की अपनी अपील पर ट्रंप ने कहा, "मैं बस यही चाहता हूं कि लोग सुरक्षित रहें."

  12. भारतीय विदेश मंत्रालय ने तेहरान में मौजूद स्टूडेंट्स को लेकर जारी किया बयान

    भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर

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    इमेज कैप्शन, भारतीय विदेश मंत्रालय ने बताया है कि तेहरान में भारतीय दूतावास ने छात्र-छात्राओं को निकाला है

    इसराइल और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के बीच भारतीय विदेश मंत्रालय ने जानकारी दी है कि तेहरान में रह रहे भारतीय छात्र-छात्राओं को शहर से बाहर निकाला गया है.

    विदेश मंत्रालय ने एक बयान जारी कर कहा, "तेहरान में मौजूद भारतीय स्टूडेंट्स को सुरक्षा कारणों से शहर से बाहर भेज दिया गया है, जिसकी व्यवस्था भारतीय दूतावास की तरफ़ से की गई."

    मंत्रालय ने कहा, "अन्य भारतीय निवासी, जो अपनी यात्रा की व्यवस्था ख़ुद कर सकते हैं, उन्हें भी मौजूदा हालात को देखते हुए शहर छोड़ने की सलाह दी गई है."

    "इसके अलावा कुछ भारतीयों को ईरान से आर्मीनिया की सीमा के रास्ते बाहर निकलने में भी सहायता दी गई है."

    मंत्रालय का कहना है कि दूतावास लगातार भारतीय नागरिकों के संपर्क में है.

    विदेश मंत्रालय की ओर से जारी बयान

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    इमेज कैप्शन, विदेश मंत्रालय की ओर से जारी बयान

    इसराइल ने 13 जून को ईरान के 'परमाणु कार्यक्रम' से जुड़े ठिकानों पर हमला किया था. इसके बाद से दोनों देशों के बीच पांच दिनों से संघर्ष जारी है.

  13. ईरान-इसराइल संघर्ष के बीच ग़ज़ा में राहत सामग्री केंद्र पर 45 लोगों की मौत की ख़बर, सेबेस्टियन अशर, मध्य पूर्व क्षेत्रीय संवाददाता, यरूशलम

    ग़ज़ा पर इसराइल का हमला

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    इमेज कैप्शन, राहत सामग्री केंद्र पर इसराइली सेना के हमलों की बात कही जा रही है

    ईरान और इसराइल संघर्ष की ख़बरों के बीच ग़ज़ा में 40 से ज़्यादा फ़लस्तीनियों के मरने और कई के घायल होने की ख़बर आई है.

    इसराइल और अमेरिका समर्थित ग़ज़ा ह्यूमेनिटेरियन फ़ाउंडेशन (जीएचएफ़) की ओर से ग़ज़ा में संचालित राहत सामग्री केंद्र के पास यह घातक घटना हुई है.

    हमास संचालित स्वास्थ्य मंत्रालय का कहना है कि इसराइली गोलीबारी में 45 लोग मारे गए हैं.

    बताया जा रहा है कि ग़ज़ा में सहायता वितरण केंद्रों के पास हर रोज़ हो रही गोलीबारी में यह अब तक की सबसे घातक घटना हो सकती है.

    चश्मदीदों का कहना है कि इसराइली सेना ने ख़ान यूनिस के पूर्व में एक जंक्शन के पास गोलीबारी की, जहां हज़ारों फ़लस्तीनी जीएचएफ़ संचालित केंद्र पर खाने का पैकेट लेने की उम्मीद में इकट्ठा हुए थे.

    सोमवार को संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार प्रमुख वोल्कर टर्क ने कहा कि इसराइल भोजन को हथियार बना रहा है और उन्होंने जीएचएफ़ केंद्रों के पास हुई गोलीबारी की जांच की मांग की है.

    ग़ज़ा में सात अक्तूबर 2023 के बाद से अब तक कम से कम 55 हज़ार से ज़्यादा लोग मारे गए हैं.

  14. कीएव पर रूसी हमले में 15 लोगों की मौत और कई घायल

    रूस-यूक्रेन जंग

    इमेज स्रोत, Reuters

    इमेज कैप्शन, रूस ने हाल के हफ़्तों में यूक्रेन के ख़िलाफ़ अपने हवाई हमलों को तेज़ कर दिया है

    यूक्रेनी अधिकारियों का कहना है कि मंगलवार को यूक्रेन की राजधानी कीएव पर रूसी हमलों में कम से कम 15 लोग मारे गए हैं और दर्जनों लोग घायल हुए हैं.

    यूक्रेन के गृह मंत्री इहोर क्लाइमेंको ने कहा कि देश में कुल 440 ड्रोन और 32 मिसाइलें दागी गईं.

    इस बीच, रूस के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि रूसी एयर डिफ़ेंस यूनिट्स ने रात भर में 147 यूक्रेनी ड्रोन को नष्ट किया है.

    कीएव पर नौ घंटे से अधिक समय तक हमला हुआ, जिसके कारण लोगों को आधी रात से लेकर सुबह होने तक अंडरग्राउंड शेल्टर्स में छिपना पड़ा.

    रूस ने हाल के हफ़्तों में यूक्रेन के ख़िलाफ़ अपने हवाई हमलों को तेज़ कर दिया है. यूक्रेनी एयर डिफ़ेंस को कमज़ोर करने के लिए रूस बड़ी संख्या में ड्रोन्स भेज रहा है.

    यूक्रेन भी रूस पर हमले कर रहा है. दोनों देशों के बीच अब तक युद्ध विराम को लेकर सहमति नहीं बन पाई है.

  15. अभी तक बीबीसी संवाददाता सुरभि गुप्ता आप तक ख़बरें पहुंचा रही थीं.

    अब से रात 10 बजे तक बीबीसी संवाददाता इफ़्तेख़ार अली आप तक अहम ख़बरें पहुंचाएंगे.

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  16. पाकिस्तान से कितने अधिक हैं भारत के पास परमाणु हथियार, नई रिपोर्ट में सामने आई जानकारी

    दुनिया भर में सबसे ज़्यादा न्यूक्लियर वॉरहेड अमेरिका के पास हैं

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    इमेज कैप्शन, दुनिया भर में सबसे ज़्यादा न्यूक्लियर वॉरहेड अमेरिका के पास हैं

    स्टॉकहोम इंटरनेशनल पीस रिसर्च इंस्टिट्यूट यानी सिपरी ने अपनी सालाना रिपोर्ट में बताया है कि लगभग सभी नौ परमाणु संपन्न देशों ने अपने परमाणु कार्यक्रम के आधुनिकीकरण को 2024 में भी जारी रखा.

    साथ ही इन देशों ने मौजूदा परमाणु हथियारों को ज़्यादा बेहतर बनाया और इसके कई नए वर्ज़न भी जोड़े.

    दुनिया भर में अमेरिका, रूस, यूनाइटेड किंगडम, फ़्रांस, चीन, भारत, पाकिस्तान, उत्तर कोरिया और इसराइल वो नौ देश हैं, जो परमाणु संपन्न हैं.

    सिपरी की रिपोर्ट

    इन सभी देशों के पास कुल मिलाकर करीब 12 हज़ार 241 वॉरहेड हैं. ये आंकड़े जनवरी 2025 तक के हैं.

    रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत ने भी अपने परमाणु हथियारों का दायरा 2024 में बढ़ाना शुरू किया है और वो नए तरीके के न्यूक्लियर डिलीवरी सिस्टम विकसित करना जारी रखे हुए है.

  17. इसराइल ने ख़ामेनेई के करीबी सैन्य सलाहकार को मारने का दावा किया

    ईरान के सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह अली ख़ामेनेई (फ़ाइल फ़ोटो)

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    इमेज कैप्शन, ईरान के सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह अली ख़ामेनेई (फ़ाइल फ़ोटो)

    इसराइली सेना का दावा है कि उसके एक हवाई हमले में ईरान के एक सीनियर सैन्य अधिकारी की मौत हो गई है, जिन्हें इसराइल ने ईरान के सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह अली ख़ामेनेई का करीबी बताया है.

    इसराइल डिफेंस फोर्स (आईडीएफ) ने ख़ामेनेई के सबसे करीबी सैन्य सलाहकार अली शादमानी को मारने का दावा किया है.

    आईडीएफ ने एक्स पर पोस्ट किया, "पांच दिनों में दूसरी बार - आईडीएफ ने ईरान के चीफ ऑफ स्टाफ, शीर्ष सैन्य कमांडर को मार दिया है."

    आईडीएफ ने आगे लिखा, "ईरान के सबसे वरिष्ठ सैन्य अधिकारी और ख़ामेनेई के सबसे करीबी सैन्य सलाहकार अली शादमानी की, सटीक खुफिया जानकारी के आधार पर मध्य तेहरान में इसराइली एयर फोर्स के हमले में मौत हो गई."

    इसराइल ने 13 जून को ईरान के 'परमाणु कार्यक्रम' से जुड़े ठिकानों पर हमला किया था. इसके बाद से दोनों देशों के बीच पांच दिनों से संघर्ष जारी है.

  18. ट्रंप ने फ़्रांस के राष्ट्रपति पर ग़लत बोलने का आरोप क्यों लगाया?

    ट्रंप और मैक्रों

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    इमेज कैप्शन, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (बाएं) और फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों (दाएं)

    अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों 'हमेशा ग़लत बोलते' हैं. ट्रंप ने मैक्रों को 'पब्लिसिटी चाहने वाला' बताया है.

    दरअसल, फ्रांसीसी राष्ट्रपति ने जी-7 सम्मेलन से ट्रंप की एक दिन पहले वापसी को 'ईरान और इसराइल के बीच युद्धविराम' से जोड़ा था.

    वहीं ट्रंप ने मैक्रों की बात को ग़लत बताया है.

    अपने ट्रुथ सोशल प्लेटफॉर्म पर ट्रंप ने एक पोस्ट में कहा, "पब्लिसिटी चाहने वाले फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने ग़लती से कहा कि मैं कनाडा में जी-7 शिखर सम्मेलन छोड़कर वापस इसलिए डीसी जा रहा हूँ ताकि इसराइल और ईरान के बीच 'युद्धविराम' पर काम कर सकूँ. गलत!"

    ट्रंप ने लिखा कि मैक्रों को नहीं पता कि वो वापस वॉशिंगटन क्यों जा रहे हैं, लेकिन इसका निश्चित रूप से युद्धविराम से कोई लेना-देना नहीं है.

    ट्रंप ने लिखा, "चाहे जानबूझकर हो या अनजाने में, इमैनुएल हमेशा ग़लत ही बोलते हैं."

  19. इसराइल और ईरान पर जी-7 का आया बयान, जानिए किसके पक्ष में है

    जी-7 शिखर सम्मेलन

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    इमेज कैप्शन, कनाडा के कानानास्किस में जी-7 देशों का शिखर सम्मेलन

    कनाडा के कानानास्किस में शिखर सम्मेलन के लिए जुटे जी-7 नेताओं ने इसराइल और ईरान के हालात पर बयान जारी किया है.

    इसमें कहा गया है, "हम, जी-7 के नेता, मध्य-पूर्व में शांति और स्थिरता के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हैं."

    जी-7 नेताओं ने कहा है कि 'इसराइल को अपनी रक्षा करने का अधिकार है'.

    जी-7 नेताओं की ओर से जारी बयान में ईरान को 'क्षेत्रीय अस्थिरता और आतंक का असल स्रोत' कहा गया है.

    जी-7 नेताओं ने कहा, "हम लगातार कहते रहे हैं कि ईरान परमाणु हथियार कभी हासिल नहीं कर सकता है."

    बयान में कहा गया है, "ईरानी संकट के समाधान से मध्य-पूर्व में युद्ध की स्थिति में व्यापक कमी आएगी, जिसमें ग़ज़ा में युद्धविराम भी शामिल है."

    जी-7 नेताओं ने ये भी कहा है कि वे अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा बाजार को लेकर सतर्क रहेंगे और बाजार की स्थिरता की रक्षा के लिए अपने भागीदारों के साथ मिलकर काम करने के लिए तैयार रहेंगे.

  20. तेहरान में रह रहे भारतीयों को वहाँ के दूतावास ने दी ये सलाह

    इसराइल-ईरान

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    इमेज कैप्शन, इसराइल और ईरान के बीच बढ़ते टकराव के मद्देनज़र भारतीयों को तेहरान छोड़ने के लिए कहा गया

    ईरान स्थित भारत के दूतावास ने तेहरान में रह रहे भारतीयों को शहर छोड़कर सुरक्षित जगहों पर जाने की सलाह दी है.

    इसराइल और ईरान के बीच बढ़ते टकराव के बीच भारतीय दूतावास ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा है, "सभी भारतीय नागरिक, जो अपने संसाधनों का इस्तेमाल कर तेहरान से बाहर जा सकते हैं, उन्हें शहर के बाहर सुरक्षित स्थान पर चले जाने की सलाह दी जाती है."

    वहीं जो भारतीय नागरिक तेहरान में हैं और दूतावास के संपर्क में नहीं हैं, उन्हें तुरंत तेहरान स्थित भारतीय दूतावास को अपना लोकेशन और नंबर देने के लिए कहा गया है.

    भारतीय दूतावास ने संपर्क करने के लिए ये तीन नंबर जारी किए हैं- +989010144557; +989128109115; +989128109109

    इससे पहले अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान की राजधानी तेहरान को तुरंत खाली किए जाने की सलाह दी थी. उन्होंने अपने ट्रुथ सोशल अकाउंट पर लिखा, "सभी को तुरंत तेहरान खाली कर देना चाहिए!"