भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के
राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने कहा है कि 'कुछ लोगों' ने देश के युवाओं को 'एंटी इस्टेब्लिशमेंट यानी व्यवस्था-विरोधी'
नाम दे दिया है.
उन्होंने कहा कि कुछ लोग देश के
युवाओं को 'नकारात्मक राजनीति' की ओर ले जाना चाहते हैं, लेकिन देश का युवा 'सकारात्मक
राजनीति' करेगा.
नितिन नबीन का यह बयान शनिवार शाम को
आया, जिस दिन 'कॉकरोच जनता पार्टी' के
संस्थापक अभिजीत दीपके के नेतृत्व में जंतर-मंतर पर प्रदर्शन हुआ था.
यह प्रदर्शन
शिक्षा व्यवस्था में हो रही गड़बड़ियों के विरोध में था. प्रदर्शनकारियों ने
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से इस्तीफ़े की मांग की है और सात दिन का अल्टिमेटम दिया है.
कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) की
शुरुआत सीजेआई जस्टिस सूर्यकांत की एक टिप्पणी के विरोध में सोशल मीडिया पर
व्यंग्यात्मक कैंपेन के तौर पर हुई थी.
नितिन नबीन ने सीजेपी का नाम लिए बिना
कहा, "डिज़िटल (सोशल मीडिया) का इस्तेमाल सकारात्मक रूप से हो सकता है, देश की
युवा क्रांति को नकारात्मक दिशा में ले जाने के लिए नहीं होगा."
नितिन नबीन ने क्या कुछ कहा?
बीजेपी अध्यक्ष ने कहा,
"आज का युवा देश के निर्माण के लिए
काम करना चाहता है, अपने भविष्य को सुरक्षित करने के लिए
काम करना चाहता है. लेकिन कुछ लोगों ने इस देश के युवाओं को एंटी इस्टेब्लिशमेंट
नाम दे दिया है."
उन्होंने कहा, "मैं मानता हूं कि देश का युवा इनोवेशन और क्रिएशन
के लिए जाना जाए. एंटी इस्टेब्लिशमेंट शब्द कभी भारत के युवाओं के लिए नहीं हो
सकता. भारत का युवा निर्माण करने के लिए जाना जाता है. भारत का युवा अनुशासन के
साथ देश के निर्माण के लिए काम करेगा."
नितिन नबीन ने कहा, "जो लोग इस देश के युवाओं को नकारात्मक राजनीति के
लिए ले जाना चाहते हैं, मैं उन्हें चेतावनी देता हूं कि भारत का युवा सकारात्मक राजनीति करेगा. हम लोकतंत्र के आधार पर निश्चित रूप से हर प्रकार
का विरोध करेंगे लेकिन लोकतंत्र के मापदंड को ख़त्म नहीं करने देंगे."
सीजेपी और उसके विरोध प्रदर्शन का नाम लिए बग़ैर उन्होंने कहा, "कुछ लोग विदेश की ज़मीन पर बैठकर ये
सोच लेते हैं कि वे भारत के युवाओं को दिशा दे देंगे... भारत का युवा दिल्ली में
बैठकर चंद लोगों की कठपुतली नहीं बनने वाला है."
उन्होंने कहा, "आज देश के लोगों को बहुत बड़ा संदेश मिला है. डिजिटल का उपयोग सकारात्मक रूप से हो सकता है, देश और युवाओं के निर्माण के लिए हो सकता है, देश की युवा क्रांति को नकारात्मक दिशा में ले जाने के लिए नहीं होगा. ऐसा कभी नहीं हो पाएगा."