रविवार, 30 दिसंबर, 2007 को 04:01 GMT तक के समाचार
2008 के बीजिंग ओलंपिक के मद्देनज़र चीन सरकार इन दिनों अपने नागरिकों को खास तरह की प्रशिक्षण दे रही है.
स्टेडियम में खेल देखने पहुंचने वाले लोगों को सिखाया जा रहा है कि मैदान में किस मौके पर तालियां बजानी हैं और किस तरह से खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाना है.
लोगों को सिखाया जा रहा है कि वो मैदान में किस तरह से ‘शालीन वर्ताव’ करें. इसके अलावा 'वॉलंटियर्स' को बताया जा रहा है कि वो दर्शकों और खिलाड़ियों के साथ कैसे पेश आएं.
इन प्रशिक्षण कार्यक्रम में लोगों को ये भी बताया जा रहा है कि वो मैदान में किस तरह से दाखिल हों और कचरा न फैलाएं.
क्या हुआ था ?
2004 के एशियन कप के 'अंडर 22' के एक फुटबॉल मैच के दौरान जापान ने चीन को हरा दिया था, जिसके बाद चीन फुटबॉल टीम के समर्थकों ने मैदान पर जमकर हंगामा किया था.
आयोजकों को ये मैच दोबारा कराना पड़ा था. इस मैच से सबक़ लेते हुए चीन सरकार इस बार के ओलंपिक खेलों में किसी तरह का जोखिम उठाना नहीं चाहती.
बीजिंग ओलंपिक के आयोजन के ज़रिए चीन सरकार ये साबित करना चाहती है कि वो भी अंतर्राष्ट्रीय स्तर के खेल आयोजन करने में पूरी तरह सक्षम है.
बीजिंग ओलंपिक खेलों की शुरुआत अगले साल अगस्त में होगी.