ऑस्ट्रिया: स्कूल में गोलीबारी करने वाले संदिग्ध के घर से पुलिस को क्या-क्या मिला
ऑस्ट्रिया के ग्रात्ज़ शहर में मंगलवार को एक स्कूल में हुई गोलीबारी में दस लोगों की मौत हुई थी. पुलिस ने बताया था कि हमलावर संदिग्ध इसी स्कूल का पूर्व छात्र था.
ऑस्ट्रिया: स्कूल में गोलीबारी करने वाले संदिग्ध के घर से पुलिस को क्या-क्या मिला
इमेज स्रोत, Reuters
ऑस्ट्रिया के ग्रात्ज़ शहर में मंगलवार को एक स्कूल में गोलीबारी करने वाले संदिग्ध के घर से पुलिस को एक पाइप बम मिला है. इसके आधार पर ये सवाल उठ रहे हैं कि क्या संदिग्ध स्कूल में बम से हमला करने की भी योजना बना रहा था.
ऑस्ट्रिया के ग्रात्ज़ शहर में मंगलवार को एक स्कूल में गोलीबारी हुई थी. इस हमले में दस लोगों की मौत हो गई, जिसमें सात महिलाएं और तीन पुरुष शामिल हैं.
पुलिस ने बताया कि पीड़ितों में एक टीचर और 14 से 17 वर्ष की उम्र के नौ स्टूडेंट शामिल हैं. वहीं 11 लोग घायल हुए हैं.
पुलिस ने एक बयान में कहा कि संदिग्ध हमलावर के घर की तलाशी के दौरान एक पाइप बम मिला, हालांकि ये नॉन-फंक्शनल था. इसके अलावा पुलिस को एक चिट्ठी और वीडियो भी मिला है.
पुलिस ने कल बताया था कि हमलावर संदिग्ध स्कूल का ही पूर्व छात्र था, जिसने हमले के तुरंत बाद ख़ुद की भी जान ले ली.
पुलिस के मुताबिक़ हमले में दो बंदूकों का इस्तेमाल किया गया था, एक लंबी बंदूक और एक हैंडगन. अब तक इस हमले के पीछे का मकसद नहीं पता चला है. पुलिस इसकी जांच कर रही है.
दक्षिण अफ्रीका के इस प्रांत में बाढ़ के कारण 49 लोगों की मौत, एक स्कूल बस बही
इमेज स्रोत, Gift of the Givers
दक्षिण अफ्रीका के पूर्वी केप प्रांत के अधिकारियों का कहना है कि बाढ़ में मरने वाले लोगों की संख्या बढ़कर 49 हो गई है.
दक्षिण अफ्रीका के इस हिस्से में हुई मूसलाधार बारिश के कारण बाढ़ आ गई थी. वहीं इसके कुछ हिस्सों में भारी बर्फबारी हुई.
मंगलवार की सुबह एक स्कूल बस बाढ़ के पानी में बह गई. इस बस में कई बच्चे सवार थे. एक अधिकारी ने न्यूजरूम अफ़्रीका नाम के टीवी चैनल को बताया कि बस ड्राइवर सहित कुल आठ लोगों के शव बरामद किए गए हैं.
अन्य अधिकारियों ने बताया कि मंगलवार को तीन स्टूडेंट्स को बचा लिया गया था. अभी ये स्पष्ट नहीं है कि उस बस में कुल कितने स्टूडेंट्स सवार थे. अन्य लोगों को खोजने के लिए तलाशी अभियान जारी है.
बारिश और बाढ़ के कारण पूर्वी केप प्रांत के सैकड़ों लोगों को विस्थापित होना पड़ा, वे अस्थाई शेल्टर्स में रह रहे हैं.
कुंभ भगदड़: मारे गए लोगों की संख्या पर बीबीसी की रिपोर्ट, क्या बोले राहुल गांधी
इमेज स्रोत, Getty Images
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने कुंभ भगदड़ में मारे गए लोगों पर बीबीसी हिंदी की रिपोर्ट का हवाला देते हुए बीजेपी पर निशाना साधा है.
राहुल गांधी ने एक्स पर पोस्ट किया, "बीबीसी की रिपोर्ट बताती है कि कुंभ मेले की भगदड़ में हुई मौतों के आंकड़े छुपाए गए. जैसे कोविड में गरीबों की लाशें आंकड़ों से मिटा दी गई थीं."
उन्होंने लिखा, "जैसे हर बड़े रेल हादसे के बाद सच्चाई दबा दी जाती है. यही तो बीजेपी मॉडल है - गरीबों की गिनती नहीं, तो ज़िम्मेदारी भी नहीं!"
बीबीसी पड़ताल: कुंभ भगदड़ में सरकार ने कहा 37 की मौत, बीबीसी ने कम से कम 82 मौतों की पुष्टि की
इस लेख में Google YouTube से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले Google YouTube cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है. YouTube सामग्री में विज्ञापन हो सकते हैं.
पोस्ट YouTube समाप्त
उत्तर प्रदेश सरकार के मुताबिक़ कुंभ भगदड़ में 37 लोगों की मौत हुई और मृतकों के परिजनों को 25-25 लाख रुपए का मुआवज़ा दिया गया.
वहीं बीबीसी की पड़ताल में पता चला है कि भगदड़ की घटनाओं में कम से कम 82 लोगों की मौत हुई है. बीबीसी को ऐसे 26 परिवार मिले, जिन्हें पाँच-पाँच लाख रुपए कैश दिए गए, लेकिन उन परिवार के मृतक सदस्यों को मृतकों की गिनती में शामिल नहीं किया गया.
ट्रंप बोले- चीन के साथ डील हुई, टैरिफ़ को लेकर क्या बताया
इमेज स्रोत, Getty Images
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि चीन के साथ अमेरिका की 'डील हो गई' है. इस बारे में ट्रंप ने अपने ट्रुथ सोशल प्लेटफॉर्म पर पोस्ट किया है.
ट्रंप ने लिखा, "चीन के साथ हमारा समझौता हो गया है, जो राष्ट्रपति शी और मेरे बीच अंतिम मंज़ूरी के अधीन है. फुल मैग्नेट्स और कई आवश्यक दुर्लभ तत्व, चीन की ओर से, शुरू में ही उपलब्ध करा दिए जाएंगे."
उन्होंने लिखा, "फुल मैग्नेट्स और कई आवश्यक दुर्लभ तत्व, चीन की ओर से, शुरू में ही उपलब्ध करा दिए जाएंगे. इसी तरह, हम चीन को वह उपलब्ध कराएंगे जिस पर सहमति हुई थी, जिसमें चीनी स्टूडेंट के हमारे कॉलेज और यूनिवर्सिटीज़ में आना भी शामिल हैं (जो मेरे लिए हमेशा अच्छा रहा है!)."
टैरिफ़ के बारे में ट्रंप ने लिखा, "हमें कुल 55% टैरिफ़ मिल रहा है, चीन को 10%. संबंध बहुत अच्छे हैं!"
वहीं चीन के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता लिन जियान ने एक्स पर पोस्ट किया, "चीन-अमेरिका इकोनॉमिक एंड ट्रेड कंसल्टेशन मैकेनिज़्म की पहली मीटिंग लंदन में हुई. वार्ता के दौरान, दोनों पक्षों ने स्पष्ट और गहन बातचीत की, और चिंता वाले आर्थिक और व्यापार मुद्दों पर दोनों पक्षों ने अपने विचार रखे."
कार्टून: तापमान की फ्रीडम
एसी के तापमान को लेकर नए नियम पर आज का कार्टून
सोनम रघुवंशी को आठ दिन की पुलिस हिरासत में भेजा गया
इमेज स्रोत, BBC/Vishnukant Tiwari
इमेज कैप्शन, सोनम रघुवंशी और राजा रघुवंशी की शादी 11 मई को हुई थी
मेघालय के शिलॉन्ग की एक अदालत ने मध्य प्रदेश के राजा रघुवंशी हत्या मामले में उनकी पत्नी सोनम रघुवंशी समेत पांच लोगों को आठ दिनों की पुलिस हिरासत में भेजा है.
न्यूज़ एजेंसी पीटीआई ने ईस्ट खासी हिल्स के एसपी विवेक स्येंम के हवाले से बताया कि पुलिस ने अभियुक्तों की 10 दिनों की रिमांड मांगी थी, वहीं कोर्ट ने उनकी 8 दिनों की पुलिस कस्टडी दी है.
इस मामले में गिरफ़्तार किए गए पांच अभियुक्तों को बुधवार को शिलॉन्ग के ज़िला एवं सत्र न्यायालय में पेश किया गया था.
क्या है मामला
इंदौर के दंपती राजा और सोनम मेघालय हनीमून मनाने गए थे और फिर दोनों के ग़ायब होने की ख़बर सामने आई थी. 23 मई को ये दोनों लापता हो गए थे.
हालांकि, 11 दिन के बाद 2 जून को ईस्ट खासी हिल्स में वेइसाडोंग फ़ॉल्स के पास क़रीब 150 फ़ीट गहरी खाई में राजा का शव मिला था.
एक हफ़्ते बाद उनकी लापता पत्नी सोनम रघुवंशी ग़ाज़ीपुर में पाई गईं. इस मामले में पुलिस ने सोनम रघुवंशी सहित कुल पांच अभियुक्तों को गिरफ़्तार किया है.
जासूसी के आरोप में गिरफ़्तार ज्योति मल्होत्रा की ज़मानत याचिका ख़ारिज
इमेज स्रोत, Kamal Saini
इमेज कैप्शन, यूट्यूबर ज्योति मल्होत्रा को पिछले महीने गिरफ़्तार किया गया था
जासूसी के आरोप में गिरफ़्तार यूट्यूबर ज्योति मल्होत्रा की ज़मानत याचिका को बुधवार को हरियाणा की एक स्थानीय अदालत ने खारिज़ कर दिया.
न्यूज़ एजेंसी पीटीआई के मुताबिक़, ज्योति मल्होत्रा के वकील मुकेश कुमार ने बताया कि उनकी ओर से कल ज़मानत याचिका कल दायर की गई थी, जिस पर आज बहस हुई.
मुकेश कुमार ने कहा, "पुलिस ने अपने जवाब में कोई ख़ास तथ्य नहीं रखे. सिर्फ़ इतना कहा कि जांच जारी है. उनके मोबाइल और लैपटॉप से लिए गए डेटा का एनालिसिस किया जा रहा है."
उन्होंने कहा कि अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद उनकी ज़मानत याचिका खारिज़ कर दी.
अमेरिका में इमिग्रेशन छापों के ख़िलाफ़ लॉस एंजेलिस समेत 11 शहरों में प्रदर्शन
इमेज स्रोत, Reuters
इमेज कैप्शन, सैन फ़्रांसिस्को में सैकड़ों प्रदर्शनकारी और पुलिस आमने सामने आ गए
अमेरिका
में इमिग्रेशन छापों को लेकर हुए हिंसक विरोध प्रदर्शनों के बाद 10 और अमेरिकी
शहरों और प्रांतो में प्रदर्शन शुरू हो गए हैं
लॉस
एजेंलिस में हालात को काबू करने को लेकर ट्रंप प्रशासन ने नेशनल गॉर्ड्स और यूएस मरीन की तैनाती के आदेश दिए हैं हालांकि इसे लेकर कैलिफ़ोर्निया के गवर्नर ने
मुक़दमा कर दिया है.
ये
विरोध प्रदर्शन तब भड़के जब लैटिन मूल बहुल आबादी वाले एक इलाक़े से बड़ी संख्या
में अवैध आप्रवासियों को इमिग्रेशन अधिकारियों ने छापा मारकर गिरफ़्तार कर लिया.
इसके
बाद विरोध प्रदर्शन हिंसक हो उठा और लॉस एजेंलिस के अलावा कई शहरों में विरोध
प्रदर्शन और रैलियां शुरू हो गई हैं.
अमेरिका
के दूसरे सबसे बड़े शहर लॉस एंजेलिस के प्रभावित इलाक़ों में कई वाहनों में आग
लगाए जाने की जानकारी सामने आई है और कई जगहों पर लूटपाट की भी ख़बर है.
इसके
बाद पुलिस ने दर्जनों लोगों को गिरफ़्तार किया है.
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, लॉस एंजेलिस में आठ जून को भड़के प्रदर्शन में हज़ारों लोग सड़कों पर उतर गए
इमेज स्रोत, Reuters
इमेज कैप्शन, टेक्सस के ऑस्टिन में मंगलवार को सैकड़ों प्रदर्शनकारी इकट्ठा हो गए
किन प्रांतों और शहरों में हो रहे हैं प्रदर्शन
बीबीसी संवाददाता माइया डेवीज के अनुसार, मंगलवार को टेक्सस, न्यूयॉर्क, सैन फ़्रांसिस्को, सैंटा एना, फिलाडेल्फिया, अटलांटा, शिकागो, वॉशिंगटन डीसी, बोस्टन और सिएटल में प्रदर्शन हुए और दर्जनों लोगों को गिरफ़्तार किया गया है.
इन सारी जगहों पर इमिग्रेशन ऑफ़िस के बाहर प्रदर्शन हुए हैं. सिएटल में क़रीब 50 लोगों ने इमिग्रेशन ऑफ़िस को बाइक और ई स्कूटर्स से ब्लॉक कर दिया.
वॉशिंगटन डीसी में ट्रेड यूनियनों के सदस्यों ने न्याय विभाग की इमारत के सामने मार्च निकाला. शुक्रवार को एक यूनियन नेता डेविड हुएर्ता को इमिग्रेशन अधिकारियों ने गिरफ़्तार कर लिया था.
शिकागो में हज़ारों लोगों ने डाउनटाउन में प्रदर्शन किया.
टेक्सस गवर्नर ने सैन एंटोनियो में नेशनल गॉर्ड्स की तैनाती के आदेश दिए.
रेल मंत्रालय ने तत्काल टिकट बुकिंग के नियमों में बदलाव किया, चंदन कुमार जजवाड़े, बीबीसी संवाददाता
इमेज स्रोत, Getty Images
रेल मंत्रालय ने ट्रेनों में तत्काल टिकट बुकिंग के लिए आधार नंबर को ज़रूरी कर दिया है. रेलवे बोर्ड ने 10 जून को जारी किए एक सर्कुलर में कहा है कि यह बदलाव आम मुसाफिरों के फायदे के लिए किया गया है.
इस सर्कुलर के मुताबिक़ 1 जुलाई 2025 से आधार ऑथेंटिकेटेड यूज़र्स ही इंडियन रेलवे केटरिंग एंड टूरिज़्म कॉरपोरेशन (आईआरसीटीसी) की वेबसाइट या इसके ऐप के ज़रिए तत्काल टिकट बुक कर सकेंगे.
इसका मतलब है कि 1 जुलाई से तत्काल टिकट बुक करने के लिए आपको अपना आईआरसीटीसी अकाउंट आधार से लिंक करना होगा.
इसके अलावा सर्कुलर में कहा गया है कि 15 जुलाई से रेलवे के टिकट काउंटर या अधिकृत एजेंट से तत्काल टिकट बुक करने के लिए आधार बेस्ड ओटीपी ज़रूरी होगा. यानी की ओटीपी से ऑथेंटिकेट होने के बाद ही तत्काल टिकट बुक हो पाएगा.
इसके अलावा, सर्कुलर में कहा गया है कि रेलवे के अधिकृत टिकट एजेंट तत्काल बुकिंग शुरू होने के शुरुआती आधे घंटे तक एसी या नॉन एसी क्लास के लिए तत्काल बुकिंग नहीं कर पाएंगे.
इसका मतलब है कि जिस दिन किसी ट्रेन की तत्काल बुकिंग शुरू होगी उस दिन रेलवे के अधिकृत एजेंट सुबह 10:00 बजे से लेकर 10:30 बजे तक एसी क्लास के लिए और सुबह 11:00 से 11:30 तक नॉन एसी क्लास के लिए तत्काल टिकट बुकिंग नहीं कर पाएंगे.
रेल मंत्रालय में फ़ैसले लेने वाले रेलवे बोर्ड ने इसके लिए रेलवे की वेबसाइट को संभालने वाले क्रिस (सीआरआईएस) और आईआरसीटीसी को ज़रूरी बदलाव करने के निर्देश दिए हैं.
कुंभ भगदड़: बीबीसी की रिपोर्ट को लेकर क्या बोले उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री
इमेज स्रोत, ANI
उत्तर प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने बुधवार को मीडिया से बातचीत के दौरान कई सवालों का जवाब दिया. इस दौरान उनसे कुंभ भगदड़ में मारे गए लोगों पर बीबीसी हिंदी की रिपोर्ट को लेकर भी सवाल किया गया.
बीबीसी के सहयोगी पत्रकार नित्यानंद मिश्रा ने केशव प्रसाद मौर्य से पूछा कि, "कुंभ भगदड़ में हुई मौतों के आंकड़ों को लेकर सवाल उठ रहे हैं...बीबीसी की पड़ताल में कम से कम 82 मौतों की पुष्टि हुई है."
इस पर केशव प्रसाद मौर्य ने कहा, "देखिए इस सवाल का जवाब...मुझे लगता है कि...आप कोई समाचार चला दें और मैं इसका जवाब दूं,वो नहीं है. लेकिन अगर कुंभ की दुखद दुर्घटना में किसी परिवार ने अपने सदस्य को खोया है, उसका हमने पहले भी दुख ज़ाहिर किया था, आज भी दुख ज़ाहिर करते हैं, इन परिवारों से हमारी संवेदना है, सरकार साथ है."
यूपी के उप मुख्यमंत्री से बीबीसी की रिपोर्ट का ही ज़िक्र करते हुए 26 लोगों के परिवार को को 5-5 लाख रुपये कैश दिए जाने से जुड़ा सवाल भी किया गया.
इस पर केशव प्रसाद मौर्य ने कोई सीधा जवाब नहीं दिया. उन्होंने कहा, "प्रयागराज का महाकुंभ ऐतिहासिक है. 66 करोड़ से अधिक लोगों ने उसमें डुबकी लगाई है. ये एक दुखद दुर्घटना है, उसका हम लोगों को खेद है. उसमें जिन परिवारों ने अपनों को खोया है, उसके लिए प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री ने दुख ज़ाहिर किया है."
केशव प्रसाद मौर्य ने कहा, "उन परिवारों के प्रति हमारी सदा संवेदना है. हमारी सरकार का निरंतर प्रयास रहता है कि कोई भी तीर्थ यात्री किसी भी तीर्थ स्थल पर आए, तो सकुशल आए और सकुशल जाए."
उत्तर प्रदेश सरकार के मुताबिक़ कुंभ भगदड़ में 37 लोगों की मौत हुई और मृतकों के परिजनों को 25-25 लाख रुपए का मुआवज़ा दिया गया.
वहीं बीबीसी की पड़ताल में पता चला है कि भगदड़ की घटनाओं में कम से कम 82 लोगों की मौत हुई है. बीबीसी को ऐसे 26 परिवार मिले, जिन्हें पाँच-पाँच लाख रुपए कैश दिए गए, लेकिन उन परिवार के मृतक सदस्यों को मृतकों की गिनती में शामिल नहीं किया गया.
पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के भाई कांग्रेस से छह साल के लिए निष्कासित
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, पूर्व विधायक लक्ष्मण सिंह (लाल कुर्ते में)
कांग्रेस ने मध्य प्रदेश के पूर्व विधायक लक्ष्मण सिंह को अनुशासनहीनता और पार्टी विरोधी गतिविधियों के कारण पार्टी से निष्कासित कर दिया है.
पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के भाई लक्ष्मण सिंह को छह साल के लिए पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से निष्कासित किया गया है.
कांग्रेस की घोषणाओं के लिए बनाए गए आधिकारिक एक्स अकाउंट @INCSandesh पर लक्ष्मण सिंह को निष्कासित किए जाने की प्रेस रिलीज़ जारी की है.
इसमें लिखा गया है, "कांग्रेस अध्यक्ष ने मध्य प्रदेश के पूर्व विधायक लक्ष्मण सिंह को उनकी पार्टी विरोधी गतिविधियों के कारण तत्काल प्रभाव से छह वर्ष की अवधि के लिए भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की प्राथमिक सदस्यता से निष्कासित कर दिया है."
तारिक़ अनवर बोले- 'लगता है कि लक्ष्मण सिंह बीजेपी में जाने का मन बना चुके हैं'
कांग्रेस के डिसिप्लिनरी एक्शन कमिटी के सदस्य सचिव तारिक़ अनवर ने कहा, "लक्ष्मण सिंह लगातार पार्टी विरोधी काम कर रहे थे. अनुशासनहीनता कर रहे थे. पार्टी के ख़िलाफ़ बोल रहे थे. उनको प्रदेश कांग्रेस कमिटी की तरफ़ से कई बार वॉर्निंग भी दी गई. लेकिन ऐसा लगता है कि वो भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) में जाने का मन बना चुके हैं. इसलिए उनके रवैये में कोई तब्दीली नहीं आई."
उन्होंने कहा, "आख़िरकार केंद्रीय अनुशासन समिति ने उनके मामले को देखा. प्रदेश कांग्रेस कमेटी और वहां के प्रभारी दोनों ने उनके पार्टी से निष्कासित करने की सिफारिश किया. उसके बाद समिति ने फ़ैसला लिया है कि उनको पार्टी से छह साल के लिए पार्टी निष्कासित किया जाए."
अभी तक बीबीसी संवाददाता आनंद मणि त्रिपाठीआप तक ख़बरें पहुंचा रहे थें.
अब से रात 10 बजे तक बीबीसी संवाददाता सुरभि गुप्ता आप तक अहम ख़बरें पहुंचाएंगी.
बीबीसी हिंदी के पन्ने पर लगी कुछ अहम ख़बरें पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक्स पर क्लिक करें.
एलन मस्क ने राष्ट्रपति ट्रंप को लेकर की गई अपनी कुछ पोस्ट पर खेद जताया
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप और मस्क के बीच बीते हफ्ते टकराव देखने को मिला
दुनिया के सबसे अमीर शख़्स में से एक
एलन मस्क ने बीते दिनों अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को लेकर की गई अपनी कुछ पोस्ट
पर खेद जताया है.
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर मस्क
ने लिखा, "मुझे बीते हफ्ते राष्ट्रपति ट्रंप के
बारे में की गई अपनी कुछ पोस्ट पर पछतावा है. वो कुछ ज़्यादा ही हो गया था."
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और
मस्क के बीच टकराव की शुरुआत बीते हफ्ते हुई थी. बीते हफ्ते बुधवार को ये टकराव
तेज हो गया था और गुरुवार को दोनों के बीच टकराव काफी आगे बढ़ गया था.
इसके बाद मस्क ने ट्रंप के ख़िलाफ़ हमलों की झड़ी लगा दी, और फिर ये झगड़ा
चलता रहा.
वहीं ट्रंप ने संघीय सरकार के साथ
बड़े पैमाने पर होने वाले एलन मस्क के कारोबारी सौदों को लेकर धमकी दी थी.
हालांकि बीते साल हुए अमेरिकी
राष्ट्रपति चुनाव में मस्क ने खुलकर डोनाल्ड ट्रंप का साथ दिया था. ट्रंप ने
राष्ट्रपति बनने के बाद मस्क को डिपार्टमेंट ऑफ़ गवर्नमेंट एफ़िशिएंसी का प्रमुख
नियुक्त किया था.
अमेरिका में हवाई अड्डे पर हथकड़ी में रखे गए भारतीय का क्या है मामला
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, भारतीय विदेश मंत्रालय के सूत्रों ने बताया है कि स्वस्थ होने के बाद शख़्स को भारत निर्वासित किया जाएगा
अमेरिका के नेवार्क एयरपोर्ट पर एक भारतीय व्यक्ति को ज़मीन पर गिराकर हथकड़ी लगाकर निर्वासित किए जाने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद भारत का विदेश मंत्रालय सक्रिय है.
न्यूयॉर्क स्थित वाणिज्य दूतावास के अधिकारी लगातार अमेरिकी अधिकारियों के संपर्क में हैं.
विदेश मंत्रालय के सूत्रों ने बताया है कि दूतावास अधिकारियों ने इस मामले की जानकारी एकत्रित की है. इसमें यह पाया गया है कि हरियाणा के शख़्स ने बिना वैध वीज़ा के अवैध रूप से अमेरिका में प्रवेश किया था.
सूत्रों के मुताबिक़, 'इस व्यक्ति को न्यायालय के आदेशानुसार अमेरिका से निर्वासित किया जा रहा था.'
"निर्वासन के दौरान न्यूयॉर्क के नेवार्क हवाई अड्डे पर शख़्स का व्यवहार यात्रा के लिए सही नहीं पाया गया. इसके बाद उसे वहीं रोककर चिकित्सा केंद्र में भर्ती करा दिया गया है."
"अमेरिकी अधिकारियों ने बताया है कि जैसे ही वह शख़्स स्वस्थ हो जाएगा, उसे भारत वापस भेज दिया जाएगा. न्यूयॉर्क स्थित वाणिज्य दूतावास के अधिकारी लगातार अमेरिकी अधिकारियों के संपर्क में हैं."
पहलगाम हमले के हमलावरों के अलावा कांग्रेस ने पीएम मोदी से पूछे चार सवाल
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने पहलगाम हमले के हमलावरों को लेकर भी पीएम मोदी से सवाल किया है (फाइल फोटो)
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के
मंगलवार को 32 देशों में गए सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों से मुलाक़ात करने के बाद कांग्रेस पार्टी ने पीएम मोदी से चार सवाल किए हैं.
कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने समाचार
एजेंसी एएनआई से कहा, "हमें इस पर कोई
आपत्ति नहीं है. हमारे चार सवाल हैं. पहला सवाल है कि पीएम ऑल पार्टी मीटिंग की
अध्यक्षता कब करेंगे और नेताओं से कब मुलाक़ात करेंगे. पहलगाम आतंकी हमले के बाद उभरी आंतरिक और बाहरी सुरक्षा चुनौतियों पर उन्हें
विश्वास में लेंगे."
"हमारा दूसरा सवाल ये है कि
कारगिल युद्ध के बाद हमारे पास एक कारगिल समीक्षा समिति थी. क्या सिंगापुर में
सीडीएस के खुलासे के बाद भी इसी तरह की कवायद होगी? क्या कोई समीक्षा होगी? क्या कोई
विश्लेषण होगा? या कोई रिपोर्ट होगी? क्या इसे संसद में पेश किया जाएगा?"
जयराम रमेश ने कहा, "तीसरा सवाल यह है कि क्या प्रधानमंत्री मानसून सत्र के
दौरान आंतरिक और बाहरी सुरक्षा चुनौतियों चीन, पाकिस्तान, नई उभरती तकनीक पर पूरे दो दिन की
चर्चा की अनुमति देंगे. जिनका हमें सामना करना है."
"चौथा सवाल है कि हमले को अंजाम
देने वाले पहलगाम के आतंकवादी अभी भी आज़ाद हैं. उन्हें न्याय के कटघरे में नहीं
लाया गया है. पहलगाम के इन आतंकवादियों को न्याय के कटघरे में कब लाया जाएगा?
वे राजनीतिक दलों के नेताओं से कब मिलने जा रहे हैं?"
भारत और पाकिस्तान के बीच बीते महीने
हुए संघर्ष विराम के बाद भारत सरकार ने 50 सांसदों के सात सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल
को 32 देशों की यात्रा के लिए भेजा था.
कालकाजी में झुग्गी बस्ती पर हुई कार्रवाई को लेकर दिल्ली की पूर्व सीएम ने क्या कहा?
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री आतिशी ने बीजेपी पर आरोप लगाया है कि वो ग़रीब विरोधी है
दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश पर बुधवार को दिल्ली के कालकाजी और बटला हाउस इलाकों में अवैध निर्माणों पर बुलडोज़र से कार्रवाई की गई.
सुरक्षबलों की तैनाती के साथ हुई इस कार्रवाई में कालकाजी स्थित भूमिहीन कैंप में निर्मित लगभग 1200 अवैध झुग्गियों को ध्वस्त कर दिया गया.
इस कार्रवाई को लेकर दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री आतिशी ने कहा, "तीन दिन पहले दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता जी ने कहा कि दिल्ली में एक भी झुग्गी को तोड़ा नहीं जाएगा. एक भी झुग्गी को छुआ नहीं जाएगा."
उन्होंने कहा, "और आज सुबह पांच बजे से बुलडोज़र चल रहा है. डंडे मार मारकर लोगों को निकाला जा रहा है."
उन्होंने कहा, "रेखा गुप्ता जी कहती हैं कि ये कोर्ट का ऑर्डर है. कोर्ट का ऑर्डर कौन लेकर आया है? कोर्ट का ऑर्डर भारतीय जनता पार्टी की डीडीए और भारतीय जनता पार्टी की दिल्ली सरकार लेकर आई है."
आतिशी ने कहा, "ये ग़रीब लोग कोर्ट गए और भाजपा की डीडीए और भाजपा की दिल्ली सरकार ने वहां खड़ा होकर इनका विरोध किया. कहा कि हम इन्हें घर नहीं देंगे और इनकी झुग्गी तोड़ दी जाए."
आतिशी कहती हैं, "पावर कट हो रहा है, ग़रीब इन्वर्टर कहां से ख़रीदेगा? बिजली का दाम बढ़ा दिया है और पानी का दाम बढ़ने वाला है. निजी स्कूलों की फ़ीस बढ़ रही है. ग़रीबों के घरों को तोड़ा जा रहा है."
उन्होंने कहा, "क्या भाजपा चाहती है कि ग़रीब दिल्ली छोड़कर भाग जाएं? क्या भाजपा चाहती है कि झुग्गियों में रहने वाले यूपी-बिहार के लोग वापस चलेग जाएं?"
लॉस एंजेलिस में कर्फ़्यू का उल्लंघन करने पर शुरू हुईं गिरफ़्तारियां
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, अमेरिका के लॉस एंजेलिस में भारी सुरक्षा बल तैनात है
अमेरिका के लॉस एंजेलिस में आव्रजन छापों को लेकर विरोध प्रदर्शनों और हिंसा के बाद गिरफ्तारियां शुरू हो गई हैं.
लॉस एंजेलिस में बड़ी संख्या में
सुरक्षा बल तैनात हैं और कर्फ्यू का उल्लंघन करने के लिए दर्जनों लोगों को गिरफ्तार
किया जा रहा है.
हालांकि सड़कों पर यूएस मरीन या
नेशनल गार्ड के सैनिकों की मौजूदगी नज़र नहीं आ रही है.
फेडरल ट्रूप्स की तैनाती विवादास्पद
है. हालांकि वो विरोध प्रदर्शनों के दौरान लोगों को गिरफ्तार करते हुए नज़र नहीं आ
रहे हैं.
एलए पुलिस डिपार्टमेंट का कहना है कि
लॉस एंजेलिस के हिस्सों में कर्फ्यू लगाया गया है.
एलए पुलिस डिपार्टमेंट ने कहा,
"बड़े पैमाने पर गिरफ्तारियां शुरू की जा रही
हैं."
एलए पुलिस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म
एक्स पर एक पोस्ट में कहा, "स्प्रिंग और
अल्मेडा के बीच एक स्ट्रीट पर कई ग्रुप जमा होते रहते हैं."
"उन समूहों से निपटा जा रहा है
और बड़े पैमाने पर गिरफ्तारियां शुरू की जा रही हैं. कर्फ्यू लागू है."
लॉस एंजेलिस की मेयर करेन बास ने
इमिग्रेशन रेड्स के ख़िलाफ़ प्रदर्शन के दौरान लूटपाट और हिंसा से निपटने के लिए
आंशिक कर्फ्यू लगा दिया है.
इमिग्रेशन रेड्स के ख़िलाफ़ शुरू होकर
प्रदर्शन अमेरिका के कम से कम नौ और शहरों तक फैल गया है.
शुभांशु शुक्ला के पिता ने एक्सियम-4 मिशन के फिर टलने पर क्या कहा?
इमेज कैप्शन, ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला के पिता शंभू दयाल शुक्ला और मां आशा शुक्ला (दाएं)
भारतीय अंतरिक्ष यात्री शुंभाशु शुक्ला को लेकर अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन यानी आईएसएस जाने वाला एक्सियम-4 मिशन तकनीकी कारणों से एक बार फिर टल गया है.
इसे लेकर शुभांशु शुक्ला के पिता शंभू दयाल शुक्ला ने कहा, "आज मिशन जाना था और उसके लिए तैयारी भी कर ली गई थी लेकिन अचानक मिशन रोक दिया गया."
उन्होंने कहा, "अभी मिशन की नई तारीख नहीं घोषित की गई है और हमें मिशन के लिए अब अगली तारीख़ का इंतज़ार है. इसे लेकर हम सभी बहुत उत्साहित हैं."
उन्होंने बताया, "शुभांशु से कल बात हुई थी और वह भी मिशन को लेकर पूरी तरह से उत्साहित हैं. वह मिशन के लिए फ़िट और तैयार हैं. हमारी ईश्वर से यही प्रार्थना है कि उन्हें मिशन पूरा करने की शक्ति मिले."
फ़लस्तीनी राष्ट्र के लिए मुस्लिम देशों को दे देनी चाहिए अपनी ज़मीन: अमेरिकी राजदूत
इमेज स्रोत, Getty Images
इमेज कैप्शन, राजदूत माइक हकाबी ने कहा है कि मुस्लिम देशों के पास इसराइल की तुलना में 644 गुना ज़मीन है
इसराइल में अमेरिकी राजदूत माइक हकाबी ने सुझाव दिया है कि 'मुस्लिम देशों' को फ़लस्तीनी राष्ट्र बनाने के लिए अपनी कुछ ज़मीनें दे देनी चाहिए.
बीबीसी के साथ एक इंटरव्यू में हकाबी ने कहा कि "इसराइल के नियंत्रण वाली भूमि की तुलना में मुस्लिम देशों के पास 644 गुना अधिक ज़मीन है."
उन्होंने कहा, "कोई तो होगा कि जो यह कहेगा कि हम फ़लस्तीन के लिए यह करना चाहते हैं."
अमेरिकी राजदूत ने ब्रिटेन, ऑस्ट्रेलिया सहित अमेरिका के सहयोगियों की भी कड़ी आलोचना की है क्योंकि उन्होंने इसराइली क़ब्ज़े वाले वेस्ट बैंक पर "फ़लस्तीनी समुदायों के ख़िलाफ़ हिंसा को भड़काने" के आरोप में इसराइल के दो मंत्रियों पर प्रतिबंध लगा दिया था.
उन्होंने अपने इंटरव्यू में टू स्टेट सॉल्यूशन पर ज़ोर देते हुए कहा कि इसराइल और फ़लस्तीन के बीच शांति के लिए बेहतर योजना है. इसे अमेरिकी प्रशासन सहित अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी समर्थन है.