रविवार, 04 मई, 2008 को 10:32 GMT तक के समाचार
पाकिस्तान के तेज़ गेंदबाज़ शोएब अख़्तर जल्द ही आईपीएल के मैच खेल पाएँगे. पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के ट्रिब्यूनल ने शोएब पर लगे पाँच साल के प्रतिबंध को फ़िलहाल एक महीने के लिए टाल दिया है.
शनिवार को शोएब अख़्तर कराची में अपील ट्रिब्यूनल में अपनी अर्ज़ी दाखिल की थी.
इस अर्ज़ी में शोएब ने माँग की थी कि पिछले दिनों उन पर लगाए गए पाँच साल के प्रतिबंध पर राहत दी जाए.
रविवार को तीन सदस्यीय ट्रिब्यूनल ने इस पर सुनवाई की और फ़ैसला किया कि शोएब का ये बैन उनकी अगली सुनवाई तक टाल दिया जाए.
इस मामले की अगली सुनवाई चार जून को होनी है यानी कि इससे एक दिन पहले तीन जून तक शोएब आईपीएल में खेलने के लिए आज़ाद हैं.
बीसीसीआई की इजाज़त
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी बीसीसीआई ने भी शोएब को आईपीएल मैच खेलने की इजाज़त दे दी है.
आईपीएल चेयरमैन ललित मोदी ने कहा कि शोएब के भारत आकर आईपीएल मैच खेलने पर उन्हें खुशी होगी.
पाकिस्तान में शोएब के मामले की सुनवाई करने वाले ट्रिब्यूनल के तीन सदस्यीय समिति के अध्यक्ष आफ़ताब फ़ारूक ने इस बात कि पुष्टि की है. आफ़ताब फ़ारूक लाहौर हाईकोर्ट के रिटायर्ड जज हैं.
इस समिति में बाकी दो सदस्य पूर्व टेस्ट खिलाड़ी हसीब एहसन और पूर्व मंत्री सलमान तसीर हैं.
एक जून तक आईपीएल के मुक़ाबले होने हैं. ऐसे में शोएब अपनी टीम कोलकाता नाइट राइडर्स के लिए खेलने के लिए आज़ाद हैं.
शोएब ने ट्वेंटी-20 वर्ल्ड कप के दौरान अपनी ही टीम के तेज़ गेंदबाज़ मोहम्मद आसिफ़ के पैर में बैट मार दिया था.
जिसके बाद उन्हें दो साल के लिए प्रोबेशन पर डाल दिया गया था.
इसी दौरान शोएब को आगे के कॉन्ट्रेक्ट के लिए साइन नहीं किया गया था. जिसके बाद शोएब ने पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड की आलोचना की थी.
इस आलोचना के कारण ही शोएब पर एक अप्रैल को पाँच साल के लिए प्रतिबंध लगा दिया गया था.
क्यों लगा शोएब पर प्रतिबंध ?
आइए एक नज़र डाल लेते हैं कि कब-कब क्या-क्या हुआ.
ट्वेंटी-20 वर्ल्ड कप के दौरान मोहम्मद आसिफ़ को बैट मारा. 13 मैचों का प्रतिबंध. 50 हज़ार अमरीकी डॉलर का जुर्माना.
एक अप्रैल – शोएब पर पाँच साल का प्रतिबंध
दो अप्रैल - शोएब ने बयान दिया कि उन्हें भारत और दक्षिण अफ़्रीका के दौरे में खराब खेल के लिए कहा गया था. उन्होंने इससे इनकार कर दिया था.
तीन अप्रैल – निजी चैनलों में बयान देने के लिए पीसीबी अध्यक्ष नसीम अशरफ़ ने शोएब पर मानहानि का मुक़दमा किया. शोएब ने कहा था कि नसीम अशरफ़ ने उनसे उनकी आईपीएल फ़ीस का एक हिस्सा मांगा था. इधर आईपीएल ने भी शोएब को मैच खेलने पर रोक लगाई.
चार अप्रैल- शोएब ने प्रतिबंध के ख़िलाफ़ अपील की. आईसीसी की भ्रष्टाचार विरोधी समिति ने शोएब से मिलने की कोशिश की.
सात अप्रैल- शोएब के बयान से इंज़माम और मुइन खान नाराज़ हुए. शोएब की अपील तीन सदस्यीय ट्रिब्यूनल के पास गई.
आठ अप्रैल- आईसीसी की भ्रष्टाचार विरोधी समिति ने शोएब का बयान लिया.
29 अप्रैल- शोएब ने नसीम अशरफ़ से माफ़ी मांगी.
चार मई- शोएब को एक महीने के लिए प्रतिबंध से राहत मिली. आईपीएल में खेलने की मंज़ूरी.