संयुक्त राष्ट्र के एक अधिकारी ने चेतावनी दी है कि मध्य-पूर्व में
चल रहा संघर्ष अब तक की देखी गई तबाही को 'बौना' साबित कर सकता है.
संयुक्त राष्ट्र के राजनीतिक मामलों के प्रमुख रोज़मेरी डिकार्लो ने यह बयान सुरक्षा परिषद की बैठक को संबोधित करते हुए दिया, जिसमें वो हिज़्बुल्लाह द्वारा पेजर और
वॉकी टॉकी के इस्तेमाल करने के बारे में बात कर रही थीं.
संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार प्रमुख वोल्कर तुर्क ने कहा, "इसराइल पर व्यापक
रूप से लगे हमले के आरोप युद्ध अपराध के बराबर हो सकते हैं."
उन्होंने कहा,
"संयुक्त राष्ट्र में इसराइली दूत डैनी डैनन ने विस्फोटों का ज़िक्र
नहीं किया है, लेकिन
उन्होंने कहा है कि उनका देश अपनी रक्षा के लिए जो भी ज़रूरत होगा वह करेगा."
हिज़्बुल्लाह में पेजर और वॉकी टॉकी में हुए विस्फोटों के बाद संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने मध्य-पूर्व के संकट पर चर्चा करने के लिए बैठक की है.
जहां संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार प्रमुख वोल्कर तुर्क ने कहा, "संचार उपकरणों में विस्फोट के माध्यम से लेबनान के लोगों को निशाना बनाना अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन है."
हिज़्बुल्लाह ने यह स्वीकार किया है कि उसके वरिष्ठ सैन्य कमांडर
इब्राहिम अकील शुक्रवार को बेरूत में हुए इसराइली एयरस्ट्राइक में मारे गए हैं.
इससे पहले इसराइल ने कहा था कि हिज़्बुल्लाह के कई वरिष्ठ अधिकारियों के साथ वो भी
मारे गए हैं.
वहीं इस हमले को लेकर लेबनान के अधिकारियों ने कहा, "ईरान समर्थित समूह के गढ़, दहिह क्षेत्र की
घनी आबादी वाले इलाके में हुए हमले में कम से कम 14 लोग मारे गए हैं."
शुक्रवार को बेरूत पर हुआ इसराइली हमला जुलाई के बाद पहला हमला था.
पिछली बार हुए हमले में हिज़्बुल्लाह के सैन्य प्रमुख फुआद शुक्र की मौत हो गई
थी.