सोमवार, 07 जनवरी, 2008 को 07:28 GMT तक के समाचार
भारतीय टीम ने अपना दौरा आगे जारी रखने के बजाय हरभजन सिंह पर पाबंदी मामले में अपील की कार्रवाई पूरी होने तक सिडनी में रुकने का फ़ैसला लिया है.
बीसीसीआई ने एक बयान में कहा है कि हरभजन पर पाबंदी के मामले में अपील की कार्रवाई पूरी होने तक टीम सिडनी में ही रुकी रहेगी.
सोमवार की भारतीय क्रिकेट टीम को अगले टेस्ट मैच के लिए कैनबरा रवाना होना था पर टीम अब सिडनी में ही रुक गई है.
यह निर्णय गेंदबाज़ हरभजन सिंह पर तीन मैचों के लिए प्रतिबंध लगाए जाने के फ़ैसले के विरोध में लिया गया है.
बीसीसीआई ने स्पष्ट किया है कि 'हरभजन पर तीन मैचों के लिए पाबंदी अनुचित है और उसे यह स्वीकार नहीं है.'
साथ ही यह भी कहा है कि वह पाबंदी लगाने के मैच रेफ़री के फ़ैसले के ख़िलाफ़ अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) से अपील कर रहा है.
हरभजन सिंह पर यह आरोप लगा था कि उन्होंने ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी एंड्रयू साइमंड्स के ख़िलाफ़ नस्लवादी टिप्पणी की है. इसके बाद हरभजन सिंह पर तीन टेस्ट मैचों के लिए प्रतिबंध लगा दिया गया था.
हालांकि हरभजन सिंह का कहना है कि उनपर लगा यह आरोप ग़लत है और उन्होंने कोई नस्लवादी टिप्पणी नहीं की.
बीसीसीआई की बैठक
बीसीसीआई अध्यक्ष शरद पवार ने इस संबंध में दिल्ली में एक बैठक बुलाई थी.
बैठक के बाद बीसीसीई उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला ने कहा था कि बीसीसीआई अंतरराष्ट्रीय खेल परिषद से अनुरोध करेगा कि जब तक इस अपील पर फ़ैसला नहीं हो जाता तब तक हरभजन पर पाबंदी संबंधी आदेश रोक दिया जाए.
राजीव शुक्ला का कहना था कि बीसीसीआई ने दोनों अंपायरों स्टीव बकनर और मार्क बेन्सन के ख़िलाफ़ आईसीसी को चिट्ठी लिखी है और अनुरोध किया है कि भारतीय मैचों के दौरान इन दोनों को अंपायरिंग की ज़िम्मेदारी न सौंपी जाए.
ग़ौरतलब है कि ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी एंड्रयू साइमंड्स के ख़िलाफ़ नस्लभेदी टिप्पणी के मामले में भारतीय खिलाड़ी हरभजन सिंह पर तीन टेस्ट मैचों की पाबंदी लगाई गई है.
मैच रेफ़री के माइक प्रॉक्टर ने माना है कि हरभजन ने साइमंड्स के ख़िलाफ़ टिप्पणी की और ये टिप्पणी नस्लभेदी थी. हालाँकि हरभजन सिंह ने इससे इनकार किया है.
पिछले साल अक्तूबर में जब ऑस्ट्रेलिया की टीम ने भारत का दौरा किया था, उस समय भी एंड्रयू साइमंड्स के ख़िलाफ़ नस्लभेदी टिप्पणी का मामला आया था. उस समय भारतीय दर्शकों पर ये आरोप लगा था.