शनिवार, 10 जनवरी, 2009 को 13:17 GMT तक के समाचार
भारत के सोमदेव देववर्मन ने चेन्नई ओपन टेनिस के फ़ाइनल में जगह बना ली है. सोमदेव ने बिना सेमी फ़ाइनल मैच खेले ही फ़ाइनल में जगह बना ली.
सेमी फ़ाइनल में उनका मुक़ाबला जर्मनी के रेनर श्यूटलर से था. लेकिन कलाई में चोट के कारण श्यूटलर ने मैच नहीं खेल का फ़ैसला किया और इस तरह सोमदेव को वॉकओवर मिल गया.
सोमदेव देववर्मन चेन्नई ओपन के फ़ाइनल में पहुँचने वाले पहले भारतीय खिलाड़ी हैं.
रविवार को होने वाले फ़ाइनल में सोमदेव का मुक़ाबला क्रोएशिया के मारीन चिलिच से होगा. चिलिच ने एक अन्य सेमी फ़ाइनल में स्पेन के मार्सेल ग्रैनोलर्स को सीधे सेटों में 6-4 और 6-3 से मात दी.
शानदार खेल
सेमी फ़ाइनल में पहुँचने के लिए सोमदेव ने पहले स्पेन के कार्लोस मोया और क्रोएशिया के इवो कार्लोविच जैसे खिलाड़ियों को धूल चटाई थी.
कार्लोस मोया तो दुनिया के नंबर एक खिलाड़ी भी रह चुके हैं. तो इवो कार्लोविच को इस प्रतियोगिता में चौथी वरीयता हासिल थी.
सोमदेव ने कार्लोस मोया को 4-6, 7-5 और 6-4 से मात दी थी. जबकि क्वार्टर फ़ाइनल में उन्होंने इवो कार्लोविच को 7-6 और 6-4 से हराया था.
सेमी फ़ाइनल में पहुँचने के बाद सोमदेव ने कहा था कि उनकी इस उपलब्धि से युवा पीढ़ी को टेनिस जैसे खेल में आगे आने के लिए प्रोत्साहन मिलेगा.
22 वर्षीय सोमदेव ने स्वीकार किया कि पूर्व विश्व नंबर वन खिलाड़ी कार्लोस मोया को हराने के बाद उनका उत्साह काफ़ी बढ़ गया है.