गुरुवार, 20 मार्च, 2008 को 00:40 GMT तक के समाचार
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ने फ़ैसला किया है कि भारत-दक्षिण अफ़्रीका टेस्ट मैच सिरीज़ के लिए बोर्ड गैरी कर्स्टन के अलावा दो सहायक कोच की सेवाएँ लेता रहेगा.
26 मार्च से शुरु होने जा रही इस सिरीज़ में वेंकटेश प्रसाद गेंदबाज़ी के लिए और रॉबिन सिंह फ़ील्डिंग के लिए कोच बने रहेंगे.
जबकि ऑस्ट्रेलिया के दौरे में टीम के साथ रहे सहायक कोच लालचंद राजपूत को हटाने का फ़ैसला किया गया है.
समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक़ बीसीसीआई के सचिव निरंजन शाह ने कहा, "वेंकटेश प्रसाद और रॉबिन सिंह को फ़िलहाल दक्षिण अफ़्रीका के ख़िलाफ़ टेस्ट सिरीज़ के लिए रखा गया है और इसके आगे उनके कार्यकाल का फ़ैसला टेस्ट सिरीज़ के बाद ही होगा."
लालचंद राजपूत को हटाए जाने के बारे में उन्होंने कहा, "चूंकि इस सिरीज़ से गैरी कर्स्टन अपना काम संभाल लेंगे इसलिए नहीं लगता कि लालचंद राजपूत की ज़रुरत टीम को होगी."
दिलचस्प है कि इसी बीच वेंकटेश प्रसाद को इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) की बंगलौर टीम का और रॉबिन सिंह को हैदराबाद टीम का कोच चुना गया है.
बीसीसीआई का कहना है कि दोनों को दोहरी भूमिका निभाने की अनुमति नहीं दी जा सकती और इसके लिए उन्हें बीसीसीआई से बात करनी होगी.
ज़रुरत
भारतीय टीम के पूर्व कप्तान अंशुमान गायकवाड ने बीबीसी से हुई एक बातचीत में कहा कि वेंकटेश प्रसाद को गैरी कर्स्टन के साथ कोच बनाए रखना ठीक दिखता है.
उन्होंने कहा कि गेंदबाज़ों को प्रशिक्षण देने के लिए उनकी भूमिका अहम हो सकती है.
लेकिन उनका कहना था, "ऑस्ट्रेलिया दोरे में भारतीय टीम की फ़ील्डिंग जैसी रही है, उसमें ख़ास सुधार नज़र नहीं आ रहे है.ऐसे में रॉबिन सिंह को क्यों रखा गया है समझ में नहीं आता."
गायकवाड ने कहा, "गैरी कर्स्टन ख़ुद एक अच्छे फ़ील्डर रहे हैं और वे खिलाड़ियों को गेंदबाज़ी का प्रशिक्षण दे सकते थे."