शनिवार, 12 जनवरी, 2008 को 14:25 GMT तक के समाचार
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने कहा है कि हरभजन सिंह पर लगी पाबंदी के ख़िलाफ़ अपील ख़ारिज होने की स्थिति में भी भारतीय टीम अपना ऑस्ट्रेलिया दौरा रद्द नहीं करेगी.
पहले बीसीसीआई ने यह धमकी दी थी कि हरभजन सिंह पर नस्लभेदी टिप्पणी के आरोप में लगी पाबंदी हटाई नहीं जाती है तो टीम दौरा रद्द कर सकती है.
बीसीसीआई के उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला ने अध्यक्ष शरद पवार के हवाले से बताया है कि भारतीय टीम का दौरा रद्द करने का सवाल ही नहीं उठता है.
उन्होंने बताया, "शरद पवार ने कहा है कि दोनों देशों के बोर्ड आपस में अच्छा संबंध बनाए रखना चाहते हैं. इस समय दोनों बोर्डों के बीच कोई समस्या नहीं है."
आरोप
सिडनी टेस्ट के दौरान ख़राब अंपायरिंग और फिर हरभजन सिंह पर लगे नस्लभेदी टिप्पणी के आरोप के कारण बड़ा विवाद खड़ा हो गया था. आईसीसी मैच रेफ़री माइक प्रॉक्टर ने सुनवाई के बाद हरभजन सिंह पर तीन टेस्ट मैचों की पाबंदी लगाई.
जिसके बाद बीसीसीआई ने कड़ा रुख़ अपनाया. खिलाड़ियों को सिडनी में ही रुकने को कहा गया और एक समय ऐसा लगा कि भारत का ऑस्ट्रेलिया दौरा रद्द हो सकता है.
लेकिन ख़राब अंपायरिंग की शिकायत के बाद आईसीसी ने स्टीव बकनर को पर्थ टेस्ट से बाहर कर दिया. जिसके बाद बीसीसीआई का रुख़ थोड़ा नरम हुआ. फिर भी बोर्ड ने हरभजन पर लगी पाबंदी को गंभीरता से लिया था.
अब हरभजन सिंह ने इस पाबंदी के ख़िलाफ़ अपील की है और इसकी सुनवाई के लिए न्यूज़ीलैंड के जज जॉन हेंसन को नियुक्त किया गया है. अभी सुनवाई की तारीख़ नहीं तय हुई है और सुनवाई का फ़ैसला आने तक भज्जी खेलने के लिए स्वतंत्र हैं.
भारतीय बोर्ड ने अपील की है कि हरभजन सिंह की अपील पर सुनवाई टेस्ट सिरीज़ ख़त्म होने पर हो. बोर्ड और खिलाड़ियों का ये कहना है कि हरभजन सिंह ने एंड्रयू साइमंड्स के ख़िलाफ़ नस्लभेदी टिप्पणी नहीं की है.